जमशेदपुर : ग्रेजुएट कॉलेज के हिन्दी विभाग द्वारा शनिवार को राष्ट्रकवि रामधारी सिंह दिनकर की जयंती मनाई गई. कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि कॉलेज की प्राचार्या डॉ वीणा सिंह प्रियदर्शी और विभागाध्यक्ष डॉ भारतीय कुमारी ने दीप प्रज्ज्वलित कर तथा दिनकर की तस्वीर पर माल्यार्पण कर किया गया। (जारी…)

इस अवसर पर प्राचार्य ने कहा कि रामधारी सिंह दिनकर ओज के कवि थे। उन्होंने अपनी कविताओं में भारतीय जनमानस में चल रही परिस्थितियों का चित्र उकेरा। बिना लाग-लपेट के स्पष्ट शब्दों में अपनी बात रखते थे। मौके पर हिन्दी विभाग के प्राध्यापक राकेश कुमार पांडे ने कहा कि दिनकर अपनी कविताओं में भारतीय चिंतन को व्यक्त करते हैं। (जारी…)


एक ओर वे युद्ध को अनिवार्य बतलाते हैं तो दूसरी ओर उसके भयंकर परिणाम से भी अवगत कराते हैं। रश्मिरथी में जहां उन्होंने न्याय अन्याय की बात कही है तो परशुराम की प्रतीक्षा में उन्होंने भारतीय जनमानस को उनकी पौरुषता को जगाने का कार्य किया है। दिनकर अपनी रचनाओं में कलम और तलवार के महत्व बताते हैं तो लोकतंत्र की शक्ति का भी आभास कराते है। कहा जाय तो दिनकर लोकतंत्र के कवि हैं। (जारी…)

कार्यक्रम में स्वागत भाषण विभागाध्यक्ष डॉ भारती कुमारी ने, संचालन सुष्मिता महतो एवं धन्यवाद ज्ञापन संतोषी कुमारी ने किया। इस अवसर पर स्नेहा मुर्मू, संतोषी, लक्ष्मी कालिंदी ने नृत्य प्रस्तुत किया। जबकि श्रुति कुमारी,ने दिनकर की कविता पाठ किया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से कंचन कुमारी, आशा गोप, जयश्री महतो, शकुंतला सरदार, कविता महतो, संगीता महतो, सोनी कुमारी, खुशी मंडल, संतोषी बेसरा, शिवानी प्रधान, सहित सेमेस्टर 6, सेमेस्टर 4, सेमेस्टर 2 और सेमेस्टर,1 की छात्राएं उपस्थित थी।






















