ताजा खबर
जमशेदपुर में SIR जांच के दौरान बड़ा खुलासा: वोटर लिस्ट में मिले 3 अफगानी नागरिक, FIR दर्ज करने के आदेशजमशेदपुर में स्वर्गीय ठाकुर सिरोमन सिंह की 26वीं पुण्यतिथि पर भावभीनी श्रद्धांजलि, सिरोमन सिंह अकैडमी में सभा आयोजितएन.आई.टी. जमशेदपुर में राष्ट्रीय महिला नेतृत्व सम्मेलन की तैयारियां पूरी, 13 राज्यों से जुटेंगी 150 महिला प्रतिनिधिबाबा बैद्यनाथ सेवा संघ ने सादगी से मनाया शिक्षक सम्मान समारोह: 500 शिक्षक-शिक्षिकाएं सम्मानित, कैबिनेट मंत्री स्व. सुदिव्य कुमार सोनू को दी श्रद्धांजलिमंत्री सुदिव्य कुमार सोनू के निधन पर सिमरन भाटिया ने जताया गहरा शोक: झामुमो और गिरिडीह के लिए अपूरणीय क्षतिझारखंड के 3 शिक्षा मंत्रियों का असामयिक निधन: एक अत्यंत दुखद और अजीब संयोगपरशुराम कल्याण संस्थान ने धूमधाम से मनाया शिक्षक दिवस सम्मान समारोह, उत्कृष्ट शिक्षा और सामाजिक उत्थान का दिया संदेशझारखंड के नगर विकास मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू का हृदयाघात से निधन, राजनीतिक गलियारे में शोक की लहरजुगसलाई में भीषण सड़क हादसा: घोड़ा चौक के पास बाइक और दो कारों में जोरदार भिड़ंत, मची अफरा-तफरीसरायकेला और आसपास के क्षेत्रों में धूमधाम से मना श्रीकृष्ण जन्मोत्सव, रास मंदिर में उमड़े श्रद्धालुजमशेदपुर में SIR जांच के दौरान बड़ा खुलासा: वोटर लिस्ट में मिले 3 अफगानी नागरिक, FIR दर्ज करने के आदेशजमशेदपुर में स्वर्गीय ठाकुर सिरोमन सिंह की 26वीं पुण्यतिथि पर भावभीनी श्रद्धांजलि, सिरोमन सिंह अकैडमी में सभा आयोजितएन.आई.टी. जमशेदपुर में राष्ट्रीय महिला नेतृत्व सम्मेलन की तैयारियां पूरी, 13 राज्यों से जुटेंगी 150 महिला प्रतिनिधिबाबा बैद्यनाथ सेवा संघ ने सादगी से मनाया शिक्षक सम्मान समारोह: 500 शिक्षक-शिक्षिकाएं सम्मानित, कैबिनेट मंत्री स्व. सुदिव्य कुमार सोनू को दी श्रद्धांजलिमंत्री सुदिव्य कुमार सोनू के निधन पर सिमरन भाटिया ने जताया गहरा शोक: झामुमो और गिरिडीह के लिए अपूरणीय क्षतिझारखंड के 3 शिक्षा मंत्रियों का असामयिक निधन: एक अत्यंत दुखद और अजीब संयोगपरशुराम कल्याण संस्थान ने धूमधाम से मनाया शिक्षक दिवस सम्मान समारोह, उत्कृष्ट शिक्षा और सामाजिक उत्थान का दिया संदेशझारखंड के नगर विकास मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू का हृदयाघात से निधन, राजनीतिक गलियारे में शोक की लहरजुगसलाई में भीषण सड़क हादसा: घोड़ा चौक के पास बाइक और दो कारों में जोरदार भिड़ंत, मची अफरा-तफरीसरायकेला और आसपास के क्षेत्रों में धूमधाम से मना श्रीकृष्ण जन्मोत्सव, रास मंदिर में उमड़े श्रद्धालु

एक नई सोच, एक नई धारा

तीसरी धारा ग्राउंड रिपोर्ट: रांची में ‘हिट एंड रन’ के बाद भी नहीं सुधरे हालात; कचहरी चौक पर सख्ती तो स्टेशन रोड बनी ‘अड्डेबाजी’ की नई पनाहगाह

1002405223
SFD

रांची | 15 फरवरी, 2026

1002405223

​झारखंड की राजधानी रांची का कचहरी चौक हाल ही में एक ऐसी सनसनीखेज वारदात का गवाह बना, जिसने पूरे शहर को सिहरा दिया। किन्नरों के साथ शराब पीने के विवाद के बाद हिट एंड रन, अपहरण और पुलिसकर्मी को कुचलने के प्रयास ने सुरक्षा दावों की पोल खोल दी थी। लेकिन ‘तीसरी धारा’ और ‘प्रभात खबर’ की टीम की पड़ताल बताती है कि प्रशासन की सख्ती महज एक ‘अस्थायी मरहम’ साबित हुई है।

कचहरी में सन्नाटा, स्टेशन रोड पर ‘सौदा’ जारी

​पुलिसिया कार्रवाई के डर से कचहरी चौक के आसपास तो फिलहाल अड्डेबाजी बंद है, लेकिन चुटिया थाना क्षेत्र के स्टेशन रोड पर अपराधी और संदिग्ध तत्व अब भी बेखौफ हैं। यहाँ दो चाय की दुकानों के बीच स्थित एक गुमनाम ‘झोपड़ी’ अब संदिग्ध गतिविधियों का नया केंद्र बन गई है।

तीन रातों की निगरानी: अंधेरे में होता ‘डील’ का खेल

​लगातार तीन रातों (रात 9:30 से 1:30 बजे तक) की गई निगरानी में चौंकाने वाली तस्वीरें सामने आईं:

  • पैटर्न: मुँह ढके हुए महिलाएं सड़क किनारे खड़ी होकर राहगीरों और कार सवारों को इशारे करती हैं।
  • डील: पैदल गुजरने वाले युवकों और लग्जरी कारों में सवार ग्राहकों से खुलेआम बातचीत और मोलभाव होता है।
  • अड्डेबाजी: चाय की दुकानों को ‘कवर’ की तरह इस्तेमाल किया जाता है, जहाँ से संदिग्धों को झोपड़ी की ओर जाते देखा गया है।

आम नागरिक और राहगीर परेशान

​स्टेशन रोड से गुजरने वाले रेल यात्री, नाइट ड्यूटी से लौटने वाले कर्मचारी और स्थानीय निवासी इस माहौल से बेहद असहज हैं।

  • अशोभनीय हरकतें: स्थानीय लोगों का आरोप है कि रात चढ़ते ही सड़क पर अश्लीलता और बदतमीजी आम हो जाती है।
  • युवाओं पर खतरा: अभिभावकों को डर है कि इस इलाके से गुजरने वाले छात्र और युवा इस दलदल में फंस रहे हैं।

पुलिस की गश्ती पर उठते सवाल

​कचहरी चौक की घटना के बाद उम्मीद थी कि पुलिस पूरे शहर में ‘क्लीन स्वीप’ अभियान चलाएगी, लेकिन चुटिया इलाके की यह तस्वीर पुलिसिया गश्ती की पोल खोल रही है।

​”पुलिस तभी जागती है जब कोई बड़ा हादसा हो जाता है। कुछ दिन सख्ती होती है और फिर वही ढर्रा शुरू हो जाता है। नियमित गश्ती न होना ही इन अड्डों को पाल रहा है।”

एक स्थानीय निवासी

error: Content is protected !!