गिरिडीह : सरस्वती पूजा को लेकर रविवार को शांति समिति की बैठक थाना प्रभारी सन्नी सुप्रभात की अध्यक्षता में की गई. बैठक में मुख्य अतिथि के रूप में प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) महेंद्र रविदास, जिप सदस्य पवन कुमार चौधरी, मुखिया गुरुसहाय रविदास, कांग्रेस यादव, जयराम यादव, इंद्रदेव यादव, नागेश्वर यादव, कन्हाय राम, सुधीर सिंह, एसआई राहुल चौबे, दीपक कुमार व समाजिक कार्यकर्ता उपस्थित थे.
थाना प्रभारी सन्नी सुप्रभात ने बताया कि सरस्वती पूजा में सरकारी एवं गैरसरकारी संस्थान को शांति एवं सौहार्द पूर्ण वातावरण में सरकार के गाइड लाइन का पालन करते हुये मनाने की अपील की. उन्होंने कहा कि डीजे नहीं बजेगा. पूजा पंडाल में या विसर्जन जुलूस में ऐसा कोई काम नहीं करें, जिससे किसी की भावना आहत हो. समिति के सदस्यों ने सौहार्दपूर्ण वातावरण में सरस्वती पूजा मनाने का प्रशासन को भरोसा दिलाया. प्रशासन द्वारा भी अपने स्तर से भरपूर सहयोग देने का आश्वासन दिया गया. बीडीओ महेंद्र रविदास ने कहा कि पूजा स्थल पर डीजे पर प्रतिबंध है. उन्होंने पूजा कमेटियों से हुड़दंगियों पर नजर रखने एवं तुरंत सूचना देने की बात कही. उन्होंने बताया कि बिना लाइसेंस लिए पूजा की अनुमति नहीं दी जाएगी.
जमशेदपुर : घर तो घर भगवान के दर भी नहीं सुरक्षित। कदमा थाना अंतर्गत भाटिया बस्ती काली मंदिर के दान पेटी चोरी करने का मामला प्रकाश में आया है. चोरों ने मंदिर के मुख्य गेट में लगा ताला तोड़ा और परिसर में रखे दान पेटी की चोरी कर ली. दान पेटी घटनास्थल से 500 मीटर की दूरी पर स्थित वर्कर्स फ्लैट परिसर में मिली. मंदिर के पुजारी बबलू पंडित को घटना की जानकारी तब हुई जब वे रविवार सुबह मंदिर पहुंचे. उन्होंने पाया कि मंदिर के दरवाजे में लगा ताला टूटा हुआ है और मंदिर में रखा दानपेटी गायब है. उन्होंने तत्काल इसकी सूचना पुलिस को दी.
सूचना पाते ही कदमा पुलिस मौके पर पहुंची और जांच में जुट गई. इस घटना से स्थानीय लोगों में आक्रोश है. स्थानीय लोगों ने पुलिस को क्षेत्र में पेट्रोलिंग नहीं करने का आरोप लगाते हुए कहा कि क्षेत्र में नशेड़ियों की संख्या बढती जा रही है जिससे इस तरह की घटनाएं भी बढ गई है.
मामले को लेकर मंदिर के पुजारी बबलू पंडित ने बताया कि वे सुबह मंदिर खोलने पहुंचे थे तभी इस घटना की जानकारी हुई. बबलू पंडित ने बताया कि दानपेटी को एक साल से नहीं खोला गया था. दान पेटी में 90 हजार रुपये होने का अनुमान है. इधर, शिकायत मिलते हुए कदमा पुलिस हरकत में आई और आस-पास लगे सीसीटीवी फूटेज की जांच की.
जमशेदपुर : सांसद विद्युतवरण महतो सहित झारखंड के 13 सांसदों ने रेल मंत्री से मिलकर मांग की कि झारखंड का अपना रेलवे जोन होना चाहिए। इस सिलसिले में रेल मंत्री को ज्ञापन भी सौंपा गया। ज्ञापन में सांसदों ने रेल मंत्री से मांग की कि झारखंड में अत्याधुनिक सेवाओं से युक्त वंदे भारत एक्सप्रेस समेत राजधानी एवं इंटरसिटी एक्सप्रेस जैसे ट्रेनों का परिचालन हो रहा है और वृहद स्तर पर राज्य में रेल इंफ्रास्ट्रक्चर का विकास जारी है।
इसके साथ ही रेलवे को मालगाड़ियों से प्राप्त हो रहे राजस्व में झारखंड का विशिष्ट योगदान है। हम सभी का मानना है कि तमाम सुविधाओं और अत्यधिक रेल ट्रैफिक होने के कारण झारखंड का अपना अलग रेलवे जोन होना उचित होगा। हमें विश्वास है कि अलग रेलवे जोन बनाने से रेलवे के राजस्व में बढ़ोतरी होगी। राज्य का सर्वांगीण विकास होगा और रेल प्रबंधन बेहतर व सरल बनेगा। इस जोन के लिए राज्य की राजधानी रांची उपयुक्त होगी। इस महत्वपूर्ण मामले पर संज्ञान लेते हुए जनहित में उचित कार्रवाई करने की कृपा करें।
ज्ञापन में हस्ताक्षर करने वालों में सांसद विद्युतवरण महतो के अलावा जयंत सिन्हा, अर्जुन मुंडा, आदित्य प्रसाद, समीर उरांव, सुनील सोरेन, सुनील कुमार सिंह, दीपक प्रकाश, बीडी राम, सुदर्शन भगत, अन्नपूर्णा देवी, चंद्र प्रकाश चौधरी एवं संजय सेठ शामिल हैं।
पटना : बिहार समेत देशभर में चर्चित प्रख्यात साहित्यकार पद्मश्री डॉ. उषा किरण खान का रविवार को पटना के एक अस्पताल में निधन हो गया है. डॉ. उषा किरण खान के निधन से साहित्य जगत के क्षेत्र में शोक ली लहर है. डॉ. उषा किरण खान हिंदी और मैथिली की प्रसिद्ध रचनाकार थी. उषा किरण खान को मैथिली उपन्यास भामती के लिये साहित्य अकादमी पुरस्कार से भी सम्मानित किया गया था.
पूर्व आईपीएस रामचंद्र खान की पत्नी डॉ. उषा किरण खान मूल रूप से दरभंगा के लहेरियासराय की रहने वाली थीं. मिली जानकारी के अनुसार डॉ. उषा किरण खान का रविवार को पटना के एक अस्पताल में इलाज के दौरान निधन हो गया है. बताया जा रहा है कि डॉ. उषा किरण खान कुछ दिनों से थी अस्वस्थ चल रही थीं. उन्हें इलाज के लिए पटना के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था.
झारखंड पर दो दिन भारी रहने वाले हैं। मौसम विभाग ने तेज आंधी के साथ जोरदार बारिश और वज्रपात की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग का कहना है कि सूबे में 11 फरवरी से दो दिन तक मौसम बेहद खराब रहेगा। मौसम विभाग की ओर से इसे लेकर यलो अलर्ट जारी किया गया है। खासकर किसानों को खास तौर पर सतर्क रहने की सलाह दी गई है। कुछ छिटपुट जगहों पर ओले भी पड़ सकते हैं। उत्तरी छत्तीसगढ़ में भी कमोबेश ऐसी ही स्थितियां देखी जा सकती हैं। इस हफ्ते कैसा रहेगा मौसम…
IMD के मुताबिक, मौजूदा वक्त में दक्षिण गुजरात पर एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन बना हुआ है। यही नहीं कर्नाटक तट से लेकर विदर्भ होते हुए दक्षिण गुजरात तक एक ट्रफ रेखा गुजर रही है। इसके प्रभाव से छत्तीसगढ़ और झारखंड में मौसम दो दिनों तक खराब रहेगा। इसके कारण 11 से 13 फरवरी के दौरान झारखंड और 11 और 12 तारीख को छत्तीसगढ़ में छिटपुट गरज के साथ छिटपुट बारिश, बिजली गिरने और तेज हवाएं (30-40 किमी प्रति घंटे की गति) के साथ छिटपुट हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है।
मौसम विभाग ने छत्तीसगढ़ और झारखंड दोनों ही राज्यों में लगातार दो दिन तक आंधी पानी और वज्रपात का यलो अलर्ट जारी किया है। मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में भी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। 11 तारीख को पश्चिमी मध्य प्रदेश में जबकि 11 से 13 फरवरी के दौरान पूर्वी मध्य प्रदेश में अलग-अलग स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। साथ ही अलग-अलग स्थानों पर गरज के साथ बारिश, बिजली गिरने और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है।
यदि देश के बाकी हिस्सों की बात करें तो पंजाब और हरियाणा में रविवार को कई स्थानों पर न्यूनतम तापमान सामान्य स्तर से नीचे रहा। आईएमडी के मौसम बुलेटिन के अनुसार, बठिंडा पंजाब में सबसे ठंडा रहा, जहां तापमान 4.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। 11 और 12 फरवरी को पूर्वी मध्य प्रदेश और उससे सटे उत्तरी छत्तीसगढ़ में और 11 फरवरी को विदर्भ में छिटपुट ओलावृष्टि की संभावना है। 11 और 12, 15 और 16 फरवरी को ओडिशा में जबकि 11 फरवरी को तेलंगाना में और 12 से 14 फरवरी के दौरान दक्षिण-पूर्व उत्तर प्रदेश में हल्की छिटपुट बारिश होने की संभावना है।
कांग्रेस से 24 घंटे पहले बाहर किए गए आचार्य प्रमोद कृष्णम ने रविवार को उत्तर प्रदेश के संभल स्थित श्री कल्कि धाम में चुप्पी तोड़ी। श्री कल्कि धाम के पीठाधीश्वर आचार्य कृष्णम ने संवाददाता सम्मेलन में कहा, 16-17 साल की उम्र में मैंने जो वचन राजीव गांधी को दिया था, वो आज तक निभाया है।
आज इस उम्र में संकल्प ले रहा हूं कि अब मैं आजीवन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के साथ खड़ा रहूंगा।
निष्कासित कांग्रेस नेता आचार्य प्रमोद कृष्णम ने कहा, मैं कांग्रेस की विचारधारा से जुड़ा हुआ हूं। सबसे पहले रामराज्य का सपना महात्मा गांधी ने देखा था। जो सपना महात्मा गांधी ने देखा वो सपना प्रधानमंत्री मोदी पूरा कर रहे हैं। अगर मोदी देश के प्रधानमंत्री हैं और देशहित में अच्छा फैसला कर रहे हैं तो उसका समर्थन होना चाहिए।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेतृत्व आज प्रधानमंत्री मोदी से नफरत करते-करते पूरे देश से नफरत करने लगा है। कांग्रेस प्रधानमंत्री मोदी से नफरत करते-करते सनातन को मिटाने पर तुल गई है। पार्टी में सचिन पायलट का बहुत अपमान हुआ है। सचिन भगवान शिव की तरह जहर पिये जा रहे हैं। प्रियंका गांधी की भी बहुत तौहीन की जा रही है। सवाल यह है कि अपमान किसके इशारे पर किया जा रहा है?
आचार्य कृष्णम ने कहा, उन्हें कल रात कुछ न्यूज चैनलों के माध्यम से अपने छह साल के निष्कासन की जानकारी मिली। उन्होंने इसके लिए सवाल करते हुए कांग्रेस नेतृत्व का आभार जताया और पूछा कि केसी वेणुगोपाल या मल्लिकार्जुन खड़गे बताएं कि ऐसी कौन सी गतिविधियां हैं जो पार्टी के विरोध में थीं। क्या भगवान राम का नाम लेना पार्टी (कांग्रेस) विरोधी है? उन्होंने कहा कि ‘राम और राष्ट्र’ पर समझौता नहीं किया जा सकता। निष्कासन
जमशेदपुर : आज अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद जमशेदपुर महानगर के द्वारा साकची स्थित भगवान बिरसा मुंडा जी के प्रतिमा के समक्ष एकदिवसीय धरना दिया गया।जिसमें झारखंड में हाल ही में झारखंड कर्मचारी चयन आयोग के परीक्षा पत्र 25-25 लाख रुपए में बिकने के मुद्दे को प्रमुखता से उठाया गया । चूंकि आयोग के कर्मचारी आई.पी.एस व आई.ए.एस है, इसलिए उनके खिलाफ में जांच राज्य सरकार के कनिए पदाधिकारी नहीं कर सकते है, इसलिए इस पूरे घटना की जांच सीबीआई से कराने की मांग की गई।
छात्रों का कहना है की इस घटना ने पूरे झारखंड के गरीब छात्रों का प्रतियोगी परीक्षाओं से विश्वास उठा दिया है। इसलिए इसमें शामिल सभी दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जाए। छात्रों के आवाहन पर मुख्य रूप से सेवानिवृत आईपीएस राजीव रंजन सिंह सम्मिलित होकर छात्रों की हौसला अफजाई किए।
मौके पर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद से यश अग्रहरि, शुभम् सिंह,दीपक ठाकुर ,अनूप पांडेय,शुभम् सिंह, विशाल सिंह ,रौनक़ कुमार, अमृत पटेल,राहुल कसेरा ,जेल प्रकाश अंशु शर्मा एवं अन्य शामिल थे।
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की पार्टी तृणमूल कांग्रेस (TMC) ने राज्यसभा चुनाव को लेकर अपने उम्मीदवारों के नाम का ऐलान कर दिया है। टीएमसी की तरफ से से सुष्मिता देव को राज्यसभा भेजा जाएगा।
इसके अलावा पत्रकार सागरिका घोष, ममता बाला ठाकुर और सांसद नदीमुल हक के नाम सूची में शामिल हैं।
TMC ने अपने आधिकारिक एक्स हैंडल पर पोस्ट में लिखा, ‘ हमें आगामी राज्यसभा चुनावों के लिए सागरिका घोष, सुष्मिता देव, सांसद मो नदीमुल हक और ममता बाला ठाकुर की उम्मीदवारी की घोषणा करते हुए खुशी हो रही है। हम उन्हें हार्दिक शुभकामनाएं देते हैं और आशा करते हैं कि वे हर भारतीय के अधिकारों के लिए अदम्य भावना और वकालत की तृणमूल की स्थायी विरासत को बनाए रखने की दिशा में काम करेंगे।’
दुनिया को अपनी ताकत का अहसास कराने और चीन की घेराबंदी करने के लिए इंडियन नेवी अब ‘विश्वविजय’ अभियान की शुरूआत कर रही है और फरवरी 2024 के अंत में भारत मिलान अभ्यास में अपनी नौसेना का प्रदर्शन करना शुरू करेगा।
चीन पर नजर रखते हुए, 50 नौसेनाओं का एक दस्ता रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण बंगाल की खाड़ी में जुटेगा, जो क्षेत्र में चीन की आक्रामकता को मुंहतोड़ जवाब देगा, जिसका मकसद एक सुरक्षित और स्थिर इंडो-पैसिफिक सुनिश्चित करने का एक चेतावनी संदेश होगा।
भारतीय नौसेना के जुड़वां एयरक्राफ्ट कैरियर (आईएनएस विक्रमादित्य और आईएनएस विक्रांत) और विदेशी पनडुब्बियां, इस सैन्य अभ्यास के सितारे होंगे, जिसका मकसद साफ शब्दों में ये होगा, कि समुद्री स्वतंत्रता और शांति को बिगाड़ने की कोशिश चीन हरगिज ना करे।
क्या है इंडियन नेवी का मिलान समुद्री अभ्यास?
मिलान समुद्री अभ्यास में क्वाड देशों – अमेरिका, जापान और ऑस्ट्रेलिया के अलावा, दक्षिण-पूर्वी देशों की नौसेनाएं भाग ले रही हैं। भारत 19 से 27 फरवरी तक अभ्यास के लिए अपने दोनों एयरक्राफ्ट कैरियर- आईएनएस विक्रमादित्य और आईएनएस विक्रांत को तैनात करेगा। इनके अलावा, 20 नौसैनिक युद्धपोत, पी-8आई जैसे समुद्री गश्ती विमान और पनडुब्बियां भी अभ्यास में हिस्सा लेंगी।
यूरेशियन टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, एक सैन्य अधिकारी ने कहा, कि “नौसेना अभ्यास के समुद्री चरण में बड़े पैमाने पर युद्धाभ्यास, एडवांस एयर डिफेंस ऑपरेशन, पनडुब्बी रोधी युद्ध और सतह रोधी ऑपरेशन शामिल होंगे।” यह मिलान अभ्यास का 12वां संस्करण होगा और इस बार के अभ्यास का मकसद चीन को संदेश देना होगा।
सैन्य अभ्यास के ‘हार्बर चरण’ में एक अंतर्राष्ट्रीय समुद्री सेमिनार, इंटरनेशनल सिटी परेड, समुद्री टेक्नोलॉजी प्रदर्शनी, सब्जेक्ट मैटर एक्सपर्ट एक्सचेंज , युवा अधिकारियों का मिलन और विभिन्न खेल कार्यक्रम शामिल होंगे।
एक साथ भारत, जापान, ऑस्ट्रेलिया और अमेरिका
भारत के अलावा, अमेरिका, जापान, ऑस्ट्रेलिया, फ्रांस, बांग्लादेश, दक्षिण कोरिया, वियतनाम, इंडोनेशिया और मलेशिया की नौसेनाओं के इस अभ्यास में भाग ले रहे हैं। इस अभ्यास का मकसद, क्षेत्र में मित्रवत नौसेनाओं को तालमेल हासिल करने और इंडो-पैसिफिक में खुले, समावेशी और नियम-आधारित अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था के प्रति प्रतिबद्धता को दोहराने में मदद करना है, जिसे चीन की बढ़ती आक्रामकता से खतरा हो रहा है।
चीन हिंद-प्रशांत क्षेत्र में अपनी ताकत दिखा रहा है, जिससे जापान और अमेरिका के साथ उसका सीधा टकराव हो रहा है, खासकर पूर्वी और दक्षिणी चीन सागर में। फिलीपींस और ताइवान के साथ भी स्थिति कई वर्षों से अस्थिर रही है।
भारत, अपनी ओर से, दक्षिण पूर्व एशियाई देशों के साथ सक्रिय रूप से जुड़ रहा है, और क्वाड देशों के साथ भी इसका जुड़ाव काफी बढ़ गया है।
लेकिन यह अभ्यास न केवल ताकत दिखाने के लिए है, बल्कि यूनाइटेड किंगडम, इज़राइल, सऊदी अरब, इराक, ईरान, ओमान, कतर, कुवैत और यूएई, ब्रुनेई, फिलीपींस, मालदीव जैसे कई प्रमुख खिलाड़ियों के बीच राजनयिक पहुंच के लिए भी है, जिसमें केन्या, इंडोनेशिया और मॉरीशस भी शामिल हैं।
हूती लुटेरों को भी काउंटर की कोशिश
यह समुद्री अभ्यास ऐसे समय में हो रहा है, जब हूती मिलिशिया और सोमाली समुद्री डाकु लगातार लाल सागर में हमले कर रहे हैं, जिससे व्यापारिक जहाजों के ऑपरेशन पर भारी खतरा मंडरा रहा है।
ईरान समर्थित हूती विद्रोही वाणिज्यिक जहाजों को निशाना बना रहे हैं, जिससे व्यापार महंगा हो गया है। भारतीय नौसेना अरब सागर में समुद्री डकैतों के खिलाफ ऑपरेशन चला रही है और जहाजों को बचाने का काम कर रही है। मुख्य रूप से अदन की खाड़ी और अफ्रीका के हॉर्न के आसपास, जहां सोमालिया के समुद्री डाकुओं ने समुद्री खतरा पैदा कर दिया है, वहां तक इंडियन नेवी अपना ऑपरेशन चला रही है।
भारतीय नौसेना का प्रभाव क्षेत्र पश्चिम में अदन की खाड़ी से लेकर पूर्व में मलक्का जलडमरूमध्य तक फैला हुआ है। इसके लिए, उसने 490 समुद्री मील लंबे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अनुशंसित ट्रांजिट कॉरिडोर (आईआरटीसी) के माध्यम से व्यापारी जहाजों को ले जाने के लिए 50 युद्धपोत तैनात किए हैं।
भारत के रक्षा राज्य मंत्री अजय भट्ट ने संसद को बताया है, कि “2008 से इंडियन नेवी ने समुद्री डकैती रोधी गश्त के लिए अदन की खाड़ी और अफ्रीका के पूर्वी तट तक कई इकाइयां तैनात की हैं और कुल 3,440 जहाजों और 25,000 से ज्यादा नाविकों को सुरक्षित निकाला है।”
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रविवार को मध्य प्रदेश के झाबुआ पहुंचे, जहां उन्होंने 7,550 करोड़ रुपये के विकास परियोजनाओं का उद्घाटन किया. प्रधानमंत्री मोदी ने इसके बाद आदिवासी महाकुंभ में भी हिस्सा लिया, जिसमें लोगों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि मैं सेवक के तौर पर यहां आया हूं.
पीएम मोदी ने इस दौरे के जरिये झाबुआ की सीमा से लगे राजस्थान और गुजरात के आदिवासियों को भी साधने का प्रयास किया.
पीएम मोदी ने इस दौरान रोड शो भी किया, जहां वह खुली जीप में सवार होकर सभा स्थल पर पहुंचे. लोगों ने इस दौरान मोदी-मोदी के नारे लगाकार और फूल बरसाकर पीएम मोदी का स्वागत किया. मुख्यमंत्री मोहन यादव और केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा भी पीएम मोदी के साथ जीप में नजर आए. इस दौरान पीएम मोदी ने सभा को संबोधित किया. इस दौरान उन्होंने कहा कि ‘लूट और फूट कांग्रेस के लिए ऑक्सीजन.’
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, ‘झाबुआ जितना मध्य प्रदेश से जुड़ा है उतना ही गुजरात से भी जुड़ा है…झाबुआ और इस पूरे इलाके की गुजरात से केवल सीमा ही नहीं लगती बल्कि दोनों तरफ के लोगों के दिल भी मजबूती से जुड़े हुए हैं… गुजरात में रहते हुए मुझे यहां के जनजीवन से, यहां की परंपराओं से करीब से जुड़ने का अवसर मिला…’
PM मोदी ने आगे कहा कि ‘कुछ देर पहले मैंने झाबुआ, खरगोन, खंडवा, बड़वानी, धार, अलीराजपुर समेत पूरे MP के लिए हजारों करोड़ रुपए की योजनाओं का लोकार्पण भी किया है. एक साथ विकास के इतने सारे काम ये बता रहे हैं, मध्य प्रदेश में नई बनी डबल इंजन की सरकार डबल तेजी से काम कर रही है. विकास के इस महाअभियान का श्रेय मध्य प्रदेश की जनता को जाता है. मैं आप सबको इसके लिए बधाई देता हूं.’ उन्होंने आगे कहा कि ‘मध्य प्रदेश में विधानसभा के नतीजों से आप पहले ही बता चुके हैं कि लोकसभा के लिए आपका मूड क्या रहने वाला है…इसलिए इस बार विपक्ष के बड़े-बड़े नेता पहले से ही कहने लगे हैं- 2024 में 400 पार, फिर एक बार मोदी सरकार…’
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन में आगे कहा कि ‘यहां आपके बीच आने से पहले मैंने देखा कि मेरी इस यात्रा को लेकर खूब चर्चाएं भी हो रही हैं. कुछ लोग कह रहे हैं कि मोदी मध्य प्रदेश में झाबुआ से लोकसभा की लड़ाई का आगाज करेगा. मैं बताना चाहता हूं कि मोदी लोकसभा चुनाव के प्रचार के लिए नहीं आया है. मोदी तो सेवक के तौर पर ईश्वर रूपी MP की जनता-जनार्दन का आभार करने आया है.’
उन्होंने आगे कहा ‘बीते वर्षों में मध्य प्रदेश ने दो अलग-अलग दौर देखे हैं- एक डबल इंजन सरकार का दौर और दूसरा कांग्रेस के जमाने का काला दौर! कम उम्र के युवाओं को शायद याद भी नहीं होगा, आज विकास के रास्ते पर तेजी से दौड़ रहा मध्य प्रदेश भाजपा सरकार से पहले देश के सबसे बीमारू राज्यों में गिना जाता था. मध्य प्रदेश को बीमारू बनाने के पीछे सबसे बड़ी वजह थी. गांव, गरीब और आदिवासी इलाकों को लेकर कांग्रेस का नफरत भरा रवैया! इन लोगों ने न कभी आदिवासी समाज के विकास की चिंता की न उसके सम्मान के बारे में सोचा. इनके लिए तो जनजातीय लोगों का मतलब केवल कुछ वोट होता था. इन्हें गांव, गरीब, पिछड़ा की याद तब आती थी, जब चुनाव की घोषणा होती थी.’
पीएम मोदी ने आगे कहा कि ‘हमारे लिए जनजातीय समाज वोट बैंक नहीं, देश का गौरव है. आपका सम्मान भी और आपका विकास भी… ये मोदी की गारंटी है. आपके सपने, आपके बच्चों के सपने, नौजवानों के सपने… ये मोदी का संकल्प है. कांग्रेस ने इतने वर्षों में 100 ही एकलव्य स्कूल खोले थे, जबकि भाजपा की सरकार ने अपने 10 साल में ही इससे चार गुना ज्यादा एकलव्य स्कूल खोल दिए हैं. एक भी आदिवासी बच्चा शिक्षा के अभाव में पीछे रह जाए, ये मोदी को मंजूर नहीं है.’
उन्होंने आगे कहा कि ‘आज जो सबसे वंचित है, सबसे पिछड़ा है, हमारी सरकार में वो सबसे पहली प्राथमिकता है. सबसे पिछड़े जनजातीय समूहों के लिए हमने पीएम-जनमन योजना शुरू की. जो जनजातीय समाज अब तक विकास की मुख्य धारा से कटा हुआ था, जनमन योजना के तहत उनका तेज विकास शुरू किया गया है. इसका लाभ यहां इस क्षेत्र की बैरा, भारिया और सहरिया जैसे जनजातीय समूहों को होगा.’