कार्यक्रम में सीएम हेमंत सोरेन ने कुछ प्रशिक्षण अधिकारियों को अपने हाथों से नियुक्ति पत्र दिया. नियुक्ति पत्र मिलने से सभी प्रशिक्षण अधिकारी खुश दिखाई दे रहे थे. नवचयनित 444 प्रशिक्षण अधिकारियों में कृषि पदाधिकारी समेत कई पदों पर झारखंड गठन के बाद पहली बार नियुक्ति हुई है.
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि उनके कार्यकाल में विभिन्न विभागों में हजारों युवाओं की नियुक्ति की गई है. मुख्यमंत्री ने कहा कि इस वित्तीय वर्ष में 5403 स्नातक प्रशिक्षित शिक्षकों एवं 539 लैब सहायकों की नियुक्ति की गई है. नियुक्ति पत्र वितरण समारोह कार्यक्रम में सीएमके अलावे मंत्री बन्ना गुप्ता भी शामिल थे.
मुख्यमंत्री ने कहा कि कल भी हमलोग यहां जुटे थे.500से ऊपर लोगों को नियुक्तियां मिली. आज फिर यहां जुटे हैं. आज भी नियुक्ति पत्र दिया जा रहा है. आज बहुत खुशी का दिन है. मुख्यमंत्री ने सबको बधाई दी. मुख्यमंत्री ने कहा आज हुनरमंद होना बहुत जरुरी है. वक्त की गति बढ़ गई है.
रांची:- झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से आज शनिवार को कांके रोड स्थित मुख्यमंत्री आवासीय कार्यालय में रांची महानगर श्री दुर्गा पूजा समिति के प्रतिनिधिमंडल ने मुलाकात की.
इस अवसर पर प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को विभिन्न पूजा पंडालों में सपरिवार पहुंचकर माता रानी के दर्शन करने के लिए सादर आमंत्रित किया. मुख्यमंत्री को प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने मां दुर्गा की प्रतिमा और चुनरी भेंट कर सम्मानित किया और दुर्गा पूजा की तैयारियों से संबंधित बिंदुवार जानकारी से मुख्यमंत्री को अवगत कराया.
प्रशासनिक सहयोग की अपेक्षा
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने कहा कि हर वर्ष की तहर इस वर्ष भी राज्य सरकार की ओर से रांची महानगर श्री दुर्गा पूजा समिति सहयोग की अपेक्षा रखती है. प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने संयुक्त रूप से कहा कि आपके नेतृत्व में दुर्गा पूजा समितियों को प्रशासन की ओर से हरसंभव पूरा सहयोग मिलता रहा है. आशा है इस बार भी प्रशासनिक सहयोग मिलेगा. मौके पर प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने मुख्यमंत्री के प्रति आभार प्रकट करते हुए उन्हें धन्यवाद भी दिया.
राज्य सरकार की ओर से पूजा समितियों को दिया आश्वासन
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने इस अवसर पर रांची महानगर श्री दुर्गा पूजा समिति के सदस्यों को आश्वासन दिया कि राज्य सरकार रांची महानगर श्री दुर्गा पूजा समिति सहित विभिन्न दुर्गा पूजा समितियों के साथ हमेशा खड़ी है. हर वर्ष की तहर इस वर्ष भी जिला प्रशासन का पूरा सहयोग पूजा समितियों को मिलेगा. मुख्यमंत्री ने रांची महानगर श्री दुर्गा पूजा समिति के सदस्यों को अपनी ओर से हार्दिक शुभकामनाएं दीं.
मौके पर ये थे उपस्थित
इस अवसर पर रांची महानगर श्री दुर्गा पूजा समिति के संयोजक अजीत सहाय, उपसंयोजक (अध्यक्ष, झारखंड गौ सेवा आयोग) राजीव रंजन प्रसाद, सहसंयोजक जयसिंह यादव, अध्यक्ष चंचल चटर्जी, वरीय उपाध्यक्ष राजन वर्मा, कार्यकारी अध्यक्ष प्रदीप राय बाबू समेत अशोक यादव, नितिन जय यादव, अमरनाथ साहू, संजय सिन्हा गोपू, रमेश सिंह, संजय मिनोचा, सागर कुमार सहित अन्य उपस्थित थे.
जमशेदपुर:- झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (जेएसएससी) द्वारा आयोजित सीजीएल परीक्षा में हुए धांधली के विरोध में युवा सड़क पर उतर आए हैं। गुरुवार को भाजयुमो जमशेदपुर महानगर अध्यक्ष नीतीश कुमार के नेतृत्व में सैकड़ों युवा कार्यकर्ताओं ने आक्रोश मार्च निकालकर सीएम हेमंत सोरेन का पुतला दहन किया। आक्रोशित युवाओं ने साकची स्थित जिला भाजपा कार्यालय से जुबिली पार्क गोलचक्कर तक आक्रोश मार्च निकाला और हेमंत सरकार के खिलाफ तीखी नारेबाजी की। इस दौरान परीक्षा में विद्यार्थियों के साथ हुई धोखेबाजी को लेकर युवा काफी आक्रोशित नजर आए। उन्होंने आरोप लगाया कि पूरे राज्य में सुनियोजित तरीके से इंटरनेट बंद कर जेएसएससी की परीक्षा में गड़बड़ी की गई जिसके कारण योग्य छात्रों का भविष्य अधर में लटक गया है।
आक्रोश मार्च में शामिल भाजपा जमशेदपुर महानगर अध्यक्ष सुधांशु ओझा ने कहा कि हेमंत सरकार युवाओं के भविष्य के साथ लगातार खिलवाड़ कर रही है। जेएसएससी जैसी महत्वपूर्ण परीक्षा में धांधली कर सरकार ने अपनी नाकामी एक बार फिरसे साबित कर दी है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि शीघ्र ही इस मामले की निष्पक्ष सीबीआई जांच नहीं कराई गई और दोषियों पर कठोर कार्रवाई नहीं हुई तो यह आंदोलन और उग्र एवं बड़ा रूप लेगा।
वहीं, भाजयुमो जिलाध्यक्ष नीतीश कुमार ने कहा कि रांची, धनबाद समेत कई अन्य परीक्षा केंद्रों में बाहर के अभ्यर्थियों को पहले ही आंसर शीट मिल गई थी। कई केंद्रों पर प्रश्न पत्र के सील खुले हुए मिले। इंटरनेट सेवा बंद कर सरकार ने खुद साबित कर दिया कि वह गड़बड़ी में शामिल है। यूपीएससी, जेपीएससी जैसी परीक्षाओं में इंटरनेट बंद नहीं गया है, लेकिन सीजीएल जैसी परीक्षा में इंटरनेट सेवा बंद कर दी गई। भाजयुमो जिलाध्यक्ष ने चेतावनी दी कि युवाओं के साथ किसी भी प्रकार की धोखाधड़ी अब और बर्दाश्त नहीं की जाएगी अब सरकार को हर हाल में जवाबदेह बनना होगा।
इस दौरान पूर्व जिलाध्यक्ष दिनेश कुमार, डॉ राजीव, धर्मेंद्र प्रसाद, पवन सिंह, विजय सिंह, कुसुम पूर्ति, सुशील पांडेय, प्रकाश दुबे, चिंटू सिंह, मुकेश सिंह, राकेश कुमार, कंचन दत्ता, काजू शांडिल, रमेश बास्के समेत अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।
जमशेदपुर : एकात्म मानववाद और अंत्योदय के प्रणेता, प्रेरणास्रोत पंडित दीन दयाल उपाध्याय जी की जयंती पर अंतोदय के चरितार्थ करते हुए उलीडीह टैंक रोड तालाब के समीप सहदेव मुंडा को व्हीलचेयर उपलब्ध कराया। वह चल पाने में असमर्थ थे। जब भाजयूमो प्रदेश मंत्री अमित अग्रवाल को पता चला तो वह यह पुण्य कार्य उन्हें व्हीलचेयर उपलब्ध करा कर किया।
इस मौके पर मुख्य रूप से भाजयूमो झारखंड प्रदेश मंत्री अमित अग्रवाल, भाजयूमो ज़िला महामंत्री अभिमन्यु सिंह चौहान, ज़िला मंत्री प्रकाश दुबे, प्रदेश पॉलिसी मेकर के संयोजक अभिषेक डे, उलीडीह युवा मोर्चा मंडल अध्य्क्ष राहुल कुमार, जीतू गुप्ता, सुमित अग्रवाल, सौरव शर्मा, विशाल और संजय मुख्य रूप से उपस्थित थे।
जमशेदपुर : जमशेदपुर शहर स्थित लाल बाबा फाउंड्री क्षेत्र में बने 125 प्रतिष्ठानों को तोड़े जाने की सूचना पर आज जमशेदपुर के सांसद विद्युत वरण महतो के साथ भाजपा जमशेदपुर महानगर के पूर्व जिला अध्यक्ष दिनेश कुमार व गुंजन यादव सहित अन्य सक्रिय कार्यकर्त्ता वहां पहुंचे और प्रतिष्ठानों के मालिकों से मिलकर उनसे बात की। उन्हें सांत्वना दी और विश्वास दिलाया की भाजपा उनके साथ है। सांसद ने इस विषय पर जिला के उपायुक्त से दूरभाष पर वार्ता कर उचित रास्ता निकालने की बात कही।
मौके पर उपस्थित पूर्व जिलाध्यक्ष दिनेश कुमार ने कहा कि आमजन के सहायतार्थ भाजपा हर उचित आंदोलन में जनता के साथ है। कई दशकों से हजारों लोगों का परिवार इन प्रतिष्ठानों से जुड़ा है और भाजपा उनकी इस समस्या से निजात दिलाने में हरसंभव मदद करेगी।
जमशेदपुर : सारजामदा निवासी दयालाल मुखी विगत ढाई वर्षो से लापता है। इस मामले में मानवाधिकार सहायता संघ अंतरराष्ट्रीय के सरायकेला खरसावां जिला महिला प्रकोष्ठ अध्यक्ष श्रीमती सुमन कारूवा ने संज्ञान में लेते हुए कहा कि परसूडीह थाना प्रभारी को दिये गये आवेदन पत्र के मामले दर्ज कर अब तक आवश्यक कार्रवाई नहीं की गई। परिवार वाले दयालाल मुखी के घर आने के आश में है।
ज्ञात हो कि ढाई वर्ष पूर्व श्रवण कुमार साह, मो नंबर 8538925784 वाहन चालक,उम्र 47 वर्ष पिता स्वर्गीय सुदामा साह पता जोजोबेड़ा, कृष्णा नगर हनुमान मंदिर के पास, थाना – गोविंदपुर,पो- राहरगोड़ा, पूर्वी सिंहभूम, स्थाई पता गोपालगंज, गांव -मतेया, थाना – कुचायकीट, पोस्ट – कुचायकीट, जिला – गोपालगंज, बिहार निवासी ने वाहन चलाने सिखाने का प्रलोभन देकर अपने संग पूणे ले गये थे और श्रवण कुमार साह कह रहें कि मैं दस बारह दिनों बाद डिमना चौक जमशेदपुर में छोड़ दिये जबकि आज तक दयालाल मुखी घर नहीं पहुंचा। दयालाल मुखी के परिवार वाले द्वारा श्रवण कुमार साह, वाहन चालक से पूछताछ करने पर कभी बदाम पहाड़ में, कभी संबलपुर में होने का बोलकर गुमराह कर रहे।
इस मामले को गंभीरता से लेते हुए मानवाधिकार सहायता संघ अंतर्राष्ट्रीय के सरायकेला खरसावां जिला महिला प्रकोष्ठ अध्यक्ष श्रीमती सुमन कारूवा ने एस एस पी जमशेदपुर से इस मामले को गंभीरता से लेते हुए आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की है, इस संदर्भ में निपेन मुखी ने शिकायत कोषांग में भी दर्ज की है।
जमशेदपुर : जिला प्रशासन के बर्मामाइंस लाल बाबा फाउंड्री के 125 से अधिक गोदाम-मकान ध्वस्त करने के निर्देश पर तेज हुए विरोध के स्वर। स्थानीय नागरिकों, व्यापारियों और कारोबारियों ने जिला प्रशासन के विरोध में मोर्चा खोल दिया है। इस बाबत आज बर्मामाइंस लाल बाबा फाउंड्री में सभी ने आपस में बातचीत कर विरोध प्रदर्शन की रूपरेखा तैयार की।
मौके पर पहुंचे भाजपा नेता सह सामाजिक कार्यकर्ता शिव शंकर सिंह ने कहा जिला प्रशासन को तत्काल इस मामले में स्थानीय निवासियों और देश-प्रदेश के अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में सहयोगी व्यापारियों-कारोबारियों से बातचीत करनी चाहिए और इस मसले का प्रभावी हल निकालना चाहिए। बर्मामाइन्स मुखी बस्ती और कैलाश नगर में लोग दशकों पूर्व से निवास करते आ रहे हैं। इस ध्वस्त करने के फैसले से हजारों लोग प्रभावित होंगे। दैनिक मजदूरी कर जीवन यापन कर रहे बस्ती के हजारों लोग बेघर हो जायेंगे और गोदाम टूटने से बेरोजगार भी, इसलिए इस मसले का सरल और प्रभावी ढंग से हल हो।
केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मंगलवार 24 सितंबर को झारखंड के बोकारो में बीजेपी की ‘परिवर्तन’ रैली को संबोधित किया.
इस दौरान उन्होंने आरोप लगाया कि यदि झारखंड में झामुमो नीत गठबंधन राज्य की सत्ता में लौटता है तो राज्य में विदेशी घुसपैठियों को बहुसंख्यक होने से कोई नहीं रोक सकेगा.
शिवराज ने यह भी दावा किया कि सिर्फ बीजेपी ही राज्य की ‘बेटी, माटी और रोटी’ की रक्षा कर सकती है, जिसे घुसपैठियों से गंभीर खतरा है. उनका दावा है कि यदि झारखंड में झामुमो के नेतृत्व वाला गठबंधन फिर से सत्ता में आया, तो वह दिन दूर नहीं जब घुसपैठिए यहां राज करेंगे. आने वाले 5-10 सालों में झारखंड में विदेशी घुसपैठियों को बहुसंख्यक बनने से कोई नहीं रोक सकता. उन्होंने आरोप लगाया कि घुसपैठिये स्थानीय महिलाओं से शादी करके जमीन हड़प रहे हैं.
शिवराज ने हेमंत सोरेन पर बोला हमला झामुमो के नेतृत्व वाले गठबंधन पर घुसपैठियों को संरक्षण देने का आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि उनका न केवल ‘वोट बैंक की राजनीति’ के लिए स्वागत किया जा रहा है, बल्कि उन्हें आधार कार्ड भी दिए जा रहे हैं. वहीं सिपाहियों की भर्ती के दौरान हुई मौतों को लेकर राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए शिवराज ने कहा, “क्या आपने कभी किसी अन्य स्थान पर शारीरिक परीक्षा के दौरान 16-17 अभ्यर्थियों की मौत के बारे में सुना है?”
उन्होंने कहा, “हेमंत सोरेन सरकार ने सत्ता में आने पर 5 लाख युवाओं को नौकरी देने का वादा किया था, लेकिन चार साल और 10 महीने में कुछ नहीं किया. अब जब चुनाव नजदीक हैं, तो वो विभिन्न योजनाओं की घोषणा कर रहे हैं. हमारे बच्चे आंखों में सपने लिए आबकारी कांस्टेबल के लिए दौड़ने गए, लेकिन उनकी माताओं को वो कफन में लपेटे हुए मिले.”
राज्य की ‘मंईयां सम्मान योजना’ का जिक्र करते हुए कृषि मंत्री ने कहा कि अगर बीजेपी सत्ता में आती है तो सहायता राशि दोगुनी कर दी जाएगी. उन्होंने यह भी वादा किया कि अगर पार्टी सत्ता में आती है तो सरकार में 2.87 लाख रिक्त पदों को भरा जाएगा. केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने 20 सितंबर को ‘परिवर्तन यात्रा’ शुरू की.
यह 24 जिलों के 81 विधानसभा क्षेत्रों में 5,400 किलोमीटर की यात्रा करेगी और 2 अक्टूबर को समाप्त होगी. इस कार्यक्रम में बीजेपी शासित राज्यों के मुख्यमंत्री सहित बीजेपी के लगभग 50 वरिष्ठ नेताओं के भाग लेने की उम्मीद है.
बेंगलुरू में जिस महिला का शव कमरे में करीब 40 टुकड़ों में फ्रिज के अंदर मिला है, वो कमरा 19 दिनों से बंद था. जब कमरे से बदबू आई तो आसपास के लोगों ने घर के मालिक को फोन किया और उसके बाद मृतक महिला की मां को कॉल कर बुलाया और जब गेट खुलवाया तो सभी हैरान रह गए क्योंकि कमरे में चारों ओर खून के साथ बॉडी के छोटे-छोटे टुकड़े फैले हुए थे.
इसके अलावा सिंगल डोर फ्रिज में शव को अलग-अलग हिस्सों में काटकर लाश रखी गई थी. लोगों के जहन में सवाल उठ रहे हैं कि जिस महिला के शव के साथ इतनी बर्बरता की गई, उसकी पहचान क्या है, क्या करती है और कहां की रहने वाली है.
इस महिला की पहचान महालक्ष्मी के रूप में हुई है. महालक्ष्मी की मां और बहन ने पूछताछ के बाद बताया कि साल 2019 तक परिवार नेपाल में ही रहता था. उसी साल महालक्ष्मी की शादी हेमंत दास के नाम के एक नेपाली लड़के से हुई थी. शादी के बाद दोनों रोजगार और बेहतर जिंदगी की उम्मीद लिए नेपाल से बेंगलुरु पहुंचे. यहां हेमंत एक मोबाइल शॉप पर काम करने लगा, जबकि महालक्ष्मी को एक बड़े मॉल के ब्यूटी शॉप में बतौर सेल्स वूमेन टीम लीडर की नौकरी मिल गई. दोनों बेंगलुरु के नीला मंगला इलाके में किराये के घर में रहने लगे.
शादी के चार साल बाद पति से अलग हुई महालक्ष्मी
महालक्ष्मी और पति का जीवन खुशहाल चल रहा था. दोनों की एक बेटी हुई. साल 2023 तक उनकी जिंदगी में सब कुछ ठीक था. बाद में उसके पति को एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर का शक हुआ और फिर दोनों अलग हो गए. बेटी हेमंत दास के साथ रहती है, जबकि महालक्ष्मी पांच महीने से व्यालीकवल इलाके में किराये के मकान में अकेली रह रही थी. महीने-15 दिनों में वो एक बार अपनी बेटी से मिलने हेमंत के घर जाया करती थी.
महालक्ष्मी पर शक करता था पति
जांच के मुताबिक, हेमंत और महालक्ष्मी के बीच दूरी की वजह थी लव ट्रायंगल. हेमंत को शक था कि उत्तराखंड के रहने वाले एक हेयर ड्रेसर अशरफ और महालक्ष्मी के बीच अफेयर चल रहा है. इसी बात को लेकर हेमंत और महालक्ष्मी के बीच काफी झगड़ा होता था. इसी झगड़े की वजह से करीब 9 महीने पहले महालक्ष्मी अपने पति हेमंत से अलग रहने लगी थी. कुछ महीने मां और छोटी बहन के साथ रही और फिर पांच महीने पहले किराये के घर में शिफ्ट हो गई थी.
कमरे में ही मिला महालक्ष्मी का मोबाइल
पुलिस को घर की तलाशी के दौरान महालक्ष्मी का मोबाइल भी मिला. जब मोबाइल की सीडीआर यानी कॉल डिटेल रिकॉर्ड को चेक किया गया, तो पता चला कि इस फोन से आखिरी कॉल 2 सितंबर को किया गया था. दो सितंबर के बाद से ना तो इस फोन से कोई कॉल की गई और ना ही कोई कॉल रिसीव की गई. इसी से बेंगलुरु पुलिस ने अंदाजा लगाया कि महालक्ष्मी की हत्या 2 से 3 सितंबर के दरम्यान ही हुई. हालांकि कातिल कौन है, इसको लेकर अबतक कुछ क्लीयर नहीं हो पाया है.
पुलिस ने पति और हेयर ड्रेसर से की पूछताछ
बेंगलुरु पुलिस ने महालक्ष्मी के पति हेमंत दास और उस हेयर ड्रेसर अशरफ से लंबी पूछताछ की, लेकिन इन दोनों से शुरुआती पूछताछ के बाद पुलिस इस नतीजे पर पहुंची है कि महालक्ष्मी के क़त्ल में इन दोनों का कोई हाथ नहीं था. इन दोनों के मोबाइल लोकेशन और कॉल डिटेल रिकॉर्ड में भी दो सितंबर से 19 सितंबर तक ऐसा कुछ नहीं मिला, जिनसे इन पर शक किया जा सके.
पुलिस को एक अजनबी पर शक
महालक्ष्मी जब से यहां रहने आई है, उसने न तो किसी से कोई बात की और न ही घुली-मिली. पड़ोसियों ने बताया कि वो रोजाना सुबह 9:30 बजे काम पर चली जाती और रात 10:30 बजे के बाद घर लौटकर आती. पड़ोसियों ने कई बार एक अजनबी शख्स को महालक्ष्मी को घर से पिक और ड्रॉप करते जरूर देखा था, लेकिन वो शख्स कौन था, कोई नहीं जानता. बेंगलुरु पुलिस के मुताबिक, वो इस बात का पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आखिर वो अजनबी है कौन? पुलिस का कहना है कि हो सकता है इसी अजनबी ने महालक्ष्मी की हत्या की हो.
रांची : झारखंड में जेएसएससी सीजीएल परीक्षा के कारण राज्य में इंटरनेट सेवा बंद किये जाने के खिलाफ हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की गयी है. जिस पर शनिवार को हाईकोर्ट के न्यायधीश जस्टिस आनंद सेन और जस्टिस अनुधा रावत चौधरी की बेंच ने सुनवाई की. सुनवाई के दौरान अदालत ने राज्य सरकार से पूछा कि इंटरनेट बंद करने के लिए क्या पॉलिसी है. क्या सभी परीक्षाओं में इसी तरह इंटरनेट बंद कर दीजियेगा. कोर्ट ने इस मामले में राज्य सरकार को चार सप्ताह में एफिडेविट के माध्यम से जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है. इस मामले को लेकर झारखंड स्टेट बार काउंसिल के चेयरमैन राजेंद्र कृष्णा ने इस मामले में याचिका दायर की थी. इसके आलोक में उन्होंने रजिस्ट्रार जेनरल के माध्यम से एक्टिंग चीफ जस्टिस को पत्र लिखा था, जिस पर हाईकोर्ट में सुनवाई हुई.
प्रार्थी की ओर से अधिवक्ता राजेंद्र कृष्णा ने अपना पक्ष रखा और कहा कि इंटरनेट बंद होने से बैंकिंग से लेकर तमाम कार्य प्रभावित हो गया. इससे जनजीवन अस्त व्यस्त हुआ. इस पर हाईकोर्ट ने कहा है कि अगली सुनवाई चार सप्ताह बाद होगी. चार सप्ताह में सरकार को जवाब दाखिल कर देना है और यह बताना है कि इसकी नीति क्या है. हाईकोर्ट में कहा कि एक माह में अगर पांच परी3ा होपगे तो क्या पांच बार इंटरनेट सेवा बंद कर दी जायेगी. इस पर खंडपीठ ने कहा कि कोर्ट इस विषय को देखेगी. किन परिस्थितियों में झारखंड में इंटरनेट सेवा बंद की जा सकती है, इस पर कोर्ट फैसला लेगी. हाईकोर्ट ने इंटरनेट सेवा को बंद करने के फैसले पर रोक लगाने से यह कहते हुए इनकार किया और कहा कि आइटी एक्ट 69ए के तह राज्य सरकार को यह अधिकार है कि इंटरनेट सेवा को वह बंद कर सके.
रविवार को भी बंद रहेगी इंटरनेट सेवाएं
रविवार को भी जेएसएससी की परीक्षा है. लिहाजा, पूरे राज्य में सुबह 4 बजे से लेकर दोपहर 3.30 बजे तक इंटरनेट सेवाओं को बंद रखा जायेगा. दो दिनों के लिए इंटरनेट सेवा को बंद किया गया था. शनिवार को भी इंटरनेट सेवाएं बंद थी. शनिवार को सुबह 8 बजे से दोपहर 1.30 बजे तक इंटरनेट सेवा बंद थी, लेकिन अब रविवार को ज्यादा समय के लिए इंटरनेट सेवाओं को बंद रखा जायेगा. इससे आम जनजीवन पर असर पड़ा है.