जमशेदपुर : मतदान केन्द्रों के वल्नरेबल मैपिंग के संबंध में जिला निर्वाचन पदाधिकारी श्री अनन्य मित्तल की अध्यक्षता में बैठक हुई। समाहरणालय स्थित कार्यालय में आयोजित बैठक में एसएसपी श्री किशोर कौशल, डीडीसी श्री मनीष कुमार, सिटी एसपी श्री मुकेश लुणायत, रूरल एसपी श्री ऋषभ गर्ग, पी.डी- आईटीडीए श्री दीपांकर चौधरी, एसडीएम धालभूम श्रीमती पारूल सिंह, एसडीएम घाटशिला श्री सच्चिदानंद महतो समेत अन्य पदाधिकारी बैठक में मौजूद रहे।
जिला निर्वाचन पदाधिकारी ने लोकसभा चुनाव 2024 की तैयारियों की समीक्षा में कहा कि स्वतंत्र, निष्पक्ष एनं भयमुक्त वातावरण में चुनाव संपन्न कराने को लेकर वल्नरेबल बूथ की पहचान करने में किसी प्रकार का समझौता नहीं करें। उन्होंने कहा वल्नरेबल बूथ की पहचान अभी से कर लेंगे तो मतदान शांतिपूर्ण संपन्न कराने में सहायक होगा ताकि मैपिंग के मुताबिक पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती की जा सके।
जिला निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा प्रशासन का काम है वल्नरेबल बूथ की पहचान करना और शांतिपूर्ण चुनाव को संपन्न कराना। दो दिनों के अंदर अतिम रूप से वल्नरेबल मैपिंग के काम को पूरा करें। वैसे बूथ की पहचान करने के लिए उन्होंने प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचल अधिकारी एवं थाना प्रभारी को संयुक्त रूप से समीक्षा कर बूथ का निर्धारण करने का निर्देश दिया।
जमशेदपुर : मतदान केन्द्रों पर दिव्यांग मतदाताओं के लिए सुनिश्चित न्यूनतम सुविधा (Assured Minimum Facility) की उपलब्धता के संदर्भ में समाहरणालय स्थित कार्यालय कक्ष में जिला निर्वाचन पदाधिकारी श्री अनन्य मित्तल की अध्यक्षता में बैठक हुई। बैठक में सामग्री कोषांग के पदाधिकारियों से मतदान केन्द्रों पर दिव्यांग मतदाताओं की सुविधा के लिए व्हीलचेयर उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। उन्होने कहा कि मतदान केन्द्रों पर दिव्यांगजनों को मूलभूत सुविधाओं के तहत अनिवार्य रूप से व्हीलचेयर उपलब्ध कराया जाना है, इसलिए जिला में विभिन्न स्रोतों से उपलब्ध व्हीलचेयर का आकलन कर रिपोर्ट समर्पित करें । आवश्यकतानुसार सी.एस.आर (कॉर्पोरेट सोशल रिस्पांसिबिलिटी) से व्हीलचेयर की आपूर्ति सुनिश्चित करायें तथा मतदान केन्द्रों में दिव्यांग मतदाताओं को मैपिंग करने के कार्य को अंतिम रूप दें।
जिला निर्वाचन पदाधिकारी ने 27 मार्च 2024 तक सभी मतदान केन्द्रों में मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित किए जाने के निर्देश के आलोक में अनुपालन की समीक्षा की गई। मतदान केन्द्रों पर पेयजल, विद्युतीकरण, फर्नीचर, महिला व पुरूष हेतु अलग-अलग शौचालय, रैम्प, साफ-सफाई आदि जैसे न्यूनतम सुविधाओं को दिये गये मापदण्डों के अनुरूप शत प्रतिशत सुनिश्चित करते हुए प्रतिवेदन निर्वाचन कार्यालय में समर्पित करने का निर्देश दिया गया । इसके अलावा कॉपरेटिव कॉलेज एवं एल.बी.एस.एम कॉलेज में रिसिविंग एवं डिस्पैच सेंटर को लेकर आवश्यक तैयारी का निर्देश भवन निर्माण एवं पेयजल स्वच्छता विभाग के अभियंता को दिया ।
बैठक में निदेशक एनईपी, जिला योजना पदाधिकारी, उप निर्वाचन पदाधिकारी, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी, कार्यपालक अभियंता भवन निर्माण विभाग, कार्यपालक अभियंता पेयजल एवं स्वच्छता प्रमंडल व अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे।
जमशेदपुर : लोकसभा चुनाव 2024 के सफल संपादन को लेकर जिला निर्वाचन पदाधिकारी के निर्देशानुसार समाहरणालय सभागार, जमशेदपुर में राष्ट्रीय एवं क्षेत्रीय राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक आहूत की गई । परियोजना निदेशक आईटीडीए श्री दीपाकंर चौधरी, एडीएम लॉ एंड ऑर्डर श्री अनंत कुमार ने सभी राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा है कि चुनाव प्रक्रिया के दौरान आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन नहीं हो इसे संबधित प्रत्याशी एवं राजनीतिक दल सुनिश्चित करेंगे।
बैठक में निर्देशित किया गया कि लोकसभा चुनाव में सभी राजनैतिक दल एवं उम्मीदवार कहीं भी सरकारी भवन तथा निजी इमारतों पर बिना अनुमति के चुनाव प्रचार सामग्री नहीं लगाएंगे । संपत्ति विरूपण अधिनियम के तहत ऐसे मामले में प्रत्याशी या पार्टी के खिलाफ कार्रवाई हो सकती है । चुनाव की घोषणा के साथ ही जिला में आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है, जिसका सभी पार्टियों व उम्मीदवारों को कड़ाई से पालन करना है । इस दौरान कोई भी उम्म्मीदवार किसी दूसरे प्रत्याशी पर कोई भी व्यक्तिगत, जातिगत, धार्मिक या पारिवारिक भावनाओं को ठेस पहुंचानी वाली बातें ना बोलें ।
परियोजना निदेशक आईटीडीए ने कहा कि चुनाव आयोग ने सी-विजिल के नाम से मोबाइल एप शुरू किया है । इस एप पर कोई भी नागरिक या उम्मीदवार चुनाव आचार संहिता की अवहेलना कहीं हो रही है तो उसकी फोटो खिंच कर भेज सकता है, जिस पर सौ मिनट में कार्रवाई की जाएगी । मतदाताओं की सुविधा के लिए टोल फ्री नंबर 1950 भी शुरू कर दिया गया है जिस पर किसी भी प्रकार की शिकायत या जानकारी ली जा सकती है ।
बैठक में बताया गया कि चुनाव में वाहनों का इस्तेमाल, रैली या जलसा करने, लाऊडस्पीकर बजाने आदि की प्रशासन से पहले अनुमति लेनी होगी । राजनीतिक दलों को बैनर, पोस्टर एवं अन्य सामग्रियों तथा मीडिया में प्रकाशन के लिए एमसीएमसी कोषांग से अनुमति लेना आवश्यक है। सामाजिक कार्यक्रम में दखल नहीं है परन्तु आदर्श आचार संहिता के दिशा-निर्देश के आलोक में कार्यक्रम संचालित किया जा सकता है। किसी भी पार्टी, प्रत्याशी या समर्थकों को रैली या जुलूस निकालने या चुनावी सभा करने से पहले अनुमति लेनी होगी।
बैठक में बताया गया कि प्रचार-प्रसार में जो भी खर्च किया जाएगा उसका ब्यौरा व्यय लेखा कोषांग में जमा करायेगें। नकारात्मक प्रचार-प्रसार एवं बिना प्रेस के नाम का बैनर, पोस्टर, आदि का मुद्रण नहीं करायेंगे । लोकसभा चुनाव 2024 को स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्वक ढंग से संपादन एवं आदर्श आचार संहिता के कड़ाई से अनुपालन को लेकर अन्य महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश से बैठक में उपस्थित सदस्यों को बताया गया। बैठक में विशिष्ट अनुभाजन पदाधिकारी, एलआरडीसी घाटशिला, जिला कल्याण पदाधिकारी, जिला सूचना विज्ञान पदाधिकारी, एसडीएम धालभूम, एसडीएम घाटशिला, सीओ धालभूमगढ़, बीडीओ पटमदा समेत अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे।
घाटशिला : लोकसभा चुनाव को लेकर घाटशिला अनुमंडल में बनाये गये चेक पोस्ट पर प्रशासन द्वारा अब 24 घंटा निगरानी बरती जायेगी. चेक पोस्ट पर तैनात अधिकारी, कर्मचारी एवं पुलिस के जवान लापरवाही बरते तो उनपर कारवाई तय है. इसको लेकर संबंधित अधिकारी को कड़ा दिशा निर्देश देते हुए एसडीओ सचिदानंद महतो ने कहा कि उन्हेमालुम चला है कि चेकपोस्ट पर ड्यूटी करने वाले अधिकारी एवं कर्मचारी लापरवाही बरत रहे है. हाजिरी बनाकर वह चले जाते है और सही ढ़ंग से ड्यूटी का निर्वाह नही कर रहे है.
इसको लेकर उपायुक्त खासा नाराज है और प्रशासन द्वारा गठित कुछ टीम पर शो कॉज भी किया जा सकता है. इसलिए जहां भी जिन चेकपोस्ट पर अधिकारी, कर्मचारी और पुलिस के जवान को तैनात किया गया है इमानदारी से डयूटी करे. जानकारी के अनुसार 25 मई को जिले में होने वाले छठे चरण के लोक सभा चुनाव को लेकर घाटशिला अनुमंडल में केशरपुर, चेंगजोड़ा, बड़शोल, मुचरीशोल, जामशोला बार्डर समेत अन्य स्थानों पर चेकपोस्ट बनाकर उनपर दंडाधिकारी के साथ पुलिस बल की तैनाती की गई है. इस दौरान चेकपोस्ट से गुजरने वाले दो पहिया, चार पहिया समेत अन्य वाहनों को कड़ाई से जांच करने का आदेश दिया गया है.
साथ ही हर चेकपोस्ट पर सीसीटीवी कैमरे भी लगाये गये है, जिसकी निगरानी जिला से हो रही है। चेक पोस्ट पर 24 घंटा शिफ्ट वाईज डयूटी भी करनी है। इस दौरान चुनाव को प्रभावित करने वाले जितने भी समान है, उसे पकड़कर जिले को तत्काल सूचना देने का आदेश दिया गया है. लेकिन पिछले कुछ चेक पोस्ट पर सही तरिके से अधिकारी एवं कर्मचारी डयूटी नही कर पा रहे है, जिसके बाद उपायुक्त के द्वारा कड़ा दिशा निर्देश दिया गया है.
जमशेदपुर : टाटानगर स्टेशन को विश्वस्तरीय बनाने को लेकर तैयारियां शुरु कर दी गई है. इसको लेकर गुरुवार को चक्रधरपुर रेल मंडल के डीआरएम अरुण जे राठौड़ ने अपनी टीम के साथ स्टेशन परिसर और आस-पास के क्षेत्रों का निरीक्षण किया. डीआरएम के साथ सिनियर डीसीएम गजराज सिंह चरण, एआरएम अभिषेक सिंघल और स्टेशन अधीक्षक ओपी शर्मा समेत अन्य अधिकारी शामिल थे. डीआरएम ने सबसे पहले टाटानगर स्टेशन परिसर से जनआहार कैंटिन, डोरमैट्री, फूड जोन और सभी प्लैटफार्म का निरीक्षण किया वहीं डीआरएम ने सकेंड इंट्री गेट में भी होने वाले बदलाव की निरीक्षण किया.
इसके बाद डीआरएम अपनी टीम के साथ स्टेशन के बाहर और प्रदीप मिश्रा चौक का पास पहुंचे. यहां उन्होंने बनने वाले फ्लाईओवर के स्थल को चिन्हित किया. इसके साथ ही कई जगहों की नापी भी की गई. बता दे कि स्टेशन के रीडेवलपमेंट के दौरान एक फ्लाईओवर का भी निर्माण किया जाएगा जो कि प्रदीप मिश्रा चौक से होते हुए रेलवे अस्पताल के पास तक बनेगा. डीआरएम ने सुरक्षित परिचालन को लेकर इलेक्ट्रीक लोको ट्रेनिंग सेंटर का भी निरीक्षण किया और अधिकारियों के साथ बैठक की.
टाटानगर स्टेशन के विश्वस्तरीय बनने के बाद स्टेशन पहुंच, सर्कुलेटिंग एरिया, वेटिंग हॉल, शौचालयों में सुधार, स्वच्छता, फ्री वाईफाई, एक स्टेशन एक प्रोडक्ट और बेहतर यात्री सूचना प्रणाली के माध्यम से स्टेशनों पर सुविधाओं में सुधार किये जाएंगे. इसके अलावा स्टेशन परिसर में मॉल बनाए जाएंगे और वो सभी सुविधाएं उपलब्ध होंगीं जो एक एयरपोर्ट में होती है. टाटानगर स्टेशन कुल 3.50 लाख वर्ग फीट में बनेगा. इसके लिए 350 करोड़ से ज्यादा खर्च किया जाएगा.
दिल्ली : जहाँ आज के समय में लड़कियों को किसी से कम नहीं माना जाता है और लड़कियों को मजबूत बनाने में सरकार के साथ साथ समाज भी लगा है, वहीं कुछ ऐसे दरिंदे भी रहते हैं जो अपनी वासना को बुझाने के लिए लड़की, बुजुर्ग या बच्ची में अंतर नहीं करते। ऐसा ही एक कुकृत्य दिल्ली के बवाना इलाके में घटित हुआ। 24 मार्च की शाम एक बच्ची लापता हो गई थी. बच्ची के पिता ने इस बाबत थाने में शिकायत दर्ज कराई. इसके बाद पुलिस ने बच्ची की तलाश शुरू कर दी. पुलिस को एक सीसीटीवी कैमरे में बच्ची एक आदमी के साथ दिखाई दी. इसके बाद पुलिस ने उस शख्स की खोजबीन शुरू की. संदिग्ध को पश्चिम बंगाल के आसनसोल जाकर पुलिस ने गिरफ्तार किया. आरोपी ने बताया कि उसने बच्ची के साथ दुष्कर्म किया और फिर उसकी हत्या कर फैक्ट्री में शव को छिपा दिया।
24 मार्च को लापता हुई थी बच्ची
बवाना थाना के पुलिस पदाधिकारियों के अनुसार 24 मार्च को रात 10 बजे बवाना पुलिस थाने में पांच साल की बच्ची के अपहरण को लेकर एक फोन कॉल आया था. इसके बाद बच्ची की अभिभावक के बयान पर एफआईआर दर्ज की गई. बच्ची के पिता बवाना में ही एक छोटी सी दुकान चलाते हैं. बच्ची दिन में उसके साथ ही थी. बच्ची के पिता ने बताया कि उसने अपनी बेटी को अंतिम बार शाम 5 बजे देखा।
काफी खोजबीन के बाद भी नहीं मिली बच्ची
बच्ची के पिता ने बताया था कि उनलोगों ने उसे काफी खोजने की कोशिश की लेकिन उसका कुछ अता-पता नहीं चला. इसके बाद बच्ची के माता-पिता के साथ पुलिस के जवान उसकी खोज में निकल गए. रात भर तलाशी के बाद भी बच्ची का कोई पता नहीं चल पाया. बच्ची जहां अंतिम बार दिखी थी, वहां भी काफी खोजबीन की गई. वहां स्थित फैक्ट्रियां भी होली के कारण बंद थी।
सीसीटीवी कैमरे की फुटेज में एक संदिग्ध के साथ दिखी मासूम
25 की सुबह बच्ची के गुम होने वाले जगह के पास लगे एक सीसीटीवी कैमरे की फुटेज में एक बच्ची किसी आदमी के साथ जाती दिखी.जब यह फुटेज गुम हुई बच्ची के पेरेंट्स को दिखाई गई, तो उनलोगों ने अपनी बेटी और उस आदमी को भी पहचान लिया. उसका नाम तोतन है. वह बवाना में ही एक फैक्ट्री में काम करता था।
दिल्ली से भाग गया था संदिग्ध
जब फैक्ट्री की तलाशी ली गई तो वहां 3-4 मजदूर मिले. वेलोग उस शख्स तोतन को जानते थे. उनलोगों ने बताया कि तोतन अभी पूर्वा एक्सप्रेस पकड़ने नई दिल्ली रेलवे स्टेशन गया है. वहां से वह हावड़ा जाएगा. इसके बाद एक टीम तुरंत नई दिल्ली रेलवे स्टेशन भेज दी गई. जब तक पुलिस वहां पहुंची ट्रेन खुल चुकी थी।
दिल्ली पुलिस की टीम ने आसनसोल से संदिग्ध को पकड़ा
इसके बाद 26 मार्च को एक टीम कोलकाता एयरपोर्ट के लिए रवाना हो गई. वहां से पुलिस टीम आसनसोल के लिए ट्रेन से रवाना हो गई. आसनसोल रेलवे स्टेशन पर पुलिस पूर्वा एक्सप्रेस के आने का इंतजार करती रही. जैसे ही ट्रेन स्टेशन पर पहुंची, पुलिस ने तोतन को खोजना शुरू कर दिया। कुछ देर में टीम ने उसकी पहचान कर ली और उसे धर दबोचा।
आरोपी की निशानदेही पर मिला बच्ची का शव
दिल्ली पुलिस की टीम संदिग्ध आरोपी को वापस दिल्ली ले आई. यहां पूछताछ में उसने बच्ची के साथ रेप और उसकी हत्या की बात कबूल कर ली. उसने बताया कि उसने बच्ची को 24 मार्च की देर शाम ही रेप के बाद मार डाला था और फैक्ट्री में छिपा कर रख दिया था। उसकी निशानदेही पर बच्ची का शव बरामद कर लिया गया. इसके बाद एफएसएल टीम को क्राइम सीन पर बुलाया गया। घटनास्थल से बच्ची के शव के साथ एक ईंट और ब्लेड बरामद किया गया. आरोपी के खिलाफ पोस्को एक्ट के तहत मामला दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया गया।
जमशेदपुर : मानवाधिकार सहायता संघ अंतरराष्ट्रीय के झारखंड प्रदेश संगठन मंत्री राजा प्रसाद उर्फ पप्पू भैया के अध्यक्षता में एक बैठक सीनी स्वर्णपुर आंबेडकर खेल मैदान में हुई। 14 अप्रैल 2024 को बाबा साहेब के जयंती को लेकर विचार विमर्श किया गया। प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी हर्षोल्लास से मनाने का निर्णय लिया गया। इस अवसर पर मानवाधिकार सहायता संघ अंतरराष्ट्रीय के वरिष्ठ सहायक रंजन कारूवा, श्याम बिहारी दास, रविशंकर मुखी, नीरज रजक, अशोक पासवान, मुख्य रूप से उपस्थित थे।
सीनी : जेपीएससी परीक्षा देने आए रांची का युवक सीनी से लापता हो गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार संदीप कुमार महतो उम्र 36 वर्ष , लंबाई 5″ 3 इंच , रंग गोरा, जीन्स पैंट और हल्का सफेद रंग कमीज पिता जगदीश कुमार महतो पता ग्राम सुकुरहुटू,कदमा टंगरा, पोस्ट सुकुरहुटू, थाना – कांके ,रांची का रहने वाला है। 17 मार्च को इंटर कालेज सीनी में जेपीएससी का परीक्षा देने आए थे,वे विलंब होने के कारण वह अन्य परीक्षा केंद्र में भी परीक्षा में शामिल नहीं हो पाये, जिससे वे काफी दुखी हो गये।
उसके बाद सीनी मोड़ तक आये रांची जाने के लिए, परन्तु वह अपने घर रांची वापस नहीं लौटा। घर के लोगों द्वारा काफी खोजबीन के बावजूद भी संदीप कुमार महतो का कहीं पता नहीं चल पाया। संदीप के परिवारों से मिले जानकारी अनुसार खुंटी अपने ससुराल में तीन चार दिन रूके थे। डिप्रेशन का दवा लेते थे, 2011 में उसे दौरा आया था। परिजनों ने एक नंबर 6206073167 जारी किया है, जिस पर संपर्क कर संदीप की जानकारी देने पर उचित मुआवजा देने की घोषणा की गई है।
जमशेदपुर : जिला व्यवहार न्यायालय भवन की लिफ्ट ठीक करने सहित तीन मामलों को लेकर जिला रजिस्ट्रार को एक मांग पत्र वकीलों ने सामूहिक रूप से दिया और इसकी प्रति झारखंड उच्च न्यायालय के रजिस्टर को भी भेजी गई। इन मांगों के समाधान हेतु वरीय अधिवक्ता सुधीर कुमार पप्पू के नेतृत्व में हस्ताक्षर अभियान चलाया गया।
पूछे जाने पर अधिवक्ता सुधीर कुमार पप्पू ने बताया कि जिला न्यायालय भवन की दोनों लिफ्ट प्राय खराब रहती है और इससे बुजुर्ग वकील एवं पक्षकारों को पहले और दूसरे तल में जाने में तकलीफ हो रही है। किसी किसी कोर्ट रूम में वकीलों के बैठने के लिए पर्याप्त संख्या में बेंच नहीं है और उनकी नियमित रूप से सफ़ाई नहीं होती है, धूल जमी रहती है। इसके अतिरिक्त जिला व्यवहार न्यायालय में सैकड़ो पक्षकार और गवाह सम्बन्धित कोर्ट में उपस्थित होना होता है, ठोस जानकारी के अभाव में कई बार एक फ्लोर से दूसरे फ्लोर में भटकना पड़ता है। ऐसे में न्यायालय भवन के प्रवेश द्वार के समक्ष सभी संबंधित न्यायिक पदाधिकारी के नाम, उनके कोर्ट रूम नंबर और फ्लोर की जानकारी वाली सूचना का सूचना पट होना चाहिए।
मांग पत्र पर बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष एवं ट्रस्टी मनोरंजन दास, पूर्व सह सचिव मोहम्मद कासिम, रतन चक्रवर्ती, निमाई चंद्र पांडा, ओ पी सिंह, बीवी सुब्रमण्यम, बबीता जैन, रास बिहारी, आर सत्पथी, एम सिंह, डी के चौधरी, जेकेएम राजू, राहुल कुमार, बाबू नंदी कुलविंदर सिंह आदि अधिवक्ताओं ने हस्ताक्षर कर मांग का समर्थन किया है।
जिला निर्वाचन पदाधिकारी अनन्य मित्तल के निर्देश पर चुनाव कार्य हेतु गठित कोषांगों को प्रशिक्षित किया जा रहा है। इस क्रम में मीडिया सर्टिफिकेशन एंड मॉनिटरिंग कमेटी (एमसीएमसी) के लिए बुधवार को समाहरणालय सभागार में प्रशिक्षण का आयोजन किया गया।
कमेटी को राजनीतिक विज्ञापनों के प्रकाशन से पूर्व उसकी सामग्री के प्रमाणीकरण एवं पेड न्यूज की पहचान कर राजनीतिक दलों एवं उम्मीदवारों के खाते में उस खर्च को जोड़ने की प्रक्रिया के बारे में जानकारी दी गई। प्रशिक्षण सत्र में सोशल मीडिया के माध्यम से प्रचार के लिए मापदंड, विज्ञापनों के प्रमाणीकरण की प्रक्रिया, आवेदकों द्वारा समर्पित विज्ञापन सामग्री की स्क्रूटनी, निष्पादन की समयावधि, प्रमाणीकरण प्रमाण पत्र निर्गत करने, विज्ञापन में आने वाले खर्च को व्यय कोषांग को भेजते हुए इसे उम्मीदवार या पार्टी के खाते में जोड़ने और आयोग को भेजे जाने वाले दैनिक एवं साप्ताहिक रिपोर्ट के बारे में जानकारी दी गई। प्रशिक्षण में जिला सूचना एवं विज्ञान पदाधिकारी, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी, एमसीएमसी के सभी सदस्य एवं कर्मचारी समेत अन्य शामिल हुए।