रांची (तीसरी धारा न्यूज), 11 अगस्त 2026:
झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) की प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित धांधली के खिलाफ चल रहा आंदोलन और उग्र हो गया है। सोमवार को हुए विधानसभा घेराव के दौरान पुलिस के साथ हुई धक्का-मुक्की और झड़प के बाद पिछले 9 दिनों से भूख हड़ताल पर बैठे छात्र व JLKM नेता देवेंद्र नाथ महतो की हालत गंभीर हो गई है। उन्हें रांची सदर अस्पताल में ऑक्सीजन सपोर्ट पर रखा गया है।
कपड़े और डंडे की पालकी से पहुंचे थे विधानसभा
अनशन के कारण देवेंद्र नाथ महतो का स्वास्थ्य पहले से ही नाजुक बना हुआ था। इसके बावजूद समर्थक उन्हें एंबुलेंस से आंदोलन स्थल लेकर पहुंचे।
- जगन्नाथपुर मंदिर के पास रोका: प्रशासन द्वारा एंबुलेंस को जगन्नाथपुर मंदिर के पास रोके जाने पर समर्थकों ने हिम्मत नहीं हारी और कपड़े व डंडों से देसी पालकी बनाकर उन्हें विधानसभा गेट तक पहुंचाया।
- बातचीत के दौरान बढ़ा विवाद: शाम को जब प्रशासन और प्रदर्शनकारियों के बीच वार्ता चल रही थी, तभी किसी बात को लेकर माहौल तनावपूर्ण हो गया। छात्रों ने सड़क से हटने से मना कर दिया और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी।

धक्का-मुक्की और लाठीचार्ज: कई छात्र व एक पुलिसकर्मी घायल
सड़क खाली कराने के प्रयास के दौरान पुलिस और छात्रों के बीच तीखी धक्का-मुक्की हुई। देखते ही देखते स्थिति बेकाबू हो गई।
- लाठीचार्ज का आरोप: आंदोलनकारियों का आरोप है कि पुलिस ने अचानक बल प्रयोग और लाठीचार्ज कर दिया, जिससे अफरातफरी मच गई। हालांकि, प्रशासन की तरफ से लाठीचार्ज की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
- अस्पताल में भर्ती: घटना में देवेंद्र नाथ महतो सहित कई अभ्यर्थियों और एक पुलिसकर्मी को चोटें आईं। जम्मू की छात्रा रीना जसलुटिया भी घायल हुईं, जिन्हें पारस अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई।
सदर अस्पताल में डॉक्टरों की टीम मुस्तैद, परिसर में पुलिस बल तैनात
देवेंद्र नाथ महतो और पांच अन्य गंभीर रूप से घायल छात्रों को रांची सदर अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में भर्ती कराया गया है।
- स्वास्थ्य स्थिति: डॉक्टरों ने प्राथमिक जांच के बाद देवेंद्र महतो को तुरंत ऑक्सीजन सपोर्ट पर रखा है। चिकित्सकों के अनुसार फिलहाल किसी गंभीर अंदरूनी चोट की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन 9 दिनों के अनशन के कारण शरीर बेहद कमजोर है।
- अधिकारियों ने लिया जायजा: सिविल सर्जन डॉ. अमरेंद्र प्रसाद और अस्पताल उपाधीक्षक डॉ. विमलेश सिंह ने इमरजेंसी पहुंचकर घायलों के इलाज का जायजा लिया।
- सुरक्षा सख्त: घटना की खबर मिलते ही समर्थकों की भारी भीड़ अस्पताल परिसर में जुटने लगी, जिसके बाद एहतियातन अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है।

पारदर्शी परीक्षा प्रणाली की मांग पर अड़े छात्र
छात्रों का यह आंदोलन राज्य में JPSC और JSSC परीक्षाओं में हो रही कथित अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के विरोध में जारी है। अभ्यर्थी पूरी भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता, पारदर्शी परीक्षा प्रणाली और मामलों की निष्पक्ष जांच की मांग पर अड़े हुए हैं।
रिपोर्ट: तीसरी धारा न्यूज











