भगवान सिंह की चिंता पर सिख युवक हमले मामले को दिल्ली में उठाने की बात कही
जमशेदपुर : कांग्रेस कार्यकारणी के सदस्य और कांग्रेस के पूर्व प्रवक्ता डॉ अजय कुमार ने सीजीपीसी की आधारभूत सरंचना निर्माण में आर्थिक सहयोग करने का वादा किया है। बुधवार को सीजीपीसी कार्यालय में हो रहे भवन निर्माण की महत्वकांक्षी परियोजन से प्रभावित होकर सहयोग करने का आश्वासन दिया साकची स्थित कार्यालय में उन्होंने कानपुर में सिख युवक पर हुए हमले मामले में प्रधान भगवान सिंह द्वारा उठाये मुद्दे को दिल्ली में शीर्ष नेताओं के समक्ष उठाने की बात भी उन्होंने की। (जारी…)
सीजीपीसी भवन निर्माण कमिटी के अध्यक्ष सुरेंद्र पाल सिंह टीटू ने आधारभूत सरंचना परियोजना के कार्यप्रगति पर डॉ अजय कुमार के सामने प्रकाश डाला जिससे प्रभावित होकर डॉ अजय कुमार ने सम्मानजनक आर्थिक सहयोग करने का वादा किया। सुरेंद्र पाल सिंह टीटू ने कहा कि सीजीपीसी सामाजिक सेवा के उद्देश्य से भवन निर्माण करवा रहा है। (जारी…)
इस दौरान प्रधान भगवान सिंह ने सिख युवक पर हुए हमले पर गहरी चिंता जताते हुए डॉ अजय से उचित कार्यवाई करवाने कर का आग्रह किया जिसपर डॉ अजय कुमार ने मामले को दिल्ली में शीर्ष नेताओं के समक्षं रखने की बात कही। सरदार शैलेन्द्र सिंह ने कहा कि डॉ अजय से पहले भी सहयोग मिलता रहा है और आगे भी उनसे समाज को काफी उम्मीदें हैं। (जारी…)
इससे पूर्व सीजीपीसी के प्रधान भगवान सिंह सहित अन्य सदस्यों में मुख्यरूप से चेयरमैन सरदार शैलेन्द्र सिंह, महासचिव अमरजीत सिंह-गुरचरण सिंह बिल्ला सुरेंद्र पाल सिंह टीटू, उपाध्यक्ष कुलदीप सिंह-चंचल सिंह, सुरजीत सिंह खुशीपुर, कोषाध्यक्ष गुरनाम सिंह बेदी, कुलविंदर सिंह पन्नू , सुरेंद्र सिंह छिंदे, परविंदर सिंह सोहल, सुखदेव सिंह बिट्टू, गुरमीत सिंह, अर्जुन सिंह बलिया, सुखवंत सिंह सुखु, कुलदीप सिंह, ज्ञानी हरविंदर सिंह, दीदार सिंह, सुखविंदर सिंह, करतार सिंह और अन्य ने डॉ अजय कुमार का शॉल ओढ़ाकर अभिनन्दन किया। धन्यवाद ज्ञापन महासचिव गुरचरण सिंह बिल्ला ने किया।
जमशेदपुर : विधायक सरयू राय ने सचिव, नगर विकास एवं आवास विभाग, झारखण्ड सरकार को पत्र लिखकर टाटा स्टील यूआईएसएल द्वारा पेयजल की दर में वृद्धि करने पर आपत्ति जताई है। सचिव को लिखे पत्र में विधायक सरयू राय ने कहा कि दैनिक समाचार पत्र में प्रकाशित समाचार से स्पष्ट हो रहा है कि टाटा स्टील ने अचानक एक जुलाई, 2023 से पेयजल की दर में वृद्धि कर दिया है। जिसका सीधा भार उपभोक्ताओं पर पड़ा है। आप अवगत है कि टाटा स्टील और झारखंड सरकार के बीच वर्ष 2005 में हुए लीज नवीकरण समझौता के अनुसार टाटा स्टील जमशेदपुर के सभी नागरिकों को पेयजल सहित अन्य नागरिक सुवधायें अपने खर्च पर उपलब्ध करायेगा। यदि इसके लिए उपभोक्ताओं से कोई शुल्क लेना है तो वह शुल्क राज्य सरकार द्वारा अपने नगरपालिकाओं के लिए निर्धारित शुल्क से अधिक नहीं होगा। (जारी…)
इसके आलोक में जब राज्य सरकार ने 2021 के जनवरी में पेयजल आपूर्ति का उपभोक्ता शुल्क बढ़ाया तो तुरंत टाटा स्टील की इकाई “जुस्को” ने भी उस समय पेयजल की निर्धारित दर को बढ़ा दिया। आज के समाचार के अनुसार यदि टाटा स्टील यूआईएसएल ने पेयजल की उपभोक्ता दर में वृद्धि कर दिया है तो प्रश्न उठता है कि क्या राज्य सरकार ने भी इस बीच अपने नगरपालिकाओं के लिए पेयजल आपूर्ति उपभोक्ता शुल्क में कोई वृद्धि किया है ? यदि नहीं तो इस संबंध में आवश्यक निर्देश राज्य सरकार द्वारा टाटा स्टील को दिया जाना चाहिए। ताकि दर में वृद्धि कम हो सके और उपभोक्ताओं को राहत मिल सके। (जारी…)
पत्र के माध्यम से सचिव को श्री राय ने कहा कि विगत कई वर्षों से टाटा स्टील जमशेदपुर के गैर लीज क्षेत्र की बस्तियों तथा लीज क्षेत्र में बसी अनधिकृत बस्तियों को पानी और बिजली जैसे नागरिक सुविधा उपलब्ध नहीं करा रहा था। विगत 02 वर्ष के हमारे सतत प्रयास से टाटा स्टील ने जमशेदपुर के सभी क्षेत्रों में पानी, बिजली सहित अन्य आवश्यक सुविधा देने पर राजी हो गया है और देने लगा है। ऐसी स्थिति में एक ओर जन सुविधाओं की आपूर्ति का विस्तार करना और दूसरी ओर पेयजल आपूर्ति के उपभोक्ता शुल्क में वृद्धि करने का कंपनी के निर्णय के औचित्य पर सवाल खड़ा हो रहा है। इस संदर्भ में राज्य सरकार के स्तर पर अविलंब आवश्यक निर्णय जनहित में दिया जाना समीचीन होगा। (जारी…)
जमशेदपुर में नगरपालिका के संदर्भ में जेएनएसी के अधिकार क्षेत्र में है, जहाँ अधिकांश नागरिक सुविधायें टाटा स्टील यूआईएसएल उपलब्ध करा रहा है। एक विधिवत नगरपालिका नहीं होने के कारण यहाँ कई प्रकार की समस्याएँ खड़ी हो रही हैं। सरकार जमशेदपुर को नगर निगम बनाने अथवा औद्योगिक क्षेत्र घोषित करने के बारे में असमंजस में है। यह असमंजस शीघ्र दूर होना चाहिए। (जारी…)
जमशेदपुर में विद्युत आपूर्ति के क्षेत्र में राज्य सरकार के ऊर्जा विभाग के निदेशानुसार जेबीभीएनएल के जमशेदपुर क्षेत्र के महाप्रबंधक और टाटा स्टील के विद्युत आपूर्ति विभाग के महाप्रबंधक के साथ जमशेदपुर पूर्वी विधानसभा क्षेत्र में विद्युत समस्याओं के बारे में निर्णय लेने के लिए एक समिति गठित की गई है, जिसमें मैं भी एक सदस्य हूँ। यह समिति महिने में एक बार बैठती है और सम-सामयिक समस्याओं के समाधान के बारे में आवश्यक निर्णय लेती है। इसी तरह पेयजल आपूर्ति एवं साफ – सफाई्र के लिए भी जेएनएसी के विशेष पदाधिकारी, एडीएम, टाटा लीज तथा टाटा स्टील यूआईएसएल के प्रबंध निदेशक अथवा महाप्रबंधक को मिलाकर एक समिति गठित की जाय ताकि नागरिक सुविधा के संबंध में समुचित निर्णय दिया जा सके। इस संदर्भ में, मैं दिनांक 29 सितंबर, 2023 के अपराह्न में किसी समय आपके साथ अथवा निदेशक, सूडा के साथ मिलकर अपनी बातें रखना चाहूंगा।
राय ने अनुरोध किया है कि उपर्युक्त विषय में टाटा स्टील यूआईएसएल द्वारा पेयजल आपूर्ति शुल्क में एकतरफा वृद्धि करने के संबंध में कंपनी को आवश्यक निर्देश देंगे ताकि पेयजल आपूर्ति का शुल्क कंपनी उतना ही वसूल करे, जितना राज्य सरकार ने अपने नगरपालिकाओं के लिए निर्धारित किया है।
रांची : प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को पुनः मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने आदिवासियों के हित में आदिवासी/सरना धर्म कोड पारित करने का आग्रह किया है। मुख्यमंत्री ने पत्र के माध्यम से कहा कि हम आदिवासी समाज के लोग प्राचीन परंपराओं एवं प्रकृति के उपासक हैं तथा पेड़ों, पहाड़ों की पूजा और जंगलों को संरक्षण देने को ही अपना धर्म मानते हैं। वर्ष 2011 की जनगणना के आंकड़ों के अनुसार देश में लगभग 12 करोड़ आदिवासी निवास करते हैं। झारखंड प्रदेश जिसका मैं प्रतिनिधित्व करता हूँ एक आदिवासी बाहुल्य राज्य है, जहाँ इनकी संख्या एक करोड़ से भी अधिक है। झारखंड की एक बड़ी आबादी सरना धर्म को मानने वाली है। इस प्राचीनतम सरना धर्म का जीता-जागता ग्रंथ स्वंय जल, जंगल, जमीन एवं प्रकृति हैं। सरना धर्म की संस्कृति, पूजा पद्धति, आदर्श एवं मान्यताएँ प्रचलित सभी धर्मों से अलग है।
आदिवासियों के पारंपरिक धार्मिक अस्तित्व के रक्षा की चिंता निश्चित तौर पर एक गंभीर सवाल है
मुख्यमंत्री ने कहा झारखंड ही नहीं अपितु पूरे देश का आदिवासी समुदाय पिछले कई वर्षों से अपने धार्मिक अस्तित्व की रक्षा के लिए जनगणना कोड में प्रकृति पूजक आदिवासी / सरना धर्मावलंबियों को शामिल करने की माँग को लेकर संघर्षरत है। प्रकृति पर आधारित आदिवासियों के पारंपरिक धार्मिक अस्तित्व के रक्षा की चिंता निश्चित तौर पर एक गंभीर सवाल है। आज आदिवासी / सरना धर्म कोड की माँग इसलिए उठ रही है ताकि प्रकृति का उपासक यह आदिवासी समुदाय अपनी पहचान के प्रति आश्वस्त हो सके। वर्तमान में जब समान नागरिक संहिता की माँग कतिपय संगठनों द्वारा उठाई जा रही है, तो आदिवासी / सरना समुदाय की इस माँग पर सकारात्मक पहल उनके संरक्षण के लिए नितांत ही आवश्यक है। आप अवगत हैं कि आदिवासी समुदाय में भी कई ऐसे समुह हैं जो विलुप्ति के कगार पर हैं एवं सामाजिक न्याय के सिद्धांत पर इनका संरक्षण नहीं किया गया तो इनकी भाषा, संस्कृति के साथ-साथ इनका अस्तित्व भी समाप्त हो जाएगा।
लगातार घट रही है जनसंख्या
मुख्यमंत्री ने बताया कि विगत आठ दशकों में झारखण्ड के आदिवासियों की जनसंख्या के क्रमिक विशलेषण से ज्ञात होता है कि इनकी जनसंख्या का प्रतिशत झारखण्ड में 38 से घटकर 26 प्रतिशत ही रह गया है। इनकी जनसख्या के प्रतिशत में इस तरह लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है जिसके फलस्वरुप संविधान की पाँचवी एवं छठी अनुसूची के अंतर्गत आदिवासी विकास की नीतियों में प्रतिकूल प्रभाव पड़ना स्वाभाविक है।
आदिवासी/सरना कोड अत्यावश्यक
मुख्यमंत्री ने पत्र के माध्यम से कहा कि परिस्थितियों के मद्देनजर हिन्दू मुस्लिम, सिख, इसाई, जैन धर्मावलम्बियों से अलग सरना अथवा प्रकृति पूजक आदिवासियों की पहचान के लिए तथा उनके संवैधानिक अधिकारों के संरक्षण के लिए अलग आदिवासी / सरना कोड अत्यावश्यक है। अगर यह कोड मिल जाता है तो इनकी जनसंख्या का स्पष्ट आकलन हो सकेगा एवं तत्पश्चात हम आदिवासियों की भाषा, संस्कृति, इतिहास का संरक्षण एवं संवर्द्धन हो पाएगा तथा हमारे संवैधानिक अधिकारों की रक्षा की जा सकेगी। यहाँ उल्लेखनीय है कि वर्ष 1951 के जनगणना के कॉलम में इनके लिए अलग कोड की व्यवस्था थी परन्तु कतिपय कारणों से बाद के दशकों में यह व्यवस्था समाप्त कर दी गई। अतः आदिवासी / सरना कोड आदिवासी समुदाय के समुचित विकास के लिए अत्यंत ही आवश्यक एवं इसके मद्देनजर झारखंड विधानसभा से इस निमित्त प्रस्ताव भी पारित कराया गया है, जो वर्तमान में केंद्र सरकार के स्तर पर निर्णय हेतु लंबित है।
पूरे विश्व में प्रकृति प्रेम का संदेश फैलेगा
मुख्यमंत्री ने कहा मुझे अपने आदिवासी होने पर गर्व है और एक आदिवासी मुख्यमंत्री होने के नाते मैं ना सिर्फ झारखंड, बल्कि पूरे देश के आदिवासियों के हित में आपसे विनम्र आग्रह करता हूँ कि हम आदिवासियों की इस आदिवासी / सरना धर्म कोड की चिरप्रतीक्षित माँग पर आप यथाशीघ्र सकारात्मक निर्णय लेने की कृपा करें। आज पूरा विश्व बढ़ते प्रदूषण एवं पर्यावरण की रक्षा को लेकर चिंतित है, वैसे समय में जिस धर्म की आत्मा ही प्रकृति एवं पर्यावरण की रक्षा है उसको मान्यता मिलने से भारत ही नहीं पूरे विश्व में प्रकृति प्रेम का संदेश फैलेगा।
जमशेदपुर : टेल्को पुलिस ने भाजपा नेता को उन्मादी बताकर 107 का नोटिस भेजा है। पुलिस ने अपनी रिपोर्ट में बारीनगर के कुछ गौ तस्करों और कसाईयों के साथ साथ भाजपा के पूर्व जिला प्रवक्ता अंकित आनंद को भी अभियुक्त बनाकर नोटिस भेजा है। टेल्को थाना के एक रिपोर्ट के आलोक में अनुमंडल दंडाधिकारी के न्यायालय ने मिस केस संख्या 221/2023 के आलोक में उक्त नोटिस जारी किया है। बुधवार सुबह 10:10 बजे टेल्को थाना ने भाजपा नेता को उनके आवासीय कार्यालय में नोटिस सौंपी गई है जिसमें बुधवार को ही सुबह 10:30 बजे एसडीएम कोर्ट में उपस्थित होने को कहा गया है। (जारी…)
इस नोटिस की प्रासंगिकता को चुनौती देते हुए भाजपा नेता अंकित आनंद ने जाँच की माँग उठाई है। ट्वीट के मार्फ़त उन्होंने झारखंड सरकार के डीजीपी सहित जमशेदपुर एसएसपी से संज्ञान लेकर मामले में जाँच कमिटी गठन का अनुरोध किया है। बीजेपी नेता ने अपनी ट्वीट में लिखा है की बारीनगर के गौ तस्करों और कसाईयों के साथ सूचीबद्ध कर के अभियुक्त बनाने से छवि खराब की जा रही है। टेल्को पुलिस के कुछ अधिकारी जानबूझकर आपराधिक षड्यंत्र रचने का कृत्य कर रहे हैं। टेल्को पुलिस के आरोपों से शर्मिंदा हूँ। भाजपा नेता ने कहा की राज्य में राम भक्तों को प्रताड़ित करने और झूठे आरोपों में फंसाने का प्रचलन ज़ोरों पर है। (जारी…)
पुलिस के तथ्यहीन अनुसंधान से अच्छे लोगों को परेशानी होती है। टेल्को थाना ने अप्राथमिकी संख्या 21/23 में मुझे किस आधार और परिस्थिति में अभियुक्त बनाया है यह जाँच का विषय है। कहा की टेल्को थाना के रिपोर्ट में भाजपा नेता को धार्मिक उन्मादी बताया है जबकि आजतक उनके विरुद्ध धार्मिक उन्माद फैलाने का कोई कांड किसी थाना में दर्ज नहीं है। पुलिस रिपोर्ट से असंतुष्ट जमशेदपुर भाजपा के पूर्व प्रवक्ता अंकित आनंद ने राज्य के डीजीपी से संज्ञान लेने का आग्रह किया है। कहा की गलत कृत्यों का यदि समय पर विरोध न हो तो वह परंपरा बन जाती है। (जारी…)
वहीं भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी सहित जमशेदपुर महानगर अध्यक्ष गुंजन यादव को इस मामले की जानकारी देते हुए लिखा है की पुलिस प्रताड़ना और षड्यंत्र से आहत हूँ। छवि दागदार बनाने का निम्नतम प्रयास है। जाँच पूर्ण होने तक भाजपा नेता ने अपनी प्राथमिक सदस्यता को होल्ड पर रखने का आग्रह पार्टी के आला नेताओं से किया है। कहा की मैं नहीं चाहता की आरोपों की वजह से विपक्षी पार्टियां भाजपा को इस मुद्दे पर घेरे। ऐसे में स्वयं सदस्यता को होल्ड पर रखने का आग्रह कर रहा हूँ।
इधर पुलिस के रिपोर्ट को चुनौती देते हुए भाजपा नेता अंकित आनंद ने कहा की उम्मीद करता हूँ की टेल्को थाना के पास मुझपर आरोप सिद्ध करने के लिए पर्याप्त साक्ष्य होंगे। वे इस मामले में टेल्को पुलिस के विरुद्ध दूषित अनुसंधान करने और विधि द्वारा प्राप्त शक्तियों का दुरूपयोग करने के मामले में दोषी पुलिसकर्मियों के विरुद्ध सक्षम न्यायालय में परिवाद दायर करेंगे।
राँची : कांटाटोली फ्लाईओवर का काम देखने लिए सोमवार को सिटी एसपी राजकुमार मेहता कांटाटोली पहुंचे और कई दिशा-निर्देश दिए। सिटी एसपी ने कांटाटोली फ्लाईओवर का निर्माण करने वाली कंपनी के कई लोगों को मौके पर बुलाया और उन्हें निर्देश दिया कि चौक पर जो काम होने वाला है, उसे जल्द से जल्द पूरा किया जाए। (जारी…)
25 से 28 सितंबर तक कांटाटोली चौक बंद
कंपनी के मैनेजर प्रशांत ने कहा कि कि दस दिन के लिए कांटाटोली चौक को पूरी तरह से बंद करने के बाद काम पूरा होगा, लेकिन सिटी एसपी ने आदेश दिया कि दस दिन तक चौक को बंद कर देने से शहर में यातायात व्यवस्था प्रभावित हो जाएगी। लोगों को परेशानी होगी। इस वजह से 25 सितंबर से लेकर 28 सितंबर तक कांटाटोली चौक बंद रहेगा।
28 सितंबर तक काम पूरा करने का आदेश
28 सितंबर तक काम पूरा करने का आदेश देते हुए सिटी एसपी ने कहा कि रात के वक्त ज्यादा से ज्यादा काम करें। वहीं आम जनता से अपील करते हुए कहा कि कांटाटोली से होते हुए जो लोग आगे जाना चाहते हैं वे दूसरे रास्ते का इस्तेमाल करें।
निरीक्षण के दौरान चौक पर तैनात पुलिसकर्मियों से कहा कि सड़क के किनारे खड़े वाहनों का चालान काटा जाए। इसके अलावा दुकानदार बाहर सामान रखते हैं, तो उनका सामान जब्त कर लिया जाए। गौरतलब है कि राजधानी रांची के लोगों को जाम से निजात दिलाने के लिए इस फ्लाईओवर का निर्माण कराया जा रहा है।
घाटशिला : अमाईनगर विद्युत शक्ति उपकेन्द्र में मैंटेनेंस का कार्य को लेकर बुधवार को चार घंटा विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी. इस संबंध में सहायक विद्युत अभियंता अमरजीत प्रसाद ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर मंगलवार को जानकारी दी. उन्होंने बताया कि अमाई नगर विद्युत शक्ति उपकेन्द्र में स्टेप एजेंसी द्वारा मेंटेनेंस का कार्य किया जाना है. (जारी…)
इस कारण दोपहर एक बजे से शाम 4 बजे तक क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी. प्रभावित क्षेत्र इस विद्युत शक्ति उपकेन्द्र से जुड़े 11 केवी फीडर घाटशिला, 11 केवी फीडर राजस्टेट एवं 11 केवी फीडर दाहीगोड़ा क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति सेवा चार घंटा के लिए बाधित रहेगी. इस दौरान होने वाली असुविधा के लिए उन्होंने खेद व्यक्त किया है.
रांची : झारखंड राज्य अल्पसंख्यक आयोग की प्रथम बैठक में मंगलवार को आयोजित की गई. इस बैठक आयोग के अध्यक्ष हिदायतुल्ला खान ने सारे सदस्यों का स्वागत किया. सदस्यों के परिचय के उपरांत बैठक की कार्रवाई प्रारंभ की गई. सबसे पहले गढ़वा जिले के मुमताज अंसारी की शिकायत पर निर्णय लिया गया कि अविलंब जिले के पुलिस अधीक्षक से अब तक की गई कार्रवाई रिपोर्ट मंगाई जाए. (जारी…)
ज्ञात हो कि गढ़वा में पुलिस पर एक अल्पसंख्यक मोहम्मद वसीम सज्जाद की हत्या का आरोप है, जिन पर अभी तक कोई कार्रवाई नहीं होने से आयोग इसे गंभीरता से लिया है. बैठक में निर्णय लिया गया कि 1984 दंगा पीड़ितों को मुआवजा दिलाने हेतु गृह विभाग से अधत्तन प्रतिवेदन की मांग की जाए. सिख समुदाय के पिछड़ी जाति को पिछड़ा वर्ग का प्रमाण पत्र निर्गत करने हेतु अब तक क्या कार्रवाई हुई इसकी जानकारी लेने हेतु पिछड़ा वर्ग आयोग एवं कार्मिक विभाग से रिपोर्ट ली जाए. (जारी…)
राज्य के अल्पसंख्यक छात्र-छात्राओं को स्कॉलरशिप का लाभ दिलाने के संबंध में अल्पसंख्यक वित्त एवं विकास निगम से पूरी जानकारी मांगी जाए. शिक्षण संस्थानों को अल्पसंख्यक शिक्षण संस्थान का प्रमाण पत्र निर्गत करने हेतु शिक्षा विभाग से जानकारी प्राप्त की जाए. ज्ञात हो कि अल्पसंख्यक शिक्षण संस्थान के रूप में ईसाई, मुस्लिम, सिख, बौद्ध एवं भारतीय संस्थान आते हैं. इस बैठक में उपाध्यक्ष शमशेर आलम एवं ज्योति सिंह मातृ, डॉक्टर मोसालुद्दीन तौसीफ, सुशील मरांडी, वारिस कुरैशी, शफा अंसारी, बरकत अली, इकरारुल हसन, सविता टुडू उपस्थित थे.
रांची : झारखंड सरकार ने राज्य के दो उपायुक्त को जिला बंदोबस्त पदाधिकारी का प्रभार दिया है। जमशेदपुर के उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री को अगले आदेश तक जमशेदपुर का बंदोबस्त पदाधिकारी बनाया गया है। वहीं, पलामू के उपायुक्त शशिरंजन को भी पलामू का बंदोबस्त पदाधिकारी का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। दूसरी ओर, खान निदेशक अरवा राजकमल को अगले आदेश तक झारखंड राज्य खनिज विकास निगम के एमडी का अतिरिक्त प्रभार दियाग या है। वहीं, भोर सिंह यादव को निदेशक उद्योग बना दिया गया है। ये सारे बदलाव तत्काल प्रभाव से लागू किया गया है।
चांडिल : सरायकेला जिले के विभिन्न क्षेत्रों में सरकारी राशन वितरण मामले में लगातार शिकायतें प्राप्त हो रही हैं। डीलरों की मनमानी को लेकर आये दिन ग्रामीण ब्लॉक और सरकारी कार्यालयों के चक्कर काट रहे हैं। इसी कड़ी में मंगलवार को चांडिल अनुमंडल क्षेत्र के हमसदा गांव के सैकड़ों ग्रामीणों ने राशन डीलर की मनमानी के विरोध में अनुमंडल कार्यालय पहुंच कर कार्रवाई की गुहार लगाई। ग्रामीणों ने स्थानीय राशन डीलर सुधीर हांसदा पर राशन वितरण में गड़बड़ी का आरोप लगाया है। (जारी…)
ग्रामीणों ने बताया कि राशन डीलर सुधीर हांसदा द्वारा दो महीने के राशन वितरण को लेकर लाभुकों से फिंगरप्रिंट लिया गया है, लेकिन लोगों को एक महीने का ही राशन दिया जा रहा है। इसी मामले को लेकर ग्रामीण एसडीओ कार्यालय पहुंचे जहां एसडीओ की अनुपस्थिति में संबंधित पदाधिकारी ने मामले की पड़ताल की। इसके बाद ग्रामीण को आश्वस्त किया गया कि 30 सितंबर तक एक महीने का बकाया राशन सभी लाभुकों को उपलब्ध करा दिया जाएगा। इसके बाद सभी ग्रामीण वापस लौट गए।
जमशेदपुर : सिंहभूम चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के चुनाव में टीम मूनका की जबर्दस्त जीत हुई है। अध्यक्ष विजय आनंद मूनका और महासचिव मानव केडिया समेत सारे पदाधिकारी जीतने में सफल रहे हैं। सोंथालिया टीम का एक भी पदाधिकारी चुनाव नहीं जीत पाया है। खुद अध्यक्ष पद के प्रत्याशी सुरेश सोंथालिया लगभग 500 वोटों के अंतर से हार गये हैं। (जारी…)
1698 वोटों में विजय आनंद मूनका को लगभग 1100 और सुरेश सोंथालिया को 600 वोट मिले हैं। सोंथालिया टीम की इस करारी हार ने सुरेश सोंथालिया की साख और प्रतिष्ठा को न केवल बट्टा लगाया है बल्कि चैंबर में उनकी किंगमेकर की छवि को भी नेस्तनाबूद कर दिया है। इस अप्रत्याशित रिजल्ट पर सुरेश टीम में निराशा और हताशा है। उनके टीम के लोगों का कहना है कि यह फर्जी वोट के जरिए जीत हुई है और इस रिजल्ट को कोर्ट में चुनौती दी जाएगी। (जारी…)
88.8 प्रतिशत पड़े वोट:
26 सिंतबर को हुई वेन्यू वोटिंग में कुल 639 वोट पड़े। इसके पहले तीन दिन की रिमोट ई वोटिंग में 1059 वोटरों ने मतदान किया था। कुल 1912 वोटरों में से 1698 ने मतदान किय। इस तरह मतदान का प्रतिशत 88.8 रहा है। मंगलवार 26 सितंबर को सुबह 9 बजे से चैंबर की आम सभा हुई। इसके बाद 11 बजे से शाम 5 बजे तक वेन्यू ई वोटिंग हुई, जिसे लेकर चैंबर के सदस्यों में काफी उत्साह देखा गया।