बिरसानगर जोन नंबर 1 बी स्थित ठेकेदार के दफ्तर में हुई लूट की घटना में पुलिस ने एक और आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है. गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान परसुडीह निवासी सूरज कांरवा (22) के रूप में हुई है. उसके पास से पुलिस ने 62 हजार रुपये कीमत का मोबाइल फोन भी जब्त किया है, जिसे उसने लूट की राशि से खरीदा था.
पुलिस के अनुसार, सूरज कांरवा ने हाल ही में कोर्ट में आत्मसमर्पण किया था. इसके बाद पुलिस ने उसे रिमांड पर लेकर पूछताछ की. पूछताछ के दौरान सूरज ने स्वीकार किया कि लूट की वारदात में उसके हिस्से में 1 लाख 7 हजार रुपये आए थे. इसी रकम से उसने 62 हजार रुपये का मोबाइल फोन खरीदा, जबकि बाकी पैसे खर्च हो गए. पूछताछ पूरी होने के बाद उसे सोमवार को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया.
पुलिस अब लूटकांड में शामिल एक अन्य फरार आरोपी अजय सिंह उर्फ मोटा, जो सरायकेला का रहने वाला है, की तलाश में लगातार छापेमारी कर रही है.
गौरतलब है कि इस मामले में इससे पहले 18 नवंबर को अजीत बेहरा और बाबू सरदार उर्फ नेपू को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था. जांच में यह भी सामने आया कि अजीत बेहरा ही इस लूटकांड का मुख्य षड्यंत्रकर्ता था. वह ठेकेदार के दफ्तर में वेल्डिंग का काम करता था और वहीं से उसने लूट की योजना बनाई थी. पुलिस टीम शेष आरोपी की गिरफ्तारी और पूरे गिरोह की भूमिका की जांच में जुटी हुई है.
यूट्यूब पर कब कौन सा वीडियो अचानक नंबर-1 हो जाए, इसका अंदाजा लगाना मुश्किल है. देश में कई गाने जैसे राउडी बेबी, दिलबर और वास्ते अरबों व्यूज पा चुके हैं, लेकिन एक वीडियो है जो सभी से कोसों आगे निकल चुका है.
चौंकाने वाली बात यह है कि यह कोई फिल्मी गाना नहीं, बल्कि 14 साल पुराना आध्यात्मिक वीडियो है, जिसने इतिहास रचते हुए 5 बिलियन व्यूज (500 करोड़) की उपलब्धि हासिल कर ली है- और वह भी अकेले दम पर.
भारत का पहला वीडियो जिसने छुए 500 करोड़ व्यूज
यूट्यूब पर 10 मई 2011 को अपलोड की गई श्री हनुमान चालीसा ने 14 साल में 5 अरब से ज्यादा व्यूज बटोर लिए हैं. यह उपलब्धि हासिल करने वाला यह भारत का पहला और अब तक का एकमात्र वीडियो बन गया है. वीडियो में दिवंगत गुलशन कुमार नज आते हैं, जबकि इस गाने को हरिहरन ने गाया है. संगीतकार ललित सेन ने इस गाने की रचना की थी. लेख लिखे जाने तक इसे 5,006,713,956 व्यूज मिल चुके हैं.
टी-सीरीज ने इसे बताया आध्यात्मिक धरोहर
टी-सीरीज के प्रबंध निदेशक भूषण कुमार ने इस उपलब्धि को भावुकता से याद किया. उन्होंने कहा कि हनुमान चालीसा लाखों लोगों की आस्था का आधार है और यह उपलब्धि उनके पिता गुलशन कुमार की उस दृष्टि को सलाम है, जिसमें उन्होंने भक्ति संगीत को हर घर तक पहुंचाने का सपना देखा था. भूषण कुमार ने इसे सिर्फ डिजिटल सफलता नहीं, बल्कि देश की आस्था का प्रतिबिंब बताया.
बाकी भारतीय वीडियो काफी पीछे
दिलचस्प यह है कि भारत में अब तक कोई दूसरा वीडियो 2 बिलियन व्यूज तक भी नहीं पहुंच पाया है. इसके बाद का वीडियो पंजाबी गाना लहंगा है, जिसके 1.8 बिलियन व्यूज़ हैं. 52 गज का दामन और राउडी बेबी1.7 बिलियन क्लब में हैं. जरूरी था, वास्ते, लुट गए, लॉन्ग लाछी, दिलबर और बम बम भोले भी शीर्ष सूची में शामिल हैं, लेकिन अंतर काफी बड़ा है.
दुनिया में सबसे ज्यादा व्यूज पाने वाला वीडियो
वैश्विक रैंकिंग में हालांकि टॉप स्थान बच्चों के गानों और नर्सरी कंटेंट के पास है. बेबी शार्क डांस 16.38 बिलियन व्यूज के साथ नंबर-1 पर है, जबकि डिस्पेसिटो 8.85 बिलियन, व्हील्स ऑन द बस 8.16 बिलियन, बाथ सॉन्ग 7.28 बिलियन और जॉनी जॉनी इस पापा 7.12 बिलियन व्यूज के साथ शीर्ष पर बने हुए हैं. इस सूची में हनुमान चालीसा भी अपनी जगह बना चुका है.
14 वर्षों में बना ऐतिहासिक मुकाम
श्री हनुमान चालीसा की सफलता यह दिखाती है कि दर्शकों की पसंद हमेशा ट्रेंडिंग गानों तक सीमित नहीं रहती. आध्यात्मिक और डेवोटेसनल कंटेंट समय के साथ भी अपनी प्रासंगिकता नहीं खोता. 14 साल पुराने इस वीडियो ने आज भी जिस तरह व्यूज़ बटोरे हैं, वह भारत में भक्ति संगीत की गहरी पकड़ और यूट्यूब की अपार पहुंच को दर्शाता है. इस उपलब्धि ने भारतीय डिजिटल इतिहास में नया कीर्तिमान स्थापित कर दिया है.
भारत और साउथ अफ्रीका के बीच गुवाहाटी में खेले गए दूसरे टेस्ट ने वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) 2025-27 की रेस की तस्वीर बदल दी है. भारतीय टीम को 408 रन से करारी हार मिली है.
इसके साथ ही भारत न सिर्फ सीरीज 0-2 से हार गया, बल्कि WTC पॉइंट्स टेबल में भी एक पायदान नीचे गिरकर पांचवें स्थान पर पहुंच गया.
भारत की स्थिति क्यों बिगड़ी?
इस WTC चक्र में भारत ने अब तक 9 मैच खेले हैं. 4 जीते, 4 ड्रॉ और 1 हारा था, लेकिन साउथ अफ्रीका के खिलाफ यह दो मैचों की हार बेहद भारी साबित हुई. टीम इंडिया के कुल 52 पॉइंट हो गए हैं और उनका प्वाइंट परसेंटेज घटकर 49.52% पर आ गया. इस गिरावट ने भारत को पाकिस्तान से भी नीचे धकेल दिया है.
यह 0-2 की सीरीज हार भारत की मौजूदा WTC में पहली टेस्ट सीरीज हार है. बल्लेबाजी में लगातार असफलता और गेंदबाजों की विफलता ने टीम की मुश्किलें बढ़ा दी हैं.
साउथ अफ्रीका ने मजबूत पकड़ बनाई
दूसरी ओर, दक्षिण अफ्रीका ने दोनों टेस्ट शानदार तरीके से जीतकर इस चक्र में अपनी स्थिति मजबूत कर ली है. साउथ अफ्रीका के अब 4 मैचों में 36 पॉइंट हो गए हैं और वे दूसरे स्थान पर बने हुए हैं. टीम ने अब तक सिर्फ एक मैच हारा है, जो पाकिस्तान के खिलाफ था.
WTC 2025-27 पॉइंट्स टेबल
1. ऑस्ट्रेलिया – 4 मैच, 4 जीत (पॉइंट: 48, PCT: 100%)
2. दक्षिण अफ्रीका – 4 मैच, 3 जीत (पॉइंट: 36, PCT: 75%)
3. श्रीलंका – 2 मैच, 1 जीत (PCT: 66.67%)
4. पाकिस्तान – 2 मैच, 1 जीत (PCT: 50%)
5. भारत – 9 मैच, 4 जीत (PCT: 49.52%)
6. इंग्लैंड – PCT: 36.11%
7. बांग्लादेश – PCT: 16.67%
8. वेस्ट इंडीज – PCT: 0
9. न्यूजीलैंड – अभी कोई मैच नहीं
भारत की राह अब कठिन
भारत के लिए टेबल में नीचे जाना बड़ा झटका इसलिए भी है क्योंकि टीम अब 2026 के दूसरे हिस्से तक कोई टेस्ट सीरीज नहीं खेलेगी. यानी अगले डेढ़ साल तक भारत को पॉइंट्स टेबल में ऊपर चढ़ने का कोई मौका नहीं मिलेगा.
जब टीम अगली बार मैदान पर उतरेगी, तब तक कई टीमें अपनी पोजिशन मजबूत कर चुकी होंगी. ऐसे में फाइनल में पहुंचने की उम्मीदें बनाए रखने के लिए भारत को बाकी मुकाबलों में लगभग परफेक्ट खेल दिखाना होगा.
जमशेदपुर में जिला प्रशासन और JUSCO द्वारा संयुक्त रूप से बुधवार को सीताराम डेरा थाना क्षेत्र के श्मशान घाट के समीप अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया गया. इस अभियान में करीब डेढ़ दर्जन दुकानों को हटाया गया. JNAC के अधिकारी जितेंद्र कुमार ने बताया कि सड़क के चौड़ीकरण के कारण यह कार्रवाई की जा रही है.
दुकानदारों का कहना है कि उन्हें किसी भी पूर्व सूचना के बिना अचानक दुकानें हटाने का सामना करना पड़ा. वे बताते हैं कि करीब 18 वर्षों से वे यहीं दुकान लेकर अपना परिवार चला रहे थे. वहीं, नगर प्रशासन ने बताया कि शहर में अतिक्रमण हटाने के अभियान को लगातार जारी रखा जा रहा है, जिसका उद्देश्य जमशेदपुर को जाम और अतिक्रमण मुक्त बनाना है.
चांडिल थाना क्षेत्र के एनएच-33 आसनबनी फदलोगोड़ा में टाटा हाइवे होटल में फायरिंग मामले में पुलिस ने तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है. गिरफ्तार आरोपियों में जमशेदपुर आजादनगर थाना के ओल्ड पुरुलिया रोड नंबर 5 के मोहम्मद शहबाज आलम, नंबर 15 के मोहम्मद शाहिद राज व मानगो थाना क्षेत्र के जवाहर नगर रोड 13 (ए) मोती महल गुलगुलिया मस्जिद निवासी मोहम्मद फैजान आलम उर्फ मट्टा शामिल हैं.
थाना प्रभारी डिल्सन बिरुआ ने बताया कि 20 नवंबर की रात टाटा हाइवे होटल में कुछ अपराधियों ने फायरिंग की घटना को अंजाम दिया था, जिसके संबंध में थाना में मामला दर्ज किया गया था. तकनीकी और मानवीय अनुसंधान के आधार पर ये तीनों गिरफ्तार किये गये हैं. बाकी आरोपी अभी फरार हैं और उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है. मालूम हो कि होटल संचालक से पुराने सीसीटीवी फुटेज मांगने को लेकर विवाद था, जहां फुटेज नहीं मिलने पर आरोपियों ने फायरिंग की थी. छापेमारी में चांडिल थाना प्रभारी डिल्सन बिरुआ, चौका थाना प्रभारी सोनु कुमार, राहुल कुमार भारती, अमित कुमार, सीताराम मार्डी, अजीत मुंडा, सुरेन्द्र कुमार सिंह सहित सशस्त्र बल भी शामिल थे.
धरती के भगवान कहे जाने वाले मरीजों के मसीहा प्रसिद्ध सर्जन व मानगो स्थित गंगा मेमोरियल अस्पताल के संचालक डा. नागेंद्र सिंह का अचानक रविवार को तबीयत खराब हो गई।
उन्हें सर्दी खांसी होने के बाद सांस लेने में दिक्कत होने लगी।
पत्नी रंजू सिंह से परामर्श करने के बाद डॉ. नागेंद्र सिंह को बेहतर इलाज के लिए रविवार की देर रात करीब तीन बजे एयर एंबुलेंस से दिल्ली स्थित अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उन्हें वेंटिलेटर पर रखा गया था।
मंगलवार सुबह उन्होंने अंतिम सांस ली। उनके निधन का समाचार प्राप्त होने पर शहर में शोक व्याप्त है। आइएमए, राजनीतिक दल, समाजसेवी संगठनों ने उनके निधन पर गहरा शोक जताते हुए डा. नागेंद्र सिंह के निधन को अपूरणीय क्षति बताया है।
जरूरतमंद व गरीब मरीजों का करते थे फ्री इलाज
डॉ. नागेंद्र सिंह जमशेदपुर के एक ऐसे सर्जन थे, जो जरूरतमंद और गरीब मरीजों का फ्री इलाज करते थे। अपनी मां की याद में गंगा मेमोरियल अस्पताल की स्थापना करने वाले डॉ. नागेंद्र सिंह बीते 32 वर्षों से मुफ्त सर्जरी और इलाज के माध्यम से गरीबों की सेवा कर रहे थे, जिसके कारण लोग उन्हें “धरती का भगवान” कहते हैं।
उन्होंने अब तक हजारों मुफ्त सर्जरी की हैं और कई बार मरीजों को घर पहुंचाने की व्यवस्था भी की है। हर साल, वह अपनी मां की याद में दो महीने का मुफ्त सर्जरी शिविर आयोजित करते थे।
ग्रामीण मरीज डॉ. नागेद्र सिंह को सब्जी वाले डॉक्टर के रूप में भी जानते हैं। डॉ. नागेंद्र सिंह ने कई बार इसकी चर्चा की थी। कई बार लोग बिना पैसा का ही इलाज कराकर चले जाते थे। बाद में वह इलाज के बदले सब्जी लेकर आ जाते थे।
जिसे डाक्टर नागेंद्र सिंह सहर्ष स्वीकार करते थे। डा. नागेंद्र सिंह हर्निया, हाइड्रोसील, अपेंडिसाइटिस, ट्यूमर जैसी कई गंभीर बीमारी को चुटकी में दूर कर देते थे।
शहीद निर्मल महतो मेडिकल कालेज एवं अस्पताल (एसएनएमएमसीएच) के सर्जिकल आइसीयू में सियार घुसने के मामले को हाईकोर्ट ने स्वत संज्ञान लिया है। हाई कोर्ट ने मामले को गंभीर बताई और इसके जांच के निर्देश दिए हैं।
स्वास्थ्य विभाग के अुप मुख्य सचिव समेत अन्य पदाधिकारी को मामले को जांच करने को कहा है।
सर्जिकल आइसीयू जैसे जगह पर बाहरी जानवर के घुसने को हाई कोर्ट ने गंभीर मामला बताया है। ज्ञात हो कि 17 नवंबर की देर रात सर्जिकल आइसीयू में एक सियार घुस गया था। सियार यहां चुप कर बैठा हुआ था, जबकि सर्जिकल इस में लगभग 7 अति गंभीर मरीज अपने बेड पर भर्ती थे। कुछ तीमारदार और कर्मियों ने जब हो हल्ला किया, तो सियार निकाल कर भाग। सोशल मीडिया पर इसका वीडियो भी खूब वायरल हुआ।
हाई कोर्ट के निर्देश पर जिला प्रशासन रेस हुआ। भवन प्रमंडल विभाग की एक टीम मंगलवार को मेडिकल कालेज पहुंची और यहां चारदीवारी का जायजा लिया। सियार यहां कैसे घुसा, अस्पताल के एंट्री प्वाइंट कहां-कहां है, किस जगह पर दीवार टूटी हुई है। इन सभी का आकलन किया गया।
अस्पताल के पीछे वाले भाग पर कई जगहों पर दीवार टूटा मिला। अब यहां पर भवन प्रमंडल विभाग की ओर से मजबूत चारदीवारी और कल्वर्ट बनाया जाएगा। बीच में एक तालाब भी है, इसके ऊपर कल्वर्ट बनाने की योजना है।
तमाम बंदिशें के बावजूद अस्पताल परिसर के अंदर में हर दिन बाजार लगता है। यहां पर खाने-पीने की चीजें, खिलौने समेत अन्य दुकान सजाते हैं। शाम होते ही ठेला-खोमचा की ओर से काफी मात्रा में जूठन आसपास फेंक दिया जा रहा है।
इसी जूठन को खाने के लिए बाहरी जानवर अस्पताल परिसर में घूम रहे हैं। इसमें गाय-भैंस, कुत्ता तो घुमते हीं हैं, अब सियार भी दिख रहे हैं। कई बार अस्पताल प्रबंधन की ओर से ठेला-खोमचा पर रोक लगाया गया, लेकिन बाद में फिर स्थिति जस की तस हो जा रही है।
इससे पहले काफी संख्या में भैंस भी अस्पताल परिसर में घुस रहे हैं। हर दिन यहां आकर भैंस घास खा रही है। इमरजेंसी के रास्ते ही भैंस विचरण कर रहे हैं। ऐसे में इमरजेंसी में आने वाले मरीजों को भी परेशानी हो रही है।
झारखंड में जमशेदपुरवासियों के लिए वर्षों से अधर में लटकी एक बड़ी सौगात अब हकीकत बनने जा रही है। पूर्वी जमशेदपुर विधानसभा क्षेत्र की बहुप्रतीक्षित भुइयांडीह लिट्टी चौक से भिलाई पहाड़ी (एनएच-33) तक फोर लेन सड़क और स्वर्णरेखा नदी पर बनने वाले नए फोर लेन सिग्नेचर ब्रिज का निर्माण कार्य आगामी 10 दिनों के भीतर शुरू हो जाएगा।
यह आश्वासन जमशेदपुर पथ प्रमंडल के अधीक्षण अभियंता दीपक सहाय ने मंगलवार को विधायक पूर्णिमा साहू को दिया। विधायक ने एग्रिको स्थित अपने कार्यालय में अधिकारियों की बैठक बुलाई थी, जहां उन्होंने परियोजना की धीमी प्रगति पर कड़ाऐतराज जताया और इसे पूर्वी विधानसभा का सिग्नेचर प्रोजेक्ट बताते हुए तत्काल शुरू करने का निर्देश दिया।
कैसा होगा जमशेदपुर का नया सिग्नेचर ब्रिज
स्वर्णरेखा नदी पर प्रस्तावित पुल जमशेदपुर की नई पहचान बनेगा। योजना के मुताबिक पुल की कुल लंबाई 242 मीटर होगी। इस पर चार लेन की सड़क बनाई जाएगी।
ब्रिज को आधुनिक डिजाइन, विशेष लाइटिंग और सौंदर्यीकरण के साथ सिग्नेचर ब्रिज की तर्ज पर विकसित किया जाएगा। पुल बनने के बाद पूर्वी जमशेदपुर का सीधा संपर्क एनएच-33 से स्थापित हो जाएगा।
वर्तमान में शहर से बाहर निकलने के लिए मानगो ब्रिज और दोमुहानी ब्रिज पर निर्भरता के कारण भारी जाम लगता है। नया पुल तैयार होने के बाद भारी वाहन और लंबी दूरी के यात्री सीधे भिलाई पहाड़ी NH-33 से रांची और कोलकाता की ओर निकल सकेंगे।
फोर लेन सड़क का रूट भुइयांडीह लिट्टी चौक से शुरू होकर स्वर्णरेखा नदी को पार करते हुए सीधे भिलाई पहाड़ी NH-33 तक जाएगा। यह परियोजना पिछले पांच वर्षों से फाइलों के पेंच में फंसी हुई थी।
कभी अलाईनमेंट की त्रुटि, कभी वन विभाग से स्वीकृति न मिल पाने के कारण सड़क और पुल निर्माण की योजना बार-बार अटकती रही। विधायक पूर्णिमा साहू ने बताया कि पदभार ग्रहण करते ही उन्होंने इस योजन को प्राथमिकता में रखा।
उन्होंने विधानसभा में कई बार इस मुद्दे को जोरदार तरीके से उठाया। पथ निर्माण विभाग के सचिव और अभियंताओं के साथ लगातार संवाद बनाए रखा।
मंगलवार को हुई बैठक में उन्होंने अधिकारियों से कहा कि जनता को अब और इंतजार नहीं कराया जा सकता। उन्होंने कहा कि यह पुल पूर्वी जमशेदपुर के लिए लाइफलाइन साबित होगा।
विधायक पूर्णिमा साहू ने कहा कि सिग्नेचर ब्रिज और फोर लेन सड़क बनने से भारी वाहनों का प्रवेश शहर के भीतरी हिस्सों में बंद हो जाएगा। मानगो और एमजीएम के आसपास का ट्रैफिक दबाव काफी कम होगा।
उन्होंने कहा कि पूर्वी जमशेदपुर में व्यापार और औद्योगिक गतिविधियों का विस्तार होगा। शहर के लिए एक नया पर्यटन भी विकसित होगा। उन्होंने कहा कि मैं इस परियोजना की व्यक्तिगत निगरानी कर रही हूं। 10 दिनों में काम शुरू होने के बाद जमशेदपुर विकास की नई रफ्तार पकडेगी।
अधीक्षण अभियंता दीपक सहाय ने कहा कि कुछ तकनीकी कारणों के कारण प्रस्ताव अटका हुआ था, लेकिन अब सभी बाधाएं दूर हो चुकी हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि आगामी 10 दिनों के भीतर विधिवत काम शुरू कर दिया जाएगा।
संविधान दिवस के अवसर पर बुधवार को संसद के केंद्रीय हाल में भव्य आयोजन होगा, जिसकी अध्यक्षता राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु करेंगी। इस दौरान प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, उप राष्ट्रपति और राज्यसभा के सभापति सीपी राधाकृष्णन, लोकसभा स्पीकर ओम बिरला और केंद्रीय मंत्री व संसद सदस्य भी मौजूद रहेंगे।
राष्ट्रपति, उप राष्ट्रपति और लोकसभा अध्यक्ष सभा को करेंगे संबोधित
गौरतलब है कि 26 नवंबर 1949 को संविधान सभा द्वारा संविधान को अपनाने के उपलक्ष्य में सरकार 2015 से संविधान दिवस मना रही है। संविधान के कुछ प्रावधानों को तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया था, लेकिन अन्य प्रावधानों को 26 जनवरी 1950 से लागू किया गया, जब भारत एक गणराज्य बना।
संसदीय कार्य मंत्रालय की तरफ से एक बयान में बताया गया कि कार्यक्रम के दौरान राष्ट्रपति के संबोधन के बाद लोकसभा अध्यक्ष और उप राष्ट्रपति सभा को संबोधित करेंगे। इस अवसर पर नौ भाषाओं में तैयार संविधान का भी डिजिटल लोकार्पण होगा।
नौ भाषाओं में तैयार संविधान का लोकार्पण
केंद्रीय कानून मंत्रालय के विधायी विभाग ने इसे तैयार कराया है। संविधान को मलयालम, मराठी, नेपाली, पंजाबी, बोड़ो, कश्मीरी, तेलुगु, उड़िया और असमिया भाषाओं में तैयार कराया गया है।
कार्यक्रम में मौजूद गणमान्य लोग राष्ट्रपति के नेतृत्व में संविधान की प्रस्तावना का पाठ करेंगे। इस अवसर पर देशभर में सभी केंद्रीय मंत्रालय, उनके अधिनस्थ और संबंधित कार्यालय, राज्य एवं केंद्र शासित प्रदेशों की सरकारें और स्थानिय निकाय भी तमाम कार्यक्रम आयोजित करेंगे।
आयोजन में नागरिकों को भी शामिल होने का अवसर
इस आयोजन में नागरिकों को भी शामिल होने का अवसर दिया गया है। इसके तहत प्रस्तावना का पाठ करने के लिए वे माईजीओवी डाट इन और कॉन्स्टीट्यूशन75 डाट काम पर लाग-इन कर सकते हैं। राष्ट्रीय स्तर पर ‘हमारा संविधान-हमारा स्वाभिमान’ के तहत आनलाइन क्विज और ब्लाग या निबंध प्रतियोगिता आयोजित कराने की भी योजना है।
दिल्ली के वसंत विहार इलाके में कमला पसंद और राजश्री पान मसाला ग्रुप के मालिक कमल किशोर की बहू ने आत्महत्या कर ली है. मृतका का नाम दीप्ति चौरसिया है. उनकी उम्र 40 साल बताई जा रही है.
दिप्ती का शव चुन्नी के सहारे फंदे से लटका हुआ मिला. सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी है.
परिवार के सदस्यों की ओर से सूचना दिए जाने पर पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया. पुलिस को मौके से एक सुसाइड नोट मिला है, जिसमें दीप्ति ने किसी भी व्यक्ति पर कोई प्रत्यक्ष आरोप नहीं लगाया है. शुरुआती जांच के अनुसार, नोट में मानसिक और भावनात्मक स्थिति से जुड़ी बातें लिखी हुई थीं, हालांकि इसमें किसी तरह की प्रताड़ना, विवाद या विशेष कारणों का जिक्र नहीं था. दिप्ती का शव घर में चुन्नी से लटका हुआ मिला है.
2010 में हुई थी शादी
दीप्ति की शादी वर्ष 2010 में कमल किशोर के बेटे अर्पित चौरसिया से हुई थी. दंपति का एक 14 वर्षीय बेटा है. परिवार दिल्ली में लंबे समय से रह रहा है, जबकि दीप्ति के मायके का बैकग्राउंड बिहार से जुड़ा है, जहां उनके पिता एक समय राजनीति में काफी एक्टिव रहे हैं.
पुलिस के मुताबिक,अभी तक घरेलू विवाद जैसी कोई पुख्ता जानकारी सामने नहीं आई है. हालांकि, पुलिस सभी संभावित पहलुओं की गहराई से जांच कर रही है. दीप्ति और उनके पति अर्पित के संबंधों, हाल के दिनों की गतिविधियों, फोन रिकॉर्ड्स और निजी बातचीत से जुड़े डिजिटल डेटा की भी पड़ताल की जाएगी. इसके साथ ही परिवार के दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं.ॉ
पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा
पुलिस का कहना है कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट मिलने के बाद मौत की परिस्थितियों पर और स्पष्टता आएगी. वहीं, सुसाइड नोट की फोरेंसिक जांच भी कराई जाएगी ताकि उसकी हैंडराइटिंग और प्रामाणिकता की पुष्टि की जा सके. यह भी देखा जा रहा है कि दीप्ति पिछले कुछ समय से किसी मानसिक तनाव से गुजर रही थीं या नहीं. बताया जा रहा है कि दीप्ति का स्वभाव काफी शांत था. इसलिए उनकी आत्महत्या की खबर ने सभी को हैरान कर दिया है. फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है.