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टाटा ब्लूस्कोप स्टील अब टाटा स्टील की पूर्ण स्वामित्व वाली कंपनी, 1100 करोड़ में पूरा हुआ सौदा

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टाटा स्टील ने अपने संयुक्त उपक्रम टाटा ब्लूस्कोप स्टील प्राइवेट लिमिटेड (टीबीएसपीएल) का पूर्ण अधिग्रहण कर लिया है। बुधवार को वर्ष के अंतिम कारोबारी दिन 1100 करोड़ रुपये के भुगतान के साथ यह सौदा औपचारिक रूप से पूरा हो गया।

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इसके साथ ही टीबीएसपीएल अब टाटा स्टील की पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनी बन गई है। इस अधिग्रहण के तहत टाटा स्टील ने ब्लूस्कोप स्टील एशिया होल्डिंग्स से 10 रुपये अंकित मूल्य वाले लगभग 43.29 करोड़ इक्विटी शेयर खरीदे हैं।

इससे पहले टीबीएसपीएल टाटा स्टील और ब्लूस्कोप स्टील लिमिटेड के बीच 50:50 हिस्सेदारी वाला संयुक्त उपक्रम था। यह लेनदेन 12 नवंबर 2025 को किए गए शेयर खरीद समझौते (शेयर परचेज एग्रीमेंट) के नियमों और शर्तों के अनुरूप पूरा किया गया।

अधिग्रहण के बाद टीबीएसपीएल में टाटा स्टील की प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष हिस्सेदारी बढ़कर 99.99 प्रतिशत हो गई है। कंपनी प्रबंधन के अनुसार, इस रणनीतिक कदम से निर्णय लेने की प्रक्रिया में तेजी आएगी और परिचालन दक्षता में सुधार होगा।

साथ ही, बाजार की बदलती मांगों के अनुरूप उत्पाद विकास और विस्तार योजनाओं को भी नई गति मिलेगी। नए साल की शुरुआत के साथ ही टाटा स्टील का फोकस टीबीएसपीएल के सुचारू संचालन, क्षमता विस्तार और दीर्घकालिक विकास रणनीतियों पर रहेगा।

उद्योग विशेषज्ञों का मानना है कि यह अधिग्रहण टाटा स्टील की कोटेड स्टील और बिल्डिंग सॉल्यूशंस सेगमेंट में स्थिति को और मजबूत करेगा।इसके साथ ही टीबीएसपीएल अब टाटा स्टील की पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनी बन गई है। इस अधिग्रहण के तहत टाटा स्टील ने ब्लूस्कोप स्टील एशिया होल्डिंग्स से 10 रुपये अंकित मूल्य वाले लगभग 43.29 करोड़ इक्विटी शेयर खरीदे हैं।

इससे पहले टीबीएसपीएल टाटा स्टील और ब्लूस्कोप स्टील लिमिटेड के बीच 50:50 हिस्सेदारी वाला संयुक्त उपक्रम था। यह लेनदेन 12 नवंबर 2025 को किए गए शेयर खरीद समझौते (शेयर परचेज एग्रीमेंट) के नियमों और शर्तों के अनुरूप पूरा किया गया।

अधिग्रहण के बाद टीबीएसपीएल में टाटा स्टील की प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष हिस्सेदारी बढ़कर 99.99 प्रतिशत हो गई है। कंपनी प्रबंधन के अनुसार, इस रणनीतिक कदम से निर्णय लेने की प्रक्रिया में तेजी आएगी और परिचालन दक्षता में सुधार होगा।

साथ ही, बाजार की बदलती मांगों के अनुरूप उत्पाद विकास और विस्तार योजनाओं को भी नई गति मिलेगी। नए साल की शुरुआत के साथ ही टाटा स्टील का फोकस टीबीएसपीएल के सुचारू संचालन, क्षमता विस्तार और दीर्घकालिक विकास रणनीतियों पर रहेगा।

उद्योग विशेषज्ञों का मानना है कि यह अधिग्रहण टाटा स्टील की कोटेड स्टील और बिल्डिंग सॉल्यूशंस सेगमेंट में स्थिति को और मजबूत करेगा।

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