टाटानगर स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर एक स्थित रेस्टोरेंट से यात्रियों को मानक के अनुरूप खाद्य सामग्री नहीं देने का मामला सामने आया है। गुरुवार को रेलवे के फूड सेफ्टी ऑफिसर कमलदेव कुमार ने टाटानगर अस्पताल के डॉ. संतोष कुजूर एवं मुख्य स्वास्थ्य निरीक्षक एच दत्ता के साथ स्टेशन पर विशेष जांच अभियान चलाया।
उन्होंने डॉक्टर और स्वास्थ्य निरीक्षक के समक्ष स्टेशन के फूड ट्रैक व फूड प्लाजा रेस्टोरेंट से खाद्य सामग्री (समोसा, बिरयानी, पेटीज व मिक्स वैज फ्राई) का सैंपल एकत्र किया, जिसे जांच के लिए शुक्रवार को रांची के स्टेट फूड लैब में भेजा जाएगा। इधर, फूड सेफ्टी ऑफिसर, डॉक्टर व स्वास्थ्य निरीक्षक की औचक जांच से स्टेशन के अन्य स्टॉल संचालकों में हड़कंप है।
यात्री के ट्वीट पर रेलवे अलर्ट
रांची हावड़ा वंदे भारत ट्रेन के यात्री ने 20 अप्रैल को रेलवे में ट्वीट कर घटिया खानपान सामग्री सप्लाई का आरोप लगाया था। इससे चक्रधरपुर मंडल वाणिज्य विभाग चौकन्ना हो गया और सीनियर डीसीएम गजराज सिंह चरण ने रेलवे के फूड सेफ्टी ऑफिसर, डॉक्टर व स्वास्थ्य निरीक्षक को औचक जांच कर रिपोर्ट मांगी है।
जेम्को गुरुद्वारा में गुरु अंगद देव जी का प्रकाश पर्व मनाया गया
जमशेदपुर : गुरुद्वारा जेम्को आजाद बस्ती की प्रबंधक कमेटी ने साहब संगत के सहयोग से शनिवार को गुरु अंगद देव जी का प्रकाश पर्व मनाया। आशा की वार का कीर्तन भाई जसवीर सिंह ने किया, साथ ही संगत को निहाल किया। जिसके उपरांत हेड ग्रंथी भाई जगविंदर सिंह ने अंगद देव जी के जीवन और उद्देश्य पर प्रकाश डाला। उसके बाद अरदास हुई और गुरु का अटूट लंगर वितरित हुआ। मौके पर नौजवान सभा के प्रधान जोरावर सिंह, अमनदीप, सरदूल सिंह, राजेंद्र, करनदीप सिंह, गुरमनप्रीत आदि मौजूद थे।
जमशेदपुर:- झारखंड बिहार समेत देश भर में तीसरे चरण का मतदान पूरा होने के बाद अनुमान लगाया जा रहा है कि इंडिया गठबंधन को 300 से अधिक सीटे मिलने जा रही है। इस अनुमान का पता चलते ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बौखला गए हैं और अनाप-शनाप बोल रहे हैं हार के डर से उनका दिमाग काम नहीं कर रहा है। इसका खुलासा 4 जून को हो जाएगा।
जमशेदपुर में सुधीर कुमार पप्पू ने एक बयान जारी कर उक्त बातें कही है। उन्होंने कहा कि झारखंड आदिवासी बहुल क्षेत्र हैं आदिवासियों के प्रति भाजपा और प्रधानमंत्री का सौतेला व्यवहार एवं मणिपुर की घटना से आदिवासी समाज भाजपा से दूरी बना ली है। गौर करें तो कोल्हान के 14 विधानसभा सीटों पर एक भी भाजपा विधायक नहीं है इसी से अनुमान लगा ले भाजपा की क्या दुर्दशा होने वाली है। भाजपा के कई दिग्गज प्रत्याशी इस बार चुनाव हार जाएंगे। बिहार में राष्ट्रीय जनता दल के लोकप्रिय नेता तेजस्वी यादव के बराबर भाजपा और जनता दल यू के कोई ऐसा नहीं है जो तेजस्वी यादव को टक्कर दे सके। देश में राहुल गांधी काफी लोकप्रिय होकर जनता के सामने आए हैं। अनुमान है कि इस बार भाजपा को 150 सीटों से अधिक नहीं आएगी। उन्होंने सलाह देते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अपील किया है कि अब समय आ गया है वे झोला उठाकर किसी गुफा में जाकर भजन कीर्तन और ध्यान करें। इस बार के लोकसभा चुनाव में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह की जनसभा में भीड़ नहीं जुट रही है और बोलने के लिए भी उनके पास कोई मुद्दा नहीं है। उन्होंने 10 साल के शासन काल में क्या विकास किया यह वे नहीं बता पा रहे हैं। जनता जागरुक हो चुकी है और हर जगह भाजपा की फजीहत हो रही है कई स्थानों पर भाजपा नेताओं को जनता दौरा रही है। भाजपा फिर एक बार 50 साल पीछे चली गई। दक्षिण भारत में भाजपा को एक भी सीट नहीं मिलने वाली है जबकि हिंदी प्रदेशों में बहुत कम सीटे भाजपा को मिलेगी। किसानों के साथ अत्याचार के कारण पंजाब हरियाणा मध्य प्रदेश राजस्थान में भाजपा बहुत दयनीय स्थिति में है। भाजपा के शासनकाल का अंत होते ही देश में संविधान का शासन लागू होगा।
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की मुश्किलें लगातार बढ़ रही हैं। जहां एक तरफ आम आदमी पार्टी पूरे प्रयास में है कि सीएम किसी तरह जेल से बाहर आ जाएं वहीं ED ने अब कोर्ट के सामने हलफनामा पेश कर बेल ना देने के पक्ष में तर्क दिए हैं। ईडी का कहना है कि अंतरिम बेल से गलत परंपरा शुरू हो जाएगी और चुनाव प्रचार मौलिक अधिकार नहीं है कि किसी को इस बिना पर बेल दे दी जाए।
ED ने क्या कहा?
ईडी ने गुरुवार को दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की अंतरिम जमानत का विरोध किया। सुप्रीम कोर्ट में दायर एक हलफनामे में जांच एजेंसी ने कहा कि चुनाव प्रचार मौलिक अधिकार नहीं है। दिल्ली शराब नीति मामले में अरविंद केजरीवाल की अंतरिम जमानत याचिका पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होने से एक दिन पहले आज ईडी की उप निदेशक भानु प्रिया ने हलफनामा दायर किया है।
इस हलफनामे में कहा गया है, “चुनाव के लिए प्रचार करने का अधिकार मौलिक, संवैधानिक या कानूनी अधिकार नहीं है। ईडी की जानकारी के अनुसार, किसी भी राजनीतिक नेता को चुनाव प्रचार के लिए अंतरिम जमानत नहीं दी गई है, भले ही वह चुनाव लड़ने वाला उम्मीदवार न हो।”
‘गलत परंपरा शुरू हो जाएगी’
ED ने यह भी दलील दी कि अगर किसी राजनेता को चुनाव प्रचार के लिए अंतरिम जमानत दी जाती है तो उसे गिरफ्तार नहीं किया जा सकता और न्यायिक हिरासत में नहीं रखा जा सकता। ईडी ने कहा, “पिछले तीन सालों में लगभग 123 चुनाव हुए हैं और अगर चुनाव प्रचार के लिए अंतरिम जमानत दी जाती है तो किसी भी राजनेता को गिरफ्तार नहीं किया जा सकता है और न्यायिक हिरासत में नहीं रखा जा सकता है क्योंकि चुनाव पूरे साल होते हैं।” ईडी ने यह भी कहा कि अरविंद केजरीवाल को अगर चुनाव प्रचार के लिए जमानत दी जाती है तो यह असमानता के दायरे में आएगा।
जीवन यापन हेतु आपदा मंत्रालय से मिले मुआवजा — विकास सिंह मानगो टैंक रोड़ स्थित बीती रात दो होटल जलकर राख हो गए । सूचना मिलते ही मौके में भाजपा नेता विकास सिंह मौके में पहुंचकर मामले की जानकारी लिया मौके में पहुंचे भाजपा नेता विकास सिंह को होटल के मालिक शिबू पाल एवं झंटु मोदक ने बताया की प्रातः 3:30 बजे स्थानीय लोगों ने सूचना दिया कि उनके होटल में आग लग गई भागे भागे जब वें लोग होटल में जाकर देखा तो पुरे होटल को आग अपने चपेट में ले लिया था आनन फानन में लोगों ने दमकल गाड़ी को फोन किया दमकल गाड़ी मौके में डेढ़ घंटे लेट से पहुंची जिससे पुरा होटल जलकर राख हो चुका था एक तिनका भी नहीं बच पाया सारा सामान जलकर राख हो गया आपकी धमक इतनी तेज थी कि होटल में रखें एल्युमिनियम के बर्तन पिघल कर पानी का रूप धारण कर लिया था ।
शिबू पाल एवं झंटु मोदक ने नम आंखों से भाजपा नेता विकास सिंह को बताया की आग ने उनका रोजगार छीन लिया है अब उनके सामने रोजी-रोटी की समस्या खड़ी हो गई है। पंद्रह वर्षों से खाना नाश्ता का होटल चला कर अपने परिवार का भरण पोषण करने वाले होटल संचालक आग लग जाने के कारण आज सड़क पर आ गए हैं । होटल के संचालकों ने भाजपा नेता विकास सिंह को बताया कि देर रात पूरी तरह चुल्ले की भट्टी को बंद कर वे अपने घर गए थे आग कैसे लगा कुछ समझ में नहीं आ रहा है।मौके में पहुंचे भाजपा नेता विकास सिंह ने स्थानीय थाना को मामले की जानकारी देकर मामले का सत्यापन कर आग लगने के कारण को पता करने की बात कही । विकास सिंह ने कहा कि स्थानीय विधायक बन्ना गुप्ता स्वास्थ्य मंत्री के साथ-साथ आपदा मंत्री भी है आपदा विभाग से उचित मुआवजा अग्नि पीड़ितों को मिलना चाहिए जिससे दोबारा अपने कारोबार को चालू अपने जीवन आसानी से जी सके ।
राँची : भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने गुरुवार को मारू टावर स्थित मीडिया सेंटर में प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए कहा कि कांग्रेस ने हमेशा देश को तोड़ने की बात की है और समाज में नफरत के बीज बोने का काम किया है. कांग्रेस की काली करतूतों से देश की जनता पहले ही वाकिफ है. कांग्रेस पहले देश-विदेश में देश का अपमान करती थी, देश को बदनाम करती थी लेकिन अब तो भारतवासियों का भी अपमान करने लगी है. अब राहुल गांधी के गुरु और उनके राजनीतिक सलाहकार कहे जाने वाले सैम पित्रोदा जो कि वर्षों से कांग्रेस की ओवरसीज सेल के अध्यक्ष भी रहे हैं, ने 140 करोड़ भारतीयों पर नस्लभेदी और रंगभेदी टिप्पणी की है.
प्रतुल ने तंज कसते हुए कहा कि अंकल सैम ने कहा है कि दक्षिण भारत के लोग अफ्रीकन जैसे दिखते हैं, नॉर्थ-ईस्ट भारत के लोग चीनी जैसे दिखते हैं, पश्चिमी भारत के लोग अरब के लोग जैसे दिखते हैं और उत्तर भारत के लोग अंग्रेज जैसे दिखते हैं. ये केवल सैम पित्रोदा का बयान नहीं है, बल्कि पूरी कांग्रेस पार्टी की सोच है. लोकसभा में कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी ने भी सैम पित्रोदा के बयान का समर्थन किया है. वैसे भी सैम पित्रोदा ऐसे कुछ नहीं बोलते, बल्कि वे तो कांग्रेस की नीति को ही उजागर करते हैं.
प्रतुल ने आरोप लगाया कि सैम पित्रोदा का इस्तीफा महज एक पॉलिटिकल ड्रामा है. क्या कांग्रेस सैम पित्रोदा को पार्टी से बर्खास्त करने की हिम्मत दिखायेगी? अगर नहीं तो ये इस्तीफा बस डैमेज कंट्रोल के लिए है. सैम पित्रोदा अभी भी कांग्रेस पार्टी में है और राहुल गांधी के सलाहकार हैं. प्रतुल ने इस बात पर आश्चर्य व्यक्त किया कि क्यों अभी तक राहुल गांधी, प्रियंका वाड्रा और सोनिया गांधी ने सैम पित्रोदा के बयान की कड़ी निंदा नहीं की?
राहुल गांधी, प्रियंका वाड्रा और सोनिया गांधी देशवासियों का अपमान करने को लेकर देश की जनता से अविलंब माफी मांगे. कांग्रेस पार्टी भी तो यही करती है. पूरा देश जानता है कि बाबा साहब को चुनावों में हराने के लिए कांग्रेस ने कितनी साजिशें की. कांग्रेस ने तो बाबा साहब को अपने शासनकाल में भारत रत्न भी नहीं दिया. आरक्षण का विरोध कांग्रेस के नेता करते हैं और कांग्रेस इसका आरोप दूसरों पर लगाती है.
प्रतुल ने कहा कि राज्य सरकार के अवर सचिव द्वारा मंत्रिमंडल निगरानी विभाग के प्रधान सचिव को 15- 11- 2023 को पत्र लिखकर वीरेंद्र राम के ऊपर प्राथमिकी करने के संबंध में पत्राचार किया गया था. ईडी ने राज्य सरकार को इस विषय पर 8 मई, 2023 को ही पत्र लिखकर मुकदमा दर्ज करने को कहा था. प्रेस वार्ता में प्रतुल ने पत्र की प्रति दिखाते हुए जानना चाहा कि 6 महीने बाद भी मुख्यमंत्री की सहमति मिलने के बाद भी किन परिस्थितियों में मंत्रिमंडल निगरानी विभाग ने प्राथमिकी से संबंधित संचिका को दबा दिया?
प्रतुल ने कहा कि मुख्यमंत्री चंपई सोरेन को स्पष्ट करना चाहिए कि जब पत्र में मुख्यमंत्री की सहमति का जिक्र है तो क्या उस समय के तत्कालीन मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने वीरेंद्र राम के दबाव में मौखिक आदेश देकर प्राथमिकी दर्ज करने से रुकवा दिया था. प्रतुल ने कहा कि अवर सचिव द्वारा लिखे गए पत्र में इस बात का स्पष्ट वर्णन है कि इस मुद्दे पर विधि विभाग ने भी मुकदमा दर्ज करने से संबंधित अपनी सहमति दी थी. प्रतुल ने कहा इस पूरे प्रकरण से झारखंड सरकार एक्सपोज्ड है और यह स्पष्ट होता है कि झारखंड में वर्तमान व्यवस्था में मुख्यमंत्री का आदेश भी सिर्फ भ्रष्टाचारियों को बचाने के लिए आईवॉश है. इससे स्पष्ट है कि पूरी सरकार भ्रष्टाचार में सम्मिलित है.
पश्चिम बंगाल : कांथी लोकसभा सीट से बीजेपी प्रत्याशी सौमेंदु अधिकारी के काफिले पर बम से हमले की खबर है। बताया जाता है कि भाजपा प्रत्याशी सौमेन्दु अधिकारी के जुलूस और कार को निशाना बनाकर उपद्रवियों ने सड़क पर बम फेंके। हालांकि इस घटना में कोई घायल नहीं हुआ है। यह हमला अर्गोवाल इलाके के काली बाजार के पास हुआ है। जिस वक्त उपद्रवियों ने बम फेंका उस वक्त भाजपा प्रत्याशी सौमेन्दु अधिकारी का जुलूस रास्ते से गुजर रहा था।
सौमेन्दु अधिकारी तमलुक लोकसभा सीट से दो बार टीएमसी के सांसद रह चुके हैं। 2021 विधानसभा चुनाव से ठीक पहले उन्होंने अपने भाई शुभेंदु अधिकारी के बीजेपी में शामिल होने के बाद खुद को तृणमूल से दूर कर लिया था। सौमेंदु अधिकारी के पिता शिशिर अधिकारी हैं, वह लगातार तीन बार से सांसद हैं। कांथी सीट से लोकसभा अधिकारी परिवार का गढ़ माना जाता रहा है और इस सीट पर मेशा अधिकारी परिवार का वर्चस्व रहा है। इस सीट से तीन बार से शिशिर अधिकारी तृणमूल कांग्रेस से सांसद हैं।
मॉस्को : रूस ने दावा किया है कि अमेरिकाभारतीय आम चुनाव में हस्तक्षेप करने की कोशिश कर रहा है। रूस ने ये भी कहा कि यह भारत के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप करने के अभियान का हिस्सा है। रूसी विदेश मंत्रालय की आधिकारिक प्रवक्ता मारिया ज़खारोवा ने कहा कि अमेरिका देश में होने वाले आम संसदीय चुनावों को जटिल बनाने के लिए भारत में आंतरिक राजनीतिक स्थिति को असंतुलित करना चाहता है।
जब उनसे भारतीय चुनावों में अमेरिकी हस्तक्षेप के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा, “बिल्कुल। मुझे लगता है कि यह संयुक्त राज्य अमेरिका की ओर से भारत में चल रहे आम संसदीय चुनावों को जटिल बनाने की इच्छा है और भारत के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप करने के अभियान का हिस्सा है।” उन्होंने आगे कहा कि इसका कारण देश में होने वाले आम संसदीय चुनावों को जटिल बनाने के लिए भारत में आंतरिक राजनीतिक स्थिति को असंतुलित करने की इच्छा है। उन्होंने कहा, ”बेशक, यह भारत के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप का हिस्सा है।”
"Unfounded Accusations:" US Aims to Destabilise India During #LokSabha2024 – Russian Foreign Ministry
Spox Maria Zakharova has said Washington lacks simple understanding of India's national mentality and history, as America continues to make "unfounded accusations" about… pic.twitter.com/M8G0gtiP92
भारत ने इससे पहले अमेरिकी अंतर्राष्ट्रीय धार्मिक स्वतंत्रता आयोग (यूएससीआईआरएफ) पर उसकी चुनावी प्रक्रिया में हस्तक्षेप करने और वार्षिक रिपोर्ट का बहाना बनाकर देश के खिलाफ दुष्प्रचार जारी रखने का प्रयास करने के लिए आलोचना की थी। धार्मिक स्वतंत्रता के कथित उल्लंघन के लिए भारत की आलोचना करने वाली यूएससीआईआरएफ की नवीनतम रिपोर्ट पर असामान्य रूप से तीखी प्रतिक्रिया में, विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जयसवाल ने कहा कि संगठन को राजनीतिक एजेंडे के साथ एक पक्षपाती इकाई के रूप में जाना जाता है।
जायसवाल ने कहा, “अंतर्राष्ट्रीय धार्मिक स्वतंत्रता पर अमेरिकी आयोग को राजनीतिक एजेंडे वाले एक पक्षपाती संगठन के रूप में जाना जाता है। वे वार्षिक रिपोर्ट के हिस्से के रूप में भारत पर अपना प्रचार प्रकाशित करना जारी रखते हैं।” उन्होंने कहा, “हमें वास्तव में कोई उम्मीद नहीं है कि यूएससीआईआरएफ भारत के विविध, बहुलवादी और लोकतांत्रिक लोकाचार को समझने की कोशिश करेगा।” जयसवाल ने अपनी साप्ताहिक मीडिया ब्रीफिंग में कहा, “दुनिया की सबसे बड़ी चुनावी प्रक्रिया में हस्तक्षेप करने के उनके प्रयास कभी सफल नहीं होंगे।” यूएससीआईआरएफ ने अपनी नई वार्षिक रिपोर्ट में धार्मिक स्वतंत्रता के कथित उल्लंघन के लिए भारत की आलोचना की है।
राँची : झारखंड चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज ने आज रांची के रेडिशन ब्लू होटल में विचार गोष्ठी का आयोजन किया. जिसमें केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुईं. जहां झारखंड के प्रसिद्ध उद्योगपति व व्यवसायी विष्णु अग्रवाल ने उनसे मुलाकात की. इस दौरान सीतारमण, अग्रवाल के साथ बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी में मौजूद रहे.
इस तस्वीर को झारखंड मुक्ति मोर्चा (जेएमएम) ने अपने एक्स हैंडल पर भाजपा पर हमला बोला है. जेएमएम ने लिखा कि हाथ कंगन को आरसी क्या, पढ़े लिखे को फारसी क्या. झारखंड की जनता विष्णु-बाबू लीला देख और समझ रही है. दरअसल विष्णु अग्रवाल को ईडी ने लैंड स्कैम मामले में गिरफ्तार किया था. प्रवर्तन निदेशालय (ईडी), भारत सरकार के वित्त मंत्रालय के राजस्व विभाग के अधीन आता है.
— Jharkhand Mukti Morcha (@JmmJharkhand) May 9, 2024
ऐसे में राजनीतिक पार्टियां निर्मला सीतारमण से विष्णु अग्रवाल की मुलाकात का अपने-अपने तरीके से मतलब निकालने में जुटे हैं. खास बात यह थी कि इस मुलाकात के दौरान बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी भी मौजूद थे. जिसको लेकर झारखंड की सियासत गरमा गयी है. तरह-तरह के कयासों का बाजार गर्म हो गया है.
चाईबासा : भाकपा माओवादी के नक्सलियों ने मनोहरपुर थाना क्षेत्र में कई जगहों पर पोस्टरबाजी की है. पोस्टर में लिखा है कि लोकसभा चुनाव का बहिष्कार करें. वैकल्पिक जनता की नव जनवादी सत्ता निर्माण करने के पद पर आगे बढ़े. इसके अलावा नक्सलियों ने पोस्टर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ भी कई बातें लिखी है.
गुरुवार की सुबह-सुबह जब लोग अपने घरों से निकले तो देखा कि इलाके में जगह-जगह नक्सलियों के पोस्टर और बैनर लगे हैं. जिसके बाद ग्रामीणों ने पुलिस को इसकी जानकारी दी. सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंची और पोस्टर बैनर को जब्त कर लिया. पुलिस आगे की जांच में जुटी है. नक्सलियों ने मनोहरपुर में पोस्टर लगाकर बीजेपी के खिलाफ प्रचार किया है और किसान-मजदूर विरोधी कानूनों पर नाराजगी जतायी है.
पोस्टर में बीजेपी उम्मीदवारों की हत्या करने की भी बात लिखी है. मालूम हो कि कोल्हान और सारंडा के जंगलों में सुरक्षा बल लगातार नक्सलियों के खिलाफ ऑपरेशन चला रहे हैं. जिसमें सुरक्षा बलों को सफलता भी मिल रही है. अब तक नक्सलियों के कई कैंप नष्ट किये जा चुके हैं और नक्सलियों के विस्फोटक सामग्री समेत हथियार भी बरामद किये गये हैं. सुरक्षा बलों की लगातार बढ़ती कार्रवाई के बाद नक्सलियों का पोस्टर वार तेज होता जा रहा है.