जमशेदपुर: बिष्टुपुर में हुए चर्चित हिमांशु सिंह हत्याकांड और शहर की बिगड़ती कानून-व्यवस्था के खिलाफ आज भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) महानगर द्वारा बुलाए गए ‘जमशेदपुर बंद’ का व्यापक और पूर्ण असर देखने को मिल रहा है। सुबह से ही शहर के तमाम प्रमुख बाजारों में सन्नाटा पसरा रहा और आम जनमानस का इस बंद को अपार समर्थन मिला।
भालूबासा से साकची तक निकली आक्रोश रैली
बंद को सफल बनाने और घटना के प्रति अपना विरोध दर्ज कराने के लिए भाजपा नेता व विधायक प्रतिनिधि गुंजन यादव के नेतृत्व में पार्टी कार्यकर्ताओं ने एक विशाल रैली निकाली। यह रैली भालूबासा से शुरू होकर साकची तक गई। रैली में शामिल कार्यकर्ताओं ने दुकानदारों और व्यवसायियों से अपनी दुकानें बंद रखने की अपील की, जिसे व्यापारियों का भी पूरा सहयोग मिला।
थम गए बसों और ऑटो के पहिये, आम जनता का मिला समर्थन
इस बंद के मद्देनजर पूरे जमशेदपुर के आम जनमानस में गहरा आक्रोश साफ दिखाई दिया। जहां एक ओर दुकानदारों ने अपनी दुकानें और व्यावसायिक प्रतिष्ठान स्वतः स्फूर्त (अपनी मर्जी से) बंद रखे, वहीं दूसरी ओर ऑटो और बस चालकों ने भी अपनी गाड़ियों का परिचालन पूरी तरह ठप रखा। इसके चलते सड़कों पर वाहनों की आवाजाही न के बराबर रही। हालांकि, आवश्यक और आपातकालीन सेवाओं को इस बंद से मुक्त रखा गया है।

झारखंड सरकार और पुलिस प्रशासन के खिलाफ जोरदार नारेबाजी
रैली और प्रदर्शन के दौरान भाजपा कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों ने झारखंड सरकार और जमशेदपुर पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि शहर में अपराधियों के हौसले बुलंद हैं और पुलिस प्रशासन कानून-व्यवस्था बनाए रखने में पूरी तरह विफल साबित हो रहा है। कार्यकर्ताओं ने मांग की कि हिमांशु सिंह के हत्यारों को जल्द से जल्द कड़ी सजा दी जाए और पीड़ित परिवार को उचित न्याय मिले।
शहर के विभिन्न चौक-चौराहों पर सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस बल की तैनाती भी देखी गई है, लेकिन भाजपा के इस बंद को जनता के मिले ‘अपार समर्थन’ ने सरकार की नीतियों के खिलाफ लोगों के गुस्से को साफ बयां कर दिया है।
रिपोर्ट: तीसरी धारा न्यूज डेस्क, जमशेदपुर।











