मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन गुरुवार, पहली जनवरी को खरसावां शहीद स्थल पहुंचे, जहां उन्होंने खरसावां गोलीकांड के शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की. इस दौरान मुख्यमंत्री ने हेलीपैड पर गार्ड ऑफ ऑनर लेने से इनकार कर सरलीकृत सादगी का परिचय दिया.

मीडिया से बातचीत करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आदिवासी समुदाय के वीरों ने अपने जल, जंगल और जमीन की रक्षा के लिए सर्वोच्च बलिदान दिया. खरसावां का शहीद स्थल हमारे इतिहास का ऐसा पन्ना है जिसे भुलाया नहीं जा सकता. उन्होंने कहा कि नए साल की शुरुआत शहीदों को नमन करके की जा रही है, जो समर्पण और प्रेरणा का प्रतीक है.
मुख्यमंत्री ने यह भी घोषणा की कि गुआ गोलीकांड के शहीदों की तर्ज पर खरसावां गोलीकांड के शहीदों और उनके आश्रितों को सम्मान देने के लिए सरकार जल्द एक कमेटी गठित करेगी. इस कमेटी का उद्देश्य शहीदों की पहचान और उनके परिजनों तक राज्य सरकार की योजनाओं का लाभ पहुँचाना होगा.
कार्यक्रम के दौरान मंत्री दीपक बिरूआ, सांसद जोबा माझी, विधायक दशरथ गागराई, सविता महतो सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे. श्रद्धांजलि देने के बाद मुख्यमंत्री ने एक जनसभा को भी संबोधित किया.










