एक नई सोच, एक नई धारा

बड़ी खबर: महंगाई की आग में झुलसा कारोबार! कमर्शियल LPG में ₹993 का रिकॉर्ड उछाल, छोटे सिलेंडर भी हुए महंगे

नई दिल्ली/जमशेदपुर | तीसरी धारा न्यूज: देश में महंगाई का एक और बड़ा धमाका हुआ है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में आई अस्थिरता के कारण तेल विपणन कंपनियों ने कमर्शियल एलपीजी (LPG) सिलेंडरों के दामों में ऐतिहासिक बढ़ोतरी कर दी है। आज से 19 किलो वाले कमर्शियल सिलेंडर की कीमत में ₹993 की भारी वृद्धि की गई है, जिससे व्यापारिक जगत में हड़कंप मच गया है।n7106070101777615334785430e488e94993d5853f6b7e4e2f240bf3b7ac3ea9ad8b6e63b5319c8924a3d3e

छोटे कारोबारियों पर दोहरी मार

​सिर्फ बड़े ही नहीं, बल्कि छोटे व्यापारियों और घरेलू उपयोग (बिना सब्सिडी) के लिए इस्तेमाल होने वाले 5 किलो के फ्री ट्रेड एलपीजी (FTL) सिलेंडर के दामों में भी ₹261 प्रति सिलेंडर की बढ़ोतरी कर दी गई है। तीसरी धारा न्यूज की टीम द्वारा जुटाए गए आंकड़ों के अनुसार, यह नई दरें तुरंत प्रभाव से लागू हो गई हैं।WhatsApp Image 2026 03 07 at 17.22.01

मेट्रो शहरों में नई कीमतें (19 KG कमर्शियल सिलेंडर):

शहर

पुरानी कीमत (लगभग)

नई कीमत (आज से)

बढ़ोतरी

दिल्ली

₹2,078.50

₹3,071.50

₹993

5 किलो FTL

₹1,493.50

₹1,754.50

₹261

आम आदमी को राहत: घरेलू सिलेंडर के दाम स्थिर

​राहत की बात यह है कि केंद्र सरकार ने घरेलू उपयोग वाले 14.2 किग्रा के सिलेंडर की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया है। देश के करीब 33 करोड़ परिवारों को इस महंगाई से फिलहाल दूर रखा गया है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि घरेलू एलपीजी पर सब्सिडी जारी रहेगी ताकि आम जनता के बजट पर सीधा बोझ न पड़े।

क्यों लगी कीमतों में आग?

तीसरी धारा न्यूज के विश्लेषण के अनुसार, इस बढ़ोतरी के पीछे मुख्य वजहें निम्नलिखित हैं:

  • ब्रेंट क्रूड का उछाल: पश्चिम एशिया में जारी भू-राजनीतिक तनाव के चलते कच्चा तेल ₹126 डॉलर प्रति बैरल के खतरनाक स्तर तक जा पहुँचा था।
  • आयात निर्भरता: भारत अपनी गैस जरूरतों का एक बड़ा हिस्सा विदेशों से मंगवाता है, जिससे अंतरराष्ट्रीय दरों और डॉलर की विनिमय दर का सीधा असर कीमतों पर पड़ता है।

खतरे की घंटी: अब बाहर खाना होगा महंगा

​कमर्शियल गैस के दाम बढ़ने का सीधा असर होटल, रेस्टोरेंट, बेकरी और हलवाई की दुकानों पर पड़ेगा। लागत बढ़ने के कारण आने वाले कुछ हफ्तों में बाहर मिलने वाले भोजन, नाश्ते और मिठाई की कीमतों में 10% से 15% तक की वृद्धि देखी जा सकती है।

ब्यूरो रिपोर्ट: तीसरी धारा न्यूज

जमशेदपुर में जनगणना 2026 का शंखनाद: पहली बार नागरिकों को मिलेगी ‘Self Enumeration’ की सुविधा

जमशेदपुर: पूर्वी सिंहभूम जिले में आगामी ‘जनगणना 2026’ की प्रशासनिक तैयारियाँ अब निर्णायक मोड़ पर पहुँच गई हैं। उपायुक्त सह प्रधान जनगणना पदाधिकारी राजीव रंजन ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान बताया कि इस बार की जनगणना पूरी तरह डिजिटल प्लेटफॉर्म पर आधारित होगी, जो इसे अब तक की सबसे आधुनिक और पारदर्शी गणना बनाएगी।1b9b28949e3e2708d23c7cac1e128e5ea8cd5ca5860bd80ba1bbe198678c4440.0

डिजिटल क्रांति: घर बैठे दर्ज करें अपनी जानकारी

​प्रशासन ने इस बार ‘Self Enumeration’ (स्व-गणना) की अनूठी पहल शुरू की है। इसके तहत जिले के नागरिक अब सरकारी प्रगणकों का इंतजार किए बिना खुद पोर्टल पर अपनी जानकारी साझा कर सकेंगे:

  • पोर्टल की शुरुआत: 1 मई 2026 से नागरिक ऑनलाइन पोर्टल का उपयोग कर सकेंगे।
  • सुरक्षा चक्र: डेटा की गोपनीयता बनाए रखने के लिए हर नागरिक को मोबाइल या ईमेल के जरिए एक यूनिक आईडी प्रदान की जाएगी।WhatsApp Image 2026 03 07 at 17.22.01

महत्वपूर्ण समय-सीमा (Census Calendar)

​जनगणना प्रक्रिया को सुव्यवस्थित रखने के लिए जिला प्रशासन ने निम्नलिखित तिथियां निर्धारित की हैं:

  • प्रशिक्षण: 27 अप्रैल से 13 मई 2026 तक जनगणना कर्मियों को डिजिटल उपकरणों के उपयोग का प्रशिक्षण दिया जाएगा।
  • क्षेत्रीय सर्वे: जो लोग ऑनलाइन डेटा दर्ज नहीं करेंगे, उनके लिए 16 मई से 14 जून 2026 तक टीमें घर-घर जाकर डेटा संकलन करेंगी।

सटीक डेटा से संवरेगा भविष्य

​उपायुक्त राजीव रंजन ने जिले के निवासियों से अपील की है कि वे इस राष्ट्रीय कार्य में अपना सहयोग दें। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि डिजिटल डेटा के माध्यम से सरकारी योजनाओं और विकास नीतियों का खाका अधिक सटीकता से तैयार किया जा सकेगा।

​प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में डेटा की पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए ‘युद्धस्तर’ पर निगरानी रखी जा रही है।

अजब-गजब: 8 चांदी के सिक्कों की सुरक्षा में 24 घंटे तैनात हैं 3 पुलिसकर्मी, महीने का खर्च 3 लाख रुपये

अम्बेडकरनगर: उत्तर प्रदेश के आलापुर तहसील से एक बेहद हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहाँ एक जर्जर भवन में बंद आठ चांदी के सिक्कों की सुरक्षा के लिए प्रशासन हर महीने लाखों रुपये खर्च कर रहा है। सुनने में भले ही यह किसी फिल्म की कहानी लगे, लेकिन हकीकत यह है कि इन सिक्कों की पहरेदारी में तीन पुलिसकर्मी पांच साल से 24 घंटे तैनात हैं।n71059483517776047294320d9a47aa44d160147ad88446c444c96fff1b172b7ff53b42125ae6f7346fcd5d

क्या है पूरा मामला?

​मामला राजेसुल्तानपुर के चांडीपुर कला गांव स्थित राजा मोरध्वज के किले से जुड़ा है। करीब आठ साल पहले पास के ही एक खेत में खुदाई के दौरान मिट्टी निकालते समय आठ प्राचीन सिक्के मिले थे। पुरातत्व विभाग के निर्देश पर पुलिस ने इन सिक्कों को जब्त कर आलापुर तहसील के उप कोषागार (Sub-Treasury) में सुरक्षित रखवा दिया था।WhatsApp Image 2026 03 07 at 17.22.01

खत्म हो गया दफ्तर, पर नहीं हटी सुरक्षा

​करीब पांच साल पहले प्रदेश सरकार ने सभी उप कोषागारों को बंद करने का आदेश दिया था। इसके बाद आलापुर उप कोषागार के सभी कर्मचारी और दस्तावेज जिला मुख्यालय स्थानांतरित कर दिए गए। भवन जर्जर हो चुका है, लेकिन इन सिक्कों की सुरक्षा के लिए पुलिस लाइंस से तैनात राकेश वर्मा, विशाल पाल और रामानंद यादव आज भी वहीं ड्यूटी दे रहे हैं।

खर्च का गणित: जानकारों के मुताबिक, इन तीन पुलिसकर्मियों के वेतन और अन्य भत्तों को मिलाकर सरकार हर महीने करीब 3 लाख रुपये सिर्फ इन आठ सिक्कों की सुरक्षा पर खर्च कर रही है।

 

अधिकारियों के बयानों में विरोधाभास

​इस मामले में प्रशासन के अलग-अलग बयान सामने आ रहे हैं:

  • वरिष्ठ कोषाधिकारी (बृजलाल): उनका दावा है कि सिक्कों और कीमती सामान को कुछ समय पहले ही जिला मुख्यालय के मुख्य कोषागार में शिफ्ट कर दिया गया है। सुरक्षा हटाने के लिए निदेशालय से मार्गदर्शन मांगा गया है।
  • तहसीलदार (पद्मेश श्रीवास्तव): उनका कहना है कि तिजोरी में क्या है, इसकी सटीक जानकारी उन्हें नहीं है, लेकिन सामान शिफ्ट करने और पुलिस बल की वापसी के लिए पत्राचार जारी है।

क्यों नहीं जमा हो पा रहे सिक्के?

​खबर है कि इन सिक्कों को अयोध्या स्थित पुरातत्व विभाग के कार्यालय में जमा करने की कोशिश की गई थी। लेकिन विभाग ने इन्हें स्वीकार करने से मना कर दिया क्योंकि सिक्कों को सील करने वाले दरोगा उस वक्त मौजूद नहीं थे। बताया जा रहा है कि संबंधित दरोगा का स्थानांतरण हो चुका है, अब उन्हें बुलाकर ही इन सिक्कों को आधिकारिक रूप से जमा कराया जाएगा।

निष्कर्ष: एक तरफ जहां पुलिस बल की कमी की बातें होती हैं, वहीं दूसरी तरफ महज आठ सिक्कों के लिए एक खंडहर बन चुके भवन पर लाखों रुपये और मानव संसाधन खर्च करना चर्चा का विषय बना हुआ है।

ब्यूरो रिपोर्ट: तीसरी धारा न्यूज

खगड़िया में भीषण सड़क हादसा: गिट्टी लदे हाइवा ने ऑटो को रौंदा, CISF जवान, उनकी शिक्षिका पत्नी और चालक की दर्दनाक मौत

खगड़िया (बिहार): बिहार के खगड़िया जिले से एक बेहद हृदयविदारक घटना सामने आई है। गुरुवार को महेशखूंट थाना क्षेत्र के गौछारी (NH-31) के समीप एक अनियंत्रित हाइवा ने ऑटो को इस कदर अपनी चपेट में लिया कि उसमें सवार तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। मृतकों में छुट्टी बिताकर वापस ड्यूटी पर लौट रहे एक सीआईएसएफ (CISF) जवान और उनकी पत्नी शामिल हैं।n7104990651777535501991860ccbe7e37993d7d9605f6d5a7149ff08dfdac62a5793e1db49099003901163

ड्यूटी ज्वाइन करने निकले थे जवान, स्टेशन पहुंचने से पहले थम गई सांसें

​हादसे का सबसे मार्मिक पहलू यह है कि मृतक विपिन कुमार (CISF जवान) अपने पैतृक गांव मालिया से छुट्टी पूरी कर झारखंड में अपनी ड्यूटी ज्वाइन करने के लिए निकले थे। उनकी पत्नी दीपमाला कुमारी, जो पेशे से एक शिक्षिका थीं, अपने पति को मानसी स्टेशन तक छोड़ने के लिए साथ जा रही थीं। साथ में उनके ही गांव का ऑटो चालक टनकेश कुमार भी था। घर से निकलते वक्त खुशियों का माहौल था, लेकिन एनएच-31 पर मौत बनकर आए हाइवा ने सब कुछ उजाड़ दिया।WhatsApp Image 2026 03 07 at 17.22.01

गिट्टी के अंबार में दफन हो गया ऑटो

​प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, टक्कर इतनी भीषण थी कि गिट्टी से लदा हाइवा ऑटो के ऊपर ही पलट गया। पूरा ऑटो मलबे और गिट्टी के नीचे दब गया। स्थानीय पुलिस को शवों को बाहर निकालने के लिए क्रेन और भारी मशीनों का सहारा लेना पड़ा। घंटों की मशक्कत के बाद गिट्टी हटाई गई और तीनों के क्षत-विक्षत शवों को बाहर निकाला जा सका।

परिजनों में कोहराम, विधायक ने जताया शोक

​घटना की सूचना मिलते ही परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। मृतक के परिजन शंभू चौरसिया ने बताया कि पूरा परिवार विपिन को विदा करने आया था, पर यह अनहोनी हो जाएगी किसी ने नहीं सोचा था।

​सूचना मिलते ही परबत्ता विधायक डॉ. संजीव कुमार भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने शोक संतप्त परिजनों को सांत्वना दी और जिला प्रशासन से दोषी हाइवा चालक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित करने की मांग की।

पुलिसिया कार्रवाई

​महेशखूंट थाना पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त हाइवा और ऑटो को अपने कब्जे में ले लिया है और मामले की गहनता से जांच की जा रही है।

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तीसरी धारा न्यूज फैक्ट-चेक ​सावधान! पेट्रोल-डीजल की कीमतों में ₹10 से ₹12 की भारी बढ़ोतरी की खबर फर्जी, PIB ने किया खुलासा

नई दिल्ली/डेस्क: अगर आपके पास भी सोशल मीडिया पर पेट्रोल और डीजल की कीमतों में भारी इजाफे का कोई मैसेज आया है, तो सावधान हो जाएं। इंटरनेट मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रही एक पोस्ट में दावा किया जा रहा है कि सरकार ने तेल की कीमतों में 10 रुपये से लेकर 12.50 रुपये तक की वृद्धि कर दी है। प्रेस इन्फॉर्मेशन ब्यूरो (PIB) ने इस खबर का खंडन करते हुए इसे पूरी तरह फर्जी (Fake) करार दिया है।n7104686461777531847691df707e8602908b9c00e3c8b4880b527d9b8fb85214507ef60878eb1d752fd659

क्या है वायरल पोस्ट का दावा?

​वायरल हो रही पोस्ट में पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय का एक कथित ‘आधिकारिक आदेश’ दिखाया गया है। इसमें दावा किया गया है कि:

  • पेट्रोल: ₹10 प्रति लीटर महंगा हो गया है।
  • डीजल: ₹12.50 प्रति लीटर महंगा हो गया है।

​पोस्ट में यह तर्क दिया गया था कि वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में 100% की वृद्धि के कारण यह फैसला लिया गया है। इतना ही नहीं, भ्रम फैलाने के लिए वित्त मंत्रालय की एक फर्जी अधिसूचना का भी सहारा लिया गया।WhatsApp Image 2026 03 07 at 17.22.01

PIB फैक्ट चेक की सफाई

​PIB ने स्पष्ट किया है कि भारत सरकार ने ऐसा कोई आदेश जारी नहीं किया है। बयान में कहा गया, “सोशल मीडिया पर चल रहा यह आदेश पूरी तरह फर्जी है। ईंधन की कीमतों में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई है। नागरिक ऐसी भ्रामक खबरों को शेयर करने से बचें और हमेशा आधिकारिक स्रोतों से ही जानकारी की पुष्टि करें।”

महानगरों में आज के ताजा भाव

​अधिकारियों ने पुष्टि की है कि देश के प्रमुख शहरों में ईंधन की कीमतें स्थिर बनी हुई हैं। तीसरी धारा न्यूज आपके संदर्भ के लिए वर्तमान कीमतें साझा कर रहा है:

शहर

पेट्रोल (प्रति लीटर)

डीजल (प्रति लीटर)

दिल्ली

₹94.77

₹87.67

मुंबई

₹103.44

₹89.97

निष्कर्ष

​सोशल मीडिया पर तेल की कीमतों में वृद्धि का दावा करने वाला दस्तावेज फर्जी है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि यह केवल आम जनता के बीच भ्रम पैदा करने की कोशिश है।

ऐसी ही सटीक और विश्वसनीय खबरों के लिए पढ़ते रहें “तीसरी धारा न्यूज”।

झारखंड से दिल्ली की ओर ‘तीर-धनुष’: राष्ट्रीय फलक पर पहचान बनाने को तैयार झामुमो

रांची: क्षेत्रीय राजनीति की सीमाओं को लांघकर अब झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) ने राष्ट्रीय राजनीति में अपनी धमक बढ़ाने के लिए निर्णायक कदम उठा दिए हैं। अप्रैल 2025 में रांची में आयोजित पार्टी के 13वें महाधिवेशन ने यह स्पष्ट कर दिया है कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में पार्टी की प्राथमिकता अब सिर्फ झारखंड तक सीमित नहीं, बल्कि देशभर में विस्तार की है।n7104774151777530900740ce8d5b58980f032b56459998bdff8e10055f4c6e16b1810e05d8201505780572

रणनीतिक विस्तार: बृहद झारखंड और राष्ट्रीय संपर्क

तीसरी धारा न्यूज के विश्लेषण के अनुसार, झामुमो की नई रणनीति के केंद्र में दिल्ली में संपर्क कार्यालय खोलना और बिहार, असम, ओडिशा एवं बंगाल के विशिष्ट हिस्सों को मिलाकर ‘बृहद झारखंड’ की परिकल्पना को मजबूत करना है। पार्टी अब अपने मूल आधार—आदिवासी, दलित, पिछड़े और अल्पसंख्यकों के सामाजिक गठजोड़ को राष्ट्रीय स्तर पर ले जाने की तैयारी में है।WhatsApp Image 2026 03 07 at 17.22.01

बिहार से सबक और असम में आक्रामक रुख

​पार्टी के लिए बिहार चुनाव एक बड़ा सबक रहा, जहां गठबंधन में सीटों पर सहमति न बनने के कारण उसे चुनावी दौड़ से बाहर रहना पड़ा। इस अनुभव से सीखते हुए झामुमो ने असम में समय रहते चुनाव आयोग से अपना चुनाव चिह्न ‘तीर-धनुष’ हासिल किया और 16 सीटों पर मजबूती से चुनाव लड़ा। हेमंत सोरेन की धुआंधार रैलियों ने स्पष्ट कर दिया कि झामुमो भाजपा के आदिवासी वोट बैंक में सेंधमारी के लिए पूरी तरह तैयार है।

बंगाल में परिपक्वता और भाजपा विरोधी मोर्चा

​पश्चिम बंगाल में झामुमो ने एक अलग राजनीतिक परिपक्वता दिखाई। वहां अपने उम्मीदवार उतारने के बजाय हेमंत सोरेन और कल्पना सोरेन ने ममता बनर्जी (TMC) का समर्थन किया। यह कदम झामुमो को राष्ट्रीय स्तर पर भाजपा के एक सशक्त वैचारिक प्रतिद्वंद्वी के रूप में स्थापित करने की रणनीति का हिस्सा है।

हेमंत सोरेन: देश के उभरते सबसे बड़े ट्राइबल लीडर

​झामुमो महासचिव विनोद पांडेय के अनुसार, पार्टी आने वाले समय में छत्तीसगढ़ जैसे अन्य राज्यों में भी विस्तार करेगी। राजनीतिक चिंतकों का मानना है कि हेमंत सोरेन आज देश के सबसे लोकप्रिय आदिवासी नेता के रूप में उभर रहे हैं, जो भाजपा की विचारधारा के खिलाफ मजबूती से खड़े हैं।

चुनौतियां और भविष्य की राह

​झामुमो की जड़ें 1970 के दशक के आंदोलन और एके राय व शिबू सोरेन की समाजवादी सोच में हैं। हालांकि, राष्ट्रीय पार्टी बनने की राह में गठबंधन की जटिलताएं और नए राज्यों में संगठन खड़ा करना एक बड़ी चुनौती है। लेकिन असम और बंगाल की सक्रियता ने संकेत दे दिया है कि झारखंड के बाद झामुमो का अगला पड़ाव अब दिल्ली है।

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खरसावां: प्रखंड स्तरीय रक्तदान शिविर में उमड़ा उत्साह, 80 यूनिट रक्त संग्रहित

सरायकेला/खरसावां: तीसरी धारा न्यूज के लिए खरसावां से रिपोर्ट। मानवता की सेवा और रक्त की उपलब्धता सुनिश्चित करने की दिशा में आज खरसावां प्रखंड में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया। उपायुक्त सरायकेला-खरसावां के दिशा-निर्देशानुसार आयोजित प्रखंड स्तरीय रक्तदान शिविर में भारी उत्साह देखा गया।IMG 20260430 WA0029

80 रक्तदाताओं ने किया महादान

​शिविर का मुख्य उद्देश्य आमजनों को रक्तदान के प्रति जागरूक करना और आपातकालीन स्थिति में मरीजों के लिए पर्याप्त रक्त सुरक्षित रखना था। तीसरी धारा न्यूज को मिली जानकारी के अनुसार, शिविर में कुल 80 रक्तदाताओं ने स्वेच्छा से रक्तदान किया। हालांकि, जांच के दौरान 31 लोगों को स्वास्थ्य कारणों से अयोग्य घोषित कर दिया गया।WhatsApp Image 2026 03 07 at 17.22.01

प्रशासनिक और जन भागीदारी

​शिविर की सफलता में प्रखंड प्रशासन और स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने कंधे से कंधा मिलाकर काम किया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से उपस्थित रहे:

  • ​प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) एवं अंचल अधिकारी (CO)
  • ​थाना प्रभारी एवं जिला परिषद सदस्य
  • ​प्रखंड प्रमुख एवं अन्य स्थानीय जनप्रतिनिधि

​विशेष रूप से महिलाओं की भागीदारी इस शिविर का आकर्षण रही, जिन्होंने बड़ी संख्या में पहुंचकर इस नेक काम में अपना योगदान दिया।

सहयोगी संस्थाओं का आभार

​स्वास्थ्य विभाग, रेड क्रॉस सोसाइटी और कई स्थानीय सहयोगी संस्थाओं के समन्वय से यह कार्यक्रम संपन्न हुआ। जिला प्रशासन ने तीसरी धारा न्यूज के माध्यम से आम जनता से अपील की है कि वे नियमित रूप से रक्तदान को अपनी जीवनशैली का हिस्सा बनाएं ताकि किसी भी जरूरतमंद की जान रक्त के अभाव में न जाए।

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जमशेदपुर में कुदरत का करिश्मा: भीषण गर्मी के बीच अचानक बदला मौसम, आंधी-बारिश के साथ जमकर गिरे ओले

जमशेदपुर: लौहनगरी में आज शाम कुदरत का एक अलग ही रूप देखने को मिला। पिछले कुछ दिनों से पड़ रही भीषण गर्मी और उमस से बेहाल जमशेदपुर वासियों को आज शाम अचानक आए मौसम के बदलाव ने बड़ी राहत दी। शहर में तेज आंधी और झमाझम बारिश के साथ कई इलाकों में जमकर बर्फबारी (ओलावृष्टि) हुई, जिससे तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है।IMG 20260429 171900

शाम होते ही आसमान में छाया अंधेरा

​दोपहर तक चिलचिलाती धूप के बाद शाम करीब 5 बजे के आसपास अचानक आसमान में काले बादलों ने डेरा डाल दिया। देखते ही देखते तेज धूल भरी आंधी चलने लगी, जिसके बाद बारिश का सिलसिला शुरू हुआ। बारिश के साथ ही साकची, बिष्टुपुर, मानगो और बागबेड़ा समेत कई इलाकों में बड़े-बड़े ओले गिरने लगे, जिससे सड़कों पर सफेद चादर सी बिछ गई।WhatsApp Image 2026 03 07 at 17.22.01

गर्मी से मिली राहत, जनजीवन हुआ प्रभावित

​इस अचानक हुई बारिश और बर्फबारी से जहां लोगों को गर्मी से निजात मिली है, वहीं तेज हवाओं के कारण शहर के कई हिस्सों में पेड़ गिरने और बिजली के तार टूटने की भी खबरें आ रही हैं। आंधी की वजह से बिजली आपूर्ति घंटों बाधित रही, जिससे कुछ इलाकों में अंधेरा छाया रहा।

मुख्य प्रभाव:

  • तापमान में गिरावट: अचानक हुई बारिश से पारा लुढ़क गया और मौसम सुहावना हो गया।
  • यातायात बाधित: सड़कों पर जलजमाव और ओले गिरने के कारण वाहनों की रफ्तार थम गई।
  • बिजली संकट: तेज आंधी की वजह से कई मोहल्लों में एहतियातन बिजली काट दी गई।

तीसरी धारा न्यूज की अपील

​मौसम में आए इस अचानक बदलाव और तेज आंधी को देखते हुए तीसरी धारा न्यूज सभी नागरिकों से अपील करता है कि वे सुरक्षित स्थानों पर रहें। जर्जर भवनों और बिजली के खंभों या पेड़ों के नीचे शरण न लें। वाहन चलाते समय विशेष सावधानी बरतें क्योंकि सड़कों पर ओलों की वजह से फिसलन हो सकती है।

ब्यूरो रिपोर्ट, तीसरी धारा न्यूज

दिल्ली हाई कोर्ट में हड़कंप: सुनवाई के दौरान अचानक चलने लगा अश्लील वीडियो, हैकर ने दी बड़ी चेतावनी

नई दिल्ली/डेस्क: देश की राजधानी में न्याय के मंदिर से एक ऐसी खबर सामने आई है जिसने सुरक्षा व्यवस्था और वर्चुअल सुनवाई की प्रणालियों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। बुधवार को दिल्ली हाई कोर्ट की कार्यवाही के दौरान उस वक्त सन्नाटा पसर गया, जब वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (VC) के जरिए चल रही सुनवाई में किसी ने अश्लील वीडियो प्ले कर दिया।IMG 20260429 164446

सुनवाई के बीच वर्चुअल घुसपैठ

​यह शर्मनाक घटना उस समय हुई जब चीफ जस्टिस देवेंद्र कुमार उपाध्याय और जस्टिस तेजस कारिया की खंडपीठ सप्लीमेंट्री लिस्ट के मामलों पर सुनवाई कर रही थी। ‘लाइव लॉ’ की रिपोर्ट के अनुसार, वर्चुअल कॉन्फ्रेंसिंग में ‘Shitjeet Sighn’ नाम के एक यूजर ने लॉग-इन किया और अचानक अपनी स्क्रीन शेयर कर पोर्नोग्राफिक कंटेंट चला दिया।WhatsApp Image 2026 03 07 at 17.22.01

एक नहीं, तीन बार किया गया हमला

​अदालत के कर्मचारियों ने तुरंत मुस्तैदी दिखाते हुए वीडियो कॉन्फ्रेंस बंद कर दी। लेकिन हैरानी और चिंता की बात यह रही कि जब-जब VC दोबारा शुरू की गई, उस घुसपैठिये ने फिर से वही हरकत दोहराई।

  • पहली बार: स्क्रीन शेयर कर अश्लील सामग्री दिखाई गई, स्टाफ ने कनेक्शन काटा।
  • दूसरी बार: दोबारा लिंक शुरू होते ही यूजर ने फिर से अश्लील वीडियो चलाया।
  • तीसरी बार: तीसरी बार जब वीडियो प्ले हुआ, तो बैकग्राउंड से एक डरावनी आवाज आई।

“तुम हैक हो चुके हो”: हैकर की खुली धमकी

​तीसरी बार वीडियो चलने के दौरान बैकग्राउंड से आवाज आई कि— “यह यूनाइटेड स्टेट्स से किया गया एक हैक है। इस मीटिंग को अभी तुरंत बंद कर दो। इसे दोबारा कभी शुरू मत करना। तुम हैक हो चुके हो।” इस चेतावनी के बाद कोर्ट रूम में हड़कंप मच गया। सुरक्षा के मद्देनजर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग को काफी देर तक बंद रखा गया। बाद में जब कार्यवाही बहाल हुई, तो अनजान यूजर्स को तुरंत लॉक कर दिया गया और कोर्ट का ऑडियो-वीडियो एक्सेस भी कड़ा कर दिया गया।

तीसरी धारा न्यूज की विशेष रिपोर्ट

​किसी उच्च न्यायालय की कार्यवाही में इस तरह की सेंधमारी न केवल तकनीकी सुरक्षा में बड़ी चूक है, बल्कि न्यायपालिका की गरिमा पर भी हमला है। अगर हैकर अंतरराष्ट्रीय स्तर से ऐसी हरकत कर रहे हैं, तो यह साइबर सुरक्षा के लिहाज से एक “अलार्मिंग बेल” है। तीसरी धारा न्यूज इस मामले में कड़ी जांच और दोषियों की पहचान कर सख्त कार्रवाई की मांग करता है।

ब्यूरो रिपोर्ट, तीसरी धारा न्यूज

खेलो अस्मिता बॉक्सिंग चैंपियनशिप: मंगल सिंह बॉक्सिंग सेंटर के मुक्केबाजों का जलवा, जीते 4 पदक

जमशेदपुर: देश भर में ‘खेलो इंडिया’ अभियान के तहत खिलाड़ियों को मिल रहे प्रोत्साहन का असर अब मैदानों पर दिखने लगा है। इसी कड़ी में सीतारामडेरा कम्युनिटी सेंटर में पूर्वी सिंहभूम बॉक्सिंग एसोसिएशन द्वारा आयोजित ‘खेलो अस्मिता बॉक्सिंग चैंपियनशिप’ में जमशेदपुर के मुक्केबाजों ने अपना परचम लहराया है। इस प्रतियोगिता में मंगल सिंह बॉक्सिंग सेंटर के पांच खिलाड़ियों ने दमखम दिखाया, जिनमें से चार ने पदक जीतकर क्षेत्र का मान बढ़ाया।IMG 20260429 WA0010

स्वर्ण और रजत पदकों की रही धूम

​चैंपियनशिप में मंगल सिंह बॉक्सिंग सेंटर की बेटियों ने रिंग में अपनी तकनीक और साहस का लोहा मनवाया। पदक विजेताओं की सूची इस प्रकार है:

  • रागिनी कुमारी: स्वर्ण पदक (Gold Medal)
  • दिव्या सोया: रजत पदक (Silver Medal)
  • मानसी सरदार: रजत पदक (Silver Medal)
  • तृप्ति कुमारी: कांस्य पदक (Bronze Medal)

मुख्य अतिथि ने थपथपाई पीठ

​विजेता खिलाड़ियों को पदक प्रदान करने के लिए मुख्य अतिथि के रूप में जिला खेल अधिकारी श्रीमती रूपा रानी तिर्की उपस्थित हुईं। उन्होंने खिलाड़ियों को पदक पहनाकर उनका उत्साहवर्धन किया और कहा कि ऐसे मंचों से ही भविष्य के ओलंपिक खिलाड़ी निकलते हैं।WhatsApp Image 2026 03 07 at 17.22.01

मार्गदर्शकों ने दी बधाई

​इन खिलाड़ियों ने कोच विवेक दास की देखरेख में कड़ी मेहनत की थी, जबकि प्रबंधक के रूप में पूर्व मुक्केबाज गुलाम गौस ने टीम का नेतृत्व किया। इस शानदार उपलब्धि पर (MBC) मानगो बॉक्सिंग सेंटर के कोच विजय सोय ने भी प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने सभी पदक विजेताओं को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की और कहा कि यह सफलता अन्य बच्चों को भी खेलों की ओर प्रेरित करेगी।

तीसरी धारा न्यूज की विशेष टिप्पणी

​जमशेदपुर हमेशा से खेल और खिलाड़ियों की नर्सरी रहा है। ‘खेलो अस्मिता’ जैसे आयोजन न केवल महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देते हैं, बल्कि छोटे केंद्रों से आने वाली प्रतिभाओं को राष्ट्रीय स्तर तक पहुँचने का मार्ग प्रशस्त करते हैं। तीसरी धारा न्यूज सभी पदक विजेताओं और उनके कोचों को इस गौरवपूर्ण उपलब्धि पर सलाम करता है।

ब्यूरो रिपोर्ट, तीसरी धारा न्यूज

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