टीएमसी नेता और पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी को आज यानी गुरुवार को बड़ी चोट आई है। बता दें कि टीएमसी ने अपने एक्स हैंडल पर इसकी जानकारी दी है। टीएमसी ने लिखा कि हमारी चेयरपर्सन को गंभीर चोट आई है, उनके लिए दुआ करें।
इस दौरान, सीएम ममता की एक तस्वीर भी सामने आई है, जिसमें उनके माथे से खून निकलता दिखाई दे रहा है। उन्हें कोलकाता के SSKM अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है।
घर में गिरने से लगी चोट
दरअसल, बताया जा रहा है कि सीएम ममता अपने घर पर टहल रही थी, उसी दौरान गिरने के कारण उन्हें चोट लग गई। इसके बाद अभिषेक बनर्जी उन्हें अस्पताल ले गए। बता दें कि इससे पहले भी सीएम ममता बनर्जी हादसे का शिकार हो चुकी हैं। इसी साल जनवरी में भी वो एक सड़क हादसे का शिकार हुई थी। उस समय वो बर्धमान से कोलकाता वापस लौट रही थीं।
टीएमसी ने की प्रार्थना की अपील
वहीं दूसरी तरफ तृणमूल कांग्रेस ने सभी से मुख्यमंत्री के स्वास्थ्य के लिए प्रार्थना की अपील की। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के गंभीर रूप से घायल होने पर प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सुकांत मजूमदार और भाजपा सांसद दिलीप घोष ने भी उनके जल्द स्वस्थ होने की प्रार्थना की है।
अमेरिका में भारतीय प्रोफेशनल्स की भारी डिमांड है। अमेरिका की अर्थव्यवस्था और अमेरिकी राजनीति में भारतीयों का वर्चस्व किसी से छिपा नहीं है। अमेरिका में बसे भारतीयों का स्टेटस और उनकी पोजिशन यह बताने के लिए काफी है कि भारत से अमेरिका कितना प्रभावित है।
अब तो अमेरिका के जनप्रतिनिधि भी भारत का लोहा मानने लगे हैं। वैश्विक स्तर पर भारत की बढ़ती धाक की गूंज अब अमेरिका में भी सुनाई दे रही है। यही कारण है कि अमेरिका में पेन्सिल्वेनिया के 8वें कांग्रेसनल डिस्ट्रिक्ट से सांसद मैट कार्टराइट ने कहा कि अमेरिका को भारतीय प्रोफेशनलों की सख्त आवश्यकता है। इसी वजह से कार्टराइट ने ग्रीन कार्ड जारी करने की 7 प्रतिशत के कोटा को हटाने की मांग भी की है।
वैसे तो अमेरिका में बड़ी संख्या में भारतीय मूल के लोग निवास करते हैं। यही कारण है कि अमेरिका को और भारतवंशियों की आवश्यकता है जो वहां रहकर अमेरिका के विकास में और योगदान कर सकें। न्यूज एजेंसी पीटीआई को दिए इंटरव्यू में अमेरिकी सांसद मैट कार्टराइट ने भारतीयों के लिए ग्रीन कार्ड की कैप को खत्म करने की अपील भी की है।?
7 फीसदी ग्रीनकार्ड के कोटे को हटाने की मांग
अमेरिका हर साल सिर्फ 7% भारतीयों को ही ग्रीन कार्ड जारी करता है। कार्टराइट ने इस कोटे को हटाने की मांग की है। कार्टराइट ने कहा कि ये बहुत जरूरी है कि जब भारतीय नौकरी की तलाश में हों तो वो अमेरिका आकर बसें, क्योंकि अमेरिका को हाई क्वालिटी, हाई स्किल्ड और स्मार्ट लोगों की जरूरत है। मैट कार्टराइट पेन्सिल्वेनिया के 8वें कांग्रेसनल डिस्ट्रिक्ट से सांसद हैं। कार्टराइट लंबे समय से ग्रीन कार्ड का कोटा हटाने की गुहार लगाते रहे हैं।
भारतीयों की बहुत जरूरत
उन्होंने कहा कि अमेरिका ने हर देश के लिए 7 फीसदी कोटा सीमित कर दिया है, लेकिन इस वजह से भारत जैसे बड़े लोकतांत्रिक और मित्र देशों को नुकसान होता है। भारत में बहुत सारे लोग उच्च शिक्षित हैं और अमेरिका में 7 फीसदी कोटे की सीमितता की वजह से इन्हें मौका नहीं मिल पाता है। यदि ऐसे लोगों को अमेरिका में मौका नहीं मिला, तो यह अमेरिका की बेवकूफी होगी।
अमेरिका में हाई स्किल्ड भारतीयों की जरूरत
उन्होंने कहा कि अमेरिका ने हमेशा तेज बुद्धि और हाई स्किल्ड लोगों को यहां आने और हमारी अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए स्वागत किया है। और ऐसा सैकड़ों साल से जारी है। इसलिए ये 7 प्रतिशत का मनमाना कोटा लगाना गलती है। कार्टराइट ने कहा कि दोनों देशों के बीच होने वाला अंतर्राष्ट्रीय कारोबार बहुत जरूरी है। और भारत से ज्यादा से ज्यादा लोग यहां आएं, ये भी बहुत जरूरी है।
क्या है ग्रीन कार्ड
ग्रीन कार्ड को अमेरिका में आधिकारिक तौर पर स्थायी निवास कार्ड के तौर पर जाना जाता है। यह अमेरिका में प्रवासियों को जारी किया जाने वाला दस्तावेज है, जिसके तहत वीजाधारक को स्थायी रूप से रहने का अधिकार दिया जाता है। ग्रीन कार्ड जारी करने के लिए प्रति देश के हिसाब से एक तय सीमा होती है। अनुमान है कि अमेरिका में 2.35 करोड़ लोग एशियाई मूल के हैं। सबसे ज्यादा 52 लाख नागरिक चीनी मूल के हैं। दूसरे नंबर पर 48 लाख भारतीय मूल के हैं।
नागरिकता संशोधन कानून (CAA) को लेकर केंद्र की अधिसूचना के बाद से विपक्ष सरकार पर हमलावर रुख अपनाए हैं। दूसरी तरफ सरकार का साफ कहना है कि कोई कुछ भी कर ले, ये कानून वापस नहीं होने वाला है।
मुसलमान भी कर सकते हैं आवेदन
वहीं गृह मंत्री अमित शाह (Amit Shah on CAA) ने सीएए में मुसलमानों को शामिल न करने की भी वजह बताई। हालांकि, उन्होंने कहा कि यदि वे अभी भी भारतीय नागरिकता चाहते हैं, तो वे संवैधानिक तरीकों से इसके लिए आवेदन कर सकते हैं।
सीएए में शामिल न करने की बताई वजह
शाह ने कहा कि सीएए में मुसलमानों को शामिल नहीं किया गया है क्योंकि पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बांग्लादेश इस्लामी राज्य हैं। फिर वहां मुसलमान धार्मिक अल्पसंख्यक कैसे हो सकते हैं?
ममता पर साधा निशाना
सीएए को लेकर पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी के बयान पर शाह ने पलटवार किया है। दरअसल, ममता ने कहा था कि वो अपने राज्य में सीएए लागू नहीं होने देंगी। इस पर शाह ने कहा कि विपक्ष को भी मालूम है कि INDI एलायंस सत्ता में नहीं आने वाला है। CAA के कानून को प्रधानमंत्री मोदी जी के नेतृत्व में भाजपा सरकार लाई है, इसे रद्द करना असंभव है।
शाह ने कहा कि नागरिकता केंद्र का मुद्दा है और सीएए को कोई राज्य सरकार रद्द नहीं कर सकती। इसलिए ये सभी विपक्षी लोग सिर्फ बयानबाजी कर रहे हैं। शाह ने कहा कि मैं ममता बनर्जी को खुली चुनौती देता हूं कि इस कानून में किसी की नागरिकता छीनने वाली एक धारा भी हो तो वो बता दें। उन्होंने कहा कि ममता केवल खौफ पैदा कर रही हैं, हिंदू और मुसलमानों के बीच विवाद कराना चाहती हैं।
आदिवासी क्षेत्रों के अधिकार नहीं होंगे कमजोर
गृह मंत्री ने आगे कहा कि CAA आदिवासी क्षेत्रों की संरचना और अधिकारों को कमजोर नहीं करेगा। उन्होंने कहा कि हमने अधिनियम में ही प्रावधान किए हैं कि जहां भी Inner Line Permit है और जो भी क्षेत्र छठी अनुसूची क्षेत्रों में शामिल हैं, वहां CAA लागू नहीं होगा।
एक साथ लोकसभा और विधानसभा चुनावों का अध्ययन करने के लिए गठित राम नाथ कोविंद की अगुवाई वाली उच्च-स्तरीय समिति अपने गठन के पांच महीने बाद आज राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को अपनी रिपोर्ट सौंपेगी।
रिपोर्ट में एक साथ चुनावों की आर्थिक व्यवहार्यता पर 15वें वित्त आयोग के अध्यक्ष एनके सिंह और अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष की प्राची मिश्रा का एक पेपर भी शामिल है। रिपोर्ट में एक साथ चुनाव कराने के लिए जरूरी वित्तीय और प्रशासनिक संसाधनों का भी ब्यौरा होगा। इसने अपनी वेबसाइट के माध्यम से दिए गए फीडबैक और पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्तों सहित विभिन्न हितधारकों से मिले फीडबैक पर विचार किया है।
समिति का सितंबर 2023 में हुआ था गठन
समिति का गठन पिछले साल सितंबर में किया गया था और इसके अध्यक्ष पूर्व राष्ट्रपति कोविंद हैं। समिति राजनीतिक दलों, संवैधानिक विशेषज्ञों, पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्तों और चुनाव आयोग और अन्य संबंधित हितधारकों के साथ उनके विचार जानने और मामले पर जानकारी इकट्ठा करने के लिए परामर्श कर रही है। समिति के कार्यक्षेत्र में शासन, प्रशासन, राजनीतिक स्थिरता, खर्च, और मतदाता भागीदारी पर चुनावों के संभावित प्रभाव की जांच करना शामिल है। इसे सिफारिशें तैयार करने और इसके फायदे और नुकसान को बताते हुए एक व्यापक रिपोर्ट पेश करने का भी काम सौंपा गया है।
चुनाव कराने के बढ़ते खर्च पर चिंता
इससे पहले भी एक संसदीय स्थायी समिति, नीति आयोग और विधि आयोग ने एक साथ चुनाव के मुद्दे पर विचार किया है, जिसमें एक के बाद एक चुनाव कराने के बढ़ते खर्च पर चिंता जताई गई। साथ ही संभावित संवैधानिक और कानूनी समस्याओं का भी जिक्र किया गया है। कोविंद पहले ही संसदीय और राज्य विधानसभा चुनावों को एक साथ कराने के पक्ष में आ चुके हैं और सभी राजनीतिक दलों से राष्ट्रीय हित में इस विचार का समर्थन करने की अपील कर चुके हैं। पिछले साल नवंबर में पूर्व राष्ट्रपति ने कहा था कि केंद्र में सत्ता में रहने वाली किसी भी पार्टी को “एक राष्ट्र, एक चुनाव” से लाभ होगा और चुनाव खर्च में बचाए गए धन का इस्तेमाल विकास के लिए किया जा सकता है।
भाजपा के 2014 और 2019 घोषणापत्र में एक साथ चुनाव की वकालत
भारतीय जनता पार्टी के 2014 और 2019 के घोषणापत्र में पूरे देश में एक साथ चुनाव कराने की वकालत की गई थी, लेकिन इसे लागू करने के लिए संविधान में कम से कम पांच अनुच्छेद और जन प्रतिनिधित्व अधिनियम में बदलाव करना होगा। 20 फरवरी को भाजपा ने इस विचार का समर्थन करते हुए कोविंद के नेतृत्व वाले पैनल से कहा था कि भारत के चुनावों को नियंत्रित करने वाले कानून में बदलाव आम सहमति से लाया जाना चाहिए और आदर्श आचार संहिता का बार-बार लागू होना शासन को नुकसान पहुंचाता है और भ्रष्टाचार को बढ़ावा देता है। भाजपा के अलावा, जनता दल (यू), शिवसेना और रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया – अठावले ने एक साथ चुनाव के विचार का समर्थन किया है।
पश्चिम बंगाल में सत्ताधारी पार्टी तृणमूल कांग्रेस में लोकसभा चुनाव के लिए उम्मीदवारों की घोषणा के बाद उठापटक शुरू हो गई है। क्रिकेटर यूसुफ पठान को बहरामपुर सीट से उतारने पर पार्टी के भीतर विवाद हो गया है।
मुर्शिदाबाद के भरतपुर से तृणमूल विधायक हुमायूं कबीर ने कहा कि अगर उम्मीदवार नहीं बदला गया तो वह बहरामपुर से निर्दलीय लड़ेंगे।
कबीर ने कहा, दूसरे राज्य से किसी को लाकर कांग्रेस के अधीररंजन चौधरी को नहीं हराया जा सकता। कबीर का एक वीडियो सामने आया है, जिसमें वह कह रहे हैं कि पार्टी ने तृणमूल के जिला नेतृत्व से बिना बातचीत के ही यूसुफ पठान के नाम की घोषणा कर दी। मैं इसे स्वीकार नहीं करता। चुनाव की तारीखों की घोषणा होने दीजिए और आप मेरी अगली कार्रवाई देखेंगे। मैं उनके खिलाफ मतदान सुनिश्चित करूंगा।
ममता ने छोटे भाई ने भी उम्मीदवार चयन पर उठाए सवाल वहीं, हावड़ा सीट से प्रत्याशी प्रसून बनर्जी के चयन पर सवाल उठाने पर सीएम ममता बनर्जी ने छोटे भाई बाबुन बनर्जी से सारे संबंध खत्म करने की घोषणा कर दी। ममता ने कहा, हर चुनाव से पहले वह (बाबुन) समस्या पैदा करते हैं। मुझे लालची लोग पसंद नहीं हैं। मैं वंशवाद की राजनीति में विश्वास नहीं करती, जो उन्हें टिकट दे दूंगी। मैंने उनके साथ सभी रिश्ते खत्म करने का फैसला किया है।
बाबुन ने हावड़ा से दो बार सांसद रहे प्रसून बनर्जी को टिकट देने पर नाराजगी जताते हुए कहा, प्रसून सही विकल्प नहीं हैं। कई सक्षम उम्मीदवार थे, जिन्हें नजरअंदाज कर दिया गया। प्रसून ने मेरा जो अपमान किया, उसे मैं कभी नहीं भूल सकता। उन्होंने भाजपा में जाने की अटकलों को खारिज करते हुए कहा कि जरूरत पड़ने पर वह हावड़ा से निर्दलीय लड़ सकते हैं। हालांकि, ममता की नाराजगी सामने आने के बाद सुर बदल गए। चुनाव नहीं लड़ने की बात कहते हुए कहा, ममता दीदी मेरी अभिभावक हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज (गुरुवार) जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में पीएम स्वनिधि योजना के लाभार्थियों को संबोधित करेंगे। इस दौरान वह योजना के तहत दिल्ली के पांच हजार स्ट्रीट वेंडरों समेत एक लाख स्ट्रीट वेंडरों को ऋण वितरित करेंगे।
मेट्रो फेज 4, बनेंगे 45 नए मेट्रो स्टेशन
प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) ने बताया कि कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री दिल्ली मेट्रो के चरण-4 के दो अतिरिक्त कॉरिडोर लाजपत नगर-साकेत जी ब्लॉक और इंद्रलोक-इंद्रप्रस्थ की की आधारशिला भी रखेंगे। ये गलियारे कुल मिलाकर 20 किमी से अधिक लंबे होंगे और कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने और यातायात की भीड़ को कम करने में मदद करेंगे।
लाजपत नगर से साकेत जी-ब्लॉक कॉरिडोर पर स्टेशनों में लाजपत नगर, एंड्रयूज गंज, ग्रेटर कैलाश-1, चिराग दिल्ली, पुष्पा भवन, साकेत जिला केंद्र, पुष्प विहार, साकेत जी-ब्लॉक शामिल होंगे। इंद्रलोक-इंद्रप्रस्थ कॉरिडोर के स्टेशनों में इंद्रलोक, दया बस्ती, सराय रोहिल्ला, अजमल खान पार्क, नबी करीम, नई दिल्ली, एलएनजेपी अस्पताल, दिल्ली गेट, दिल्ली सचिवालय, इंद्रप्रस्थ शामिल होंगे।
62 लाख से अधिक स्ट्रीट वेंडरों को मिला अब तक फायदा
पीएम स्वनिधि योजना के तहत अब तक देश में 62 लाख से अधिक स्ट्रीट वेंडरों को 10,978 करोड़ रुपये से अधिक की राशि के 82 लाख से अधिक ऋण वितरित किया जा चुका है। अकेले दिल्ली में लगभग 2 लाख ऋण वितरित किए गए हैं, जिनकी राशि 232 करोड़ रुपये है। बयान में कहा गया है कि यह योजना उन लोगों के लिए वित्तीय समावेशन और समग्र कल्याण का प्रतीक बनी हुई है, जो ऐतिहासिक रूप से वंचित रहे हैं।
झारखण्ड में विदेशी महिला से गैंगरेप के बाद भी यहां दुष्कर्म के मामले थमने का नाम नहीं ले रहे. ताजा मामला पश्चिम सिंहभूम जिले का है. यहां 13 साल की लड़की से पांच लोगों ने गैंगरेप किया.
वो भी तब जो वो पास की नदी में स्नान के लिए गई थी. पहले से वहां घात लगाए बैठे 5 हैवान उसका नदी से बाहर आने का इंतजार करने लगे. फिर उसे बहला फुसलाकर अपने साथ सुनसान जगह ले गए.
वहां ले जाकर पांचों ने लड़की के साथ बारी-बारी से गैंगरेप किया. फिर उसे धमकाकर वहा से भेज दिया. कहा कि अगर वो इस बारे में किसी को भी बताएगी तो उसके परिवार के लिए अच्छा नहीं होगा. लेकिन घर आकर लड़की ने आपबीती अपने घर वालों को बताई. जिसके बाद परिवार के साथ जाकर थाने में पांचों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज करवाया.
मामला जगन्नाथपुर थानाक्षेत्र का है. पुलिस अधिकारी राकेश नंदन मिंज ने बताया कि किशोरी जब स्नान करके घर के लिए जाने लगी तो आरोपियों ने उसे रोक लिया. बहला फुसलाकर अपने साथ सुनसान जगह ले गए. फिर गैंगरेप की वारदात को अंजाम दिया. फिलहाल, पांचों आरोपी फरार है. उनकी तलाश की जा रही है. लड़की की हालत भी सही नहीं है. इसलिए उसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती करवाया गया है. पुलिस का कहना है कि जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा.
गुमला में मानसिक रूप से कमजोर महिला से रेप
इससे पहले गुमला से भी रेप का मामला सामने आया था. यहां मानसिक रूप से कमजोर महिला के साथ गांव के मुखिया के पिता ने रेप किया. यही नहीं, कुछ युवकों ने इसका वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया. जिसके बाद मामले में कुल 9 लोगों को गिरफ्तार किया गया. मामला बसिया थाना क्षेत्र का है. सभी आरोपियों को पूछताछ के उपरांत कोर्ट में पेश किया गया. फिर वहां से उन्हें जेल भेज दिया गया.
जानकारी के मुताबिक, पंचायत के मुखिया विकास इंदवार के पिता रामू इंदवार ने मानसिक रूप से कमजोर महिला के साथ रेप किया. इस दौरान कुछ लड़कों ने महिला की मदद करने के बजाय उसका वीडियो बनाया. फिर उसे वायरल कर दिया. जैसे ही वीडियो वायरल हुआ तो आरोपियों को डर सताने लगा कि पुलिस उन्हें पकड़ लेगी. इसलिए पीड़िता को मौत के घाट उतारने की प्लानिंग बनाकर उन्होंने उसका किडनैप किया. गाड़ी में महिला को बैठाकर वे किसी सुनसान जंगल में ले गए. लेकिन पुलिस ने उन्हें वहां गिरफ्तार कर लिया.
स्पेनिश महिला से गैंगरेप
वहीं, दुमका जिले से भी इसी महीने विदेशी महिला से गैंगरेप की घटना सामने आई थी. यहां भारत भ्रमण पर आई एक विदेशी महिला पर्यटक के साथ गैंगरेप की घटना को अंजाम दिया गया. हालांकि, जल्द ही पुलिस ने मामले में आठों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था. गैंगरेप की शर्मनाक घटना दुमका के हंसडीहा थाना क्षेत्र के कुरमहाट इलाके की थी. यहां भारत घूमने आई स्पेनिश महिला पति के साथ टैंट लगाकर वहीं रात गुजारने के लिए रुक गए. इसी बीच 8 दरिंदों ने पहले इस विदेशी जोड़े से मारपीट की. फिर महिला से गैंगरेप किया और उनका सामान लूटकर फरार हो गए. जैसे-तैसे विदेशी जोड़े ने पुलिस के पास जाकर मामला दर्ज करवाया.
2024 में एप्पल कंपनी iPhone 16 सीरीज लॉन्च करने वाली है. हर साल की तरह इस साल भी सितंबर के महीने में एप्पल अपनी अगली आईफोन सीरीज को लॉन्च कर सकती है, लेकिन उससे पहले कंपनी ने अपने दो साल पुराने iPhone 14 को सस्ता कर दिया है. कंपनी ने इस फोन की कीमत में करीब 26% की कटौती की है. आइए हम आपको इस फोन के बारे में बताते हैं.
आईफोन 14 की असली कीमत 79,900 रुपये है, लेकिन अब इस फोन को अमेजन की वेबसाइट पर 59,999 रुपये में लिस्ट कर दिया गया है. वहीं, फ्लिपकार्ट पर इस आईफोन के तीन वेरिएंट्स – 128GB, 256GB और 512GB वाले मॉडल्स की कीमत क्रमश: 56,999, 68,999 और 86,999 रुपये है.
यूज़र्स एप्पल के इस आईफोन को रेड, ब्लू, येलो, पर्पल, व्हाइट और ब्लैक कलर्स के विकल्पों में खरीद सकते हैं. एप्पल ने इस आईफोन की अमेज़न और फ्लिपकार्ट दोनों प्लेटफॉर्म पर कीमत कर दी है. इसके अलावा इन दोनों प्लेटफॉर्म पर कई डिस्काउंट और ईएमआई ऑफर्स भी उपलब्ध हैं. यूज़र्स उन ऑफर्स के साथ इस फोन को और भी कम कीमत में खरीद सकते हैं.
आईफोन 14 में कंपनी ने 6.1 इंच की सुपर रेटिन एक्सडीआर डिस्प्ले दिया गया है. इस फोन का डिस्पले 60Hz की रिफ्रेश रेट के साथ आता है. इस फोन में प्रोसेसर के लिए कंपनी ने A15 Bionic चिपसेट का इस्तेमाल किया है, जो अब दो साल पुराना प्रोसेसर हो गया है. इस आईफोन में यूएसबी टाइप-सी चार्जिंग पोर्ट मौजूद नहीं है, क्योंकि एप्पल ने iPhone 15 से इस चार्जिंग पोर्ट का इस्तेमाल करना शुरू किया है.
iPhone 14 के पिछले हिस्से में डुअल कैमरा सेटअप दिया गया है. इस कैमरा सेटअप का पहला कैमरा 12MP और दूसरा कैमरा एक अल्ट्रा-वाइड एंगल लेंस दिया गया है. इस फोन के कैमरा फीचर्स अच्छे हैं. इसके अलावा यह फोन IP68 रेटिंग के साथ आता है. कंपनी का दावा है कि यह आईफोन 6 मीटर तक 30 मिनट पानी में डूबे रहने के बाद भी खराब नहीं होगा. यह फोन 5G कनेक्टिविटी, डुअल सिम सपोर्ट (एक फिज़िकल और एक eSIM) के साथ आता है.
तेजा सज्जा स्टारर मायथोलॉजिकल फिल्म ‘हनुमान’ 12 जनवरी, 2024 को मकर संक्रांति के मौके पर थिएटर्स में रिलीज हुई थी. फिल्म को ऑडियंस का काफी अच्छा रिस्पॉन्स मिला था और इसने घरेलू बॉक्स ऑफिस पर कुल 201.36 करोड़ रुपए का कारोबार किया था वर्ल्डवाइड 294.46 करोड़ रुपए कमाए थे.
अब देश के गृहमंत्री अमित शाह ने भी फिल्म की तारीफ की है.
दरअसल गृहमंत्री अमित शाह ने ‘हनुमान’ एक्टर तेजा सज्जा और डायरेक्टर प्रशांत वर्मा से मुलाकात की तस्वीरें अपने सोशल मीडिया पर शेयर की है. इन तस्वीरों में अमित शाह तेजा सज्जा और प्रशांत वर्मा को ‘हनुमान’ की मूर्ति देते दिखाई दे रहे हैं. इसी के साथ पोस्ट में गृहमंत्री ने फिल्म ‘हनुमान’ को काफी सराहा है.
अमित शाह ने की तारीफ अमित शाह ने लिखा-‘टैलेंटेड एक्टर तेजा सज्जा और फिल्म डायरेक्टर प्रशांत वर्मा से मुलाकात हुई. हालिया सुपरहिट फिल्म ‘हनुमान’ की टीम ने भारत की आध्यात्मिक परंपराओं और उनसे उभरे महानायकों को दिखाने का सराहनीय काम किया है. टीम को उनकी फ्यूचर प्रोजेक्ट्स के लिए बधाई.’
Met the talented actor Shri @tejasajja123 and film director Shri @PrasanthVarma of the recent superhit movie Hanuman.
The team has done a commendable job of showcasing Bharat's spiritual traditions and the superheroes that have emerged from them. Best wishes to the team for… pic.twitter.com/pt8gNy9Rbh
तेजा सज्जा ने जताया आभार तेजा सज्जा ने भी एक्स पर गृहमंत्री अमित शाह की फोटो पोस्ट की है और उनका आभार जताया है. एक्टर ने लिखा- ‘अमित शाह सर मिलना काफी सम्मान की बात है. आपके दयालु शब्दों के लिए विनम्र और आभारी हूं सर.’
‘क्या है फिल्म की कहानी? ‘हनुमान’ एक ऐसे शख्स की कहानी है जिसे गलती से सुपरपावर्स मिल जाती हैं. फिल्म में तेजा सज्जा के अलावा अमृता अय्यर, वरलक्ष्मी सरथकुमार, विनय राय और वेन्नेला किशोर अहम रोल अदा करते दिखाई दिए हैं.
भाजपा की लोकसभा प्रत्याशियों की दूसरी सूची आज जारी हो सकती है. इस को लेकर कई सहयोगी राजनीतिक दल लगातार भाजपा के शीर्ष नेताओं से मुलाकात कर रहे हैं. बिहार में चिराग पासवान और उनके चाचा पशुपति पारस भी सीट बंटवारे को लेकर भाजपा के बड़े नेताओं से बैठक कर रहे हैं.
जेपी नड्डा ने चिराग पासवान के साथ बैठक की. इस बैठक से पहले मंगल पांडे ने भी पशुपति पारस से सीट बंटवारे को लेकर मुलाकात की थी. इस बैठक में मंगल पांडे ने पशुपति पारस को बताया था हाजीपुर सीट बीजेपी चिराग पासवान को देना चाहती है. आपको बता दें, हाजीपुर सीट से पशुपति पारस सांसद हैं.
चिराग ने भी हाजीपुर पर ठोका था दावा
चिराग पासवान ने भी हाजीपुर सीट से अपना दावा ठोका था. चिराग का कहना है कि राम विलास पासवान के राजनैतिक उत्तराधिकारी वो हैं इसलिए गठबंधन में हाजीपुर सीट उनकों उनको ही मिलनी चाहिए. पशुपति पारस का दावा था राम विलास पासवान ने अपने जीते जी हाजीपुर पर सीट से उन्हें उम्मीदवार बनाया था इसलिए वो हाजीपुर सीट के असली हकदार हैं. इस सीट पर चिराग के दावा ठोंकने से ही दोनों चाचा भतीजे के रिश्ते में खटास आ गयी थी.
क्यों है चाचा भतीजे में खटपट?
दरअसल, राम विलास पासवान के निधन के बाद लोक जनशक्ति पार्टी दो हिस्सों में बंट गई. इसका एक हिस्सा ‘राष्ट्रीय लोक जनशक्ति पार्टी’ उनके भाई पशुपति कुमार पारस के साथ है, जबकि दूसरा हिस्सा उनके बेटे चिराग पासवान के पास है. फिलहाल हाजीपुर सीट से रामविलास के भाई और चिराग पासवान के चाचा पशुपति पारस सांसद हैं. वो एनडीए के साथ हैं और सरकार केंद्रीय मंत्री भी हैं. वहीं चिराग पासवान बिहार की जमुई लोकसभा सीट से सांसद हैं. हाजीपुर सीट से रामविलास पासवान काफी समय से सांसद रहें है. इस सीट पर जब चिराग ने दावा किया तो दोनों चाचा भतीजों में तीखी प्रक्रिया देखी गयी.