
ताजा खबर











असम के सीएम हिमंता बिस्वा शर्मा ने झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन को लेकर बड़ा दावा किया है. जबकि झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) का कुछ दिन में दामन थामने जा रहे हैं.इस बीच बीजेपी ने दावा किया है कि चंपई सोरेन की जासूसी की जा रही थी. जासूसी करने वालों को गिरफ्तार कर लिया गया है.

ताज होटल में पकड़े गए
असम के मुख्यमंत्री व झारखंड बीजेपी के सह-प्रभारी हिमंता बिस्व सरमा ने बुधवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि चंपई सोरेन के पीछे लगाए गए जासूस थे. उन्हें कोलकाता से ट्रेस किया जा रहा था. असम सीएम ने आशंका जताई है कि चंपई सोरेन का फोन भी ट्रेस किया जा रहा था और उनकी जासूसी की गई.
झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन ने दिल्ली पुलिस में झारखंड पुलिस के दो सब इंस्पेक्टर पर केस दर्ज करवाया है. चंपई सोरेन ने दोनों पर जासूसी के आरोप लगाए हैं. आरोप है कि झारखंड पुलिस के स्पेशल ब्रांच के दोनों सब इंस्पेक्टर, चंपई सोरेन और असम के पूर्व सीएम को फॉलो कर रहे थे.

जासूस खिंच रहे थे फोटो
दो सब इंस्पेक्टर चंपई सोरेन के साथ ही फ़्लाइट से कोलकाता से दिल्ली पहुंचे और ताज होटल में उनके करीब ही कमरा लिया. दोनों चंपई सोरेन की फोटो खींच रहे थे. हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा कि चंपई सोरेन के दिल्ली प्रवास में झारखंड पुलिस के स्पेशल ब्रांच ने उनको फ़ॉलों किया. उनकी गतिविधियों की मानिटरिंग की.

झारखंड AGDP चंपई की करा रहे थे जासूसी?
हिंमता ने चंपई सोरेन पर कहा कि वो दो बार दिल्ली गये थे तो दोनों बार ताज होटल मे रूके थे, कल पता चला कि उनको झारखंड पुलिस फॉलो कर रही थी, ये कितना बुरा और निगेटिव काम है. कल दो एजेंट को पकडा गया है और दिल्ली पुलिस को दिया गया है. कल चंपई सोरेन ने एक FIR दी है और सारी डिटेल बताई है. दोनो व्याक्ति को दिल्ली पुलिस के जरिये पता चला कि ये दोनो झांरखड पुलिस के सब इंस्पेक्टर है. दोनों ने बताया कि हमें उनको ट्रैक करने के लिये कहा गया था. झारखंड के AGDP ने उनको इस काम के लिये लगाया गया था.

जमशेदपुर:-गोविंदपुर थाना क्षेत्र के श्री श्री हनुमान वाटिका सफेद पहाड़ी में मंदिर के प्रांगण में साफ सफाई की मांग. मंदिर की सदस्य सुनीता सिंह ने उठाई है उन्होंने बताया की इस मंदिर की साफ – सफाई जमशेदपुर नोटिफाइड एरिया की देख रेख में होती है साथ ही उन्होंने बताया की यह मंदिर 1975 में स्थापित किया गया जो टाटा पावर कंपनी लिमिटेड के ठीक सामने में है।

मंदिर में साफ सफाई नहीं होने की सूचना मिलते ही युवा समाजसेवी करनदीप सिंह मंदिर पहुंचे तथा मंदिर प्रांगण में उन्होंने देखा की बरसात के कारण वहां बहुत झाड़ियां हो गई है जिसकी कटाई नहीं होने के कारण वह मंदिर एक तरीके से जंगल के रूप में नजर आ रहा है। तथा वहां उपस्थित मंदिर कमेटी से बात की तो उन्होंने बताया किया मंदिर जमशेदपुर नोटिफाइड एरिया के देखरेख में आता है पर उनके द्वारा इस मंदिर को ध्यान नहीं दिया जाता तथा करनदीप सिंह ने इस विषय की जानकारी जिले के उपायुक्त को ट्विटर से माध्यम से दी है आशा है की वे इस विषय में जल्द संज्ञान लेंगे।



जमशेदपुर : भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष अनवर हयात के दिशानिर्देश में कार्यसमिति सदस्यों के लिस्ट जारी की गई। जिसमें मोहम्मद आसिफ खान को अल्पसंख्यक मोर्चा के प्रदेश कार्यसमिति सदस्य के रूप में मनोनीत किया गया साथ ही उन्हें पश्चिम सिंहभूम के जिला प्रभारी का भी पदभार सौंपा गया।


मनोनयन होने के बाद मोहम्मद आसिफ खान ने अल्पसंख्यक मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष अनवर हयात का धन्यवाद देते हुए कहा कि प्रदेश कमेटी ने मुझे जो दायित्व दिया उसे निर्वाहन करने की पूरी कोशिश करूँगा और पार्टी के दिशानिर्देश के अनुसार कार्य करता रहूँगा।


जमशेदपुर : मुखी समाज के केन्द्रीय सदस्य बबलू मुखी धातकीडीह मेडिकल बस्ती जमशेदपुर निवासी का ह्रदय गति रुक जाने से दक्षिण बिहार एक्सप्रेस में सफर दौरान सोमवार को देहांत हो गया। वह टाटानगर से राउरकेला एक विशेष सामाजिक कार्यक्रम में जा रहे थे। इस दौरान उनका अत्यधिक स्वास्थ्य खराब होने से उन्हें सीनी स्टेशन में उतारा गया, जहाँ सीनी स्टेशन मास्टर श्री पी के सिंह ने उचित जांच पड़ताल के लिए रेल चिकित्सा पदाधिकारी डाक्टर श्री सतीश कुमार को पत्रांक दिया, इस पत्रांक के आधार पर जांच पड़ताल करने के पश्चात मृत घोषित कर दिया।


बबलू मुखी को सीनी रेल पुलिस सरकारी थाना प्रभारी मोहम्मद रफीक आलम के अधिन सुपूर्द किया। प्रभारी के अधीनस्थ अधिकारियों द्वारा लिखित आवेदन पत्र के माध्यम से पोस्टमार्टम के लिए सरायकेला सदर अस्पताल भेज दिया गया।
इस दौरान मानवाधिकार सहायता संघ अंतरराष्ट्रीय के केन्द्रीय सदस्य सह मुखी समाज के केन्द्रीय प्रवक्ता रंजन कारूवा ने बबलू मुखी के देहांत से काफी मर्माहत है। उन्होंने कहा समाज ने एक सच्चा सिपाहसलार खो दिया है इसकी भरपाई निकट भविष्य में संभव नहीं है, इनकी कमी हमेशा महसूस होगी।

इस दुःख के समय मे समाज के सचिव पंचू मुखी, रविशंकर मुखी, सुदर्शन मुखी,नबी कारूवा, शंकर मुखी, मधू मुखी, अश्विनी मुखी, श्रीनिवासन कारवा, मनोज मुखी, गणेश मुखी, प्रकाश मुखी, सचिन मुखी, श्याम कारूवा, जगदीश मुखी, एवं समाज के गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।

जमशेदपुर : बिरसानगर जोन न. 7 स्थित हरि मंदिर के समीप भाजपा नेता सह कोशिश एक मुस्कान लाने की संस्था के संरक्षक सामाजिक कार्यकर्ता शिव शंकर सिंह द्वारा मच्छरजनित बीमारियों से बचाव हेतु निजी खर्च से जरूरतमंद लोगों के बीच ब्लीचिंग पाउडर का वितरण किया गया एवं लोगों से आसपास के सभी गली व नालियों में ब्लीचिंग पाउडर का छिड़काव करने की अपील की गई।


ज्ञात हो कि जनसेवा के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध समाजसेवी शिव शंकर द्वारा मच्छरजनित बीमारियों से बचाव हेतु नियमित साफ सफाई कार्यक्रम, ब्लीचिंग पाउडर का वितरण एवं छिड़काव तथा क्षेत्रवासियों के स्वास्थ्य सम्बन्धी समस्याओं से छुटकारा हेतु निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन लगातार कराया जा रहा है। साथ जी, उनके कार्यालय में संचालित नागरिक सुविधा केंद्र के माध्यम से आमजन प्रतिदिन सरकारी योजनाओं से लाभान्वित हो रहे हैं।
मौके पर, भूपिंदर सिंह, भाजपा महिला मोर्चा बिरसानगर की मंडल अध्यक्ष उर्मिला दास, आकाश, जैक सहित अन्य कई लोग उपस्थित रहे।


जमशेदपुर : बजरंग नगर में कूड़ा निस्तारण का सही प्रबंध न होने से सड़क किनारे ही कूड़े का ढेर लगा हुआ था। सड़क पर ही कचरा फैलने से यहां से गुजरने वाले लोगों को गंदगी से होकर गुजरना पड़ रहा था। जिससे संक्रामक रोगों के फैलने की पूरी आंशका बनी हुई थी।

बजरंगनगर वासियों को कूड़े की दुर्गंध और गंदगी से जल्द निजात मिले इस निमित्त स्थानीय लोगों ने समाजसेवी शिव शंकर सिंह से सफाई करवाने की अपील की। आम जनमानस के स्वास्थ्य का परवाह करते हुए शिव शंकर सिंह ने यथाशीघ्र जेसीबी मशीन भेजकर फैले कचरे को हटवाया और स्वच्छता अभियान चलाया। उक्त स्थल पर पहुंचे शिव शंकर सिंह ने क्षेत्र के आसपास व सड़कों पर गंदगी के ढेर देखकर चिंता व्यक्त की और लोगों से इस सफाई अभियान में सहयोग की अपील की। कहा “अपने आसपास गंदगी ना फैलाएं तथा औरों को भी गंदगी न फैलाने के लिए प्रेरित करें।”
बजरंगनगर में ही गणेश पूजा आयोजन स्थल की जेसीबी से हुई सफाई

समाजसेवी शिव शंकर सिंह द्वारा गणेश पूजा आयोजन स्थल पर जेसीबी मशीन भेजकर गढ्ढों पर मिट्टी डालकर समतल किया गया तथा आसपास की सफाई की गई। इससे स्थानीय निवासियों को गणेश पूजा के आयोजन में सहूलियत होगी।
स्वच्छता अभियान के क्रम में केबुल हरिजन बस्ती में भी हुई सफाई

स्थानीय नागरिकों के आग्रह पर शिव शंकर सिंह ने कहा आरटीआरजेसीबी मशीन चलवाकर केबुल हरिजन बस्ती में फैले कचरे को हटवाया।
इस अवसर पर लक्ष्मण, विपिन, भरत, बजरंगी, शिबू मुखी और अन्य कई लोग उपस्थित रहे।

झारखंड में राजनीतिक दल चुनाव की तारीख के ऐलान से पहले ही राज्य में अधिकतम सीट जीतने के लिए रणनीतियां बनाने में जुट गए हैं. सीट बंटवारे से लेकर सीएम-डिप्टी सीएम और उम्मदीवारों को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं.इस बीच हेमंत सोरेन की झारखंड मुक्ति मोर्चा ने भारतीय जनता पार्टी की रणनीतियों को लेकर निशाना साधा है.झारखंड मुक्ति मोर्चा ने अपने सोशल मीडिया हैंडल एक्स पर ट्वीट कर कहा कि “बीजेपी की आगामी चुनावों की रणनीति तय. पर्ची से निकलेगा सीएम का नाम, लेकिन डिप्टी सीएम के आठ नाम तय. सबका साथ सबका विकास.”

बता दें चंपाई सोरेन ने सोमवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की. इसी के साथ साफ हो गया कि चंपाई सोरेन बीजेपी में शामिल होंगे. अगर चंपाई सोरेन बीजेपी में शामिल होते हैं तो यह विधानसभा चुनाव से पहले सत्तारुढ़ JMM के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है. हेमंत सोरेन सरकार में मंत्री चंपाई सोरेन ने पिछले दिनों JMM से बगावत कर दी थी. इसी के बाद से उनके अगले रुख को लेकर कई तरह की अटकलें लगाई जा रही थी.

2019 के आंकड़ें
वहीं उन्होंने BJP में शामिल होने को लेकर कहा था कि वो सभी विकल्प पर विचार कर रहे हैं. उन्होंने नई पार्टी बनाने की भी बात कही थी. बता दें झारखंड में विधानसभा की 81 सीटें हैं. विधानसभा में बहुमत का आंकड़ा 41 है. 2019 के चुनाव में JMM ने बाजी मारी थी. सोरेन की पार्टी को राज्य की 30 सीटों पर जीत मिली थी. कांग्रेस को 16 सीटों पर जीत मिली थी. वहीं बीजेपी 25 सीटें ही जीत पाई थीं.


कोलकाता के आरजी कर अस्पताल में लेडी डॉक्टर से दरिंदकी करने के बाद कत्ल करने वाले दरिंदे संजय रॉय ने अपना गुनाह कबूल कर लिया है. सीबीआई सूत्रों की मानें तो कातिल संजय रॉय ने सीबीआई की पूछताछ में कबूल किया है कि उसने ही ट्रेनी लेडी डॉक्टर की हत्या की है.
उसने कहा कि महिला डॉक्टर की रेप के बाद इसलिए हत्या कर दी, क्योंकि वह लगातार चिल्ला रही थी. दरअसल, 9 अगस्त को आरजी कर अस्पताल के सेमिनार हॉल में ट्रेनी लेडी डॉक्टर का शव मिला था. पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में उसके साथ रेप की पुष्टि की गई.
सूत्रों के मुताबिक, आरोपी संजय रॉय ने बताया, ‘पीड़िता लगातार चिल्ला रही थी, इसलिए मैंने उसका जोर से गला दबाया और तब तक दबाकर रखा जब तक उसने दम नहीं तोड़ दिया.’ सूत्रों का कहना है कि सजंय रॉय बाक्सिंग का अच्छा खिलाड़ी था. इसलिए पीड़िता उसके हाथों से खुद का बचाव नहीं कर पाई. और यही वजह है कि जब तक पीड़िता की जान न निकल गई, तब तक सजंय रॉय ने पीड़िता का गला दबाकर रखा. पीड़िता ने अपने बचाव के लिए आवाज भी लगाई. वो चिल्ला रही थी. संजय रॉय को पकड़े जाने का डर हो गया था. यही वजह है कि उसने अपने हाथों की पूरी ताकत से पीड़िता का गला दबाया.

संजय का हुआ पॉलीग्राफ टेस्ट
सूत्रों ने बताया कि आरोपी सजंय रॉय ने अपने मेडिकल टेस्ट के दौरान भी इस बात का खुलासा किया था. आरजी कर मेडिकल कॉलेज में ट्रेनी डॉक्टर के साथ बलात्कार और हत्या मामले का मुख्य आरोपी संजय रॉय ही है. संजय रॉय का ‘पॉलीग्राफ टेस्ट’ कोलकाता की प्रेसीडेंसी जेल में किया गया. संजय रॉय को वहीं बंद किया गया है. ‘पॉलीग्राफ टेस्ट’ के दौरान व्यक्ति द्वारा प्रश्नों के उत्तर दिए जाते समय एक मशीन की मदद से उसकी शारीरिक प्रतिक्रियाओं को मापा जाता है और यह पता लगाया जाता है कि वह सच बोल रहा है या झूठ. सीबीआई ने रॉय और घोष समेत सात लोगों का ‘लाई डिटेक्टर टेस्ट’ कराने के लिए अदालत से अनुमति ली है. इस टेस्ट को मुकदमे के दौरान सबूत के तौर पर इस्तेमाल नहीं किया जा सकता लेकिन इसके नतीजे एजेंसी को आगे की जांच में एक दिशा प्रदान करेंगे.

कब और कैसे गिरफ्तार हुआ संजय रॉय
कोलकाता पुलिस ने मेडिकल कॉलेज के सेमिनार हॉल में 31 वर्षीय ट्रेनी लेडी डॉक्टर का शव मिलने के एक दिन बाद 10 अगस्त को संजय रॉय को गिरफ्तार किया था. सीसीटीवी फुटेज और ट्रेनी डॉक्टर के शव के पास एक ब्लूटुथ उपकरण मिलने के बाद रॉय की गिरफ्तारी की गयी थी, जिसे कॉलेज के सेमिनार हॉल में प्रवेश करते हुए कथित तौर पर देखा गया जहां सुबह करीब चार बजे शव मिला था. वहीं, आरजी कर अस्पताल केस में फिलहाल सीबीआई ने सभी 7 लोगों के पॉलीग्राफ टेस्ट पूरे कर लिए हैं. अस्पताल के पूर्व प्रिंसिपल संदीप घोष के खिलाफ सीबीआई एक ओर जहां संजय रॉय से कनेक्शन की जांच कर रही है, वहीं दूसरी ओर करप्शन केस में भी जांच कर रही है.

संजय रॉय की थी पहुंच
दरअसल, संजय रॉय साल 2019 से नागरिक स्वयंसेवक के रूप में कोलकाता पुलिस के साथ काम कर रहा था. संजय रॉय ने पिछले कुछ सालों में कुछ सीनियर पुलिस अधिकारियों से कथित तौर पर करीबी बना ली थी, जिसके बाद उसे कोलकाता पुलिस कल्याण बोर्ड में शामिल किया गया और आरजी कर मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल की पुलिस चौकी में तैनात कर दिया गया था. शुरू में उसने अपने खिलाफ आरोपों से इनकार किया था. कोलकाता के सरकारी आरजी कर मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में नौ अगस्त को चिकित्सक का शव मिला था, जिस पर गंभीर चोटों के निशान थे. इस घटना के खिलाफ देश भर में व्यापक विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं. कलकत्ता हाईकोर्ट ने 13 अगस्त को इस मामले की जांच सीबीआई को सौंप दी थी और इसके अगले दिन केंद्रीय एजेंसी ने जांच कोलकाता पुलिस से अपने हाथ में ले ली.

टेलीग्राम के प्रमुख पावेल दुरोव की पेरिस में गिरफ्तारी के साथ ही कंपनी की मुश्किलें भी बढ़ने लगी हैं. आरोप है कि उनके मंच का इस्तेमाल काले धन को सफेद करने और ड्रग तस्करी जैसे अपराधों के लिए किया गया था. इसके बाद अब भारत में भी टेलीग्राम पर बैन का खतरा मंडराने लगा है. सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) मंत्रालय ने गृह मंत्रालय से ये जानकारी मांगी है कि क्या भारत में भी टेलीग्राम ने किसी नियम का उल्लंघन किया है.
टेलीग्राम के संस्थापक और मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) दुरोव को पेरिस हवाई अड्डे पर एक गिरफ्तारी वॉरंट की तामील करते हुए हिरासत में लिया गया. रिपोर्टों के मुताबिक, फ्रांस और रूस की दोहरी नागरिकता रखने वाले 39 वर्षीय दुरोव को शनिवार को अजरबैजान से फ्रांस में उतरने के बाद पेरिस-ले बॉर्गेट हवाई अड्डे पर हिरासत में लिया गया.
सूत्रों ने बताया कि फ्रांस के घटनाक्रम को ध्यान में रखते हुए आईटी मंत्रालय ने गृह मंत्रालय से टेलीग्राम के खिलाफ लंबित शिकायतों की जांच करने और संभावित कार्रवाई के बारे में गौर करने को कहा है.
आईटी मंत्रालय इस तरह के मामलों में जांच एजेंसी नहीं है और मंत्रालय के तहत गठित सीईआरटी-इन भी साइबर अपराधों पर नहीं, बल्कि साइबर सुरक्षा अपराधों पर ध्यान केंद्रित करता है.

सूत्रों ने कहा, “यहां असली सवाल ये है कि क्या कोई शिकायत है? क्या भारत में भी ऐसी ही स्थिति है? स्थिति क्या है? और क्या कार्रवाई की जरूरत है?”
टेलीग्राम की शुरुआत साल 2013 में हुई थी. भारत में इसके लगभग 50 लाख रजिस्टर्ड यूजर्स हैं.
ये पूछे जाने पर कि एक मैसेजिंग ऐप होने के नाते क्या टेलीग्राम सुरक्षित पनाहगाह प्रावधान का हवाला दे सकता है, सूत्रों ने कहा कि उस स्थिति में उन्हें कानून प्रवर्तन एजेंसियों के साथ सहयोग करना होगा, जरूरी होने पर जानकारी देनी होगी और किसी भी जांच में मदद करनी होगी.
दूरसंचार सेवा प्रदाताओं को उम्मीद है कि व्हाट्सएप, गूगल मीट और टेलीग्राम जैसे इंटरनेट कॉलिंग और मैसेजिंग ऐप नियमों का बाकी सभी सेवा प्रदाताओं की ही तरह पालन करेंगे.
उद्योग निकाय सेल्युलर ऑपरेटर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (सीओएआई) ने सोमवार को कहा कि ओवर-द-टॉप (ओटीटी) संचार ऐप को दूरसंचार अधिनियम, 2023 से बाहर करने की मांग करना भ्रामक है, क्योंकि विभिन्न गैर-क्षेत्रीय नियमों के दूरसंचार कंपनियों पर भी लागू होने से वे अन्य नियमों के दायरे में आते हैं.
सीओएआई के सदस्यों में रिलायंस जियो, भारती एयरटेल और वोडाफोन आइडिया शामिल हैं.
सीओएआई के महानिदेशक एस पी कोचर ने कहा, “सीओएआई यह बताना चाहता है कि ‘देश की सुरक्षा’ अत्यंत महत्वपूर्ण है और इस संबंध में, ओटीटी-आधारित संचार सेवाओं सहित सभी संचार सेवा प्रदाताओं को देश के अपेक्षित निर्देशों का पालन करना चाहिए, जैसा कि दूरसंचार सेवा प्रदाता करते हैं.”
उन्होंने कहा कि दूरसंचार कंपनियों ने वैध इंटरसेप्शन (कॉल को सुनने की कानूनी मंजूरी) और निगरानी के लिए बुनियादी ढांचे की स्थापना में भारी निवेश किया है. इसके बावजूद अनियमित अनुप्रयोग-आधारित संचार सेवाएं इस तंत्र को पूरी तरह से दरकिनार कर देती हैं, जो देश की सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा है.

कोचर ने कहा, “मामला दूरसंचार अधिनियम, 2023 के तहत स्पष्ट रूप से कवर की गई संचार सेवाओं की नियामकीय निगरानी से संबंधित है. यह उजागर करना महत्वपूर्ण है कि टीएसपी, जो दूरसंचार अधिनियम द्वारा शासित हैं, संसद द्वारा निर्धारित उपरोक्त सभी कानूनों द्वारा विनियमित हैं.” दूरसंचार कंपनियां मांग कर रही हैं कि सरकार को कॉलिंग और मैसेजिंग ऐप पर समान नियम लागू करके समान हालात पैदा करने चाहिए, क्योंकि यह उन पर लागू है.
इधर मैसेजिंग प्लेटफॉर्म टेलीग्राम ने सोमवार को कहा कि सीईओ पावेल डूरोव, जिन्हें फ्रांस में गिरफ्तार किया गया है, उनके पास छिपाने के लिए कुछ नहीं है. ये दावा करना बेतुका है कि कोई प्लेटफॉर्म या उसका मालिक उस प्लेटफॉर्म के दुरुपयोग के लिए जिम्मेदार है.
रूस में जन्मे डूरोव को फ्रांस के पेरिस के पास स्थित ले बॉर्गेट हवाई अड्डे पर गिरफ्तार किया गया. उन पर आरोप है कि वह टेलीग्राम पर आपराधिक गतिविधियों को रोकने में असफल रहे हैं. हालांकि, कंपनी ने कहा है कि वह यूरोपियन यूनियन के सभी नियमों का पालन करते हैं, ‘डिजिटल सर्विसेज एक्ट’ का भी.

कंपनी की ओर से कहा गया है कि सीईओ पावेल डूरोव लगातार यूरोप में यात्रा करते रहते हैं. पूरी दुनिया में टेलीग्राम के 900 मिलियन से ज्यादा यूजर्स हैं और व्यापक स्तर पर सूचनाओं के आदान-प्रदान के लिए पूरी दुनिया में इसका उपयोग होता है.
कंपनी ने कहा, “टेलीग्राम यूरोपियन यूनियन के नियमों का पालन करती है. इसका मॉडरेशन इंडस्ट्री मानकों के अनुरूप किया जाता है और हम इसमें लगातार सुधार कर रहे हैं.”
अगर डूरोव अदालत में अपराधी घोषित होते हैं तो उन्हें 20 साल की जेल हो सकती है.
टेलीग्राम के सीईओ पावेल डूरोव दुबई में रहते हैं. उनके पास यूएई और फ्रांस की नागरिकता है. उनके पास करीब 15.5 अरब डॉलर की संपत्ति है. रूसी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म वीके पर रूसी सरकार द्वारा विपक्ष को बैन करने के दबाव के चलते डूरोव ने 2014 में रूस छोड़ दिया था.
फ्रांस में मौजूद रूसी दूतावास की ओर से इसे लेकर तत्काल कदम उठाए गए हैं. टेलीग्राम एंड-टू-एंड एन्क्रिप्टेड मैसेजिंग की पेशकश करता है. इसमें यूजर्स को फॉलोअर्स तक जानकारी जल्दी से प्रसारित करने के लिए चैनल भी बनाना होता है.

झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष केशव महतो कमलेश के निर्देशानुसार प्रदेश के सभी 81 विधानसभा में कांग्रेस पार्टी से संभावित प्रत्याशी अपना आवेदन पत्र संबंधित जिलाध्यक्ष संतोष सिंह के पास जमा कर रहे हैं.
ऐसे में विधानसभा टिकट को लेकर धनबाद जिला कांग्रेस कार्यालय में पार्टी प्रत्याशी व समर्थकों की गहमागहमी बढ़ गयी है. सोमवार को धनबाद, बाघमारा, झरिया, सिंदरी व निरसा विधानसभा क्षेत्र से टिकट के लिए कुल 14 कांग्रेसियों ने अपनी दावेदारी प्रस्तुत की. धनबाद व बाघमारा विभानसभा क्षेत्र से टिकट के लिए सर्वाधिक प्रत्याशियों ने अपनी दावेदारी की है. धनबाद विधानसभा क्षेत्र से टिकट के लिए वरिष्ठ कांग्रेसी सह झारखंड पेट्रोलियम डीलर एसोसिएशन के अध्यक्ष अशोक सिंह, उपाध्यक्ष नवनीत नीरज, प्रदेश कांग्रेस डेलिगेट मनोज यादव, सुंदर यादव, बिजेंद्र पासवान, बीके सिंह व पप्पू पासवान आदि ने आवेदन किया है, जबकि बाघमारा विधानसभा क्षेत्र से टिकट के लिए रोहित यादव, सुखदेव महतो, राजीव रंजन प्रसाद व बीके सिंह ने आवेदन किया है. वहीं निरसा से सुरेश चंद्र झा व सिंदरी विधानसभा क्षेत्र से सफुद्दीन अंसारी व दिलीप मिश्रा ने आवेदन किया है. मौके पर कांग्रेस के जिला उपाध्यक्ष मो क्यूम खान, प्रदेश नेता रामगोपाल भुवानियां, डेविड सिंह, नवीन पासवान, बीरेन गोप, रामबिलास राम व राजेश महतो आदि उपस्थित थे.

28 अगस्त आवेदन करने की अंतिम तिथि
धनबाद जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष संतोष सिंह ने कहां कि विधानसभा चुनाव को लेकर धनबाद के कार्यकताओं में उत्साह है. सभी संभावित उम्मीदवारों का आवेदन (नामांकन फॉर्म) प्राप्त कर प्रदेश कांग्रेस को अपना प्रतिवेदन के साथ जमा कर देगें. श्री सिंह ने कहा कि आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 28 अगस्त है. उस दिन क्षेत्र के कई कद्दावर कांग्रेस अपना आवेदन जमा करेंगे.

वाहनों के काफिला के साथ पहुंचे थे अशोक सिंह
धनबाद विधानसभा क्षेत्र से टिकट के लिए अपनी दावेदारी करने के लिए वरिष्ठ कांग्रेसी अशोक सिंह वाहन के काफिलों के साथ जिला कांग्रेस कार्यालय पहुंचे थे. उनके साथ सीता राणा, योगेंद्र सिंह योगी, बीके सिंह, अफजल खान, प्रीतम रवानी, राजू दास, दिलीप मिश्रा, अक्षैवर प्रसाद, महेश शर्मा, राहुल राज, गोपाल धारी, सुखदेव हांसदा, पप्पू पासवान, जयप्रकाश चौहान, अन्नु पासवान, आशीष सिन्हा, ललित वर्मा, अरविंद सैनी, मो इमराज, पेंटर खान, रंजित सिंह, बिंदु देवी, मो आतिफ सिद्दीकी, मो सोनो, मो सुजैल व मो शान आदि है. वहीं कांग्रेस उपाध्यक्ष नवनीत नीरज के साथ भी बड़ी संख्या में उनके समर्थक कांग्रेस कार्यालय पहुंचे थे.
