जमशेदपुर: लौह नगरी और आसपास के रेल यात्रियों के लिए ट्रेनों का घंटों विलंब से चलना अब एक बड़ी मुसीबत बन गया है। इस गंभीर समस्या के समाधान और रेल मंत्रालय का ध्यान आकर्षित करने के लिए जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय ने मोर्चा खोल दिया है। आगामी 7 अप्रैल, 2026 को टाटानगर रेलवे स्टेशन पर एक विशाल ‘नागरिक धरना’ आयोजित किया जा रहा है।
चांडिल और कांड्रा तक समय पर, फिर 6 घंटे का इंतजार
विधायक सरयू राय ने धरने का आह्वान करते हुए बताया कि पिछले दो-ढाई वर्षों से टाटानगर पहुंचने वाली यात्री ट्रेनों की स्थिति बदतर हो गई है। ट्रेनें चांडिल, कांड्रा और राखा माइंस जैसे नजदीकी स्टेशनों तक तो समय पर पहुंच जाती हैं, लेकिन वहां से टाटानगर की महज कुछ किलोमीटर की दूरी तय करने में उन्हें 4 से 6 घंटे का समय लग रहा है। आउटर पर ट्रेनों को घंटों रोके जाने से छात्र, मरीज, कामकाजी लोग और आम यात्री बेहाल हैं।
राजनीति से ऊपर ‘नागरिक धरना’
विधायक ने स्पष्ट किया है कि यह किसी एक दल का कार्यक्रम नहीं, बल्कि एक ‘नागरिक धरना’ है। इसमें शहर के सभी वर्गों को आमंत्रित किया गया है:
- जनप्रतिनिधि और राजनीतिक दल
- महिला, युवा और छात्र संगठन
- सामाजिक और मजदूर संगठन
- व्यावसायिक और जन संगठन
रेल मंत्री तक पहुंचेगी आवाज
धरना कार्यक्रम 7 अप्रैल को पूर्वाह्न 10 बजे से टाटानगर स्टेशन परिसर में शुरू होगा। इसका मुख्य उद्देश्य रेल मंत्री को यात्रियों की पीड़ा से अवगत कराना और ट्रेनों के परिचालन में सुधार के लिए ठोस समाधान की मांग करना है। सरयू राय ने शहर के प्रबुद्ध नागरिकों और संगठनों से अपील की है कि वे इस धरने में शामिल होकर यात्रियों के हक की इस लड़ाई को मजबूती प्रदान करें।
मुख्य विवरण:
- क्या: ट्रेनों की लेटलतीफी के विरुद्ध धरना।
- कब: 7 अप्रैल, 2026 (मंगलवार), सुबह 10:00 बजे से।
- कहां: टाटानगर रेलवे स्टेशन।
- नेतृत्व: सरयू राय (विधायक, जमशेदपुर पश्चिम)।
तीसरी धारा न्यूज के लिए जमशेदपुर से विशेष रिपोर्ट।











