रांची। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में आयोजित कैबिनेट की महत्वपूर्ण बैठक में राज्य के विकास और जनहित से जुड़े कुल 40 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई है। इस बैठक में शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने से लेकर सरकारी कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान तक कई दूरगामी निर्णय लिए गए हैं।

शिक्षा क्षेत्र को बड़ी सौगात: 276 करोड़ से चमकेंगे पुस्तकालय
राज्य सरकार ने युवाओं और विद्यार्थियों को बेहतर अध्ययन संसाधन उपलब्ध कराने के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। कैबिनेट ने राज्य के 23 जिलों में अत्याधुनिक पुस्तकालयों के निर्माण और वहां पुस्तकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए 276 करोड़ रुपये की भारी-भरकम राशि स्वीकृत की है।
इसके साथ ही उच्च शिक्षा के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए:
- एसएस मेमोरियल कॉलेज, रांची: नए भवन के लिए 48 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति।
- जेएल कॉलेज, चक्रधरपुर: नए भवन निर्माण के लिए 88 करोड़ रुपये की मंजूरी दी गई है।
सरकारी कर्मचारियों के लिए ‘शिकायत निवारण नियमावली 2026’
सरकारी कर्मचारियों और सेवानिवृत्त कर्मियों की सेवा संबंधी शिकायतों के त्वरित निष्पादन के लिए सरकार ने ‘झारखंड सरकारी सेवक शिकायत निवारण नियमावली 2026’ के गठन को हरी झंडी दे दी है।
- अब कर्मचारियों को अपनी समस्याओं या सेवांत लाभ (Retirement benefits) के लिए दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने होंगे।
- इसके तहत विभिन्न स्तरों पर समितियों का गठन होगा, जो निर्धारित समय सीमा के भीतर पारदर्शी तरीके से शिकायतों का निपटारा करेंगी। इसमें अपीलीय अधिकारियों की नियुक्ति का भी प्रावधान है।
जनगणना 2027 की तैयारी शुरू
कैबिनेट सचिव वंदना डाडेल ने जानकारी दी कि Census of India 2027 की तैयारियों को देखते हुए राज्य, जिला और नगर निगम स्तर पर आउटसोर्सिंग कर्मियों की नियुक्ति के प्रस्ताव को भी मंजूरी दे दी गई है। इससे आगामी जनगणना कार्य को सुचारु रूप से संपन्न कराने में मदद मिलेगी।
निष्कर्ष
आज की कैबिनेट बैठक के निर्णय स्पष्ट करते हैं कि सरकार का फोकस राज्य की शैक्षणिक नींव को मजबूत करने के साथ-साथ प्रशासनिक सुधारों के जरिए सरकारी सेवा को और अधिक पारदर्शी और कर्मचारी-हितैषी बनाने पर है।


















