जमशेदपुर : झारखन्ड विधि आयोग के अध्यक्ष के रूप में अधिवक्ता राहुल गोस्वामी का नाम चर्चा पर बना हुआ है। सूत्रों के हवाले से पता चला है की राहुल राजनीतिक तौर पर हमेशा से सक्रिय रहे हैं। युवा कांग्रेस से सफर शुरू कर के प्रखण्ड कांग्रेस के अध्यक्ष से लेकर आनंन्द बिहारी दुबे अध्यक्ष की कमिटी में वर्तमान में महासचिव के पद पर आसीन सह अधिवक्ता राहुल गोस्वामी लोकसभा चुनाव के पश्चात बन सकते हैं झारखंड विधि आयोग के अध्यक्ष। लोगों के बीच मृदुभाषी एवं लोकप्रिय रही है इनकी छवि।
पूर्वोत्तर के असम राज्य की 14 लोकसभा सीटों पर 3 चरणों में वोटिंग होगी. पहले चरण में 5 सीटों पर आगामी 19 अप्रैल को मतदान होगा. दूसरे और तीसरे चरण का मतदान क्रमश: 26 अप्रैल और 7 मई को होगा. चुनावों से पहले असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा का बड़ा बयान आया है जिसमें उन्होंने दावा किया है कि सूबे में बीजेपी को सबसे ज्यादा वोट मुस्लिम लोग करेंगे.
न्यूज एजेंसी एएनआई से दरांग-उदलगुरी लोकसभा क्षेत्र में बातचीत करते हुए सीएम सरमा ने कहा कि उनको असम के लोगों को तरफ से जिस तरह का रेस्पांस मिल रहा है, उसका कल्पना नहीं की जा सकती. असम में पूरी तरह से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की लहर है. आने वाले समय में आप देखेंगे असम में सबसे ज्यादा वोट बीजेपी को मुस्लिम वोटर्स ने की है. सीएम सरमा ने कांग्रेस पर भी जमकर हमला बोला. हाल ही में उन्होंने कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी को पत्र लिखकर असम में आने का न्यौता भी दिया था.
असम की दरांग-उदलगुरी संसदीय सीट पर चुनाव दूसरे चरण के तहत 26 अप्रैल को होंगे. इस सीट के साथ दीफू, करीमगंज, सिलचर और नागांव लोकसभा सीटों पर भी इस दिन मतदान होगा. दरांग-उदलगुरी लोकसभा सीट की बात करें तो यहां पर मुस्लिम वोटर्स की संख्या करीब 30 फीसदी है. वहीं, सिलचर सीट पर मुस्लिम वोटरों की संख्या करीब 40 फीसदी है.
19 अप्रैल को पहले चरण में 5 सीटों पर होगा मतदान
इस बीच देखा जाए तो असम में पहले चरण में 19 अप्रैल को होने वाली वोटिंग के मद्देनजर सरकार की ओर से हाल ही में स्थानीय सार्वजनिक छुट्टियों का भी एलान कर दिया था. चुनाव के मद्देनजर सार्वजनिक छुट्टियों को लेकर अधिसूचना असम राज्यपाल के आदेश पर गत सोमवार (1 अप्रैल, 2024) को जारी कर दी गई थी. असम में पहले चरण में 14 में से जिन 5 सीटों पर 19 अप्रैल को वोटिंग होगी उनमें डिब्रूगढ़, जोरहाट, काजीरंगा, लखीमपुर और सोनितपुर लोकसभा सीट प्रमुख रूप से शामिल हैं.
असम की हॉट सीट डिब्रूगढ़ से चुनाव लड़ रहे पूर्व सीएम सोनोवाल
असम की डिब्रूगढ़ लोकसभा सीट हॉट सीटों में शामिल है जहां से बीजेपी के दिग्गज नेता और केंद्रीय मंत्री सर्वानंद सोनोवाल चुनावी समर में उतरे हुए हैं. सोनोवाल मई 2016 से मई 2021 तक असम के मुख्यमंत्री भी रहे हैं. वहीं, उनके सामने ‘इंडिया अलायंस’ ने लुरिनज्योति गोगोई को चुनावी मैदान में उतारा हुआ है.
जमशेदपुर : बुधवार को जिले के उपायुक्त अनन्य मित्तल व वरीय पुलिस अधीक्षक किशोर कौशल के साथ जमशेदपुर केंद्रीय रामनवमी अखाड़ा समिति के कार्यकारिणी की बैठक उपायुक्त सभागार में आयोजित हुई। इस बैठक में जमशेदपुर केंद्रीय रामनवमी अखाड़ा समिति के मुख्य संरक्षक अभय सिंह ने जिला प्रशासन और रामनवमी अखाड़ा समितियां के बीच बेहतर समन्वय पर जोर दिया, ताकि पूरे शहर में शांतिपूर्ण तरीके से रामनवमी महोत्सव का समापन किया जा सके।
बैठक में उपस्थित जमशेदपुर केंद्रीय रामनवमी अखाड़ा समिति के अध्यक्ष अरुण सिंह ने जमशेदपुर शहर में आयोजित होने वाले रामनवमी महोत्सव के तैयारियों के संबंध में जानकारी देते हुए महोत्सव के दौरान उत्पन्न होने वाली समस्याओं पर बिंदुवार तरीके से जिला प्रशासन का ध्यान आकृष्ट करवाया। उन्होंने विसर्जन घाट को पहले से बेहतर बनाने, विसर्जन घाट में प्रकाश की व्यवस्था ताकि नदी घाटों में अखाड़ा समितियां को परेशानी ना हो, नदी घाट पर श्रद्धालुओं के लिए पेयजल की व्यवस्था करने, विसर्जन रूट के दौरान पेड़ो की झूलती डालियों को हटाने, विसर्जन रूट को बेहतर बनाने के लिए सड़क की मरम्तिकरण एवं सुरक्षा की दृष्टिकोण से विसर्जन रूट के अगल-बगल बैरिकेटिंग करने का आग्रह किया।
वहीं दूसरी तरफ उपायुक्त महोदय ने कहा कि सभी समस्याओं को समय रहते दूर कर लिया जाएगा और उन्होंने जमशेदपुर केंद्रीय समिति से कहा कि आप लोग सभी रामनवमी अखाड़ा समितियों को आश्वस्त कीजिए कि जिला प्रशासन उनकी सारी बातों को ध्यान में रखकर कार्य करेगी, साथ ही वरीय पुलिस अधीक्षक ने कहा कि चुनाव आचार संहिता लागू है मैसेज जाना चाहिए की सभी अखाड़ा समिति शाम होते ही विसर्जन कर ले और देर रात तक तेज आवाज में साउंड सिस्टम का प्रयोग ना करें। किसी भी अखाड़ा समिति को बेवजह पुलिस परेशान नहीं करेगी साथ ही सभी अखाड़ा समितियों को सकारात्मक सहयोग करेगी।
आज बैठक में जमशेदपुर केन्द्रीय रामनवमी अखाड़ा समिति की ओर से अभय सिंह मुख्य संरक्षक, पन्ना सिंह जधेल संरक्षक, उमेश सिंह संरक्षक, ललन द्विवेदी संरक्षक, अरूण सिंह अध्यक्ष, नितिन चंद्र त्रिवेदी कार्यकारी अध्यक्ष, शंकर रेड्डी उपाध्यक्ष, दीपक यादव उपाध्यक्ष, ओमप्रकाश सिंह उपाध्यक्ष, विजय तिवारी उपाध्यक्ष, मोहन साव उपाध्यक्ष, उतम दास सचिव, प्रवीण सेठी महासचिव, मनोज बाजपेई उपाध्यक्ष, कन्हैया यादव सचिव मुख्य रूप से उपस्थित थे।
जमशेदपुर : मतदान करना प्रत्येक नागरिक का अधिकार है, लोकतंत्र की मजबूती इसी में है कि मतदान की महत्ता को समझते हुए सभी आयु वर्ग के मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करें तथा अपने सगे-संबंधी, दोस्त, पड़ोसी को भी प्रेरित करें… ये बातें उप विकास आयुक्त सह स्वीप कोषांग के वरीय पदाधिकारी श्री मनीष कुमार ने यूनिवर्सिटी के डीन/ प्रोफेसर, कॉलेज के प्राचार्य, स्कूल के प्रचार्य व शिक्षक के साथ समाहरणालय सभागार में आयोजित बैठक में कही।
यूनिवर्सिटी/कॉलेज/स्कूल में बनाएं स्वीप आइकॉन
उप विकास विकास आयुक्त ने कहा कि दिव्यांग, मेधावी, सांस्कृतिक, स्पोर्ट्स आदि गतिविधियों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने वाले छात्रों को स्वीप आइकॉन बनाते हुए यूनिवर्सिटी/कॉलेज/स्कूल परिसर में व्यापक स्तर पर मतदाता जागरूकता कार्यक्रम का संचालन करें ताकि हर घर तक मतदान का संदेश पहुंचे। जिला प्रशासन द्वारा मतदान के प्रति शहरी उदासीनता को खत्म करने के लिए मतदाता जागरूकता कार्यक्रम चलाये जा रहे हैं, इसमें सहयोग करें ताकि जिले के मतदान प्रतिशत में वृद्धि हो और हम सभी अपने लोकतंत्र की मजबूत में अपना योगदान दे सकें।
उप विकास आयुक्त ने कहा कि माइग्रेशन, मतदान प्रक्रिया में रुचि नहीं लेना, जागरूकता की कमी आदि कारण हो सकते हैं, ऐसे मतदाताओं को मतदान प्रक्रिया में भाग लेने एवं अपने मतों का प्रयोग अवश्य करने को लेकर जागरूक करने में सभी के सहयोग की आवश्कता है। उन्होने यूनिवर्सिटी, कॉलेज व स्कूल के बच्चों के बीच फॉर्म 6 भरने, चुनाव पाठशाला, मतदाता शपथ, सोशल मीडिया पर रील बनाने, वीडियो मैसेज, पौधरोपण, स्वच्छता अभियान, बाइक स्टीकर, मोबाइल स्टीकर,बैच, रंगोली, मानव श्रृंखला, क्वीज, प्रभातफेरी, वोटर आईडी के साथ सेल्फी, हस्ताक्षर अभियान, निबंध, स्लोगन आदि गतिविधियों के संचालन की बात कही।
इस अवसर पर सभागार में उपस्थित सभी सदस्यों को मतदाता शपथ दिलाया गया तथा मतदान के प्रति जागरूकता को लेकर मनोरंजक गतिविधि भी संचालित किए गए। उप विकास आयुक्त ने कहा कि मतदान के दिन को लोग छुट्टी का दिन समझकर घर पर नहीं बैठें बल्कि बूथ पर जाकर पहले मतदान करें फिर अन्य काम करें। मौके पर स्वीप कोषांग के प्रभारी पदाधिकारी-सह- जिला कल्याण पदाधिकारी, जिला सहकारिता पदाधिकारी, जिला खेल पदाधिकारी समेत स्वीप कोषांग के कर्मी उपस्थित थे।
हेमा मालिनी पर अपनी टिप्पणी को लेकर कांग्रेस नेता रणदीप सुरजेवाला बीजेपी के निशाने पर आ गए. अब कांग्रेस नेता रणदीप सिंह सुरजेवाला ने कहा है कि बीजेपी के आईटी सेल को तथ्यों को तोड़-मरोड़कर पेश करने और झूठ फैलाने की आदत हो गई है.
उनकी ये प्रतिक्रिया बीजेपी नेता अमित मालवीय द्वारा एक वीडियो साझा करने के बाद आई है. वीडियो में सुरजेवाला एक सभा को संबोधित करते हुए दिखाई दे रहे हैं. जिसमें वो कह रहे हैं कि लोग अपने मुद्दों को उठाने के लिए नेताओं को चुनते हैं.
एक्स पर अपनी पोस्ट में, मालवीय ने कहा कि यह “सबसे घृणित वर्णन है जो कोई भी कर सकता है.” बीजेपी नेता ने कहा, “यह राहुल गांधी की कांग्रेस है, जो कि स्त्रीद्वेषी है और महिलाओं से घृणा करती है.” अमित मालवीय ने कांग्रेस नेता सुप्रिया श्रीनेत के सोशल मीडिया प्रोफाइल से अभिनेता और बीजेपी उम्मीदवार कंगना रनौत के खिलाफ आपत्तिजनक पोस्ट को लेकर विवाद का भी जिक्र किया. सुप्रिया श्रीनेत (Supriya Shrinate) ने कहा है कि पोस्ट उनकी जानकारी के बिना की गई थीं. सुरजेवाला ने आज उसी कार्यक्रम से एक वीडियो साझा किया, जिसमें वह कहते सुने जा रहे हैं, “हम हेमा मालिनी जी का सम्मान करते हैं क्योंकि उन्होंने धर्मेंद्र जी से शादी की है, वह हमारी बहू हैं.”
उन्होंने बीजेपी पर तथ्यों को तोड़-मरोड़कर पेश करने और झूठ फैलाने का आरोप लगाते हुए कहा कि सत्तारूढ़ दल का उद्देश्य नरेंद्र मोदी सरकार की “युवा विरोधी, किसान विरोधी, गरीब विरोधी नीतियों और संविधान को खत्म करने की साजिश” से ध्यान भटकाना है. ” इन प्यादों ने कभी प्रधानमंत्री से नहीं पूछा कि उन्होंने ’50 करोड़ की गर्लफ्रेंड’, एक महिला सांसद को ‘शूर्पनखा’, ‘कांग्रेस की विधवा’ और ‘जर्सी गाय’ क्यों कहा.”
सुरजेवाला ने कहा कि उनका मतलब केवल यह था कि प्रत्येक निर्वाचित प्रतिनिधि को लोगों के प्रति जवाबदेह होना चाहिए, चाहे वह हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी या फिर मनोहर लाल खट्टर हों. “मेरा इरादा हेमा मालिनी जी का अपमान करना या किसी को ठेस पहुंचाना नहीं था. इसलिए मैंने स्पष्ट रूप से कहा कि हम हेमा मालिनी जी का सम्मान करते हैं और वह हमारी बहू हैं. बीजेपी तो महिला विरोधी है, इसलिए वह हर चीज को अपने स्त्रीद्वेषी रंग वाले चश्मे से देखती है और आसानी से झूठ फैलाता है.”
हालांकि अभी तक हेमा मालिनी ने सुरजेवाला की टिप्पणी पर उपजे विवाद पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है. सुरजेवाला पर निशाना साधते हुए, बीजेपी प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने कहा कि कांग्रेस की एकमात्र पहचान ‘नारी शक्ति’ का अपमान करना है.
जमशेदपुर : निबंधित मुद्दे पर निर्दलीय प्रत्याशी सौरव विष्णु को 15 हजार लोग जो कि टाटा स्टील में रजिस्टर्ड किए जा चुके हैं, उनका समर्थन प्राप्त है. विष्णु ने अपने घोषणा पत्र में हर साल 5000 नये रोज़गार देने का वादा किया है. निबंधित कर्मचारी पुत्र के माध्यम से उन्होंने जीतने से पहले ही 5000 लोगों को टाटा स्टील पर दबाव बना कर अपना रोज़गार का वादा पूरा करने की ठानी ही.
सौरभ ने बताया कि इस मुद्दे पर टाटा स्टील के मैनेजमेंट व यूनियन ने उनसे फ़ोन और वार्ता की थी. विष्णु को यूनियन कार्यालय में बुलाया. विष्णु ने ऑफिस जाने से मना कर दिया. उन्होंने रजिस्टर्ड निबंधित लोगों के साथ खुले में वार्ता करने की बात की. विष्णु ने दावा किया है कि टाटा स्टील के साथ काम करके इन लोगों के रोज़गार का समाधान करेंगे. बता दें कि टाटा स्टील ने 4000 लोगों को ओड़िशा से लाकर अप्रेन्टिस की नौकरी दी है. ये लोग बारीडीह में क्वार्टर भी पा चुके हैं. विष्णु ने स्थानीय नीति के स्वरूप जमशेदपुर लोकसभा क्षेत्र से नौकरी में सबसे पहले प्राथमिकता की मांग की है.
राँची : झारखंड हाईकोर्ट में होम गार्ड के जवानों को समान काम के बदले समान वेतन देने के संबंध में अवमानना याचिका पर सुनवाई हुई. सुनवाई के दौरान होमगार्ड डीजी अनिल पालटा अदालत में उपस्थित रहे. उन्होंने अदालत को बताया कि झारखंड सरकार द्वारा सर्वोच्च न्यायालय में रिव्यू याचिका दायर किया जा रहा है. जिसके बाद कोर्ट ने मौखिक रूप से कहा कि अगर 18 जून तक समान कार्य का समान वेतन लागू नहीं करते हैं, तो कोर्ट अवमानना की कार्रवाई शुरू करेगी.
हाईकोर्ट ने स्पष्ट रूप से यह कहा कि या तो आप 18 जून तक सर्वोच्च न्यायालय से स्टे लेकर आ जाएं या होमगार्ड जवानों को सामान्य कार्य का समान वेतन देने का आदेश लेकर आएं. अदालत ने इस मामले की अगली सुनवाई के लिए 18 जून की तिथि निर्धारित की है. यह जानकारी सुनवाई के दौरान कोर्ट में मौजूद झारखंड होमगार्ड वेलफेयर एसोसिएशन के प्रदेश महासचिव राजीव कुमार तिवारी ने दी.
जमशेदपुर : पूर्व सीएम के प्रेस सलाहकार रहे अभिषेक प्रसाद उर्फ पिंटू ने ईडी से कहा हेमंत सोरेन के निर्देश पर उन्होंने उदय शंकर को 8.86 एकड़ जमीन का सत्यापन करने को कहा था. ईडी ने बीते 18 मार्च को पूछताछ की थी. इस दौरान ईडी ने अभिषेक प्रसाद उर्फ पिंटू का बयान पीएमएलए की धारा 50 के तहत दर्ज किया गया था. जिसमें उन्होंने स्वीकार किया था कि वह उदय शंकर को जानते हैं, जो एक सीएमओ में तैनात अधिकारी है.
उन्होंने आगे कहा कि वह उन्हें कई कार्यों के लिए निर्देश देते थे. उदय शंकर को उनके निर्देशों के संबंध में एक विशिष्ट प्रश्न पर उन्होंने कहा कि उन्हें याद है कि उन्होंने उन्हें हेमंत सोरेन के निर्देश पर बड़गाई में 8.86 एकड़ संपत्ति की जानकारी प्राप्त करने और सत्यापन करने का निर्देश दिया था. उन्होंने आगे कहा कि उन्होंने व्हाट्सएप पर उदय शंकर को सत्यापन के लिए दो और संपत्तियां दी थीं, जो हेमंत सोरेन और उनके परिवार की थी.
ईडी ने पिंटू ने उनके और उदय शंकर के बीच 12 अक्टूबर 2022 को हुई व्हाट्सएप चैट दिखाई गई. जिसमें पिंटू उदय शंकर को दो संपत्तियों के सत्यापन के लिए निर्देश दिया था. ईडी ने हेमंत सोरेन के खिलाफ किए चार्जशीट में यह खुलासा किया है. 30 मार्च को ईडी ने हेमंत सोरेन के खिलाफ चार्जशीट दाखिल किया था. बरियातू स्थित 8.5 एकड़ जमीन पर कब्जा करने का हेमंत सोरेन पर ईडी ने आरोप लगाया है. 31 जनवरी को ईडी ने हेमंत सोरेन को गिरफ्तार किया था. गिरफ्तारी के बाद 13 दिनों तक रिमांड पर लेकर ईडी ने पूछताछ की थी. वहीं निलंबित सीआई भानु प्रताप प्रसाद से 12 दिनों तक ईडी ने पूछताछ की थी.
सामरिक बल कमान ने डीआरडीओ के साथ मिलकर कल (बुधवार) शाम लगभग 7:00 बजे ओडिशा के तट पर डॉ एपीजे अब्दुल कलाम द्वीप से नई पीढ़ी की बैलिस्टिक मिसाइल अग्नि-प्राइम का सफल उड़ान परीक्षण किया।
रक्षा मंत्रालय ने इस परीक्षण की पुष्टि की।
इस लॉन्च के मौके पर चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल अनिल चौहान, स्ट्रैटजिक फोर्सेज कमांड के प्रमुख और डीआरडीओ और भारतीय सेना के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सफल परीक्षण के लिए डीआरडीओ, एसएफसी और सशस्त्र बलों को बधाई दी है।
अग्नि-प्राइम मिसाइल का हुआ सफल उड़ान परीक्षण
रक्षा मंत्रालय ने एक बयान में कहा, “रणनीतिक बल कमान (एसएफसी) ने रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (डीआरडीओ) के साथ मिलकर 3 अप्रैल को लगभग 07:00 बजे ओडिशा के तट पर एपीजे अब्दुल कलाम द्वीप से नई पीढ़ी की बैलिस्टिक मिसाइल अग्नि-प्राइम का सफल उड़ान परीक्षण किया गया है।”
पूर्व सांसद संजय निरुपम ने अपने निष्कासन को लेकर कांग्रेस नेतृत्व पर बृहस्पतिवार को कटाक्ष करते हुए दावा किया कि पार्टी को अपना इस्तीफा भेजने के बाद उन्हें निष्कासित किया गया।
अनुशासनहीनता और पार्टी विरोधी बयानों की शिकायतों पर संज्ञान लेते हुए कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने बुधवार देर शाम निरुपम को तत्काल प्रभाव से छह साल के लिए पार्टी से निष्कासित करने की मंजूरी दे दी।
कांग्रेस की मुंबई इकाई के पूर्व प्रमुख निरुपम ने बृहस्पतिवार को सुबह सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर कहा, “ऐसा लगता है कि पार्टी ने कल रात मेरा त्यागपत्र मिलने के तुरंत बाद मेरे निष्कासन का निर्णय ले लिया। ऐसी तत्परता देखकर अच्छा लगा।” खरगे को लिखे पत्र में निरुपम ने कहा, “मैंने आखिरकार आपकी बहुप्रतीक्षित इच्छा को पूरा करने का फैसला किया है और मैंने अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा देने का निर्णय ले लिया है।”
निरुपम की नजर मुंबई उत्तर पश्चिम लोकसभा क्षेत्र पर थी और आगामी संसदीय चुनावों के लिए शिवसेना (यूबीटी) को यह सीट देने को लेकर वह कांग्रेस से नाराज थे। निरुपम के खिलाफ कार्रवाई की मांग तब बढ़ गई जब उन्होंने लोकसभा चुनाव के लिए महा विकास आघाडी (एमवीए) गठबंधन के तहत सीट- बंटवारे की बातचीत के दौरान मुंबई की सीट उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली पार्टी को देने को लेकर महाराष्ट्र कांग्रेस नेतृत्व की आलोचना की।
इससे पहले बुधवार को कांग्रेस ने स्टार प्रचारक की सूची से निरुपम का नाम हटा दिया था, जिससे संकट के बढ़ने का संकेत मिला। इसके बाद निरुपम ने तीखा हमला बोलते हुए कहा कि पार्टी “गंभीर वित्तीय संकट” का सामना कर रही है, इसलिए उसे खुद को बचाने के लिए स्टेशनरी तथा ऊर्जा का उपयोग करना चाहिए। उन्होंने पार्टी के खिलाफ आयकर विभाग की कार्रवाई के संदर्भ में यह कहा था।
मुंबई उत्तर से पूर्व सांसद निरुपम ने यह भी कहा था कि कांग्रेस नेतृत्व को शिवसेना (यूबीटी) की धौंस में नहीं आना चाहिए। उन्होंने दावा किया था कि मुंबई में एकतरफा तरीके से उम्मीदवार उतारने के शिवसेना (यूबीटी) के फैसले को स्वीकार करना कांग्रेस के विनाश की अनुमति देने जैसा है। निरुपम ने 2005 में शिवसेना छोड़ दी थी। 2009 में वह मुंबई उत्तर सीट से जीते थे। वह 2014 में मुंबई उत्तर सीट से भाजपा के गोपाल शेट्टी के खिलाफ चुनाव हार गए थे।