एक नई सोच, एक नई धारा

a69e566ec8b32f4e9e91fbc31a002745ddc9900e3dd9e6919154bddf73a69661.0
बिल्डिंग कोड के उलंघन मामले में सरकारी पदाधिकारी भी दोषी है उनपर कब होगी कारवाई : आजसू

जमशेदपुर : आजसू पार्टी जिला समिति ने जमशेदपुर अक्षेस को ज्ञापन दिया, जिसमें आजसू ने निम्नलिखित मांग रखी और सुधार करने की बात कही। आजसू ने अपने ज्ञापन में मुख्यतः इन बातों को उठाया है कि किसके सह पर बनी ये इमारतें, कैसे पार्किंग में बाजार खुल गई और गोदाम बन गया इसकी जांच होनी चाहिए और दोषियों पर कार्रवाई होनी चाहिए। शहर के प्रतिष्ठित पी एम मॉल के पार्किंग में भी दुकानें चल रही हैं और उसके नक्शा विचलन में कई तरह की त्रुटियां दिखाई पड़ रही हैं। जांच होने पर और कई मामले उजागर होंगे, इसलिए पी एम मॉल के प्रबंधन पर जल्द से जल्द जाँच कर कार्रवाई की जाए।

जमशेदपुर में फ्लैट हेतु G+2 का नक्शा पास होता है फिर किसकी मिलीभगत से 5 तल्ला बिल्डिंग बन कर तैयार हो जाते हैं? इस मामले में संलिप्त पदाधिकारी पर भी कार्रवाई किया जाए। शहर में पार्किंग एक बहुत बड़ी समस्या हो गई है और लोग सड़क किनारे गाड़ी खड़ी कर अपने कार्य में लग जाते हैं और सड़क पर एक लम्बा जाम लगा रहता है जिससे एक्सीडेंट होने का खतरा बना रहता है। शहर में पार्किंग की व्यवस्था दुरुस्त की जाए। शहर के कई फ्लैट में पार्किंग की व्यवस्था नहीं है, अगर है तो कोई बाहरी व्यक्ति मिलने आता है तो सड़क पर ही गाड़ी पार्क करना पड़ता है, ऐसे सभी फ्लैट के निर्माताओं पर कार्रवाई की जाए।

जमशेदपुर अक्षेस एक भ्रष्टाचार का अड्डा बन गया है, जिसमें क्रमशः सभी अधिकारी शामिल है। जिस पदाधिकारी के कार्यकाल में नक्शा विचलन किया गया है या बिल्डिंग कोड का उलंघन हुआ है उस पदाधिकारियों पर भी कारवाई करना सुनिश्चित करें। एक हफ्ते में अगर ठोस कार्रवाई नहीं होती है तो आजसू चरण बद्ध आंदोलन करेगी।
ज्ञापन देने में मुख्य रूप से कन्हैया सिंह, कमलेश दुबे, अप्पू तिवारी, संतोष सिंह, चंद्रेश्वर पांडेय, मनोज सिंह यादव, संतोष सिंह, अरूप मल्लिक, प्रवीन प्रसाद, मनोज मुखी, राहुल प्रसाद, समेत अन्य मौजूद रहे।

0c4d3a0378f0e33c8c2e7c655edbbd4f30b80c772454c9c90a92bbacae24e32d.0
एसएसपी ऑफिस से कुछ दूर पर अपराधियों ने की ताबड़तोड़ फायरिंग, एक घायल, जांच में जुटी पुलिस

जमशेदपुर : जमशेदपुर के एसएसपी कार्यालय जाने वाले मेन रोड पर अपराधियों ने गोलियां चला दी और भाग निकले। कदमा के रहने वाले वीर धनंजय को कमर में गोली लगी है वीर धनजय टाटा स्टील में सिक्योरिटी का काम करता है। वह मानगो से साकची की तरफ जा रहा था, इसी दौरान वीर धनंजय एसएसपी ऑफिस से कुछ दूरी पर अपराधियों की गोली का शिकार हो गया। गोली लगने के बाद वीर धनंजय खुद गाड़ी चलाकर टीएमएच अस्पताल पहुंचा। पुलिस मामले की तहकीकात में जुट गई है।

d9901bd937fde44e97d2916fa65675cb55a7a0749b90e8c8194106349dd7b99d.0

यह घटना मानगो पुल की ओर से साकची की तरफ जाने वाले मेन रोड पर घटी है। यह वही इलाका है जहां पर पहले पुराना कोर्ट हुआ करता था। घटना की सूचना मिलते ही साकची पुलिस वहां पहुंची लेकिन वहां से सारे अपराधी भाग निकले थे। पुलिस ने घटनास्थल से एक जिंदा कारतूस और एक के खोखा बरामद किया है। वहां कुछ चप्पल भी मिले हैं जिससे यह मालूम चलता है कि किसी को दौड़ाकर गोली मारी गई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और आसपास लगे सीसीटीवी को खंगाल रही है।

0c2adf1a1f06c21bf800b6a0920b86ce57c2a4e18b186d6ba6a1c564f339a683.0
n498654960168380090673379e7ab2c3a60afe0fc61eca6c849a1eafacb0a528f15a34716b0f27dd6b21589
करोड़ों की लागत से बनकर तैयार हुआ रांची में टाटा कैंसर हॉस्पिटल, सीएम सोरेन करेंगे उद्घाटन

झारखंड के कैंसर के मरीजों को बड़ी सहुलियत मिलने वाली है। उन्हें अब कैंसर के इलाज के लिए दिल्ली-मुंबई जैसे महानगरों का रुख करने की जरूरत नहीं होगी। कांके में बने टाटा के कैंसर अस्पताल में ही उनका इलाज हो जायेगा। 400 करोड़ की लागत से बनकर इस अस्पताल का शुभारंभ शुक्रवार को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन करेंगे।

कांके में राज्य सरकार की मानसिक आरोग्यशाला रिनपास की जमीन पर कैंसर अस्पताल के निर्माण कार्य का शिलान्यास वर्ष 2018 में हुआ था। इसकी आधारशिला टाटा संस के मानद चेयरमैन रतन टाटा और तत्कालीन मुख्यमंत्री रघुवर दास ने रखी थी।
इस मौके पर रतन टाटा ने कहा था कि कैंसर के कारण हर साल लाखों लोग मरते हैं। इसका इलाज इतना महंगा है कि लोग इस रोग से लड़ने की हिम्मत ही खो बैठते हैं। मैं झारखंड सरकार की सराहना करता हूं। यह अस्पताल कई लोगों की जान बचाने में अहम भूमिका निभायेगा।

इस अस्पताल में ओपीडी का संचालन एक साल पहले से किया जा रहा है। 12 मई के बाद यहां इनडोर कैंसर पेशेंट का भी इलाज शुरू हो जाएगा। अस्पताल में फिलहाल 82 बेड हैं, जिनमें से 50 फीसदी यानि 41 बेड स्थानीय लोगों के लिए आरक्षित हैं। अस्पताल में 14 ऑपरेशन थिएटर और 28 बेड का आइसीयू भी होगा। इसके अलावा यहां आवासीय परिसर भी बनाया जायेगा। अस्पताल का निर्माण टाटा ट्रस्ट ने किया है। इस अस्पताल की खासियत ये है कि इसमें इलाज के साथ कैंसर पर रिसर्च भी होगा। अस्पताल को मुंबई के टाटा मेमोरियल सेंटर के समान विकसित किया जाना है।

n4984651241683773619419b5a9c3c19693a6c8af68a19e799589289ab803d486c3424bd0a91cf5427d653b
सीने पर बरसती रहीं गोलियां, फिर भी आतंकियों को मार गिराया, अब शौर्य चक्र से नवाजा गया जांबाज

मध्य प्रदेश के सतना जिले के शहीद कर्णवीर सिंह अपने अदम्य साहस के लिए ‘शौर्य चक्र’ से सम्मानित हुए‌। शहीद कर्णवीर के पिता रिटायर्ड मेजर रवि कुमार सिंह और मां मिथलेश कुमारी सिंह राष्ट्रपति के हाथों सम्मानित हुए।

नक्सली मुठभेड़ में शहीद कर्णवीर को मरणोपरांत यह सम्मान मिला है।

शांति काल में असाधारण शौर्य का परिचय देते हुए मातृभूमि की रक्षा में प्राण गंवाने वाले कर्णवीर सिंह को मरणोपरांत यह सम्मान देश की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने मंगलवार को राष्ट्रपति भवन में आयोजित कार्यक्रम के दौरान प्रदान किया।

विंध्य के सपूत के शौर्य और बलिदान को सम्मानित किए जाने के अवसर की जानकारी भारत के राष्ट्रपति के ऑफिशियल ट्वीटर हैंडल के माध्यम से दी है। गौरतलब कि शहीद कर्णवीर सतना जिले की रामपुर बाघेलान तहसील के देवमऊ दलदल में उनका जन्म हुआ था। पूरा परिवार सतना शहर के वार्ड नंबर 22 उतैली में रहते हैं।

वर्ष 2017 में सूबेदार पद पर भर्ती हुए कर्णवीर भारतीय सेना की राजपूत रेजिमेंट की 44वीं बटालियन राष्ट्रीय राइफल्स के जांबाज सदस्य थे। जम्मू कश्मीर के शोपियां में 20 अक्टूबर 2021 को आतंकियों के साथ हुई मुठभेड़ में कर्णवीर शहीद हो गए थे। पूरी रात चली मुठभेड़ के दौरान कर्णवीर के सिर और सीने पर गोली खाई थी। उन्होंने दो आतंकी को ढ़ेर भी किया था। उनके गृह देवमऊ दलदल में स्थित सरकारी विद्यालय का नाम सीएम शिवराज सिंह चौहान की घोषणा अनुसार शहीद कर्णवीर के नाम से किया जा चुका है।

dhf1b2cc91bc9941b085ade20b7b0a4565 044fabc0eea811edbb57dbd46ed5b8a81683773178965b5ff46570da49fc67c891d4b34ff0268f45c38ff033aec16cd14ff30fe77c5d0
गहलोत बनाम पायलट: पंजाब जैसा न हो जाए कांग्रेस का राजस्‍थान में हाल

राजस्थान में विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सचिन पायलट ने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के विरुद्ध जिस तरह मोर्चा खोल दिया है, वह कांग्रेस नेतृत्व के लिए एक बड़ी मुसीबत है, लेकिन इसके लिए वह स्वयं ही अधिक जिम्मेदार हैं। अशोक गहलोत और सचिन पायलट के बीच खटपट नई नहीं और न ही कांग्रेस नेतृत्व समेत अन्य कोई उससे अपरिचित है। दोनों नेताओं के बीच कलह से भली तरह परिचित होते हुए भी कांग्रेस नेतृत्व ने उसे दूर करने की कोशिश नहीं की। उसने समय-समय पर सचिन पायलट को कुछ आश्वासन अवश्य दिए, लेकिन उन्हें पूरा करने की दिशा में आगे नहीं बढ़ा। यदि उसे अपने आश्वासन पूरे ही नहीं करने थे तो फिर दिए ही क्यों?

यह मानने के अच्छे-भले कारण हैं कि कांग्रेस नेतृत्व अशोक गहलोत के दबाव का सामना नहीं कर सका और उसने उनके आगे हथियार डाल दिए। यह तभी स्पष्ट हो गया था, जब अशोक गहलोत ने खुद को पार्टी अध्यक्ष बनाने की कांग्रेस नेतृत्व की पहल नाकाम कर दी थी। वह अपनी शर्तों पर कांग्रेस अध्यक्ष बनना चाह रहे थे। जब नेतृत्व ने उनकी शर्तें मानने से इन्कार किया तो उनकी शह पर उनके समर्थक विधायकों ने बगावत कर दी। यह सीधे तौर पर कांग्रेस नेतृत्व ही नहीं, गांधी परिवार के खिलाफ खुला विद्रोह था, लेकिन कोई कुछ नहीं कर सका। अशोक गहलोत इस विद्रोह को हवा देने के बाद भी अपने पद पर बने रहे।

सचिन पायलट के तेवरों से यह साफ है कि उनका धैर्य जवाब दे गया है। उन्होंने पहले तो अपनी ही सरकार के भ्रष्टाचार के खिलाफ अनशन किया, फिर अशोक गहलोत के इस बयान के लिए उन्हें निशाने पर लिया कि उनकी सरकार बचाने में भाजपा नेता वसुंधरा राजे ने उनकी मदद की थी। सचिन पायलट ने यह कहकर अशोक गहलोत पर करारा हमला बोला कि लगता है उनकी नेता सोनिया गांधी नहीं, वसुंधरा राजे हैं। वह रुकने वाले नहीं, यह उनकी इस घोषणा से स्पष्ट होता है कि वह 11 मई से अपनी जन संघर्ष यात्रा निकालने जा रहे हैं।

सचिन पायलट पिछले महीने जब एक दिन के लिए अनशन पर बैठे थे, तब कांग्रेस नेतृत्व ने अपनी अप्रसन्नता व्यक्त की थी, क्योंकि यह अनशन गहलोत सरकार के खिलाफ था। कांग्रेस नेतृत्व सचिन पायलट पर कार्रवाई करने की स्थिति में भी नहीं और उनकी शिकायतों का समाधान करने में भी सक्षम नहीं दिख रहा है। यदि गहलोत और पायलट के बीच खींचतान और बढ़ती है, जो कि साफ दिख रही है तो कांग्रेस को चुनावों में वैसा ही नुकसान उठाना पड़ सकता है, जैसा उसे पंजाब में उठाना पड़ा था। पंजाब में कांग्रेस नेताओं के बीच खींचतान इसीलिए बढ़ी थी, क्योंकि पार्टी नेतृत्व गांधी परिवार के चापलूस नेताओं के साथ खड़ा हो गया था। नतीजा यह हुआ कि वहां कांग्रेस बिखर गई।

e0a617f94a4020d3af1332f4915fa590213edc3f8d23a82ed6160be0afe70a7a.0
साकची : सेक्स रैकेट का भंडाफोड़, गेस्ट हाउस में हुई छापेमारी, देखें वीडियो

जमशेदपुर : साकची थाना अंतर्गत काशीडीह स्थित कांति गेस्ट हाउस में सेक्स रैकेट का भंडाफोड़ हुआ है। उपायुक्त विजया जाधव को मिली गुप्त सूचना पर एसडीओ पीयूष सिन्हा के नेतृत्व में हुई इस कार्रवाई में कार्यपालक दण्डाधिकारी संतोष कुमार,सुमित कुमार,निशा कुमारी तथा साकची थाना की टीम शामिल थी। मौके से 6 युवतियां और 4 युवकों को पकड़ कर साकची थाना भेजा गया। पकड़े गए अधिकांश युवा बालिग हैं। दो लोगों का आईडी कार्ड नहीं बरामद हुआ जिसके लिए उनके अभिभावकों को पूछताछ के लिए थाना बुलाया गया है। मौके से भारी मात्रा में शराब की बोतलें भी बरामद हुई हैं। अब तक की जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि कुछ होटल वाले बिना आईडी प्रूफ लिए ही गेस्ट हाउस में ठहराते हैं।

4b61db051a2f38ce699efe44b3242a6dcab306e7ea548ebd5dd3a12266cc4099.0


उपायुक्त ने इस मामले में कहा कि गेस्ट हाउस के पास रहने वाले कुछ स्थानीय लोगों ने सेक्स रैकेट चलाये जाने की शिकायत पहले भी की थी आज फिर इनपुट मिलने पर त्वरित कार्रवाई करते हुए मौके पर एसडीओ के नेतृत्व में टीम भेजा गया जिसने रेड डालते हुए कुछ युवाओं को पकड़ा है,पूछताछ जारी है। गेस्ट हाउस का मालिक फरार है जबकि उसकी पत्नी को कस्टडी में लिया गया है। मामले में दोषियों को चिन्हित करते हुए इस रैकेट में शामिल सभी लोगों पर एफआईआर दर्ज कराया जा रहा है।
उपायुक्त ने जिले के सभी होटल संचालकों को स्पष्ट निर्देश दिया कि बिना वैध आईडी प्रूफ के किसी भी विजिटर को ठहरने नहीं दें और जांच के क्रम में ऐसा पाया गया तो दोषियों के विरुद्ध विधि सम्मत कार्रवाई की जाएगी।

eb7ab54328509ce50df1dd0df8868f6b2ac3169ba68c252a0b01a3d21f910731.0
आदित्यपुर : युवक पर चाकू से हमला, गंभीर रूप से घायल

सरायकेला : सरायकेला खरसावां जिले के आदित्यपुर थाना क्षेत्र के कल्पनापुरी के रहने वाले युवक आदिल अंसारी पर बुधवार को चाकू से हमला किया गया है। हमलावरों ने आदिल पर चाकू से कई वार किए। इससे आदिल अंसारी गंभीर रूप से घायल हो गया। लहूलुहान हालत में उसे टीएमएच में भर्ती कराया गया। जहां उसका इलाज चल रहा है। बताते हैं कि आदिल के शरीर पर चाकू से 3 वार किए गए हैं। आदिल सिविल का काम करता है। घायल अवस्था में ही वह ससुराल पहुंच गया था और फिर ससुराल के लोगों ने उसे टीएमएच में भर्ती कराया। घटना की जानकारी पुलिस को दे दी गई। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

IMG 20230510 WA0036
आंध्र प्रदेश में सिख ग्रंथीयों को सरकारी अनुदान की घोषणा एक सकारात्मक पहल: भगवान सिंह

झारखंड में भी आंध्र प्रदेश की तर्ज पर लागू हो ग्रंथीयों के लिए अनुदान प्रणाली

आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री वाई एस जगन रेड्डी द्वारा सिख ग्रंथीयों के लिए सरकारी अनुदान की घोषणा का स्वागत और हर्ष जताते हुए सीजीपीसी के प्रधान सरदार भगवान सिंह ने झारखंड में भी इस प्रणाली को लागु करने की माँग झारखंड सरकार से की है।
बुधवार को सीजीपीसी कार्यालय में बयान जारी करते हुए भगवान सिंह ने कहा कि आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री वाई एस जगन रेड्डी की जितनी तारीफ़ की जाये कम है श्री रेड्डी ने ग्रंथीयों को अनुदान नहीं उचित सम्मान देने की घोषणा की है जिसका सीजीपीसी स्वागत और प्रशंसा करती है। सरदार भगवान सिंह ने कहा कि वे एक प्रतिनिधिमण्डल के साथ बहुत जल्द झारखंड के मुख्यमंत्री से मिलकर इसे झारखंड में भी लागू करने का निवेदन करेंगे।
भगवान सिंह ने कहा की आन्ध्र प्रदेश सरकार ने
सिख धार्मिक संस्थानों को प्रॉपर्टी टैक्स से भी छूट देने की घोषणा कर सिख समुदाय को सम्मान दिया है।
गौरतलब है कि आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री वाई एस जगन रेड्डी द्वारा आंध्र प्रदेश में पुरोहित पादरी एवं मौलवियों को अनुदान मिलता रहा है और अब उसमें गुरुद्वारों के ग्रंथीयों को भी जोड़ा जा रहा है।
साथ ही साथ सिख धार्मिक संस्थानों को प्रॉपर्टी टैक्स से भी छूट देने की घोषणा आंध्र प्रदेश मुख्यमंत्री ने की है और इसके साथ ही वहां गुरमुखी को लेकर भी निगम गठन पर हामी भरी गयी है।

9c0100d90e2cc3cec18a4d03977dd9cd49a664baf3b264a54c9d4a2154eb2f6e.0
अमृतसर धमाका में बड़ा खुलासा, कोल्डड्रिंक कैन में रखा था विस्फोटक

अमृतसर : विगत 6 मई की रात को अमृतसर के दरबार साहिब के नजदीक पहला धमाका हुआ और दूसरा धमाका अगले दिन 7 मई की सुबह को हुआ था। पंजाब के डीजीपी गौरव यादव ने घटनास्थल का दौरा किया और कहा कि विस्फोटक कच्ची सामग्री से तैयार किया गया था।
गौरतलब हो कि पंजाब प्रांत के अमृतसर में दरबार साहिब के नजदीक “हेरिटेज स्ट्रीट” के पास सारागढ़ी बहुमंजिला पार्किंग के पास हुए विस्फोटों की जांच अब एन आई ए की टीम कर रही है। टीम ने पुलिस अधिकारियों के साथ मीटिंग कीऔर फोरेंसिक जांच टीमों से जानकारी ली।

इस बीच पुलिस सूत्रों के हवाले से खुलासा किया गया है कि “हेरिटेज स्ट्रीट” पर हुए दोहरे विस्फोटों में इस्तेमाल विस्फोटक 250 मिलीलीटर के दो कैन हेल नाम के ब्रांड के कोल्ड ड्रिंक के कैन में पैक किये गए थे। पुलिस सूत्रों द्वारा कहा गया कि कैन को उंचाई से गिराने पर इस प्रकार का विस्फोट हो सकता है।
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि जो पहली बार विस्फोट हुआ उसमें विस्फोटक पदार्थ कैन में भरा हुआ था और कैन के साथ एक तार भी जुड़ा हुआ था, जिसे दिवार पर फेंका गया था, दि ट्रिब्यून के मुताबिक पुलिस ने घटना से संबंधित एक शख्स की पहचान कर ली है। जिसने अनजाने में तार खींचने के क्रम में कैन को नीचे गिरा दिया जिससेे धमाका हुआ था, पुलिस के अनुमान से जबकि दूसरा धमाका तब हुआ जब कैन को ऊंचाई से फेंका गया हो। एन आई ए की टीम के पहुचते ही हेरिटेज स्ट्रीट पुलिस छावनी में बदल गयी। पुलिस ने असामाजिक तत्वों पर निगरानी रखने के लिए बहुमंजिला पार्किंग की छत पर भी पुलिस कर्मियों की तैनाती की है।

0a0dafa085d545d30d58e9857aa4c69cfcf4430045677f72f6f14e373a90650d.0
एक ऐसा वृक्ष जिसके सिर्फ फल में ही नहीं अंग अंग में औषधि है

यूँ तो हर फल की अपनी ख़ासियत और गुण होते हैं। बीमार लोगों से मिलने जाना हो या भगवान को भोग लगाना हो, फल एक अहम किरदार निभाता है हमारी जीवन में। लोगों में मौसमी फल को लेकर भी एक अलग उत्साह देखने मिलता है और हो भी क्यों नहीं मौसमी फल हमारे लिए होते भी हैं फायदेमंद और कई फल तो हमारी आये दिन होने वाली बीमारी के लिए रामबाण का भी कार्य करती हैं, लेकिन एक फल ऐसा भी है जिसके सिर्फ फल ही नहीं अपितु पूरे का पूरा वृक्ष ही औषधि का कार्य करती है और वह है जामुन। आईये जानते हैं इसकी खूबी के बारे में – (नयना भारद्वाज)

★ अगर जामुन की मोटी लकड़ी का टुकडा पानी की टंकी में रख दे तो टंकी में शैवाल, हरी काई नहीं जमेगी और पानी सड़ेगा भी नहीं।

★ जामुन की इस खुबी के कारण इसका इस्तेमाल नाव बनाने में बड़ा पैमाने पर होता है।

★ पहले के जमाने में गांवो में जब कुंए की खुदाई होती तो उसके तलहटी में जामून की लकड़ी का इस्तेमाल किया जाता है जिसे जमोट कहते है।

★ दिल्ली की निजामुद्दीन बावड़ी का हाल ही में हुए जीर्णोद्धार से ज्ञात हुआ 700 सालों के बाद भी गाद या अन्य अवरोधों की वजह से यहाँ जल के स्तोत्र बंद नहीं हुए हैं।

★ भारतीय पुरातत्व विभाग के प्रमुख के.एन. श्रीवास्तव के अनुसार इस बावड़ी की अनोखी बात यह है कि आज भी यहाँ लकड़ी की वो तख्ती साबुत है जिसके ऊपर यह बावड़ी बनी थी। श्रीवास्तव जी के अनुसार उत्तर भारत के अधिकतर कुँओं व बावड़ियों की तली में जामुन की लकड़ी का इस्तेमाल आधार के रूप में किया जाता था।

★ स्वास्थ्य की दृष्टि से विटामिन सी और आयरन से भरपूर जामुन शरीर में न केवल हीमोग्लोबिन की मात्रा को बढ़ाता। पेट दर्द, डायबिटीज, गठिया, पेचिस, पाचन संबंधी कई अन्य समस्याओं को ठीक करने में अत्यंत उपयोगी है।

★ एक रिसर्च के मुताबिक, जामुन के पत्तियों में एंटी डायबिटिक गुण पाए जाते हैं, जो रक्त शुगर को नियंत्रित करने करती है। ऐसे में जामुन की पत्तियों से तैयार चाय का सेवन करने से डायबिटीज के मरीजों को काफी लाभ मिलेगा।

★ सबसे पहले आप एक कप पानी लें। अब इस पानी को तपेली में डालकर अच्छे से उबाल लें। इसके बाद इसमें जामुन की कुछ पत्तियों को धो कर डाल दें। अगर आपके पास जामुन की पत्तियों का पाउडर है, तो आप इस पाउडर को 1 चम्मच पानी में डालकर उबाल सकते हैं। जब पानी अच्छे से उबल जाए, तो इसे कप में छान लें। अब इसमें आप शहद या फिर नींबू के रस की कुछ बूंदे मिक्स करके पी सकते हैं।

★ जामुन की पत्तियों में एंटी बैक्टीरियल गुण होते हैं. इसका सेवन मसूड़ों से निकलने वाले खून को रोकने में और संक्रमण को फैलने से रोकता है। जामुन की पत्तियों को सुखाकर टूथ पाउडर के रूप में प्रयोग कर सकते हैं. इसमें एस्ट्रिंजेंट गुण होते हैं जो मुंह के छालों को ठीक करने में मदद करते हैं। मुंह के छालों में जामुन की छाल के काढ़ा का इस्तेमाल करने से फायदा मिलता है। जामुन में मौजूद आयरन खून को शुद्ध करने में मदद करता है।

★ जामुन की लकड़ी न केवल एक अच्छी दातुन है अपितु पानी चखने वाले (जलसूंघा) भी पानी सूंघने के लिए जामुन की लकड़ी का इस्तेमाल करते।

error: Content is protected !!