जमशेदपुर : भाजपा नेता अभय सिंह की झारखण्ड उच्च न्यायालय से जमानत होने के बाद उनके समर्थकों में उत्साह देखने को मिल रहा है। सोमवार को भाजपा नेता अभय सिंह घाघीडीह कारावास से बाहर आएंगे। उनके स्वागत को लेकर समर्थकों और कार्यकर्ताओं द्वारा पूरी तैयारी की जा रही है। भाजपा की जिला कमेटी भी पूरी तरह से अभय सिंह के स्वागत के लिए तैयारी कर रही है। (जारी…)
जमशेदपुर के हर चौक चौराहे पर अभय सिंह के समर्थकों ने विशाल बैनरों के जरिये शहर भर में हिन्दू हृदय सम्राट के स्वागत की घोषणा कर दी है। वहीं जिला भाजपा भी अपनी पूरी टीम के साथ अभय सिंह के स्वागत करने की पुरजोर तैयारी कर रही है। अभी तक मिली जानकारी के अनुसार आज जिला भाजपा टीम और अभय सिंह को चाहने वालों का एक हुजूम घाघीडीह जेल से उनके निवास स्थान तक उनके साथ रहेंगे। (जारी…)
बताया जा रहा है कि शहर के विभिन्न स्थानों पर अभय सिंह का स्वागत एवं अभिनंदन किया जायेगा। कई समर्थकों ने डीजे और बैंड बाजा के साथ उनके स्वागत की तैयारी कर रखी है। गौरतलब हो कि कदमा हिंसा प्रकरण के बाद अलग अलग मामलों में भाजपा नेता अभय सिंह का नाम जोड़ा गया। जिसकी वजह से उन्हें लगभग 6 महीनों तक कारावास में रहना पड़ा। इस कारण उनके समर्थकों में मायूसी भी देखने को मिली थी, लेकिन जब न्यायालय द्वारा सभी मामलों में अभय सिंह को जमानत दे दी गयी तब से उनके समर्थकों में खुशी, उत्साह और उमंग देखने को मिल रहा है।
सोशल मीडिया कंपनी एक्स (पूर्व ट्विटर) को बड़ा झटका लगा है। ऑस्ट्रेलिया ने एलन मस्क के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर 386,000 डॉलर का जुर्माना लगाया है। एक्स के खिलाफ ये कार्रवाई बाल उत्पीड़न जांच में सहयोग न करने पर की गई है।
एक्स के खिलाफ ऑस्ट्रेलिया में एक्शन
ई-सुरक्षा आयोग ने एक्स पर जुर्माना लगाते हुए कहा कि वह सवालों का जवाब देने में विफल रहा है, जिसमें बाल उत्पीड़न से जुड़ा भी मामला शामिल था। जिसके बाद एक्स पर 386,000 डॉलर का जुर्माना लगाया गया है। मस्क ने एक पोस्ट में कहा कि बाल शोषण को खत्म करना पहली प्राथमिकता है, लेकिन ऑस्ट्रेलियाई नियामक ने कहा कि जब उसने एक्स से पूछा कि उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर बढ़ती संख्या को कैसे रोका तो एक्स ने जवाब दिया कि यह बड़ी संख्या में युवाओं द्वारा इस्तेमाल की गई सेवा नहीं है।
यूरोपीय संघ कर रहा इस मामले की जांच
हाल ही में यूरोपीय संघ ने कहा था कि वह अपने नए तकनीकी नियमों के संभावित उल्लंघन के लिए एक्स की जांच कर रहा है। बता दें कि प्लेटफॉर्म एक्स पर इजरायल पर हमास के हमले के संबंध में दुष्प्रचार पर लगाम लगाने में विफल रहने का आरोप लगाया गया था।
राँची : झारखंड के पूर्व मंत्री अमर कुमार बाउरी बीजेपी विधायक दल के नेता बनाए गए हैं, जबकि जेपी पटेल को विधानसभा सचेतक की जिम्मेवारी सौंपी गयी है. झारखंड बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने रविवार को इसकी घोषणा की. बाबूलाल मरांडी को प्रदेश भाजपा अध्यक्ष बनाये जाने के बाद से भाजपा विधायक दल के नेता को लेकर पार्टी के अंदर नेता की तलाश की जा रही थी. पिछले ढाई माह से यह मामला केंद्रीय नेतृत्व के पास विचाराधीन था. बीजेपी विधायक दल के नेता अमर कुमार बाउरी ने कहा कि पार्टी ने जो जिम्मेवारी सौंपी है, उसे पूरी शिद्दत के साथ पूरा करेंगे.
चंदनक्यारी विधायक अमर कुमार बाउरी विधायक दल के नेता
चंदनक्यारी के विधायक अमर कुमार बाउरी को बीजेपी विधायक दल का नेता बनाया गया, वहीं मांडू विधायक जेपी पटेल को सचेतक नियुक्त किया गया है. बाबूलाल मरांडी को प्रदेश भाजपा अध्यक्ष बनाये जाने के बाद से भाजपा विधायक दल के नेता को लेकर पार्टी के अंदर नेता की तलाश की जा रही थी. इसको लेकर जुलाई में भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व ने केंद्रीय मंत्री अश्विनी चौबे को पर्यवेक्षक बना कर भेजा था. उन्होंने पार्टी के सभी विधायकों से अलग-अलग बात की थी. भाजपा विधायक दल के लिए इनसे तीन-तीन नाम मांगे गये थे. इसके बाद पर्यवेक्षक ने अपनी रिपोर्ट केंद्रीय नेतृत्व को सौंपी थी. पिछले ढाई माह से यह मामला केंद्रीय नेतृत्व के पास विचाराधीन था.
पहले बाबूलाल को चुना गया था बीजेपी विधायक दल का नेता
बीजेपी में शामिल होने के बाद बाबूलाल मरांडी को बीजेपी विधायक दल का नेता चुना गया था. इसके बाद विधानसभा में पत्र लिखकर इन्हें नेता प्रतिपक्ष बनाने का आग्रह किया गया था, लेकिन विधानसभा में दल बदल का मामला विचाराधीन होने की वजह से उन्हें नेता प्रतिपक्ष की मान्यता प्रदान नहीं की जा रही थी. लगभग दो वर्ष तक विधानसभा में यह मामला विचाराधीन रहने के बाद पांच जुलाई को बाबूलाल मरांडी को प्रदेश भाजपा का अध्यक्ष बनाया गया.
क्या बोले अमर कुमार बाउरी
बीजेपी विधायक दल के नेता अमर कुमार बाउरी ने कहा कि पार्टी ने जो जिम्मेवारी सौंपी है, उसे पूरी शिद्दत के साथ पूरा करेंगे. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, प्रभारी लक्ष्मीकांत वाजपेयी सहित प्रदेश नेतृत्व के प्रति मैं आभारी हूं. मैं सदन के अंदर और बाहर वर्तमान राज्य सरकार की नाकामियों के खिलाफ संघर्ष करूंगा.
जम्मू : माता वैष्णो देवी भक्तों के लिए बड़ी खबर है।राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने आज श्री माता वैष्णो देवी मंदिर का दौरा किया और पुनर्निर्मित पार्वती भवन और स्काई वॉक का उद्घाटन किया। बता दें कि 15 करोड़ रुपए की लागत से बने स्काईवॉक और पार्वती भवन भक्तों के लिए सुरक्षा के लिहाज से अति महत्वपूर्ण सुविधा है। यह स्काईवॉक माता वैष्णो देवी मंदिर परिसर में उस संकरे रास्ते पर बनाया गया है, जहां यात्रियों की सबसे अधिक भीड़ रहती है। (जारी…)
इस स्काईवॉक को श्री माता वैष्णो देवी मंदिर परिसर के उस 300 मीटर ट्रैक पर बनाया गया है, जहां माता के दर्शन के लिए आने और जाने वाले यात्रियों की सबसे ज्यादा भीड़ रहती है। इससे पहले जम्मू-कश्मीर के रियासी जिले में स्थित वैष्णो देवी तीर्थ स्थल पर जम्मू संभाग के एक शीर्ष पुलिस अधिकारी ने बुधवार को सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की। एक अधिकारी ने यह जानकारी दी। (जारी…)
जम्मू क्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक (आईजीपी) आनंद जैन ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की प्रतिष्ठित मंदिर की निर्धारित यात्रा से एक दिन पहले सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की। राष्ट्रपति मुर्मू बुधवार सुबह श्रीनगर पहुंचीं और वह अपने दो दिवसीय दौरे के अंतिम चरण में आज वीरवार को मंदिर गई और पुनर्निर्मित पार्वती भवन और स्काईवॉक का उद्घाटन किया। स्काईवॉक पर काम पिछले साल अगस्त में शुरू हुआ था। यह भवन क्षेत्र के पास आने वाले और जाने वाले तीर्थयात्रियों की कतार अलग करने में मदद करेगा। (जारी…)
पुलिस के एक प्रवक्ता ने कहा कि आईजीपी, जम्मू ने वीवीआईपी यात्रा और आगामी नवरात्र पर्व की तैयारियों का जायजा लेने के लिए कई महत्वपूर्ण बैठकें कीं और भवन और कटरा में थानों का दौरा किया। प्रवक्ता ने कहा कि इन बैठकों के दौरान, जैन ने यात्रा के मद्देनजर अतिरिक्त सतर्क बरतने पर जोर दिया और सभी अधिकारियों और जवानों से आगामी नवरात्र त्योहार को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा उपायों को प्राथमिकता देने का आग्रह किया।
नई दिल्ली : आईसीसी क्रिकेट वर्ल्ड कप 2023 के 13वें मैच में बहुत बड़ा उलटफेर देखने को मिला. अफगानिस्तान क्रिकेट टीम ने रविवार को दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में मौजूदा चैंपियन इंग्लैंड (Eng vs Afg) को 69 रन से हराकर विश्व कप के इतिहास में बड़ा उलटफेर किया. हैरी ब्रुक (Harry Brook) को छोड़कर अफगानिस्तान के गेंदबाजों के सामने इंग्लैंड के बैटर्स आसानी से घुटने टेक दिए. ब्रुक ने पारी को संभालने की कोशिश की लेकिन वह इसमें सफल नहीं हो सके. अफगानिस्तान की 3 मैचों में यह पहली जीत है जबकि इंग्लैंड की 3 मैचों में यह दूसरी हार है. (जारी…)
जोस बटलर (Joe Buttler) की ओर से पहले बल्लेबाजी का न्योता मिलने के बाद हशमतुल्लाह शाहिदी की अगुआई वाली अफगान टीम ने 49. 5 ओवर में 284 रन बनाए. जवाब में बटलर एंड कंपनी 215 रन पर ढेर हो गई. हैरी ब्रुक ने इंग्लैंड की ओर से सबसे ज्यादा 66 रन बनाए. उन्हें मुजीब उर रहमान ने बोल्ड किया. इंग्लैंड की ओर से डेविड मलान ने 32 रन बनाए जबकि जो रूट 11 रन बनाकर आउट हुए वहीं लियाम लिविंगस्टोन और सैम करेन ने 10-10 रन की पारी खेली. कप्तान जोस बटलर 9 रन बनाकर पवेलियन लौटे. आदिल राशिद ने 20 रन की पारी खेली. अफगानिस्तान की ओर से युवा स्पिनर मुजीब उर रहमान और राशिद खान ने एक समान 3-3 विकेट चटकाए.
गुरबाज ने 80 जबकि इकरान ने 58 रन की पारी खेली
इससे पहले, ओपनर रहमानुल्लाह गुरबाज के 57 गेंद में 80 रन की मदद से अफगानिस्तान ने 284 रन बनाए. उसके लिए गुरबाज ने 57 गेंद में 80 रन बनाए जिसमें 8 चौके और चार छक्के शामिल थे. गुरबाज के अलावा इकराम अलीखिल ने 66 गेंद में तीन चौकों और दो छक्कों के साथ 58 रन बनाए जबकि निचले क्रम पर अनुभवी मुजीब उर रहमान ने 16 गेंद में 28 रन की आक्रामक पारी खेली.
गुरबाज ने 33 गेंदों पर पूरी की फिफ्टी
पहले दोनों मैच हार चुकी अफगानिस्तान की टीम ने पहले बल्लेबाजी के लिए भेजे जाने पर ठोस शुरुआत की. पहले दोनों मैचों में नाकाम रहे गुरबाज और इब्राहिम जदरान ने पहले विकेट की साझेदारी में 114 रन जोड़े. गुरबाज खास तौर पर जबर्दस्त फॉर्म में थे जिन्होंने तीसरे ही ओवर में क्रिस वोक्स को छक्का लगाकर अपने तेवर जाहिर किए. अफगानिस्तान के 50 रन 39 गेंद में बने. गुरबाज ने नौवें ओवर में सैम कुरेन को कवर्स और स्कवेयर लेग में चौका लगाने के बाद मिडविकेट पर छक्का जड़कर 20 रन निकाले. इसके बाद इंग्लैंड के कप्तान जोस बटलर ने कुरेन की जगह आदिल रशीद को गेंद सौंपी. गुरबाज ने 11वें ओवर की दूसरी गेंद पर रशीद को चौका लगाकर 33 गेंद में अपना अर्धशतक पूरा किया.
उत्तरप्रदेश : सहारनपुर जिले में थाना सदर बाजार कोतवाली में तैनात एक सब इंस्पेक्टर ने गृहकलेश से तंग आकर खुदकुशी करने की कोशिश की. दरोगा ने एसबीडी अस्पताल पुल के नीचे रेलवे ट्रैक पर ट्रेन के सामने कूद गया. ट्रेन चालक ने देखा तो उसने ब्रेक लगाए जिसकी वजह से दरोगा बच गया. हालांकि ट्रेन की टक्कर की वजह से दरोगा घायल हुए हैं और फिलहाल उनका हॉस्पिटल में इलाज किया जा रहा है. (जारी…)
जानकारी के मुताबिक सब इंस्पेक्टर योगेंद्र शर्मा उत्तरप्रदेश के बुलंदशहर जिले के निवासी हैं. उन्होंने शनिवार ब्रजेश नगर एसबीडी अस्पताल पुल के नीचे एक ट्रेन के सामने कूदकर आत्महत्या की कोशिश की है. जब दरोगा ने ट्रेन के सामने छलांग लगाई तो ट्रेन चालक ने ब्रेक लगाकर ट्रेन रोक दी. सब इंस्पेक्टर योगेंद्र शर्मा के शरीर पर ट्रेन का पहिया चढ़ते-चढ़ते बच गया. (जारी…)
घटनास्थल पर आस-पास कई लोग खड़े थे, जिन्होंने सब इंस्पेक्टर की ये हालत देखी और तुरंत उनके पास पहुंच गए. सब इंस्पेक्टर पहिए के नीचे फंस गए थे जिन्हें स्थानीय लोगों ने निकाला. आत्महत्या करने के लिए ट्रेन के सामने कूदने की इस कोशिश में सब इंस्पेक्टर योगेंद्र शर्मा बुरी तरह घायल हो गए. योगेंद्र शर्मा के सिर पर काफी चोट आई है, साथ ही उनके एक हाथ मे फ़्रैक्चर भी हो गया. (जारी…)
स्थानीय लोगों ने घायल सब इंस्पेक्टर योगेंद्र को जिला अस्पताल में भर्ती करवाया है जहां उनकी नाजुक हालत को देखते हुए उन्हें हायर सेंटर के लिए रेफर किया गया है. इसके अलावा पुलिस विभाग ने उनके परिजनों को भी इसकी सूचना दे दी है. जानकारी के अनुसार योगेंद्र शर्मा पारिवारिक कारणों के चलते पिछले कई दिनों से तनाव में चल रहे थे. अंदेशा लगाया जा रहा है कि पारिवारिक तनाव के चलते उन्होंने ये आत्मघाती कदम उठाया. इस पूरे मामले में पुलिस की तरफ से कोई औपचारिक बयान सामने नहीं आया है.
भारतीय सेना को लगातार अपग्रेड करने का प्रयास हो रहा है। उन्नत तकनीकों से सेना को लैस करने के साथ-साथ स्वदेशी तकनीक के इस्तेमाल पर भी पूरा जोर दिया जा रहा है। इसी कड़ी में अब विदेश से आयात किए गए सिस्टम को विदा कर लड़ाकू विमानों में अंगद और उत्तम नाम के स्वदेशी सिस्टम को इंस्टॉल कराने का फैसला लिया गया है।
स्वदेशी हल्के लड़ाकू विमानों (एलसीए) को ‘उत्तम’ रडार से सुसज्जित किया जाएगा। इसके अलावा ‘अंगद’ इलेक्ट्रॉनिक वारफेयर सूट को भी विमानों में इंस्टॉल कराने का फैसला लिया गया है। सेना ने एक बयान में बताया कि इन तकनीकों के इस्तेमाल से सेना की ताकत बढ़ेगी। विदेशी सिस्टम पर निर्भरता कम होगी।
विमानों में बहुत जल्द लग जाएंगे स्वदेशी सिस्टम
सेना ने एक बयान में कहा, सैन्य हथियार प्रणालियों के स्वदेशीकरण के प्रयास हो रहे हैं। इसी कड़ी में भारत में निर्मित हल्के लड़ाकू विमान (एलसीए) -मार्क1ए को ‘उत्तम’ रडार और ‘अंगद’ इलेक्ट्रॉनिक वारफेयर सूट से सुसज्जित किया जाएगा। रक्षा अधिकारियों के हवाले से समाचार एजेंसी एएनआई ने बताया, उत्तम एक्टिव इलेक्ट्रॉनिकली स्कैन्ड एरे रडार और अंगद इलेक्ट्रॉनिक वारफेयर सूट को स्वदेशी रूप से विकसित किया जा रहा है। यह बहुत जल्द एलसीए मार्क-1ए विमान के साथ इंटीग्रेट होने के लिए तैयार हो जाएगा।
आयात पर घटेगी निर्भरता, वायुसेना ने दिया बड़ा ऑर्डर
भारतीय वायुसेना पहले ही 83 एलसीए मार्क 1ए लड़ाकू विमानों के लिए ऑर्डर दे चुकी है। रिपोर्ट के अनुसार, सेना निकट भविष्य में 97 और विमानों के लिए ऑर्डर देने जा रही है। एक सूत्र ने कहा, “41वें विमान से लेकर 83 एलसीए मार्क1ए विमानों के ऑर्डर तक, इलेक्ट्रॉनिक वारफेयर सूट और एईएसए रडार भारत में बनाए जाएंगे, जिससे इन विमानों में स्वदेशी सामग्री बढ़ेंगे। आयात पर निर्भरता काफी कम हो जाएगी।
विदेशी मुद्रा की बचत पर जोर
परियोजनाओं को रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (DRDO) की अलग-अलग प्रयोगशालाओं में कार्यान्वित किया जा रहा है। रक्षा उद्योग में रोजगार के अवसर पैदा करते हुए एलसीए को स्वदेशी हथियार प्रणालियों के साथ फिर से स्थापित करने पर जोर देने से विदेशी मुद्रा में लाखों की बचत होगी।
रक्षा मंत्रालय को बताई जा चुकी है योजना
सूत्रों ने बताया कि उत्तम रडार का प्रदर्शन भी विकास चरण में बहुत आशाजनक रहा है। इसे उच्च-स्तरीय लड़ाकू विमानों में इस्तेमाल करने पर भी विचार किया जा रहा है। सूत्रों ने कहा कि भारतीय वायु सेना (आईएएफ) की योजना के अनुसार, भारत में निर्मित विमान अपने बेड़े में मिग-श्रृंखला के लड़ाकू विमानों की जगह लेंगे। उन्होंने कहा कि योजनाएं रक्षा मंत्रालय और अन्य सभी हितधारकों के समक्ष पेश की जा चुकी है।
कितनी सक्रिय है वायुसेना और नौसेना
भारतीय वायु सेना प्रमुख, एयर चीफ मार्शल वीआर चौधरी ने भी स्वदेशी लड़ाकू जेट कार्यक्रम के संबंध में हाल ही में हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड सहित सभी संबंधित पक्षों के साथ एक समीक्षा बैठक की थी। इसी बीच रविवार को सैन्य तैयारियों की समीक्षा के लिए पश्चिमी नौसेना कमांडर वाइस एडमिरल दिनेश के त्रिपाठी पश्चिमी बेड़े के युद्धपोतों पर रवाना हुए। उन्होंने पनडुब्बी रोधी, विमान भेदी और सतही अभ्यास और आईएनएस विक्रमादित्य के हवाई संचालन सहित एक यथार्थवादी बहु-खतरे परिदृश्य में कई प्लेटफार्मों से की गई लाइव फायरिंग देखी।
पश्चिमी नौसेना कमांडर ने देखीं तैयारियां
भारतीय नौसेना के अधिकारी ने बताया कि एडमिरल दिनेश के त्रिपाठी ने परिचालन और युद्ध की तैयारियों की समीक्षा करने के अलावा हाल ही में बेड़े में शामिल- MH-60R हेलीकॉप्टर की सवारी भी की। उन्होंने बेड़े के शीघ्र एकीकरण के लिए किए गए प्रयासों पर संतोष व्यक्त किया। भारतीय नौसेना के अनुसार, पश्चिमी नौसेना कमांडर वाइस एडमिरल दिनेश के त्रिपाठी परिचालन ने पनडुब्बी रोधी, विमान भेदी और सतही अभ्यास और आईएनएस विक्रमादित्य के हवाई संचालन को भी देखा।
पहली बार अरुणाचल में गरजेंगे वायुसेना के विमान
वायुसेना आने वाले दिनों में किन गतिविधियों में सामिल होगी? इस पर एयर मार्शल धारकर ने बताया कि वायुसेना अरुणाचल में एयर शो आयोजित कर सकती है। चीन की सीमा से लगे रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण राज्य में एयरशो के बारे में एयर मार्शल एसपी धारकर ने रविवार को कहा कि ऐसा पहली बार होगा जब इस सीमावर्ती राज्य में पहली बार वायु शक्ति का प्रदर्शन किया जा सकता है।
अरुणाचल में शो दिलचस्प होगा, विचार करेंगी वायुसेना
पूर्वी वायु कमान के शीर्ष अधिकारी एयर मार्शल धारकर ने कहा, अरुणाचल प्रदेश जैसे पहाड़ी इलाके में एयर शो आयोजित करना चुनौतीपूर्ण है, लेकिन वायुसेना के लिए वहां एयर शो करना अभी भी एक “दिलचस्प” विचार है। आम लोगों के सामने अपनी ताकत दिखाने पर उन्होंने कहा, “यह एक दिलचस्प प्रस्ताव है, मुझे यकीन है कि हम इस पर गौर करेंगे।”
हवाई प्रदर्शन का आयोजन
धारकर ने कहा, “हो सकता है कि आप अगले एयर शो को कवर करें जो हम निकट भविष्य में अरुणाचल प्रदेश के कुछ स्थानों पर ही आयोजित करेंगे।” बता दें कि भारतीय वायु सेना ने रविवार को बोरझार स्टेशन पर एक हवाई प्रदर्शन का आयोजन किया। इसमें विभिन्न हेलिकॉप्टर और सुखोई-30 और राफेल जैसे लड़ाकू विमान शामिल थे।
साइंस जादू-टोना, तंत्र-मंत्र को नहीं मानता. उस पर कभी यकीन नहीं करता. लेकिन आप जानकर हैरान होंगे कि एक यूनिवर्सिटी जादू-टोने का कोर्स शुरू करने जा रही है. चुड़ैल से लेकर ड्रैगन तक सब कोर्स में शामिल हैं. छात्रों को इनके बारे में बताया जाएगा. तंत्र मंत्र कैसे होता है, इसकी ट्रेनिंग दी जाएगी. वह भी बिल्कुल प्रशिक्षित ट्रेनर्स के द्वारा. इतना ही नहीं, 2 साल का कोर्स करने के बाद स्टूडेंट्स को पीजी की डिग्री भी मिलेगी. आप जानकर और भी हैरान होंगे कि सदियों से जिस मुल्क के लोग तंत्र मंत्र का मजाक उड़ाया करते थे, वहां इसकी पढ़ाई होने जा रही है. (जारी…)
आप सोच रहे होंगे कि क्या सच में ऐसा कोई स्कूल हो सकता है? तो हम बता दें कि बिल्कुल ऐसा होने जा रहा है. न्यूयॉर्क पोस्ट की रिपोर्ट के मुताबिक, ब्रिटेन की एक्सेटर यूनिवर्सिटी जादू और गुप्त विज्ञान का कोर्स शुरू करने जा रही है. यह शायद दुनिया की पहली यूनिवर्सिटी होगी जहां, इस तरह की पढ़ाई कराई जाएगी. यहां की प्रोफेसर एमिली सेलोवे ने बताया कि जादू टोना और तंत्र विद्या में दिलचस्पी रखने वालों की कोई कमी नहीं. कई लोग इसे सीखना भी चाहते हैं. ऐसे में इस तरह का कोई कोर्स चलाया जाए तो बहुत सारे स्टूडेंट्स आएंगे. इसे देखते हुए हम एक पीजी कोर्स शुरू करने जा रहे हैं.
इस्लामी परंपराओं में तंत्र मंत्र के बारे में जानेंगे
एमिली सेलोवे यूनिवर्सिटी एक्सेटर में मध्यकालीन अरबी साहित्य पढ़ाती हैं और उन्हें ही इस कोर्स का कोआर्डिनेटर बनाया गया है. रिपोर्ट के अनुसार, पढ़ाई के दौरान छात्र यहूदी, ईसाई और इस्लामी परंपराओं में तंत्र मंत्र के बारे में जानेंगे. उसके वैज्ञानिक पहलुओं के बारे में समझेंगे. समाज पर जादू टोने का क्या असर होता है, इसके बारे में भ्ज्ञी बताया जाएगा. इसमें ड्रैगन और चुड़ैलों पर स्टडी की जाएगी और मध्यकालीन युग में महिलाएं किस तरह जादू टोना करती थीं, उसके बारे में भी बताया जाएगा. यह एक यूनिक कोर्स होगा.
नए और रचनात्मक समाधान तलाश रहे
एमिली सेलोवे ने कहा, अगर हम एक समाज के रूप में जिन समस्याओं का सामना कर रहे हैं, उनके लिए वास्तव में नए और रचनात्मक समाधान तलाश रहे हैं तो दिक्कत क्या है. हमें इसके प्रति साहसी होना होगा. कुछ आजमाए गए पुराने तरीकों के बारे में जानना होगा. हम सावधानी पूर्वक इनका प्रयोग करें तो कई समस्याओं का समाधान कर सकते हैं. सेलोवे ने कहा, जादू और तंत्र-मंत्र में लोगों की व्यापक रुचि है. खासकर युवा और महिलाएं इसके बारे में खूब तलाश कर रही हैं. टिकटॉक पर #WitchTok हैशटैग की पापुलैरिटी इसका सबूत है कि लोग चुड़ैलों के बारे में कितना जानना चाहते हैं. इस हैशटैग से 50 मिलियन बार मैसेज किए गए हैं.
जमशेदपुर : केन्द्रीय जनजातीय कार्य मंत्रालय के तहत काम करने वाली एजेंसी ट्राइफेड द्वारा लगाए गए आदि महोत्सव में काफी भीड़ हो रही है। शहरवासियों के उत्साह को देखते हुए आदि महोत्सव को 20 अक्टूबर तक के लिए बढ़ा दिया गया है। ट्राइफेड के क्षेत्रीय प्रबंधन शैलेन्द्र कुमार राजू ने बताया कि आदि महोत्सव में रविवार शाम को अलग अलग राज्यों के कलाकारों के लगाए गए स्टॉलों पर शहरवासियों ने खरीदारी की। (जारी…)
इसमे बांस, कुश से बने सजावट के सामान, खूंटी के महिलाओं द्वारा त्वरित बनाकर दिए जाने वाले लाह की चूड़ियां, खादी और शिल्क के कपड़े, कुर्ते, कुर्तियां, साड़ी, अचार, उत्तराखंड और सिक्किम के बने कपड़ों की काफी डिमांड दिखी। वहीं, झारखंड के कलाकारों के बनाए गए वाद्य यंत्र बनाम, नगाडों के स्टॉल पर भी लोग जानकारी लेते रहे। दूसरी ओर, अलग-अलग प्रदेशों के व्यंजन के स्टॉलों पर भी भीड़ दिखी। इसमे झारखंड का धुसका, चिल्का रोटी, मालपुआ, छत्तीसगढ़ के स्टॉल पर पोहा जैसे लोकल खाने की वस्तुओं का लुत्फ लोग लेते दिखे। (जारी…)
150 से अधिक स्टॉल आदि महोत्सव में कुल 150 स्टॉल लगे हैं। रविवार को छुट्टी का दिन होने के कारण इसमें सिक्किम, छत्तीसगढ़, बंगाल, ओडिशा, राजस्थान, उत्तराखंड समेत कई राज्यों के जनजातीय कलाकार पहुंचे हैं। शाम को जनजातीय समूहों ने नृत्य प्रस्तुत किया। संताली, संबलपुरी और नागपुरी गीतों पर स्थानीय कलाकारों ने नृत्य से सभी को मुग्ध किया। इस दौरान काफी संख्या में लोगों ने सांस्कृतिक कार्यक्रम का लुत्फ उठाया।
जमशेदपुर : नवरात्रि पर दलमा में पूजा कर सफारी सेवा का शुभारंभ किया गया। शुरुआत में चार गाड़ी से सभी को दलमा सफारी की सेवा दी जाएगी, जिसमें चारों गाड़ी में टाइगर, लायन, चीता और पैंथर शामिल हैं। दलमा टॉप चिल्ड्रन पार्क और फोटो शूटिंग एरिया घुमाया जाएगा साथ में एक गाइड भी दिया जाएगा, जो दलमा जंगल के बारे में जानकारी देगा। (जारी…)
दलमा जंगल में लोग वाइल्ड लाइफ को नजदीक से देखने और सुखद अहसास के लिए आते हैं, उन्हें प्राकृतिक संपदा से भरा तोहफा मिलेगा। दलमा में जंगल सफारी चलाने का टेंडर तीन साल के लिए जेएसआर ऑन व्हील्स को मिला है। वहीं, एक सितंबर से इसकी शुरुआत की जाएगी। वन विभाग की ओर से 90 लाख की लागत से चंडीगढ़ से 6 सफारी वाहनों को खरीदा गया है। वहीं, दलमा हिल जंगल सफारी की जिम्मेदारी जेएसआर ऑन व्हील्स कंपनी को दी गई है। पांच एजेंसियों ने इस सफारी के लिए टेंडर भरा था, जिसमे 1.51 लाख की बोली लगी थी, जिसमें जेएसआर ऑन व्हील्स ने तीन साल के लिए टेंडर हासिल कर लिया।
इतना देना होगा भाड़ा
जेएसआर ऑन व्हील के संचालक राहुल ने बताया कि यदि आप शेयरिंग और पर्सनल बुकिंग करना चाहते हैं तो इसके लिए अलग-अलग आपको शुल्क देने होंगे। यदि आप डोर-टू-डोर यानी घर से लेकर दलमा तक के लिए बुकिंग करते हैं तो शेयरिंग 600 से 700 रुपये (दलमा से दूरी पर निर्भर है) और 4500 से 4700 रुपये 10 लोगों का देना पड़ेगा। इसके साथ ही यदि मकुलाकोचा से दलमा टॉप तक के लिए प्रति व्यक्ति शेयर में 300 रुपये लगेंगे। यदि घर से सफारी सेवा लेना चाहते हैं तो इसके लिए 4800 रुपये निर्धारित किए गए हैं।