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बॉलीवुड: रणवीर सिंह की फिल्म ‘धुरंधर 2’ रिलीज से पहले विवादों में, एआई-जनरेटेड पोस्टर पर सिख समुदाय ने जताई कड़ी आपत्ति

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मुंबई/डेस्क: बॉलीवुड अभिनेता रणवीर सिंह की आगामी फिल्म ‘धुरंधर 2: द रिवेंज’ अपनी रिलीज से पहले ही एक बड़े विवाद के केंद्र में आ गई है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे फिल्म के एक कथित पोस्टर को लेकर सिख समुदाय में भारी आक्रोश है, जिसके चलते मुंबई के मुलुंड पुलिस स्टेशन में लिखित शिकायत भी दर्ज कराई गई है।IMG 20260323 093044

क्या है पूरा विवाद?

​’सिख्स इन महाराष्ट्र’ संगठन के अध्यक्ष सरदार गुरज्योत सिंह द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत के अनुसार, वायरल पोस्टर में एक किरदार को पारंपरिक सिख वेशभूषा और पगड़ी (दस्तार) में सिगरेट पीते हुए दिखाया गया है।

​संगठन का तर्क है कि:

  • ​सिख धर्म में तंबाकू का सेवन ‘बज्जर कुरैत’ (गंभीर उल्लंघन) माना जाता है।
  • ​इस तरह का चित्रण गुरु गोविंद सिंह जी के सिद्धांतों और पूरे समुदाय की धार्मिक भावनाओं को आहत करता है।
  • ​शिकायतकर्ता ने फिल्म के प्रदर्शन पर रोक लगाने और निर्माता-निर्देशक व अभिनेता पर कार्रवाई की मांग की है।

एआई (AI) का ‘मायाजाल’: फर्जी निकला पोस्टर

​जैसे-जैसे विवाद गहराया, तकनीकी विशेषज्ञों और इंटरनेट उपयोगकर्ताओं ने इस पोस्टर की असलियत उजागर की। शुरुआती जांच में यह संकेत मिले हैं कि:

  1. ​यह पोस्टर आधिकारिक (Official) नहीं है।
  2. ​इसे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की मदद से किसी प्रशंसक (Fan-made) द्वारा बनाया गया है।
  3. ​फिल्म में “प्रलय” नाम का कोई गाना भी शामिल नहीं है, जिसका जिक्र इस फर्जी पोस्टर के साथ किया जा रहा था।

​दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के पूर्व अध्यक्ष परमजीत सिंह सरना ने भी शुरुआत में इस पर कड़ी आपत्ति जताई थी, हालांकि बाद में यह स्पष्ट हुआ कि वह इसके एआई-जनरेटेड होने से अनजान थे।

फर्जी खबरों और एआई का बढ़ता खतरा

​फिल्म उद्योग के जानकारों का कहना है कि एआई के इस दौर में मशहूर कलाकारों के नाम पर फर्जी कंटेंट बनाना आसान हो गया है, जो अक्सर प्रोडक्शन हाउस और अभिनेताओं के लिए मुसीबत का सबब बन रहा है। फिलहाल, रणवीर सिंह की टीम या फिल्म के निर्माताओं की ओर से इस विवाद पर कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण नहीं आया है।

रिपोर्ट: तीसरी धारा न्यूज़ डेस्क

तीसरी धारा न्यूज़ की अपील: सोशल मीडिया पर वायरल होने वाले पोस्टर्स या सूचनाओं की सत्यता की जांच किए बिना उन पर प्रतिक्रिया देने से बचें। एआई के दौर में सावधानी ही बचाव है।