जमशेदपुर/गोविंदपुर: लौहनगरी के गोविंदपुर क्षेत्र की 21 पंचायतों में पिछले चार दिनों से जलापूर्ति पूरी तरह ठप है, जिससे जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। पानी की इस गंभीर किल्लत से परेशान पंचायत प्रतिनिधियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने मंगलवार को जिला उपायुक्त (DC) से मुलाकात कर उन्हें वस्तुस्थिति से अवगत कराया और एक मांग पत्र सौंपा।
1.5 लाख की आबादी संकट में
प्रतिनिधिमंडल ने उपायुक्त को बताया कि गोविंदपुर और आसपास की 21 पंचायतों में रहने वाली लगभग 1.5 लाख की आबादी पिछले 96 घंटों से पानी के लिए त्राहि-त्राहि कर रही है। जलापूर्ति बाधित होने का मुख्य कारण पंप हाउस को बिजली की आपूर्ति न मिलना बताया जा रहा है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए उपायुक्त ने कड़ी नाराजगी जताई।
DC का कड़ा रुख: ‘बुनियादी जरूरतों में लापरवाही बर्दाश्त नहीं’
उपायुक्त ने तत्काल पेयजल एवं स्वच्छता विभाग तथा विद्युत विभाग के कार्यपालक अभियंताओं को तलब किया और समस्या के त्वरित समाधान के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जनता की बुनियादी जरूरतों, विशेषकर पानी और बिजली, में किसी भी तरह की लापरवाही या देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
कल से सुचारू हो सकती है सप्लाई
बैठक के बाद पेयजल और विद्युत विभाग के अधिकारियों ने प्रतिनिधियों को आश्वस्त किया कि विभाग ‘युद्ध स्तर’ पर वैकल्पिक व्यवस्था कर रहा है।
- वैकल्पिक बिजली व्यवस्था: पंप हाउस को बिजली देने के लिए नए सिरे से प्रयास किए जा रहे हैं।
- समय-सीमा: विभाग ने भरोसा दिलाया है कि कल (बुधवार) से जलापूर्ति सुचारू रूप से शुरू होने की पूरी संभावना है।
प्रतिनिधिमंडल में ये रहे मौजूद
इस महत्वपूर्ण बैठक और ज्ञापन सौंपने के दौरान प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) के साथ जिला परिषद सदस्य डॉ. परितोष सिंह, उपप्रमुख शिव हंसदा, पंचायत समिति सदस्य सतवीर सिंह बग्गा, मनोज यादव, सुशील कुमार, सकरो सोरेन, सोनिया भूमिज, जैस्मिन गुड़िया, रवि कुरली, किशोर सिंह और मुखिया सोनका सरदार मुख्य रूप से उपस्थित रहे।
रिपोर्ट: ब्यूरो, तीसरी धारा न्यूज (जमशेदपुर)











