दिल्ली को दहलाने वाले ब्लास्ट केस में एन आई ए ने बड़ी सफलता हासिल की है। जांच के दबाव और सबूतों की कड़ी जोड़ते हुए एजेंसी ने उमर के दोस्त अमीर राशिद को गिरफ्तार कर लिया है। यह गिरफ्तारी पूरे मामले में अहम मोड़ मानी जा रही है।

जांच में सामने आया है कि ब्लास्ट में जिस i-20 कार का इस्तेमाल हुआ, वह अमीर राशिद के नाम पर रजिस्टर्ड थी। कार की डिटेल्स, लोकेशन ट्रैसिंग और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर एन आई ए की टीम काफी समय से इस पर काम कर रही थी, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई।
एन आई ए सूत्रों के अनुसार, अमीर राशिद की गतिविधियों पर पिछले कई दिनों से कड़ी नजर रखी जा रही थी। ब्लास्ट से पहले और बाद में उसकी मूवमेंट भी संदिग्ध पाई गई। इसके अलावा उमर से उसकी लगातार बातचीत और कॉल रिकॉर्ड्स ने एजेंसी का शक और गहरा कर दिया था।
🔍 जांच में यह भी सामने आया—
i-20 कार ब्लास्ट में सीधे-सीधे इस्तेमाल की गई थी
कार की नंबर प्लेट और रजिस्ट्रेशन दोनों अमीर राशिद से जुड़े
उमर और अमीर दोनों की लोकेशन कई बार एक जैसी मिली
धमाके से पहले कार कई संदिग्ध जगहों पर देखी गई
इस गिरफ्तारी के बाद अब एन आई ए की टीम और गहराई से नेटवर्क को खंगालने में जुट गई है। यह भी माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में और बड़ी गिरफ्तारियां हो सकती हैं।
लाल किले के पास हुआ यह ब्लास्ट दिल्ली की सुरक्षा व्यवस्था के लिए बड़ा खतरा माना जा रहा था, जिसके चलते केंद्र सरकार भी लगातार अपडेट ले रही है।
दिल्ली पुलिस, स्पेशल सेल और एन आई ए संयुक्त रूप से इस केस पर काम कर रही हैं।
📍 टीम तीसरी धारा — अंकित सिन्हा











