एक नई सोच, एक नई धारा

1002353562
झारखंड: 23 फरवरी को ‘महा-टकराव’, एक ही दिन निकाय चुनाव और बोर्ड परीक्षा; असमंजस में लाखों छात्र

रांची: झारखंड में आगामी 23 फरवरी 2026 की तारीख को लेकर राज्य निर्वाचन आयोग और झारखंड एकेडमिक काउंसिल (जैक) के बीच ठन गई है। इस दिन राज्य के 48 नगर निकायों में मतदान होना है, जबकि इसी दिन मैट्रिक और इंटरमीडिएट की महत्वपूर्ण परीक्षाएं भी निर्धारित हैं। दोनों संस्थाओं के बीच छिड़े इस “लेटर वार” ने लाखों छात्र-छात्राओं, अभिभावकों और शिक्षकों की नींद उड़ा दी है।

1002353562

संस्थाओं के बीच ‘लेटर वार’: कौन किस पर भारी?

​विवाद की जड़ चुनाव और परीक्षा की तारीखों का एक साथ होना है।

  • राज्य निर्वाचन आयोग का पक्ष: आयोग के सचिव राधेश्याम प्रसाद ने स्पष्ट किया है कि चुनावी प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और अब तिथियों में बदलाव संभव नहीं है। आयोग का तर्क है कि चुनाव घोषणा से पहले जैक को कई बार पत्र लिखकर राय मांगी गई थी, लेकिन उनकी ओर से समय रहते कोई जवाब नहीं मिला।
  • जैक (JAC) का पक्ष: जैक सचिव जयंत कुमार मिश्र का कहना है कि छात्रों के भविष्य और व्यावहारिक कठिनाइयों को देखते हुए आयोग को मतदान की तारीख बदलनी चाहिए। जैक का मानना है कि परीक्षा केंद्रों पर ही मतदान केंद्र होने से कानून-व्यवस्था और परीक्षा की शुचिता बनाए रखना असंभव होगा।

23 फरवरी का गणित: क्यों बढ़ी है चिंता?

​23 फरवरी को जैक बोर्ड परीक्षा का अंतिम दिन है। इस दिन हिंदी (एक्स्ट्रा), उर्दू, बांग्ला और उड़िया जैसे विषयों की परीक्षा होनी है।

प्रमुख चुनौतियां:

  1. परीक्षा केंद्र बनाम मतदान केंद्र: राज्य के अधिकांश स्कूल ही परीक्षा केंद्र हैं और उन्हें ही मतदान केंद्र बनाया गया है। एक ही भवन में परीक्षा और वोटिंग एक साथ कराना व्यावहारिक नहीं है।
  2. कर्मियों की कमी: शिक्षक और कर्मचारी परीक्षा ड्यूटी में होंगे या चुनाव ड्यूटी में? यह एक बड़ा सवाल है।
  3. छात्रों की परेशानी: मतदान के कारण लगने वाली भीड़, ट्रैफिक जाम और सुरक्षा घेरे के बीच परीक्षार्थियों का समय पर केंद्र पहुंचना एक बड़ी चुनौती होगी।

अभिभावकों में आक्रोश: “छात्रों के भविष्य से खिलवाड़”

​अभिभावक मंच ने इस स्थिति को जैक की लापरवाही और आयोग की जिद का नतीजा बताया है। मंच के अध्यक्ष अजय राय ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि यह सीधे तौर पर छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है। उन्होंने सरकार से हस्तक्षेप की मांग करते हुए पूछा है कि क्या एक ही कमरे में एक तरफ वोट डाले जाएंगे और दूसरी तरफ छात्र परीक्षा देंगे?

आगे क्या?

​फिलहाल गेंद राज्य सरकार के पाले में है। यदि दोनों संस्थाएं अपनी जिद पर अड़ी रहीं, तो मामला अदालत तक भी पहुंच सकता है। लाखों छात्र इस उम्मीद में हैं कि उनकी परीक्षा शांतिपूर्ण माहौल में हो और उन्हें इस प्रशासनिक खींचतान का खामियाजा न भुगतना पड़े।

मौजूदा स्थिति: > * चुनाव तिथि: 23 फरवरी 2026 (अटल)

  • बोर्ड परीक्षा: 23 फरवरी 2026 (अंतिम दिन)
  • असमंजस: परीक्षा केंद्रों के आवंटन और सुरक्षा को लेकर।
1002353366
जमशेदपुर: टाटा पावर गेट पर मजदूरों का हल्लाबोल, 12 फरवरी को राज्यव्यापी हड़ताल का एलान

जमशेदपुर: ट्रेड यूनियनों के संयुक्त मंच, झारखंड के बैनर तले मंगलवार को टाटा पावर गेट के समक्ष मजदूरों ने अपनी आवाज बुलंद की। सैकड़ों की संख्या में जुटे श्रमिकों और विभिन्न यूनियन पदाधिकारियों ने एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन कर प्रबंधन और सरकार के खिलाफ आक्रोश जताया।

1002353366

मजदूरों के शोषण का आरोप: “पेमेंट स्लिप मांगी तो नौकरी से निकाला”

​प्रदर्शन को संबोधित करते हुए ट्रेड यूनियन नेता अंबुज ठाकुर ने मजदूरों की स्थिति पर गहरी चिंता व्यक्त की। उन्होंने प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा:

  • मानदेय में देरी: श्रमिकों को समय पर उचित वेतन नहीं दिया जा रहा है।
  • दस्तावेजों का अभाव: कई संस्थानों में मजदूरों को ‘पेमेंट स्लिप’ तक उपलब्ध नहीं कराई जा रही।
  • दमनकारी नीति: यदि कोई मजदूर अपने हक की पेमेंट स्लिप मांगता है, तो उसे नौकरी से बाहर का रास्ता दिखा दिया जाता है। ठाकुर ने इसे पूरी तरह गैरकानूनी और अन्यायपूर्ण करार दिया।

12 फरवरी को थमेगा झारखंड: राज्यव्यापी हड़ताल की घोषणा

​मजदूरों के हितों की रक्षा और लंबित समस्याओं के समाधान के लिए मंच ने अब आर-पार की लड़ाई का मन बना लिया है।

​”हमारी मांगों को अनसुना किया जा रहा है। इसके विरोध में 12 फरवरी को झारखंड की सभी ट्रेड यूनियनें एकजुट होकर एक दिवसीय राज्यव्यापी हड़ताल करेंगी।” – अंबुज ठाकुर, ट्रेड यूनियन नेता

आंदोलन तेज करने की चेतावनी

​धरना प्रदर्शन के दौरान अन्य वक्ताओं ने भी प्रबंधन को आड़े हाथों लिया। वक्ताओं ने स्पष्ट किया कि यह धरना तो महज एक शुरुआत है। यदि मजदूरों की समस्याओं का जल्द निस्तारण नहीं किया गया, तो आने वाले दिनों में आंदोलन को और भी उग्र रूप दिया जाएगा।

​हालाँकि प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहा, लेकिन गेट पर उमड़ी भीड़ और मजदूरों के नारों ने प्रशासन और प्रबंधन की चिंताएँ बढ़ा दी हैं।

प्रमुख माँगें एक नजर में:

क्रममुख्य मांग
1समय पर उचित मानदेय का भुगतान
2अनिवार्य रूप से पेमेंट स्लिप मुहैया कराना
3छंटनी और गैरकानूनी निष्कासन पर रोक
4श्रमिक अधिकारों का पूर्ण अनुपालन
1002353146
जेल से विधानसभा: बाहुबली अनंत सिंह आज लेंगे विधायक पद की शपथ, सुरक्षा के कड़े इंतजाम

पटना: मोकामा के बाहुबली नेता और नवनिर्वाचित विधायक अनंत सिंह आज मंगलवार को बिहार विधानसभा के सदस्य के रूप में शपथ लेंगे। पटना सिविल कोर्ट से विशेष अनुमति मिलने के बाद उनका शपथ ग्रहण संभव हो पा रहा है। हालांकि, यह राहत केवल शपथ प्रक्रिया तक ही सीमित है; इसके तुरंत बाद उन्हें वापस बेऊर जेल भेज दिया जाएगा।

1002353146

भारी सुरक्षा घेरे में रहेंगे ‘छोटे सरकार’

​कोर्ट के आदेशानुसार, अनंत सिंह को जेल से सीधे विधानसभा लाया जाएगा। सुरक्षा में कोई चूक न हो, इसके लिए विशेष प्रबंध किए गए हैं:

  • सुरक्षा दस्ता: क्विक रिस्पॉन्स टीम (QRT) और विशेष सुरक्षा दस्ते के साथ भारी पुलिस बल तैनात रहेगा।
  • प्रतिबंध: शपथ के अलावा वे किसी भी अन्य गतिविधि में भाग नहीं ले सकेंगे। उन्हें न तो समर्थकों से मिलने की अनुमति है और न ही साथी विधायकों से संवाद की।
  • हाई अलर्ट: विधानसभा परिसर में सीसीटीवी और अतिरिक्त सुरक्षा बलों के जरिए चप्पे-चप्पे पर नजर रखी जा रही है।

शपथ क्यों है जरूरी?

​बिहार विधानसभा के कुल 243 सदस्यों में से 242 विधायक पहले ही शपथ ले चुके हैं। अनंत सिंह अकेले ऐसे विधायक थे जिनका शपथ ग्रहण बाकी था। संविधान के अनुच्छेद-188 के तहत, बिना शपथ लिए कोई भी निर्वाचित प्रतिनिधि न तो सदन की कार्यवाही में हिस्सा ले सकता है और न ही वेतन या भत्तों का हकदार होता है।

कानूनी पेंच: दुलारचंद हत्याकांड और जमानत

​अनंत सिंह की मुश्किलें 30 अक्टूबर 2025 को मोकामा के दुलारचंद यादव हत्याकांड के बाद शुरू हुईं।

  • गिरफ्तारी: इस मामले में 1 नवंबर को उनकी गिरफ्तारी हुई थी।
  • जमानत की स्थिति: फिलहाल उन्हें सिविल कोर्ट से राहत नहीं मिली है। पटना हाईकोर्ट में जमानत याचिका लंबित है, जहाँ हाल ही में एक जज ने सुनवाई से इनकार कर दिया था। अब मामला दूसरी बेंच में लिस्ट होने की प्रक्रिया में है।

मोकामा में जीत का ‘रिकॉर्ड’

​अनंत सिंह ने जेल में रहते हुए भी मोकामा सीट पर अपना दबदबा कायम रखा। उन्होंने राजद की वीणा देवी को 28,206 वोटों के बड़े अंतर से शिकस्त दी। यह लगातार दूसरी बार है जब वे जेल की सलाखों के पीछे से चुनाव जीतकर विधानसभा पहुँच रहे हैं। इससे पहले 2020 में भी उन्होंने इसी तरह कोर्ट की अनुमति लेकर शपथ ली थी।

मुख्य बिंदु:

  • ​अनंत सिंह मोकामा से विधायक निर्वाचित हुए हैं।
  • ​दुलारचंद हत्याकांड में 1 नवंबर 2025 से जेल में बंद हैं।
  • ​कोर्ट के आदेश पर केवल शपथ के लिए बाहर आने की अनुमति मिली है।
1002350847
झारखंड को रेलवे बजट में मिली रिकॉर्ड 7,536 करोड़ की सौगात, बदल जाएगी 57 स्टेशनों की सूरत

रांची/नई दिल्ली: केंद्रीय बजट 2026-27 में झारखंड के रेल नेटवर्क के लिए ऐतिहासिक आवंटन किया गया है। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने घोषणा की है कि झारखंड को इस बार 7,536 करोड़ रुपये की रिकॉर्ड राशि आवंटित की गई है। यह निवेश राज्य में रेलवे के आधुनिकीकरण, विस्तार और यात्री सुरक्षा को एक नई दिशा देगा।

1002350847

2009-2014 की तुलना में भारी बढ़ोतरी

​रेल मंत्री ने नई दिल्ली से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए बताया कि केंद्र सरकार झारखंड जैसे खनिज संपन्न राज्यों के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने पर विशेष जोर दे रही है।

  • बड़ी तुलना: 2009-2014 के दौरान झारखंड के लिए औसत वार्षिक बजट केवल 457 करोड़ रुपये था। इस बार का आवंटन उस समय की तुलना में कई गुना अधिक है।

अमृत स्टेशन योजना: 57 स्टेशनों का होगा कायाकल्प

​सरकार की महत्वाकांक्षी ‘अमृत स्टेशन योजना’ के तहत झारखंड के 57 रेलवे स्टेशनों को चिह्नित किया गया है। इन स्टेशनों पर विश्वस्तरीय यात्री सुविधाएं विकसित की जाएंगी, जिनमें शामिल हैं:

  • ​स्टेशन भवनों का पुनर्विकास।
  • ​आधुनिक प्रतीक्षालय और बेहतर लाइटिंग।
  • ​उच्च गति वाली कनेक्टिविटी और सुरक्षा उपाय।

सुरक्षा और विस्तार पर फोकस

​बजट का मुख्य उद्देश्य केवल नई पटरियां बिछाना ही नहीं, बल्कि सुरक्षा को भी प्राथमिकता देना है। आवंटन का उपयोग इन कार्यों के लिए किया जाएगा:

  1. नई ट्रैक बिछाना: राज्य के दूर-दराज के इलाकों को रेल नेटवर्क से जोड़ना।
  2. क्षमता विस्तार: माल ढुलाई (Freight Operations) की गति बढ़ाना ताकि औद्योगिक विकास को बल मिले।
  3. सुरक्षा कवच: रेल हादसों को रोकने के लिए आधुनिक सुरक्षा तकनीकों का क्रियान्वयन।

दक्षिण पूर्व रेलवे (SER) की भूमिका

​वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान दक्षिण पूर्व रेलवे (SER) के महाप्रबंधक अनिल कुमार मिश्रा भी मौजूद थे। उन्होंने बाद में मीडिया से बातचीत में कहा कि यह बजट झारखंड के रेल नेटवर्क के लिए क्रांतिकारी साबित होगा। इससे न केवल क्षेत्रीय संपर्क बढ़ेगा, बल्कि रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।

1002350816
जमशेदपुर: विधायक पूर्णिमा दास साहू ने मंडल अध्यक्षों संग SSP से की मुलाकात, कानून-व्यवस्था और जन समस्याओं पर हुई चर्चा

जमशेदपुर: जमशेदपुर पूर्वी विधानसभा क्षेत्र की लोकप्रिय विधायक श्रीमती पूर्णिमा दास साहू ने सोमवार को जिले के वरीय पुलिस अधीक्षक (SSP) से मुलाकात की। इस दौरान उनके साथ पूर्वी विधानसभा क्षेत्र के सभी मंडल अध्यक्ष और प्रमुख कार्यकर्ता भी मौजूद थे। विधायक ने क्षेत्र की सुरक्षा और आम जनता को हो रही विभिन्न समस्याओं को लेकर एसएसपी के समक्ष अपनी बातें रखीं।

1002350816

प्रमुख मुद्दों पर केंद्रित रही वार्ता

​विधायक पूर्णिमा दास साहू ने एसएसपी महोदय को क्षेत्र की वर्तमान स्थिति से अवगत कराते हुए कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर ध्यान आकर्षित कराया:

  • बढ़ता अपराध और नशा: विधायक ने क्षेत्र में बढ़ते नशे के कारोबार और चोरी-झपटमारी जैसी घटनाओं पर लगाम लगाने की मांग की।
  • कानून-व्यवस्था: मंडलों से आए अध्यक्षों ने अपने-अपने क्षेत्रों की विशिष्ट समस्याओं जैसे कि पुलिस गश्त बढ़ाने और असामाजिक तत्वों पर कार्रवाई करने का आग्रह किया।
  • जन-संवाद: विधायक ने जोर दिया कि पुलिस और जनता के बीच बेहतर तालमेल होना चाहिए ताकि आम नागरिक सुरक्षित महसूस कर सकें।

पुलिस प्रशासन का आश्वासन

​एसएसपी जमशेदपुर ने विधायक और प्रतिनिधिमंडल की बातों को गंभीरता से सुना। उन्होंने आश्वासन दिया कि पुलिस प्रशासन सभी जन समस्याओं के समाधान के लिए तत्पर है। संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने के लिए गश्त तेज की जाएगी और कानून तोड़ने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे।

विधायक का संकल्प

​मुलाकात के बाद विधायक पूर्णिमा दास साहू ने कहा, “जनता की सुरक्षा और उनकी समस्याओं का समाधान हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। हम निरंतर प्रशासन के संपर्क में हैं ताकि पूर्वी विधानसभा का हर नागरिक भयमुक्त वातावरण में रह सके।”

1002350810
परसुडीह: 3 साल से फरार रंगदारी का आरोपी बलाई हेंब्रम गिरफ्तार, पुलिस ने भेजा जेल

जमशेदपुर: परसुडीह थाना पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए रंगदारी के पुराने मामले में लंबे समय से फरार चल रहे एक कुख्यात आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान हलुदबनी तिरिल टोला निवासी बलाई हेंब्रम उर्फ बोलाई हेंब्रम उर्फ होपोन के रूप में हुई है।

1002350810

​2022 से पुलिस को दे रहा था चकमा

​पुलिस के अनुसार, बलाई हेंब्रम के खिलाफ वर्ष 2022 में रंगदारी मांगने का गंभीर मामला दर्ज किया गया था। प्राथमिकी दर्ज होने के बाद से ही वह अपनी गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार ठिकाने बदल रहा था। पुलिस के लिए उसकी गिरफ्तारी एक बड़ी चुनौती बनी हुई थी।

​गुप्त सूचना पर त्वरित कार्रवाई

​परसुडीह पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि आरोपी अपने पैतृक क्षेत्र तिरिल टोला में देखा गया है और वह वहां फिर से सक्रिय हो रहा है। सूचना मिलते ही थाना पुलिस ने एक टीम गठित कर त्वरित छापेमारी की और घेराबंदी कर आरोपी को धर दबोचा।

​न्यायिक हिरासत में भेजा गया जेल

​गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने आरोपी से थाने में गहन पूछताछ की। बताया जा रहा है कि पूछताछ के दौरान आरोपी ने मामले से जुड़ी कई अहम जानकारियां दी हैं, जिससे इस गिरोह के अन्य सदस्यों तक पहुँचने में पुलिस को मदद मिल सकती है।

  • न्यायालय की कार्यवाही: पूछताछ और कागजी कार्रवाई पूरी होने के बाद सोमवार को आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया।
  • जेल: माननीय न्यायालय के आदेश पर उसे न्यायिक हिरासत में जमशेदपुर केंद्रीय कारा (घाघीडीह जेल) भेज दिया गया है।

​पुलिस का पक्ष

​परसुडीह पुलिस का कहना है कि क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने और अपराधियों पर नकेल कसने के लिए यह अभियान जारी रहेगा। इस मामले में संलिप्त अन्य संदिग्धों की भी पहचान की जा रही है और जल्द ही उन पर भी कानूनी शिकंजा कसा जाएगा।

1002350616
जुगसालाई: नीलूफर हुसैन ने अध्यक्ष पद के लिए किया नामांकन, जनसैलाब के साथ पहुंचीं अनुमंडल कार्यालय

जमशेदपुर/जुगसालाई: नगर परिषद चुनावों की सरगर्मी के बीच नीलूफर हुसैन ने जुगसालाई नगर परिषद के अध्यक्ष पद के लिए आधिकारिक रूप से अपना नामांकन दाखिल कर दिया है। नामांकन प्रक्रिया के दौरान उनके समर्थकों की भारी भीड़ देखी गई, जो उनकी लोकप्रियता और चुनावी मजबूती की ओर इशारा कर रही है।

1002350616

​”बिना पद के की सेवा, अब सरकारी स्तर पर करेंगे समाधान”

​नामांकन के बाद मीडिया से बात करते हुए नीलूफर हुसैन ने अपनी प्राथमिकताओं को स्पष्ट किया। उन्होंने कहा:

  • निःस्वार्थ सेवा: उन्होंने हमेशा किसी पद के लालच के बिना जनता की मदद की है और सुख-दुख में साथ खड़ी रही हैं।
  • जनता का आशीर्वाद: जनसंपर्क अभियान के दौरान मिल रहे अपार प्यार और समर्थन से वे अपनी जीत के प्रति पूरी तरह आश्वस्त हैं।
  • विकास का संकल्प: यदि जनता उन्हें अध्यक्ष के रूप में सेवा का अवसर देती है, तो वे स्थानीय समस्याओं का सरकारी स्तर पर स्थायी समाधान सुनिश्चित करेंगी।

​समर्थकों में भारी उत्साह

​नीलूफर के नामांकन के दौरान जुगसालाई के विभिन्न क्षेत्रों से आए लोगों और समर्थकों का हुजूम उमड़ पड़ा। नारों और उत्साह के बीच समर्थकों का कहना था कि क्षेत्र को एक ऐसे प्रतिनिधि की जरूरत है जो धरातल पर काम करे।

​चुनावी मुद्दे

​जुगसालाई नगर परिषद क्षेत्र में साफ-सफाई, जल निकासी (ड्रेनेज), स्ट्रीट लाइट और नागरिक सुविधाओं को बेहतर बनाना नीलूफर हुसैन के मुख्य चुनावी एजेंडे में शामिल है। उन्होंने वादा किया है कि वे प्रशासन और जनता के बीच एक मजबूत सेतु का काम करेंगी।

1002350105
बजट का झटका: सिगरेट और तंबाकू उत्पाद हुए बेहद महंगे, 25% तक बढ़ी कीमतें

जमशेदपुर/नई दिल्ली: सिगरेट पीने वालों और तंबाकू का सेवन करने वालों की जेब पर अब भारी बोझ पड़ने वाला है। केंद्र सरकार द्वारा अतिरिक्त उत्पाद शुल्क और स्वास्थ्य उपकर (Health Cess) लागू किए जाने के बाद, रविवार से सिगरेट और अन्य तंबाकू उत्पादों की कीमतों में जबरदस्त उछाल आया है।

1002350105

​सिगरेट की कीमतों में 22 से 55 रुपये तक की वृद्धि

​बाजार सूत्रों के अनुसार, 10 सिगरेट वाले पैकेट पर न्यूनतम 22 से 25 रुपये की बढ़ोतरी हुई है। वहीं प्रीमियम श्रेणी की सिगरेट के दाम आसमान छू रहे हैं:

  • मध्यम श्रेणी (विल्स नेवी कट): जो पैकेट पहले 95 रुपये का मिलता था, अब उसकी कीमत लगभग 120 रुपये हो गई है।
  • प्रीमियम श्रेणी (गोल्ड फ्लेक लाइट्स, क्लासिक): 170 रुपये वाला पैकेट अब 220 से 225 रुपये के बीच मिलेगा (लगभग 50-55 रुपये की वृद्धि)।
  • पतली सिगरेट (क्लासिक कनेक्ट): 20 सिगरेट वाले पैकेट की कीमत 300 रुपये से बढ़कर 350 रुपये तक पहुँचने की संभावना है।

​क्यों बढ़े दाम? (नया टैक्स ढांचा)

​यह बढ़ोतरी 1 फरवरी से लागू हुए नए नियमों के कारण हुई है:

  1. जीएसटी और उपकर: अब इन उत्पादों पर उच्चतम 40% जीएसटी के साथ-साथ अतिरिक्त उत्पाद शुल्क और स्वास्थ्य उपकर लगाया गया है।
  2. MRP आधारित मूल्यांकन: खैनी, गुटखा और जर्दा जैसे उत्पादों के लिए अब जीएसटी का निर्धारण पैकेट पर छपे अधिकतम खुदरा मूल्य (MRP) के आधार पर किया जाएगा, जिससे टैक्स की चोरी रुकेगी और कीमतें बढ़ेंगी।

​बाजार की स्थिति

​फिलहाल कंपनियों ने आधिकारिक रूप से नई एमआरपी घोषित नहीं की है, लेकिन वितरकों (Distributors) ने खुदरा विक्रेताओं को पुराने स्टॉक की बिलिंग 40% जीएसटी के साथ करना शुरू कर दिया है। थोक व्यापारियों का मानना है कि सोमवार से बाजार में पूरी तरह से नई दरों वाला माल उपलब्ध होगा और महीने के अंत तक नई एमआरपी वाले पैकेट बाजार में आ जाएंगे।

विशेष नोट: विशेषज्ञों का मानना है कि इन हानिकारक वस्तुओं पर टैक्स बढ़ाना सरकार की उस नीति का हिस्सा है जिसके तहत तंबाकू के सेवन को हतोत्साहित किया जा सके।

1002349915
जमशेदपुर: टैंगो जवान की हत्या के प्रयास में तीन गिरफ्तार, पुलिस से नाराजगी के कारण रची थी साजिश

जमशेदपुर: कदमा टोल ब्रिज के पास ड्यूटी पर तैनात टैंगो जवान हीरालाल महतो की जान लेने की कोशिश करने वाले तीन आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। यह घटना 3 जनवरी 2026 की मध्यरात्रि को हुई थी, जब अपराधियों ने जानबूझकर अपनी कार से जवान को कुचल दिया था।

1002349915

​जांच और गिरफ्तारी

​घटना की गंभीरता को देखते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देशानुसार एक विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया था। पुलिस ने CCTV फुटेज, तकनीकी साक्ष्य और मानवीय सूचना के आधार पर इस मामले का खुलासा किया।

पकड़े गए अभियुक्तों के विवरण:

  1. अमनदीप सिंह (23 वर्ष): निवासी – गोलमुरी, जमशेदपुर।
  2. अंकित मुखी (22 वर्ष): निवासी – फार्म एरिया, कदमा, जमशेदपुर।
  3. आदित्य मुखी (22 वर्ष): निवासी – धातकीडीह, कदमा, जमशेदपुर।

​अपराध का कारण और बरामदगी

​पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार अभियुक्तों ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया है। पूछताछ में उन्होंने बताया कि पुलिस के प्रति नाराजगी के कारण उन्होंने एकमत होकर योजना बनाई और कार से कुचलकर हत्या करने का प्रयास किया।

बरामद सामान:

  • ​घटना में प्रयुक्त सफेद रंग की मारुति सुजुकी डिजायर (Dzire) कार, जिसका रजिस्ट्रेशन नंबर JH05CX7741 है, को पुलिस ने जब्त कर लिया है।

​कानूनी कार्रवाई

​इस मामले में कदमा थाना में कांड संख्या 01/26 दर्ज किया गया है। आरोपियों पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं (281, 125(बी), 109(1), 132, 3(5)) और एमवी एक्ट (MV Act) के तहत मामला दर्ज किया गया है।

​छापेमारी दल का नेतृत्व थाना प्रभारी प्रवेश चंद्र सिन्हा ने किया। पुलिस अब इस कांड में संलिप्त एक अन्य फरार अपराधी की तलाश में लगातार छापेमारी कर रही है।

1002349748
डेढ़ महीने से लापता है 20 वर्षीय जानकी, पुलिस की चुप्पी से परिजनों में अनहोनी की आशंका

सरायकेला/आदित्यपुर। सरायकेला-खरसावां जिले के आरआइटी थाना क्षेत्र अंतर्गत आसंगी गांव की एक युवती पिछले 43 दिनों से लापता है। 20 वर्षीय जानकी प्रधान का अब तक कोई सुराग नहीं मिलने से उसके माता-पिता और भाई गहरे सदमे में हैं। परिजनों का आरोप है कि पुलिस मामले को गंभीरता से नहीं ले रही है, जिसके कारण उन्हें अब किसी अनहोनी का डर सता रहा है।

1002349748

क्या है पूरा मामला?

​परिजनों के अनुसार, घटना 21 दिसंबर 2025 की सुबह की है।

  • सुबह 4:30 बजे: जानकी बिना किसी को बताए घर से निकली थी।
  • लापता: जब वह काफी देर तक वापस नहीं लौटी, तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की।
  • रिश्तेदारों में खोज: पिता दुर्गा प्रधान ने अपने स्तर से सभी रिश्तेदारों, परिचितों और जानकी के दोस्तों से संपर्क किया, लेकिन कहीं भी उसका पता नहीं चला।

पुलिसिया कार्रवाई पर सवाल

​लापता होने के दो दिन बाद, 23 दिसंबर को पिता दुर्गा प्रधान ने आरआइटी थाना में लिखित शिकायत (Missing Report) दर्ज कराई थी।

  • परिजनों का आरोप: शिकायत दर्ज हुए एक महीने से अधिक का समय बीत चुका है (आज 2 फरवरी है), लेकिन पुलिस ने अब तक कोई ठोस सुराग नहीं लगाया है।
  • परेशानी: परिजन लगातार थाने के चक्कर लगा रहे हैं, परंतु उन्हें केवल आश्वासन मिल रहा है।

अनहोनी की आशंका

​युवती के भाई और माता-पिता का कहना है कि इतने लंबे समय तक जानकी का संपर्क से बाहर रहना सामान्य नहीं है। पुलिस की कथित सुस्ती ने उनकी चिंता और बढ़ा दी है। उन्होंने जिला प्रशासन और वरीय पुलिस अधिकारियों से गुहार लगाई है कि उनकी बेटी को खोजने के लिए त्वरित कदम उठाए जाएं।

पहचान: लापता युवती जानकी प्रधान (20 वर्ष), निवासी- आसंगी, थाना- आरआइटी, सरायकेला-खरसावां।

error: Content is protected !!