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जमशेदपुर: शिक्षा के साथ-साथ रोजगार के क्षेत्र में अपनी पहचान मजबूत करते हुए, नेताजी सुभाष यूनिवर्सिटी (NSU) के तीन विद्यार्थियों ने ऑटोमोबाइल जगत की प्रतिष्ठित कंपनी ‘उत्कल किया’ (किया मोटर्स) में सफलता के झंडे गाड़े हैं। यूनिवर्सिटी के ट्रेनिंग एंड प्लेसमेंट सेल द्वारा आयोजित कैंपस ड्राइव के माध्यम से इन छात्रों का चयन सेल्स और टेक्नीशियन के पदों पर हुआ है।
यूनिवर्सिटी से प्राप्त जानकारी के अनुसार, चयनित विद्यार्थियों को कंपनी की ओर से 2.6 लाख रुपये प्रति वर्ष का आकर्षक शुरुआती पैकेज दिया गया है। इस प्लेसमेंट ड्राइव में बीबीए (BBA), एमबीए (MBA) और बी.टेक (B.Tech) के छात्रों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया था।
विश्वविद्यालय के कुलाधिपति श्री मदन मोहन सिंह ने इस उपलब्धि पर हर्ष व्यक्त करते हुए कहा:
”उत्कल किया जैसी प्रतिष्ठित कंपनी में हमारे मैनेजमेंट और इंजीनियरिंग छात्रों का चयन यह दर्शाता है कि हमारा पाठ्यक्रम उद्योग की व्यावहारिक आवश्यकताओं के अनुरूप है। यह छात्रों के लिए एक बेहतरीन करियर की शुरुआत है।”
वहीं, कुलपति डॉ. प्रभात कुमार पाणी ने विद्यार्थियों की सराहना करते हुए कहा कि मैनेजमेंट और तकनीकी कौशल का सही समन्वय ही आज की सफलता की कुंजी है। उन्होंने विश्वास जताया कि ये छात्र भविष्य में संस्थान का नाम रोशन करेंगे।
इस चयन के बाद संबंधित विभागों के शिक्षकों और छात्रों में भारी उत्साह देखा जा रहा है। यूनिवर्सिटी के प्लेसमेंट विभाग ने पुष्टि की है कि कंपनी जल्द ही चयनित छात्रों को जॉइनिंग प्रक्रिया के लिए आमंत्रित करेगी।
रिपोर्ट: तीसरी धारा न्यूज
कोलकाता/पानीहाटी: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के नतीजों ने राज्य की सियासत में एक नए युग की शुरुआत कर दी है। 15 वर्षों के ममता बनर्जी के शासन को पीछे छोड़ते हुए भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने 200 से अधिक सीटों के साथ पूर्ण बहुमत हासिल कर लिया है। वहीं, तृणमूल कांग्रेस (TMC) महज 80-90 सीटों पर सिमटती नजर आ रही है।
इस चुनाव की सबसे भावुक और बड़ी खबर उत्तर 24 परगना की पानीहाटी सीट से आई। यहाँ भाजपा उम्मीदवार रत्ना देवनाथ ने टीएमसी के कद्दावर नेता तीर्थंकर घोष को करारी शिकस्त दी। रत्ना देवनाथ उस ट्रेनी डॉक्टर की माँ हैं, जिनकी 9 अगस्त 2024 को आरजी कर मेडिकल कॉलेज में नृशंस हत्या कर दी गई थी।
जीत का समीकरण:
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पार्टी |
सीटें |
स्थिति |
|---|---|---|
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भारतीय जनता पार्टी (BJP) |
208 |
प्रचंड बहुमत |
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तृणमूल कांग्रेस (TMC) |
79 |
भारी नुकसान |
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अन्य/वाम दल |
नगण्य |
प्रभावहीन |
रत्ना देवनाथ की जीत की खबर फैलते ही सोशल मीडिया ‘जस्टिस फॉर आरजी कर’ के संदेशों से भर गया।
अगस्त 2024 में कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज में हुई घटना ने न केवल बंगाल बल्कि पूरे भारत को आंदोलित कर दिया था। डॉक्टरों के लंबे विरोध प्रदर्शन और परिवार द्वारा जांच पर उठाए गए सवालों ने सरकार विरोधी लहर पैदा की। भाजपा ने इसी ‘संस्थानिक विफलता’ को मुद्दा बनाया और पीड़िता की माँ को चुनावी मैदान में उतारकर इसे एक नैतिक लड़ाई में बदल दिया।
निष्कर्ष:
पश्चिम बंगाल में सत्ता परिवर्तन के साथ ही पानीहाटी की यह जीत प्रतीकात्मक रूप से यह संदेश दे रही है कि जनता ने “विकास” के साथ-साथ “न्याय” और “सुरक्षा” को भी प्राथमिकता दी है।
रिपोर्ट: तीसरी धारा न्यूज
जमशेदपुर: पश्चिम बंगाल, असम और पुडुचेरी में भारतीय जनता पार्टी की शानदार चुनावी सफलता का उत्साह लौहनगरी जमशेदपुर में भी देखने को मिला। युवा समाजसेवी और वर्ल्ड एनआरआई संगठन के झारखंड प्रदेश अध्यक्ष एवं भारतीय जनता मजदूर मंच के प्रदेश मंत्री आकाश श्रीवास्तव ने इस ऐतिहासिक जीत पर अपने आवास के बाहर समर्थकों के साथ भव्य जश्न मनाया।
जीत की खुशी में आकाश श्रीवास्तव और उनके सहयोगियों ने जमकर पटाखे फोड़े और एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर बधाई दी। इस दौरान कार्यकर्ताओं में भारी उत्साह देखा गया। आकाश श्रीवास्तव ने इस सफलता को ‘लोकतंत्र की जीत’ बताते हुए पूरे देशवासियों को शुभकामनाएं प्रेषित कीं।
मीडिया से बात करते हुए आकाश श्रीवास्तव ने कहा कि यह जीत देश की जनता के अटूट विश्वास और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व का प्रत्यक्ष प्रमाण है। उन्होंने कहा:
”आदरणीय मोदी जी ने जिस समर्पण और विजन के साथ देश को विकास की राह पर आगे बढ़ाया है, जनता ने उसी पर अपनी मुहर लगाई है। यह जीत न केवल नेतृत्व की है, बल्कि बूथ स्तर पर काम करने वाले हर उस कार्यकर्ता की मेहनत का परिणाम है जिसने संगठन को मजबूती दी।”
जश्न के दौरान मौजूद समर्थकों और स्थानीय नागरिकों ने न केवल पार्टी की जीत पर खुशी जताई, बल्कि आकाश श्रीवास्तव के सक्रिय सामाजिक योगदान और संगठनात्मक कौशल की भी सराहना की। कार्यकर्ताओं का कहना था कि आकाश श्रीवास्तव के नेतृत्व में युवा शक्ति समाज और संगठन के लिए निरंतर ऊर्जावान होकर कार्य कर रही है।
रिपोर्ट: तीसरी धारा न्यूज
कोलकाता/रांची: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के ऐतिहासिक नतीजों ने 15 वर्षों के अंतराल के बाद राज्य में सत्ता परिवर्तन की नींव रख दी है। भाजपा की इस संभावित जीत ने केवल राजनीतिक समीकरण ही नहीं बदले हैं, बल्कि पश्चिम बंगाल और झारखंड के बीच फल-फूल रहे अवैध कारोबार के नेटवर्क में भी हड़कंप मचा दिया है।
अवैध कारोबार पर ‘सर्जिकल स्ट्राइक’ की तैयारी
सत्ता गलियारों में चर्चा है कि भाजपा के एजेंडे में शामिल ‘राष्ट्रहित’ सर्वोपरि है, जिसके कारण तस्करी और अवैध गतिविधियों में शामिल तत्वों का मार्ग अब अवरुद्ध होना तय है। बंगाल में सरकार बदलने का सीधा असर झारखंड की महागठबंधन सरकार पर भी पड़ता दिख रहा है, जो अब नीतिगत और राजनीतिक मोर्चे पर घिरती नजर आ रही है।
झारखंड का एक बड़ा हिस्सा पश्चिम बंगाल की सीमा से सटा हुआ है। अवैध कारोबारियों के लिए झारखंड हमेशा से एक ‘सुरक्षित गलियारा’ रहा है। अब इन जिलों में चौकसी बढ़ाने की तैयारी है:
पश्चिम बंगाल की बांग्लादेश के साथ 2,216 किलोमीटर लंबी सीमा का फायदा उठाकर तस्कर झारखंड के रास्ते पशुओं को सीमा पार कराते रहे हैं।
झारखंड और पश्चिम बंगाल के बीच बालू, पत्थर और अन्य प्राकृतिक संसाधनों की तस्करी का एक बड़ा सिंडिकेट काम कर रहा है।
सूत्रों का दावा: झारखंड के कई रसूखदार नेता इस अवैध कारोबार में शामिल हैं। बंगाल में सत्ता परिवर्तन के बाद तृणमूल और झारखंड के नेताओं के बीच का यह ‘अवैध सिंडिकेट’ पूरी तरह ध्वस्त हो सकता है।
बंगाल के इस बदलाव ने झारखंड की राजनीति में ‘हवा का रुख’ मोड़ दिया है। राज्य के कई दिग्गज नेता अब अपने भविष्य के सफर को लेकर असमंजस में हैं। यह देखना दिलचस्प होगा कि झारखंड की वर्तमान सरकार इस नए सुरक्षा और राजनीतिक दबाव का सामना कैसे करती है।
ब्यूरो रिपोर्ट, तीसरी धारा न्यूज
चेन्नई/डेस्क: तमिलनाडु विधानसभा चुनाव 2026 के नतीजों में एक ऐसा चौंकाने वाला परिणाम सामने आया है, जिसने देश की राजनीति में हलचल मचा दी है। सूबे के मौजूदा मुख्यमंत्री और डीएमके (DMK) प्रमुख एम. के. स्टालिन अपनी पारंपरिक और सबसे सुरक्षित मानी जाने वाली कोलाथुर सीट से चुनाव हार गए हैं।
कोलाथुर सीट, जिसे स्टालिन का अभेद्य किला कहा जाता था, वहां अभिनेता विजय की पार्टी तमिलगा वेत्री कड़गम (TVK) ने सेंध लगा दी है। टीवीके उम्मीदवार और स्टालिन के पुराने सहयोगी रहे वी.एस. बाबू ने उन्हें कड़े मुकाबले में पटखनी दी। यह परिणाम इसलिए भी हैरान करने वाला है क्योंकि वी.एस. बाबू कभी स्टालिन के करीबियों में गिने जाते थे।
एम. के. स्टालिन इस सीट से लगातार तीन बार (2011, 2016 और 2021) चुनाव जीत चुके थे। 2021 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने एआईएडीएमके (AIADMK) के आदि राजाराम को बड़े अंतर से हराया था। हालांकि, इस बार ‘विजय’ की पार्टी की सक्रियता और स्थानीय समीकरणों ने बाजी पलट दी।
मुख्यमंत्री स्टालिन की अपनी ही सीट पर हार डीएमके के लिए एक बहुत बड़ा राजनीतिक झटका मानी जा रही है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि अभिनेता विजय की चुनावी राजनीति में एंट्री और उनके उम्मीदवार द्वारा मुख्यमंत्री को हराना तमिलनाडु की सत्ता में एक नए युग का संकेत दे रहा है।
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आदित्यपुर (सरायकेला-खरसावां): औद्योगिक क्षेत्र के आरआईटी थाना अंतर्गत रोड नंबर 11 में रविवार को एक हृदयविदारक घटना घटी। यहाँ नेहा मिश्रा (25 वर्ष) नामक एक युवती ने अपने सूने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। इस घटना के बाद से पूरे इलाके में शोक की लहर है।
जानकारी के अनुसार, मृतका नेहा मिश्रा गम्हरिया के बीको मोड़ स्थित ASL एंटरप्राइजेज में कार्यरत थी। पिछले 10 दिनों से नेहा के पिता कृष्णा मिश्रा और उसकी माता अपने पैतृक गांव में एक पारिवारिक शादी समारोह में शामिल होने गए थे। नेहा घर पर अकेली थी और वहीं से अपनी ड्यूटी कर रही थी।
रविवार को जब देर तक नेहा के घर का दरवाजा नहीं खुला और कोई हलचल नहीं हुई, तो आसपास के लोगों को शक हुआ। अनहोनी की आशंका को देखते हुए स्थानीय लोगों ने तुरंत आरआईटी थाना पुलिस को सूचित किया।
मौके पर पहुंची पुलिस ने स्थानीय लोगों की मौजूदगी में घर का दरवाजा तोड़ा। अंदर प्रवेश करने पर पुलिस ने नेहा का शव फंदे से लटका हुआ पाया। पुलिस ने तुरंत शव को फंदे से नीचे उतारा और जमशेदपुर स्थित एमजीएम (MGM) अस्पताल भेजा, जहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
फिलहाल आत्महत्या के कारणों का पता नहीं चल पाया है। पुलिस को घटनास्थल से कोई सुसाइड नोट भी बरामद नहीं हुआ है। घटना की जानकारी नेहा के माता-पिता को दे दी गई है, जिसके बाद वे गांव से आदित्यपुर के लिए रवाना हो गए हैं। पुलिस मामले की जांच कर रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार है।
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खेल डेस्क: इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2026 के बीच क्रिकेट गलियारों से एक बड़ी खबर सामने आ रही है। मैदान पर चौकों-छक्कों की बरसात के बीच अब खिलाड़ियों की निजी जिंदगी और उनके साथ यात्रा करने वाले करीबियों को लेकर भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) सख्त रुख अपनाने की तैयारी में है।
खबरों के मुताबिक, बीसीसीआई जल्द ही खिलाड़ियों की गर्लफ्रेंड्स के साथ ठहरने और यात्रा करने को लेकर नई गाइडलाइंस जारी कर सकता है। इस संभावित फैसले के पीछे सबसे बड़ी वजह ‘भ्रष्टाचार’ (Corruption) को रोकना बताया जा रहा है। बोर्ड को ऐसी जानकारी मिली है कि कुछ खिलाड़ियों की गर्लफ्रेंड्स सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर हैं और वे उन बेटिंग ऐप्स (सट्टेबाजी ऐप्स) व शराब ब्रांड्स का प्रचार करती हैं, जो बीसीसीआई की आचार संहिता के खिलाफ हैं।
’दैनिक जागरण’ की एक रिपोर्ट के अनुसार, बीसीसीआई की आगामी बैठक में इस मुद्दे पर गंभीर चर्चा हो सकती है। फिलहाल आईपीएल में खिलाड़ियों के ठहरने और यात्रा की व्यवस्था फ्रेंचाइजी मालिकों के हाथ में होती है। हालांकि, विदेशी दौरों पर पत्नियों और परिवार के सदस्यों के लिए पहले से ही नियम लागू हैं, लेकिन आईपीएल के लिए अब तक कोई स्पष्ट गाइडलाइन नहीं थी।
मौजूदा सीजन के दौरान कई स्टार खिलाड़ी अपनी गर्लफ्रेंड्स के साथ नजर आए हैं, जिनकी तस्वीरें सोशल मीडिया पर भी वायरल हो रही हैं:
बीसीसीआई अधिकारियों का मानना है कि खिलाड़ियों द्वारा गर्लफ्रेंड्स से मिलने के लिए फ्रेंचाइजी बसों का इस्तेमाल करना और उनके साथ होटलों में रुकना सुरक्षा और अनुशासन के लिहाज से चुनौती बन रहा है। बोर्ड नहीं चाहता कि भारतीय टीम का प्रतिनिधित्व करने वाले युवा खिलाड़ियों की छवि किसी भी तरह के गलत प्रचार या सट्टेबाजी के विज्ञापनों से धूमिल हो।
मुख्य बिंदु:
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जमशेदपुर: 5 राज्यों के विधानसभा चुनावों के परिणाम आने के साथ ही भारतीय जनता पार्टी के खेमे में भारी उत्साह देखा जा रहा है। पश्चिम बंगाल, असम और पुडुचेरी में भाजपा को मिली प्रचंड जीत को ऐतिहासिक बताते हुए आज, 4 मई को जमशेदपुर में भव्य विजय उत्सव मनाने की तैयारी की गई है।
इस ऐतिहासिक जीत की खुशी में जमशेदपुर पूर्वी की विधायक श्रीमती पूर्णिमा साहू के एग्रिको स्थित आवास कार्यालय पर शाम 5:00 बजे विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया है। यहाँ विधायक की उपस्थिति में कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों के बीच लड्डू वितरित कर जीत का जश्न मनाया जाएगा।
जश्न का यह सिलसिला शाम को बारीडीह में भी जारी रहेगा। भाजपा बारीडीह मंडल के तत्वावधान में शाम 6:30 बजे बारीडीह गोलचक्कर पर लड्डू वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गया है। इस दौरान बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं के जुटने और आतिशबाजी की भी संभावना है।
भाजपा संगठन की ओर से सभी सम्मानित कार्यकर्ताओं और समर्थकों से निवेदन किया गया है कि वे समय पर उपस्थित होकर इस विजय उत्सव को भव्यता प्रदान करें। भाजपा नेताओं का कहना है कि तीन राज्यों की यह जीत कार्यकर्ताओं के कठिन परिश्रम और जनता के अटूट विश्वास का परिणाम है।
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कोलकाता/जमशेदपुर: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के नतीजों के शुरुआती रुझानों ने सियासी गलियारों में हलचल तेज कर दी है। राज्य की सत्ता पर काबिज तृणमूल कांग्रेस (TMC) की प्रमुख और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को मतगणना प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाते हुए चुनाव आयोग और केंद्रीय बलों पर पक्षपात का आरोप लगाया है।
जैसे ही चुनाव आयोग के आंकड़ों में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने 294 सदस्यीय विधानसभा में बहुमत का जादुई आंकड़ा पार किया, मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने एक वीडियो जारी कर अपनी पार्टी के कार्यकर्ताओं और काउंटिंग एजेंटों का मनोबल बढ़ाने की कोशिश की। उन्होंने भावुक अपील करते हुए कहा:
“हिम्मत मत हारो, सूरज डूबने के बाद हमारी जीत होगी। काउंटिंग एजेंट केंद्र छोड़कर बिल्कुल न जाएं।”
ममता बनर्जी ने आरोप लगाया कि कई क्षेत्रों में टीएमसी उम्मीदवारों के आगे होने के बावजूद गलत रिपोर्टिंग की जा रही है। उन्होंने कहा, “हम 100 से अधिक सीटों पर आगे चल रहे हैं, लेकिन उसे दिखाया नहीं जा रहा है। चुनाव आयोग अपनी मनमर्जी कर रहा है और पुलिस व केंद्रीय बल मिलकर बीजेपी की साजिश को सफल बनाने में जुटे हैं।”
उन्होंने कल्याणी जैसे इलाकों का जिक्र करते हुए कहा कि वहां की मशीनों में विसंगतियां पाई गई हैं और जानबूझकर कई जगहों पर गिनती रोक दी गई है।
चुनाव आयोग के आधिकारिक रुझानों के अनुसार, बंगाल में सत्ता परिवर्तन के संकेत मिल रहे हैं:
इस बार पश्चिम बंगाल में ऐतिहासिक मतदान देखने को मिला है। दूसरे चरण में 91.66% और पहले चरण में 93.19% मतदान दर्ज किया गया, जिससे कुल औसत 92.47% रहा। यह आजादी के बाद से अब तक का सबसे बड़ा आंकड़ा है।
जैसे ही रुझानों में बीजेपी की जीत स्पष्ट होने लगी, कोलकाता स्थित मुख्यमंत्री आवास के बाहर बीजेपी कार्यकर्ताओं ने ‘जय श्री राम’ के नारे लगाकर जश्न मनाना शुरू कर दिया।
बता दें कि 2021 के चुनाव में ममता बनर्जी ने 213 सीटें जीतकर प्रचंड बहुमत हासिल किया था, जबकि बीजेपी 77 सीटों पर सिमट गई थी। यदि मौजूदा रुझान नतीजों में तब्दील होते हैं, तो यह ममता बनर्जी के लगातार चौथी बार मुख्यमंत्री बनने के सपने के लिए एक बड़ा झटका साबित होगा।
बने रहिए ‘तीसरी धारा न्यूज’ के साथ, हम आप तक पल-पल की अपडेट पहुंचाते रहेंगे।
हजारीबाग/वाराणसी: झारखंड के हजारीबाग जिले स्थित बैंक ऑफ महाराष्ट्र की बरही शाखा में हुई सनसनीखेज डकैती का मामला उत्तर प्रदेश एसटीएफ और झारखंड पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में सुलझ गया है। शुक्रवार रात वाराणसी के सारनाथ (सिंहपुर) इलाके से गिरोह के सरगना समेत तीन बदमाशों को गिरफ्तार किया गया।
गत 24 अप्रैल को बैंक से दिनदहाड़े चार किलो सोना और 4.22 लाख रुपये की लूट हुई थी। पुलिस ने गिरफ्तार बदमाशों के पास से भारी मात्रा में लूटा गया माल बरामद किया है।
एसटीएफ वाराणसी के अपर पुलिस अधीक्षक विनोद सिंह के नेतृत्व में हुई इस कार्रवाई में निम्नलिखित बरामदगी हुई:
गिरफ्तार अभियुक्त:
पूछताछ के दौरान बदमाशों ने खुलासा किया कि उन्होंने समाचार चैनलों पर ओडिशा के किलंजर में बैंक ऑफ महाराष्ट्र से हुई 8 किलो सोने की लूट की खबर देखी थी। इससे प्रेरित होकर उन्होंने हजारीबाग की बरही शाखा को निशाना बनाया। अफजल ने रमजान के दौरान खुद बैंक जाकर रेकी की थी और बैंक स्टाफ व सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया था।
मुख्य आरोपी मो. अफजल पहले हत्या के मामले में धनबाद जेल में बंद था। वहां उसकी मुलाकात पंकज सिंह और अन्य अपराधियों से हुई। जेल से बाहर आने के बाद उन्होंने बैंकों को लूटने का एक संगठित गिरोह बनाया। यह गिरोह लूटा हुआ सोना बेचकर मिलने वाले पैसों को रियल एस्टेट में निवेश करता था।
वारदात के बाद आरोपी बिहार होते हुए 27 अप्रैल को वाराणसी पहुंचे। यहाँ वे अलग-अलग होटलों में अपनी पहचान छुपाकर रह रहे थे और दिल्ली भागने की फिराक में थे। सर्विलांस और सीसीटीवी फुटेज की मदद से उनकी लोकेशन ट्रेस की गई। झारखंड पुलिस को कोर्ट से दो दिन की ट्रांजिट रिमांड मिली है, जिसके बाद उन्हें 4 मई तक हजारीबाग कोर्ट में पेश किया जाएगा।
पुलिस अब गिरोह के चार अन्य फरार सदस्यों (शोएब, चुन्नू, संतोष और सुहैल) की तलाश में छापेमारी कर रही है।
रिपोर्ट: तीसरी धारा न्यूज