ताजा खबर
रांची: राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने नेमरा पहुंचकर रूपी सोरेन को दी श्रद्धांजलि, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मिलकर जताई संवेदना•बरकट्ठा में दर्दनाक हादसा: कुरकुरे पैकेट के अंदर निकला गुब्बारा निगलने से दो वर्षीय बच्चे की मौत, इलाके में शोक•जमशेदपुर: गुजराती समाज सीतारामडेरा के अम्बिका सत्संग भवन में सजी माँ भगवती की आराधना, भाजपा युवा नेता देवाशीष झा हुए संध्या आरती में शामिल•पूर्वी सिंहभूम: खाद्यान्न वितरण में लापरवाही पर डीसी राजीव रंजन सख्त, चार प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारियों (BSO) को किया गया शो-कॉज•सरायकेला: समाजसेवी रंजन कारूवा की तबीयत बिगड़ी, ब्रह्मानंद अस्पताल के CCU में भर्ती; क्षेत्र में चिंता की लहर•जमशेदपुर में 108 एम्बुलेंस सेवा पूरी तरह ठप: हड़ताल के कारण मरीजों और परिजनों की बढ़ी मुश्किलें, आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाएं चरमराई•कोलकाता के चोरबागान दुर्गा पूजा पंडाल में बड़ा हादसा: बारिश के बीच मची भगदड़ और पंडाल का हिस्सा ढहने से 17 की मौत, कई घायल•झींकपानी में बड़ा सवाल: नवागांव के शाखा डाकपाल का कुएं से मिला संदेहास्पद शव, जांच में जुटी पुलिस और डाक विभाग•टेल्को प्रखंड में दुर्गावाहिनी और मातृशक्ति ने धूमधाम से मनाया शस्त्र पूजन कार्यक्रम, उमड़ी महिलाओं की भारी भीड़•‘सेवा ही लक्ष्य (युवाशक्ति)’ ने झारखंडवासियों को दी दुर्गा पूजा की शुभकामनाएं, डीसी-एसएसपी से सुरक्षा और हेल्पलाइन नंबर जारी करने की मांगरांची: राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने नेमरा पहुंचकर रूपी सोरेन को दी श्रद्धांजलि, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मिलकर जताई संवेदना•बरकट्ठा में दर्दनाक हादसा: कुरकुरे पैकेट के अंदर निकला गुब्बारा निगलने से दो वर्षीय बच्चे की मौत, इलाके में शोक•जमशेदपुर: गुजराती समाज सीतारामडेरा के अम्बिका सत्संग भवन में सजी माँ भगवती की आराधना, भाजपा युवा नेता देवाशीष झा हुए संध्या आरती में शामिल•पूर्वी सिंहभूम: खाद्यान्न वितरण में लापरवाही पर डीसी राजीव रंजन सख्त, चार प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारियों (BSO) को किया गया शो-कॉज•सरायकेला: समाजसेवी रंजन कारूवा की तबीयत बिगड़ी, ब्रह्मानंद अस्पताल के CCU में भर्ती; क्षेत्र में चिंता की लहर•जमशेदपुर में 108 एम्बुलेंस सेवा पूरी तरह ठप: हड़ताल के कारण मरीजों और परिजनों की बढ़ी मुश्किलें, आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाएं चरमराई•कोलकाता के चोरबागान दुर्गा पूजा पंडाल में बड़ा हादसा: बारिश के बीच मची भगदड़ और पंडाल का हिस्सा ढहने से 17 की मौत, कई घायल•झींकपानी में बड़ा सवाल: नवागांव के शाखा डाकपाल का कुएं से मिला संदेहास्पद शव, जांच में जुटी पुलिस और डाक विभाग•टेल्को प्रखंड में दुर्गावाहिनी और मातृशक्ति ने धूमधाम से मनाया शस्त्र पूजन कार्यक्रम, उमड़ी महिलाओं की भारी भीड़•‘सेवा ही लक्ष्य (युवाशक्ति)’ ने झारखंडवासियों को दी दुर्गा पूजा की शुभकामनाएं, डीसी-एसएसपी से सुरक्षा और हेल्पलाइन नंबर जारी करने की मांग

एक नई सोच, एक नई धारा

एक्सक्लूसिव: समंदर में भारत की ‘सर्जिकल स्ट्राइक’, मोदी-ईरान की सीक्रेट डील ने पलटी बाजी; अब नहीं होगी रसोई गैस की किल्लत

​नई दिल्ली/जमशेदपुर: भारत के करोड़ों परिवारों के लिए एक ऐसी राहत भरी खबर आई है, जिसका इंतजार पिछले दो हफ्तों से पूरा देश कर रहा था। मध्य पूर्व (मिडल ईस्ट) में जारी तनाव और ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ की नाकेबंदी के बीच भारत ने अपनी कूटनीतिक ताकत के दम पर रसोई गैस (LPG) के संकट को टाल दिया है। भारत के दो विशालकाय गैस टैंकर, ‘शिवालिक’ और ‘नंदा देवी’, मौत के साये को मात देकर सुरक्षित भारतीय बंदरगाहों की ओर बढ़ रहे हैं।

1002510959

​कैसे हुआ यह ‘चमत्कार’? मोदी-ईरान की गुप्त कूटनीति

​जब ईरान ने ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ को पूरी दुनिया के लिए लगभग बंद कर दिया था और दुनिया के विकसित देशों के जहाज वहां फंसे हुए थे, तब भारत के जहाजों का सुरक्षित निकलना वैश्विक स्तर पर चर्चा का विषय बन गया है।

  • ​सेफ पैसेज (Safe Passage): सूत्रों के अनुसार, नई दिल्ली और तेहरान के बीच एक उच्च-स्तरीय गोपनीय समझौता हुआ है। संवेदनशील मामला होने के कारण अधिकारी मौन हैं, लेकिन हकीकत यह है कि भारतीय जहाजों को विशेष रूप से ‘सुरक्षित रास्ता’ दिया गया है।
  • ​तिरंगे की धमक: दोनों जहाजों ने अपने AIS सिस्टम (लोकेशन ट्रैकर) पर स्पष्ट संदेश दिया है कि ये ‘भारत सरकार के जहाज’ हैं। युद्ध क्षेत्र में भारतीय तिरंगे की यह पहचान सुरक्षा कवच बन गई।

​गैस संकट पर लगेगा विराम: शिवालिक और नंदा देवी की घर वापसी

​भारत अपनी जरूरत का लगभग 90% एलपीजी मिडिल ईस्ट से आयात करता है। जंग के कारण सप्लाई चेन टूटने से देश में सिलेंडर की किल्लत शुरू हो गई थी।

  1. ​शिवालिक: शिप-ट्रैकिंग डेटा के अनुसार, यह जहाज स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को पार कर चुका है।
  2. ​नंदा देवी: यह जहाज भी कतर के रास लफान से एलपीजी लोड कर तेजी से भारत की ओर आ रहा है।
  3. ​अगले हफ्ते राहत: अगले सप्ताह इन जहाजों के भारत पहुंचने के साथ ही रसोई गैस की सप्लाई फिर से सुचारू हो जाएगी।

​एनर्जी सिक्योरिटी: दुश्मन भी रह गए दंग

​मिसाइलों और इलेक्ट्रॉनिक दखलंदाजी के खतरे के बीच भारत ने न सिर्फ अपने जहाजों को निकाला, बल्कि यह भी सुनिश्चित किया कि एलपीजी से लदे अन्य जहाजों की कतार भी सुरक्षित बाहर आए। यह मिशन भारत की ऊर्जा सुरक्षा (Energy Security) और वैश्विक मंच पर बढ़ते प्रभाव का प्रतीक है।

​क्या सस्ता होगा गैस सिलेंडर?

​सप्लाई पटरी पर लौटने के बाद अब उम्मीद जताई जा रही है कि बाजार में गैस की किल्लत खत्म होगी और कीमतों पर भी लगाम लगेगी। सरकार लगातार ईरान और अन्य खाड़ी देशों के संपर्क में है ताकि भविष्य में ऊर्जा आपूर्ति बाधित न हो।

​तीसरी धारा न्यूज डेस्क की विशेष रिपोर्ट।

CCTV 2 CAMERA TWISTER 1
error: Content is protected !!