फुकेट/नई दिल्ली: थाईलैंड के फुकेट इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर बुधवार दोपहर एक बड़ा विमान हादसा टल गया। एयर इंडिया एक्सप्रेस की हैदराबाद से आई फ्लाइट (बोइंग 737 MAX 8) लैंडिंग के दौरान तकनीकी खराबी का शिकार हो गई। विमान का ‘नोज लैंडिंग गियर’ टूटने और पहिया अलग होने के कारण रनवे को आपातकालीन स्थिति में बंद करना पड़ा।
क्या है पूरी घटना?
जानकारी के अनुसार, एयर इंडिया एक्सप्रेस का बोइंग 737 MAX 8 विमान बुधवार दोपहर जैसे ही फुकेट एयरपोर्ट के रनवे पर उतरा, लैंडिंग इतनी जोरदार थी कि विमान के अगले हिस्से का पहिया (नोज व्हील) टूटकर अलग हो गया। इस झटके से नोज लैंडिंग गियर को भी भारी नुकसान पहुंचा है।
विमान में उस समय 133 यात्री सवार थे। गनीमत यह रही कि इस गंभीर तकनीकी खराबी के बावजूद विमान पलटने या आग लगने जैसी स्थिति से बच गया और सभी यात्री पूरी तरह सुरक्षित हैं।
इमरजेंसी प्रोटोकॉल और राहत कार्य
घटना के तुरंत बाद एयरपोर्ट प्रशासन ने इमरजेंसी प्रोटोकॉल लागू कर दिया। एयर इंडिया एक्सप्रेस के क्रू मेंबर्स ने तत्परता दिखाते हुए सभी 133 यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला। एयरलाइन ने अपने आधिकारिक बयान में कहा है कि क्रू ने सभी स्टैंडर्ड सेफ्टी प्रोटोकॉल का पालन किया और किसी भी यात्री को चोट नहीं आई है।
विमानन सेवाओं पर असर
इस हादसे के कारण फुकेट इंटरनेशनल एयरपोर्ट के रनवे पर विमान फंस गया, जिसे हटाने के लिए भारी मशीनों की मदद ली जा रही है। रनवे बंद होने की वजह से कई अन्य अंतरराष्ट्रीय और घरेलू उड़ानों के समय में बदलाव करना पड़ा है। खबर लिखे जाने तक विमान रनवे पर ही मौजूद था।
जांच के घेरे में बोइंग 737 MAX 8
चूंकि यह हादसा एक भारतीय एयरलाइंस के साथ हुआ है, इसलिए नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) इस मामले की विस्तृत जांच कर सकता है। गौरतलब है कि बोइंग 737 MAX 8 विमान पहले भी तकनीकी कारणों से दुनिया भर में चर्चा और जांच के दायरे में रहे हैं, ऐसे में फुकेट की यह घटना सुरक्षा मानकों पर दोबारा सवाल खड़े कर सकती है।
तीसरी धारा न्यूज डेस्क
