जमशेदपुर (मानगो): नगर निकाय चुनावों की आहट के साथ ही मानगो क्षेत्र में राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। पूर्वी सिंहभूम जिला कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष और क्षेत्र के कद्दावर नेता अंसार खान ने आधिकारिक रूप से घोषणा की है कि उनकी पत्नी मोमिना बेगम मानगो मेयर पद के लिए चुनाव लड़ेंगी।
बस्ती वासियों की सलाह पर लिया निर्णय
अंसार खान ने बताया कि वे पिछले कई दिनों से मानगो के विभिन्न वार्डों और बस्तियों में जनसंपर्क अभियान चला रहे थे। चूंकि मानगो मेयर की सीट महिला के लिए आरक्षित की गई है, इसलिए स्थानीय जनता और समर्थकों ने उनसे अपनी पत्नी को चुनाव मैदान में उतारने का मशविरा दिया। अंसार खान ने कहा, “बस्ती वासियों के प्यार और आश्वासन के बाद ही मैंने मोमिना बेगम को प्रत्याशी बनाने का निर्णय लिया है।”
कौन हैं अंसार खान? (एक कर्मठ पहचान)
अंसार खान कांग्रेस के एक वरिष्ठ और सक्रिय चेहरे के रूप में जाने जाते हैं। उनकी पहचान केवल एक नेता की नहीं, बल्कि एक ‘जमीनी कार्यकर्ता’ की रही है:
- संगठनात्मक अनुभव: वर्तमान में जिला उपाध्यक्ष होने के साथ-साथ वे झारखंड प्रदेश कांग्रेस के प्रतिनिधि भी रह चुके हैं।
- पूर्व मंत्री के करीबी: वे पूर्व स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता के प्रतिनिधि के रूप में भी कार्य कर चुके हैं।
- ‘मजदूर नेता’ की छवि: अंसार खान मानगो की जनता के बीच उस छवि के लिए चर्चित हैं, जब वे खुद कंधे पर सीढ़ी रखकर स्ट्रीट लाइटें ठीक करने निकल पड़ते थे।
जनता के बीच सक्रियता: 24/7 उपलब्ध
मानगो की आवाम में अंसार खान अपनी त्वरित सेवा के लिए लोकप्रिय हैं। चाहे रोड, नाली, स्ट्रीट लाइट की समस्या हो या बिजली और पानी का संकट, दिन हो या रात, एक फोन कॉल पर वे मौके पर हाजिर रहते हैं। बस्ती क्षेत्रों में ट्रांसफार्मर लगवाने से लेकर केबल दुरुस्त करवाने तक में उनकी सक्रिय भूमिका रही है।
मोमिना बेगम की दावेदारी से मुकाबला हुआ दिलचस्प
अंसार खान की मजबूत पकड़ और सेवा भाव का लाभ उनकी पत्नी मोमिना बेगम को मिलने की उम्मीद है। समर्थकों का मानना है कि अंसार खान द्वारा किए गए विकास कार्यों और जनता के साथ उनके सीधे जुड़ाव के कारण मोमिना बेगम इस दौड़ में एक मजबूत प्रत्याशी के रूप में उभरेंगी।
