रांची: झारखंड विधानसभा के बजट सत्र के दौरान आज सदन का माहौल उस वक्त गरमा गया, जब रामनवमी के जुलूसों में डीजे बजाने पर लगी रोक का मुद्दा उठा। विपक्षी दल भाजपा ने इस फैसले को हिंदुओं की आस्था पर प्रहार बताते हुए सदन में जोरदार हंगामा किया, जिसके चलते कार्यवाही बाधित हुई।
विपक्ष का तीखा हमला: “हिंदुओं को टारगेट करना बंद करे सरकार”
सदन की कार्यवाही शुरू होते ही भाजपा विधायक नवीन जायसवाल ने इस मुद्दे को उठाते हुए सरकार की मंशा पर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि रामनवमी जैसे महापर्व पर डीजे और संगीत पर पाबंदी लगाना सीधे तौर पर एक समुदाय विशेष की भावनाओं को आहत करना है।
जायसवाल ने चेतावनी भरे लहजे में कहा:
”धार्मिक आयोजनों पर इस तरह की पाबंदी स्वीकार्य नहीं है। सरकार हिंदुओं को टारगेट करना बंद करे। यदि सनातनी समाज सड़कों पर उतरा, तो सरकार को संभालना मुश्किल हो जाएगा।”
सत्ता पक्ष का पलटवार: “विकास के मुद्दों से ध्यान भटका रहा विपक्ष”
भाजपा के आरोपों को खारिज करते हुए सत्तारूढ़ दल के विधायकों ने इसे कानून-व्यवस्था का मामला बताया। राज्य के स्वास्थ्य मंत्री ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि जब देश आर्थिक चुनौतियों और बेरोजगारी जैसे गंभीर मुद्दों से जूझ रहा है, तब विपक्ष केवल हिंदू-मुस्लिम की राजनीति कर रहा है।
उन्होंने सदन में स्पष्ट किया कि प्रशासन के निर्णय सार्वजनिक सुरक्षा को ध्यान में रखकर लिए जाते हैं और विपक्ष का काम केवल धार्मिक भावनाओं को भड़काना रह गया है।
हंगामे की भेंट चढ़ी कार्यवाही
सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी नोकझोंक इतनी बढ़ गई कि भाजपा विधायक वेल (आसन के सामने) तक पहुंच गए और नारेबाजी करने लगे। शोर-शराबे और बढ़ते तनाव को देखते हुए विधानसभा अध्यक्ष को सदन की कार्यवाही कुछ समय के लिए स्थगित करनी पड़ी।
रिपोर्ट: तीसरी धारा न्यूज डेस्क
