जमशेदपुर: गोलमुरी थाना क्षेत्र में अपराधियों के बुलंद हौसलों ने एक बार फिर पुलिस प्रशासन की चौकसी पर सवालिया निशान लगा दिए हैं। थाने से महज 50 मीटर की दूरी पर गोली के शिकार हुए कन्हैया यादव की टाटा मुख्य अस्पताल (TMH) में मौत के बाद इलाके में भारी तनाव है। मौत की खबर फैलते ही आक्रोशित परिजनों और स्थानीय बस्ती के लोगों ने गोलमुरी थाने का घेराव कर जमकर प्रदर्शन किया।
🚨 थाना प्रभारी की कार्यप्रणाली पर गंभीर आरोप
प्रदर्शनकारियों का गुस्सा सिर्फ अपराधियों तक सीमित नहीं है, बल्कि गोलमुरी थाना प्रभारी के खिलाफ भी उनका आक्रोश चरम पर है।
- लापरवाही का आरोप: परिजनों का कहना है कि आरोपी ने पिछले साल दुर्गा पूजा के दौरान भी सरेआम पिस्टल लहराई थी। उस वक्त पुलिस को सूचना दी गई थी, लेकिन थाना प्रभारी ने कोई सख्त कार्रवाई नहीं की।
- पुलिस की चुप्पी: लोगों का आरोप है कि अगर पुलिस ने पहले ही उस पर कार्रवाई की होती, तो आज कन्हैया की जान नहीं जाती।
न्याय की मांग: गिरफ्तारी और कुर्की-जब्ती
परिजन और बस्तीवासी थाने के बाहर डटे हुए हैं। उनकी मांग स्पष्ट है:
- नामजद अपराधियों की तुरंत गिरफ्तारी की जाए।
- अपराधियों के घरों की कुर्की-जब्ती की प्रक्रिया शुरू हो ताकि वे सरेंडर करने पर मजबूर हों।
- लापरवाही बरतने वाले पुलिस अधिकारियों पर कार्रवाई हो।
असुरक्षित महसूस कर रहे हैं नागरिक
थाने से चंद कदमों की दूरी पर हत्या जैसी संगीन वारदात ने शहर की कानून व्यवस्था को कटघरे में खड़ा कर दिया है। प्रदर्शन को देखते हुए थाने के बाहर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। वरीय अधिकारी मामले को शांत कराने और दोषियों को पकड़ने का आश्वासन दे रहे हैं, लेकिन स्थानीय जनता अब कागजी वादों से संतुष्ट नहीं है।
