गोवा नाइटक्लब अग्निकांड के आरोपी लूथरा ब्रदर्स को हिरासत में ले लिया गया है। इन्हें थाईलैंड से भारत डिपोर्ट किया जाएगा और इस संबंध में प्रक्रिया पूरी की जा रही है।
गोवा के नाइट क्लब में लगी आग में 25 लोगों की मौत हुई थी और इसके बाद से ही दोनों भाई गौरव और सौरभ लूथरा थाईलैंड फरार हो गए थे। दोनों भाइयों को भारत में मुकदमे के लिए वापस लाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
दोनों भाइयों पर रॉ की भी थी नजर
सूत्रों के मुताबिक, ब्लू कॉर्नर नोटिस के जरिए लूथरा बंधुओं की लोकेशन ट्रेस होने के बाद सौरभ और गौरव दोनों थाईलैंड में रिसर्च एंड एनालिसिस विंग रॉ के अधिकारियों की भी लगातार निगरानी में थे। उनकी हर गतिविधि को मॉनिटर किया जा रहा था।
दोनों भाइयों के पासपोर्ट रद्द
इससे पहले गोवा नाइट क्लब आग मामले में सरकार ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दोनों भाइयों के पासपोर्ट रद्द कर दिए थे। सूत्रों ने टाइम्स नाउ को बताया कि विदेश मंत्रालय ने अग्निकांड के मुख्य आरोपियों एवं ‘बर्च बाय रोमियो लेन’नाइट क्लब के मालिकों सौरभ और गौरव लथूरा के पासपोर्ट रद्द कर दिए। गोवा सरकार ने दोनों भाइयों का पासपोर्ट रद्द करने का अनुरोध किया था। दोनों भाई सात दिसंबर की सुबह देश छोड़कर थाईलैंड के फुकेट चले गए।
इंटरपोल ब्लू कॉर्नर नोटिस जारी किया गया था
मंत्रालय को गोवा सरकार से गौरव और सौरभ लूथरा के संबंध में एक पत्र मिला था। मंत्रालय नियमों के अनुसार, भारतीय पासपोर्ट अधिनियम के तहत उनके पासपोर्ट रद्द किए गए। गोवा के अरपोरा स्थित नाइट क्लब के मालिक सौरभ लूथरा और गौरव लूथरा छह दिसंबर की रात को हुई घटना के बाद थाईलैंड भाग गए थे। उनके खिलाफ इंटरपोल ब्लू कॉर्नर नोटिस जारी किया गया था।
अधिकारियों के अनुसार, गौरव और सौरभ ने 7 दिसंबर की सुबह 1:17 बजे मेकमाईट्रिप पर टिकट बुक किए थे। उस समय दमकलकर्मी और पुलिस अरपोरा के बिर्च बाय रोमियो लेन नाइट क्लब में आग बुझाने और फंसे लोगों को बचाने के लिए संघर्ष कर रहे थे। एक अधिकारी ने बताया, गोवा पुलिस और गोवा अग्निशमन सेवा आग बुझाने और अंदर फंसे लोगों को बचाने के लिए जूझ रही थी, उसी दौरान लूथरा बंधुओं ने देश से भागने की तैयारी शुरू कर दी थी।
