जमशेदपुर: झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के पूर्व केंद्रीय उपाध्यक्ष और राज्य के पूर्व उपमुख्यमंत्री स्व. सुधीर महतो की 12वीं पुण्यतिथि आज पूरे शहर में श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। साकची, उलियान और बिस्टुपुर समेत कई स्थानों पर कार्यक्रम आयोजित कर जनमानस ने अपने प्रिय नेता को याद किया।
प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर किया नमन
पुण्यतिथि के अवसर पर साकची स्थित झामुमो जिला संपर्क कार्यालय में पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों का तांता लगा रहा। इसके बाद उलियान और बिस्टुपुर स्थित शहीद निर्मल महतो गैरेज गांव में उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। उपस्थित लोगों ने सुधीर महतो जी के चित्र पर पुष्प अर्पित किए और उनके द्वारा राज्य के विकास के लिए किए गए कार्यों को याद किया।
विचारों और कर्मों में सदैव अमर रहेंगे ‘सुधीर दादा’
श्रद्धांजलि सभा के दौरान वक्ताओं ने सुधीर महतो जी को एक ऐसा व्यक्तित्व बताया जो अपने विचारों और निस्वार्थ कर्मों के माध्यम से जनता के दिलों में सदा अमर रहेंगे। उन्हें एक जुझारू नेता और झारखंड आंदोलन के प्रमुख स्तंभों में से एक के रूप में याद किया गया। समर्थकों ने “सुधीर महतो अमर रहें” के नारों के साथ उन्हें भावभीनी विदाई दी।
एक युग का नेतृत्व
सुधीर महतो न केवल झामुमो के एक मजबूत स्तंभ थे, बल्कि झारखंड की राजनीति में उनकी पहचान एक मिलनसार और सर्वसुलभ नेता की थी। आज उनकी 12वीं पुण्यतिथि पर साकची कार्यालय में जुटे कार्यकर्ताओं ने उनके पदचिन्हों पर चलने और झारखंड की प्रगति के लिए समर्पित रहने का संकल्प लिया।
“श्रद्धांजलि संदेश:”
“उस महान आत्मा को नमन है, जो अपने सिद्धांतों और जनता के प्रति प्रेम के कारण आज भी हमारे बीच जीवित हैं। आदर और सम्मान के साथ हम उन्हें अपनी भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं।”
