रांची/जमशेदपुर: राजधानी रांची के सदर थाना क्षेत्र से रविवार को लापता हुई 18 महीने की मासूम बच्ची अदिति पांडेय मामले का बेहद हृदयविदारक अंत हुआ है। कई दिनों की तलाश के बाद अदिति के शव का एक हिस्सा खेलगांव स्टेडियम के सामने स्थित गाड़ी गांव के नाले से बरामद किया गया है। इस घटना के बाद पूरे राज्य में सनसनी फैल गई है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
रविवार से लापता थी मासूम
कोकर इंडस्ट्रियल एरिया के समीप खोरहा टोली निवासी अदिति पांडेय रविवार को अपने घर के पास से अचानक लापता हो गई थी। परिजनों की शिकायत पर सदर थाना पुलिस और एनडीआरएफ (NDRF) की टीम लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही थी। सोशल मीडिया से लेकर प्रशासनिक गलियारों तक इस मामले की गूंज थी।
मुख्यमंत्री ने की थी इनाम की घोषणा
मामले की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने पुलिस को सख्त निर्देश दिए थे कि बच्ची को हर हाल में सकुशल बरामद किया जाए। सरकार की ओर से सूचना देने वाले के लिए 50 हजार रुपये के इनाम की भी घोषणा की गई थी, लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था।
सर्च ऑपरेशन और बरामदगी
पुलिस और एनडीआरएफ की टीमें लगातार नालों और जलभराव वाले क्षेत्रों को खंगाल रही थीं। इसी दौरान खेलगांव के पास एक नाले से बच्ची के शव के अवशेष मिले। मौके पर पहुंची फॉरेंसिक टीम ने साक्ष्य एकत्रित किए हैं और अवशेषों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। हालांकि, पुलिस ने अभी औपचारिक पुष्टि के लिए पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार करने की बात कही है।
जांच के घेरे में कई सवाल
पुलिस फिलहाल मामले की दो मुख्य बिंदुओं पर जांच कर रही है:
- हादसा: क्या बच्ची बारिश के पानी के तेज बहाव में बहकर नाले तक पहुंची?
- साजिश: क्या इस घटना के पीछे कोई आपराधिक साजिश या अपहरण का मामला है?
पुलिस आसपास के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है और स्थानीय लोगों से पूछताछ कर रही है। इस घटना ने एक बार फिर शहरी इलाकों में खुले नालों की सुरक्षा और बच्चों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
तीसरी धारा न्यूज
